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More news from राजस्थान and nearby areas
- Post by Pappu d1
- सरूपगंज माण्डवाडा खालस गांव की सिंगाराजोड की पहाड़ी पर स्थित नीलकंठेश्वर महादेव मंदिर में रविवार महाशिवरात्रि को ठीक रात 12 बजे मंदिर में पहाड़ी की चट्टान से जल की धारा निकलते ही वहां उपस्थित श्रद्धालुओं ने जयकारे लगाए। मंदिर के महंत वैरागी संत श्रवणदास महाराज ने बताया कि महाशिवरात्रि को मंदिर में एक निश्चित जगह पर पूजा अर्चना कर वहां पर नारियल की स्थापना की गई। पूजा अर्चना शुरू की गई। रात 12 बजे मंदिर की चट्टान से जल की धारा निकली जिस पर वहां उपस्थित सभी श्रद्धालुओं ने जयकारे लगाए। उन्होंने बताया कि यह परंपरा व विश्वास वर्षों से चला आ रहा है। जल के प्रकट होते ही विशेष आरती उतारी गई।जाती है। वहां उपस्थित लोगों ने जल की धारा के दर्शन किए। इस दृश्य को देखने के लिए काफी संख्या में श्रद्धालू मंदिर पहुंचे। इस अवसर पर रात को भजन सत्संग का कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। इस दौरान काफी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।1
- शहर की ज्वलंत समस्याओं को लेकर कांग्रेस ने किया धरना प्रदर्शन। शहर के शांतिकुंज से रैली निकाल उपखंड कार्यालय पहुंचकर राज्यपाल का नाम सोपा ज्ञापन। शांतिकुंज से प्रारंभ हुई रैली शहर के विभिन्न मार्गो लुनियापूरा, बस स्टैंड, कैलाश मेडिकल, मुख्य बाजार से जगदीश चौराहा होकर उपखंड कार्यालय के बाहर सभा में हुई तब्दील। सभा को पूर्व मुख्यमंत्री सलाहकार संयम लोढ़ा, विधायक मोतीराम कोली, रेवदर विधानसभा प्रभारी गोविंद बंजारा, पूर्व विधायक गंगा बेन गरासिया समेत वरिष्ठ जनो ने किया संबोधित। सभा के पश्चात कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता ज्ञापन देने उपखंड कार्यालय पहुंचे। उपखंड अधिकारी के बाहर होने से प्रतिनिधि को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंप शहर की ज्वलंत समस्याओं के तुरंत निराकरण की की गई मांग। इस दौरान शहर थाना अधिकारी हरचंद देवासी एवं सदर थाना अधिकारी प्रदीप डांगा के नेतृत्व में दोनों थानों से पुलिस जाता रहा मौजूद।1
- Post by VAGAD news241
- Post by फोटोग्राफर नंदलाल पुरबिया नांदोली राजसमंद राजस्थान4
- पहाड़ों में मंदिर खतरे में ब्लास्टिंग से मंदिर को वो रहा नुकसान एकलिंग नाथ महादेव की पहाड़ी पर सरकारी पानी की टंकी को हो सकता है बड़ा नुकसान #breakingnews1
- सर्व धाम मंदिर का वार्षिक उत्सव बड़ी धूमधाम से मनाया। आबूरोड। शहर के सनसिटी कॉलोनी स्थित सर्व धाम मंदिर का वार्षिक उत्सव बड़े ही हर्षोल्लास एवं धूमधाम के साथ संपन्न हुआ। वार्षिकोत्सव को लेकर कॉलोनी निवासियों मै उत्साह का मोहाल देखने को मिला। कॉलोनी निवासी महिला मोर्चा अध्यक्ष संगीता शर्मा ने बताया कि प्रातः हेतल मोदी के घर से कलश यात्रा का शुभारंभ हुआ। कलश यात्रा कॉलोनी के प्रमुख मार्गो से होकर मंदिर पहुंच संपन्न हुई। कलश यात्रा के मार्ग में निवासियों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया जिससे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। तत् पश्चात हवन-यज्ञ हुआ जिसमें यजमानों ने आहुतियां देकर मंगल कमान की। कार्यक्रम में उपस्थित समस्त श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। इस अवसर पर महिला वर्ग मे संगीता शर्मा, आशा प्रजापत, लाली शर्मा, उर्मिला त्यागी, आशा गोयल, विन्नी, रूही, मुनीर, वीणा, पवन, राजू, सरोज, कैलाश अग्रवाल, विमला, रेणुका, श्वेता, माया, खुशी, प्रीति, मीना कर्दम तथा पुरुष वर्ग में भूपेंद्र त्यागी, मनोज शर्मा, प्यारे लाल, सुरेन्द्र, पूनम मीणा, भंवर सिंह, मोंटी, रोनित अग्रवाल समेत अनेक लोग उपस्थित रहे। कृष्ण हॉस्पिटल संचालक डॉ राम कृष्णा मोदी और हेतल बेन का विशेष आभार प्रकट किया जिन्होंने भगवान विष्णु, मा लक्ष्मी और भगवान गणेश की मूर्ति की स्थापना करवाई।3
- Post by Champat kharadi1
- आबूरोड स्थित रॉयल राजस्थान पब्लिक स्कूल में “इम्पोर्टेंस ऑफ एजुकेशन एंड साइबर सेफ्टी” विषय पर एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों द्वारा नुक्कड़ नाटक के माध्यम से शिक्षा के महत्व और साइबर सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण संदेश प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्ति के सर्वांगीण विकास की आधारशिला है। शिक्षा से ही सोचने-समझने की क्षमता विकसित होती है, सही-गलत का ज्ञान मिलता है तथा समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की प्रेरणा प्राप्त होती है। आज के प्रतिस्पर्धी युग में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को ही सफलता की कुंजी बताया गया। इसके साथ ही डिजिटल युग में साइबर सेफ्टी की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया। विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी लिंक, ओटीपी साझा करने के खतरे, सोशल मीडिया पर निजी जानकारी सार्वजनिक करने से होने वाले दुष्परिणामों तथा मजबूत पासवर्ड रखने की अनिवार्यता के बारे में जागरूक किया। छात्र-छात्राओं को समझाया गया कि इंटरनेट का उपयोग हमेशा सावधानी और जिम्मेदारी के साथ करें। अज्ञात कॉल, संदेश या लिंक से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत अपने अभिभावकों अथवा शिक्षकों को दें। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को न केवल शैक्षणिक रूप से सशक्त बनाना, बल्कि उन्हें डिजिटल दुनिया में सुरक्षित, सजग और जिम्मेदार नागरिक के रूप में तैयार करना रहा। विद्यालय प्रशासन ने भविष्य में भी इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का आश्वासन दिया।2