कल्याणपुर थाना क्षेत्र के लोणदा गांव में बकरी नहलाते समय तालाब में डूबी महिला, नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम ने निकाला शव उदयपुर जिले के कल्याणपुर थाना क्षेत्र के लोणदा गांव में बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहाँ एक 45 वर्षीय महिला की तालाब में डूबने से मौत हो गई। मृतका की पहचान गीता देवी पत्नी देवीलाल मीणा निवासी लोणदा के रूप में हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, गीता देवी सुबह घर के पास स्थित तालाब पर अपनी बकरियों को नहलाने गई थीं। इसी दौरान अचानक उनका पांव फिसल गया और वे गहरे पानी में समा गईं। स्थानीय ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दी। घटना की गंभीरता को देखते हुए राजस्थान नागरिक सुरक्षा विभाग उदयपुर के उप नियंत्रक दीपेंद्र सिंह राठौड़ ने तुरंत एक जिला स्पेशल टीम का गठन कर मौके पर रवाना किया। बुधवार को टीम ने तालाब में रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। गोताखोरों की टीम ने मात्र आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद शव को पानी से बाहर निकाल लिया। विभाग ने शव को कल्याणपुर थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया है। सफल रेस्क्यू ऑपरेशन में नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम के गोताखोर विपुल चौधरी, नरेश चौधरी, सचिन कंडारा, विजय नकवाल, भवानी शंकर वाल्मीकि, नरेंद्र सिंह झाला, वाहन चालक प्रकाश राठौड़, बोट ऑपरेटर कैलाश मेनारिया, प्रशिक्षु जवान गजेंद्र, अनिल और पीयूष मौजूद रहे। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
कल्याणपुर थाना क्षेत्र के लोणदा गांव में बकरी नहलाते समय तालाब में डूबी महिला, नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम ने निकाला शव उदयपुर जिले के कल्याणपुर थाना क्षेत्र के लोणदा गांव में बुधवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहाँ एक 45 वर्षीय महिला की तालाब में डूबने से मौत हो गई। मृतका की पहचान गीता देवी पत्नी देवीलाल मीणा निवासी लोणदा के रूप में हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, गीता देवी सुबह घर के पास स्थित तालाब पर अपनी बकरियों को नहलाने गई थीं। इसी दौरान अचानक उनका पांव फिसल गया और वे गहरे पानी में समा गईं। स्थानीय ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दी। घटना की गंभीरता को देखते हुए राजस्थान नागरिक सुरक्षा विभाग उदयपुर के उप नियंत्रक दीपेंद्र सिंह राठौड़ ने तुरंत एक जिला स्पेशल टीम का गठन कर मौके पर रवाना किया। बुधवार को टीम ने तालाब में रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। गोताखोरों की टीम ने मात्र आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद शव को पानी से बाहर निकाल लिया। विभाग ने शव को कल्याणपुर थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया है। सफल रेस्क्यू ऑपरेशन में नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम के गोताखोर विपुल चौधरी, नरेश चौधरी, सचिन कंडारा, विजय नकवाल, भवानी शंकर वाल्मीकि, नरेंद्र सिंह झाला, वाहन चालक प्रकाश राठौड़, बोट ऑपरेटर कैलाश मेनारिया, प्रशिक्षु जवान गजेंद्र, अनिल और पीयूष मौजूद रहे। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
- उदयपुर जिले के घासा ग्राम पंचायत क्षेत्र में पैंथर की दस्तक ने ग्रामीणों की नींद उड़ा दी है। कस्बे के आबादी क्षेत्र के समीप पैंथर देखे जाने के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल व्याप्त है। पैंथर की यह पूरी गतिविधि पास ही स्थित एक दुकान के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है जिसके बाद से ग्रामीण काफी डरे हुए हैं। ग्रामीण रूपलाल डांगी ने बताया कि घासा में कालीखान के पास स्थित किसान कृषि केंद्र पर लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच करने पर एक चौंकाने वाला दृश्य सामने आया।1
- 27 अप्रैल को “गाय माता सम्मान दिवस” के अवसर पर झाड़ोल मुख्यालय पर सुबह 11:00 बजे एकत्रित होकर गाय को राष्ट्र माता घोषित करने और गोहत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग को लेकर एसडीएम महोदय को प्रार्थना पत्र सौंपा जाएगा। इसके लिए गो-प्रचारक टीम द्वारा गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है और हस्ताक्षर अभियान भी चलाया जा रहा है। इस अभियान में नारायण लाल लोलावत, मनीष पुरोहित, राधा कृष्ण देखावत, अनिल भट्ट सहित पूरी टीम सक्रिय रूप से जुड़ी हुई है। सभी गोपालक और किसान भाइयों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की गई है।1
- 🌹🙌SRI LAKSHMINATH ♥️ BHAGVAN SIV SANKAR JI VASAKRAJ 🙏🏽 MAHARAJ GOVIND SAWARIYA SETH 🌺 🙏🏽 JI AAPKI ♥️ 🙏🏽 JAY HO ♥️ 🙏🏽 SDA SARVDA AAP HI AAP HO HARI OM OM NMO BHAGVATE VASUYDEVAY 🌹 🌷 🙏🏽 ♥️1
- चित्तौड़गढ़, 16 अप्रैल। राज्य सरकार द्वारा संचालित त्रि-स्तरीय जनसुनवाई कार्यक्रम के तहत गुरुवार को जिला स्तरीय जनसुनवाई का आयोजन जिला कलक्टर डॉ. मंजू की अध्यक्षता में किया गया। जनसुनवाई में जिलेभर से बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित होकर अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। जिला कलक्टर ने प्रत्येक परिवादी की समस्याओं को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आमजन की समस्याओं का समयबद्ध समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। जनसुनवाई के दौरान कुल 65 प्रकरण प्राप्त हुए, जिनमें सर्वाधिक प्रकरण राजस्व विभाग से संबंधित रहे। इन प्रकरणों में अतिक्रमण हटाने, खेत तक पहुंच मार्ग उपलब्ध कराने, आम रास्ता, पत्थरगड़ी, भूमि विवाद तथा पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त प्रारंभ कराने से जुड़े मामले शामिल रहे। इसके अतिरिक्त सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के अंतर्गत पेंशन संबंधी परिवेदनाएं भी बड़ी संख्या में प्राप्त हुईं। जिला कलक्टर ने जनसुनवाई के दौरान ही कई प्रकरणों का मौके पर निस्तारण कर परिवादियों को राहत प्रदान की, वहीं शेष प्रकरणों को संबंधित अधिकारियों को शीघ्र समाधान हेतु प्रेषित किया। उन्होंने जिला मुख्यालय सहित अन्य क्षेत्रों से आए परिवादियों के मामलों में संबंधित उपखंड अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर हाथों-हाथ समाधान सुनिश्चित किया। साथ ही, जिला सतर्कता समिति में दर्ज प्रकरणों की भी समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे इन प्रकरणों का व्यक्तिगत रूप से अवलोकन कर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करें। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) प्रभा गौतम, मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद विनय पाठक, एडीएम (भू.अ.) रामचंद्र खटीक, उपखंड अधिकारी बीनू देवल सहित समस्त जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ब्लॉक स्तरीय अधिकारी भी जुड़े रहे तथा अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित प्रकरणों की जानकारी साझा की।1
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- मूंगाणा में करंट की चपेट में आया 08 साल का मासूम, छत पर मिला शव,खेलते समय घरेलू एलटी लाइन से हादसा,ग्रामीणों ने उठाए स्वास्थ्य सुविधाओं पर सवाल जुबेर अहमद धरियावद मूंगाणा-कस्बे के समीप धाणी फले क्षेत्र में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसे में 08 वर्षीय मासूम की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक सूरज (08) पुत्र गोपाल मीणा, निवासी धाणी, राजकीय प्राथमिक विद्यालय जुनी बोरदा का कक्षा 03 का छात्र था। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों के अनुसार सुबह करीब 10 बजे खाना खाने के बाद सूरज घर के आसपास खेल रहा था। इसी दौरान वह घर की छत पर पहुंच गया, जहां घरेलू एलटी लाइन की चपेट में आने से उसे जोरदार करंट लग गया। उस समय माता-पिता पास में आयोजित शादी समारोह व घरेलू कार्यों में व्यस्त थे। दोपहर 3 से 4 बजे के बीच जब बच्चा नजर नहीं आया तो परिजनों ने तलाश शुरू की। इसी दौरान किसी की नजर छत पर पड़ी, जहां लोहे के टिन पर बच्चे का हाथ दिखाई दिया। पास जाकर देखने पर वह मृत अवस्था में मिला, जिससे परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मौका मुआयना किया। विद्युत विभाग के कर्मचारियों ने भी मौके का निरीक्षण किया। ग्राम पंचायत सरपंच व ग्रामीणों की मौजूदगी में शव को नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहां पोस्टमार्टम की तैयारी की गई। समाचार लिखे जाने तक पोस्टमार्टम नहीं हुआ था। 51 गांवों के बीच बड़े सीएचसी में भी मूलभूत सुविधाओं का अभाव घटना के बाद ग्रामीणों में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर आक्रोश देखा गया। ग्रामीणों का कहना है कि 51 गांवों के बीच स्थित इतना बड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र होने के बावजूद यहां मोर्चरी (शवगृह) की व्यवस्था नहीं है, जिससे पोस्टमार्टम जैसी जरूरी प्रक्रियाओं में देरी होती है। इसके साथ ही डॉक्टरों के लिए आवासीय क्वार्टर भी उपलब्ध नहीं हैं। डॉक्टर करीब 1 से 2 किलोमीटर दूर रहते हैं, जिससे आपात स्थिति में समय पर उनकी उपलब्धता नहीं हो पाती। इस कारण ग्रामीणों को अक्सर परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सीएचसी में शीघ्र मोर्चरी की व्यवस्था की जाए तथा डॉक्टरों के लिए क्वार्टर बनवाए जाएं, ताकि स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर हो सकें और भविष्य में ऐसी घटनाओं में समय पर उपचार मिल सके।1
- छोटी सादड़ी खंडेला मार्ग पर सगस बावजी के कलश स्थापित करने पर नगर में एक भव्य जुलुस निकाला गया जिसमें कई श्रद्धालुओं ने भाग लिया नाचते गाते इस जुलूस की शोभा बढ़ाने के लिए ऊंट गाड़ी घोड़ा आदि जुलूस में कलश यात्रा की शोभा बढ़ा रहे थे तेज गर्मी के बावजूद काफी उत्साह बना रहा लोगों ने जगह-जगह पर जुलूस का भव्य स्वागत भी किया पानी की व्यवस्था भी की4
- उदयपुर जिले के कानोड़ कस्बे में गुरुवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, उप स्वास्थ्य केंद्र राजपुरा में कार्यरत एक महिला चिकित्साकर्मी (ANM) का शव डॉक्टर के सरकारी क्वार्टर की सीढ़ियों पर संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। मृतका की पहचान अनीता मीणा के रूप में हुई है। परिजनों ने कानोड़ सीएचसी के ही डॉक्टर सुरेंद्र बिजारणिया के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।1