आज, 14 जून को जालौर के प्राथमिक परिसर में लघु उद्योग भारती द्वारा चलाए जा रहे एक माह के मेहंदी प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन समारोह आयोजित किया गया। इस समारोह के मुख्य अतिथि आदरणीय श्री जगदीश जी सोनी, विभाग कार्यवाह, रहे। इस एक महीने के प्रशिक्षण कार्यक्रम से कुल 27 बालिकाएँ लाभान्वित हुईं, जिन्हें कार्यक्रम के समापन के उपरांत प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इसके अतिरिक्त, प्रशिक्षिकाओं, विद्यालय और भामाशाह बालू बालाजी ग्रुप को उनके सहयोग के लिए प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष श्री दिनेश जी गोयल, सचिव श्री कृष्णकांत जेथलिया, प्रांतीय प्रतिनिधि महेश जी मोर और रामनिवास जी बापोडिया उपस्थित रहे। स्थानीय समिति से उपाध्यक्ष श्री दिनेश जी बारोट और व्यवस्थापक श्री प्रकाश जी परमार भी मौजूद थे। जिला व्यवस्थापक श्री भरत जी गोयल और अन्य गणमान्य नागरिक भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
आज, 14 जून को जालौर के प्राथमिक परिसर में लघु उद्योग भारती द्वारा चलाए जा रहे एक माह के मेहंदी प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन समारोह आयोजित किया गया। इस समारोह के मुख्य अतिथि आदरणीय श्री जगदीश जी सोनी, विभाग कार्यवाह, रहे। इस एक महीने के प्रशिक्षण कार्यक्रम से कुल 27 बालिकाएँ लाभान्वित हुईं, जिन्हें कार्यक्रम के समापन के उपरांत प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इसके अतिरिक्त, प्रशिक्षिकाओं, विद्यालय और भामाशाह बालू
बालाजी ग्रुप को उनके सहयोग के लिए प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष श्री दिनेश जी गोयल, सचिव श्री कृष्णकांत जेथलिया, प्रांतीय प्रतिनिधि महेश जी मोर और रामनिवास जी बापोडिया उपस्थित रहे। स्थानीय समिति से उपाध्यक्ष श्री दिनेश जी बारोट और व्यवस्थापक श्री प्रकाश जी परमार भी मौजूद थे। जिला व्यवस्थापक श्री भरत जी गोयल और अन्य गणमान्य नागरिक भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
- सुमेरपुर में स्थानीय विधायक और कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत सोमवार, 15 जून को जवाई बांध के प्रमुख सहायक जल स्रोत सेई बांध का अवलोकन करेंगे। इस दौरान वे सेई बांध की सुरंग चौड़ीकरण परियोजना की प्रगति की जानकारी लेंगे और जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के साथ आगामी मानसून के लिए जल प्रबंधन एवं निर्माण कार्यों की समीक्षा करेंगे। पूर्ववर्ती सरकार ने सेई बांध की सुरंग चौड़ीकरण परियोजना के लिए लगभग 100 करोड़ रुपये स्वीकृत किए थे, जिसका 70 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा हो चुका है। सुरंग के चौड़ीकरण से भविष्य में जवाई बांध तक अधिक मात्रा में पानी पहुंचने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्र की सिंचाई और पेयजल व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। जवाई बांध पश्चिमी राजस्थान के एक महत्वपूर्ण जल स्रोत के रूप में लगभग 38,671 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई करता है और पाली, सुमेरपुर, तखतगढ़ सहित 900 से अधिक गांवों तथा कई शहरों को पेयजल उपलब्ध कराता है। इसी कारण जवाई बांध का पुनर्भरण लंबे समय से इस क्षेत्र की प्रमुख मांग रही है। जवाई बांध के पुनर्भरण को लेकर वर्षों से राजनीति होती रही है, जहाँ कांग्रेस और भाजपा दोनों सरकारों के कार्यकाल में विभिन्न पुनर्भरण योजनाओं की घोषणाएं हुईं, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान धरातल पर नहीं उतर पाया। पूर्व सरकार ने जवाई पुनर्भरण के लिए लगभग 2700 करोड़ रुपये की एक योजना स्वीकृत की थी, जो सरकार बदलने के बाद आगे नहीं बढ़ सकी। वर्तमान सरकार माही बांध से जवाई तक पानी लाने की योजना पर काम कर रही है, हालांकि इसके क्रियान्वयन का इंतजार अभी भी बना हुआ है। मंत्री के इस अवलोकन कार्यक्रम में किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष जयेंद्र सिंह गलथनी, किसान प्रतिनिधि, जल संसाधन विभाग के अधिकारी और स्थानीय मीडिया प्रतिनिधि भी उपस्थित रहेंगे। यह दौरा केवल निर्माण कार्यों की समीक्षा तक ही सीमित नहीं माना जा रहा है, बल्कि इसे क्षेत्र के किसानों और आमजन की जवाई बांध पुनर्भरण से जुड़ी उम्मीदों के लिहाज से भी अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।4
- जोजावर/भादाकाकर में सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर भादाकाकर स्थित श्री चारभुजा नाथ मंदिर में बाल भोग कार्यक्रम का भव्य शुभारंभ किया गया। यह कार्यक्रम श्री पीपा क्षत्रिय दर्जी समाज ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित हुआ, जिसमें समाज के गणमान्य व्यक्तियों, मातृशक्ति और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही। इस अवसर पर करीब 45 समाजबंधुओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं ने श्री चारभुजा नाथ की स्तुति और भजन प्रस्तुत कर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। सभी श्रद्धालुओं ने श्रद्धापूर्वक भोजन प्रसाद ग्रहण किया और मंदिर व समाज के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर सार्थक विचार-विमर्श किया। उपस्थित समाजजनों ने ट्रस्ट कार्यकारिणी की इस जनहितकारी एवं धार्मिक पहल की सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी। उन्होंने इसे समाज के लिए एक अत्यंत सकारात्मक शुरुआत बताया। इस आयोजन में ट्रस्ट अध्यक्ष अशोक कुमार राखेचा सहित प्रेमराज भाटी, ढगलचंद डाबी, मदनलाल सोलंकी, सोहनलाल राखेचा, अशोक राठौड़, सतीश कुमार चौहान, प्रेमप्रकाश राखेचा, भंवरलाल चौहान, गोविंद चौहान, रूपेश चौहान, शशिकांत गहलोत, हस्तीमल राठौड़, मदनलाल गोयल, रतनलाल सोलंकी, सुकनराज, गजेन्द्र राठौड़, देवेंद्र राठौड़, मिश्रीमल डाबी, सुरेश राठौड़, अशोक मकवाना, योगेश चौहान, हितेश मकवाना, निहाल श्री, जगदीश सोलंकी, मीठालाल बड़गुर्जर, निर्मल मकवाना, श्याम सोलंकी, भंवरलाल भाटी, कन्हैयालाल टांक, प्रकाश राखेचा और सम्पत भाटी सहित कई अन्य समाजजन व मातृशक्ति उपस्थित रहे।3
- बाली के रंजन सराय परिसर में दिव्यांगजनों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जहाँ दिव्यांग समाज से जुड़े विभिन्न मुद्दों और मांगों पर व्यापक चर्चा हुई। इस बैठक के समापन के बाद, सभी दिव्यांगजन एकजुट होकर बाली उपखंड कार्यालय पहुँचे और उपखंड अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन प्रस्तुत किया। इस ज्ञापन में दिव्यांगजनों के लिए कई महत्वपूर्ण माँगें उठाई गईं। इनमें विशेष भर्ती अभियान चलाने, दिव्यांग स्कूटी योजना का विस्तार करने, मासिक पेंशन राशि को बढ़ाकर ₹3000 करने और रोडवेज स्मार्ट कार्ड सुविधा को एक्सप्रेस बसों में भी लागू करने की मांग प्रमुख थी। इसके अतिरिक्त, सभी दिव्यांग परिवारों को बीपीएल श्रेणी में शामिल करने, प्रधानमंत्री आवास योजना में उन्हें प्राथमिकता देने और संविदा तथा ठेका प्रथा के अंतर्गत रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की भी माँग की गई। दिव्यांग प्रतिनिधियों ने इस अवसर पर बल दिया कि सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक दिव्यांगजनों तक पहुँचे, इसके लिए विशेष प्रावधान किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि इन मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेकर दिव्यांगजनों को उचित राहत प्रदान की जाए। ज्ञापन सौंपते समय बड़ी संख्या में दिव्यांगजन वहाँ उपस्थित थे।1
- पाली जिले के नेहड़ा बांध से दूषित पानी छोड़ने के मामले में सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित कमेटी के अध्यक्ष सेवानिवृत्त जस्टिस संगीत लोढ़ा ने अधिकारियों के साथ बांध का दौरा किया। यह कमेटी सर्वोच्च न्यायालय द्वारा प्रदूषण की समस्या का आकलन करने के लिए गठित की गई है। इस दौरान जिला कलेक्टर डॉ. रविंद्र गोस्वामी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी उपस्थित रहे। जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले जल संसाधन विभाग की ओर से बांध से नदी में दूषित पानी छोड़ा गया था, जिसके बाद किसानों के एक गुट ने अपनी नाराजगी व्यक्त की थी। जस्टिस संगीत लोढ़ा ने एसडीएम रोहट और जल संसाधन विभाग के अधिकारियों से मामले पर फीडबैक लिया। किसान प्रतिनिधि वागाराम विश्नोई और सामाजिक कार्यकर्ता दीपक बामनिया भी बांध पर मौजूद थे। सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए नेहड़ा बांध पर पुलिस का अतिरिक्त जाप्ता तैनात किया गया था, जहाँ जस्टिस लोढ़ा ने मौजूदा हालातों का जायजा लिया।3
- सुप्रीम कोर्ट द्वारा प्रदूषण की समस्या के आकलन के लिए गठित कमेटी के अध्यक्ष जस्टिस लोढ़ा ने पाली जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने जिला कलेक्टर डॉ. रविंद्र गोस्वामी और अन्य प्रशासनिक अधिकारियों के साथ स्थिति का जायजा लिया। सेवानिवृत्त जस्टिस संगीत लोढ़ा ने विशेष रूप से नेहड़ा बांध का दौरा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। नदी में प्रदूषित पानी छोड़े जाने से किसानों में भारी रोष देखा गया, जिसकी शिकायतें जस्टिस लोढ़ा के संज्ञान में लाई गईं। उन्होंने रोहट के SDM और जल संसाधन विभाग के अधिकारियों से प्रत्यक्ष फीडबैक लिया। इस मौके पर किसान प्रतिनिधि वागाराम विश्नोई, सामाजिक कार्यकर्ता दीपक बामनिया सहित कई किसान मौजूद रहे, जिन्होंने अपनी समस्याओं से अवगत कराया। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर पुख्ता सुरक्षा इंतजाम किए गए थे और पुलिस बल भी तैनात रहा।4
- राजस्थान के पाली शहर/क्षेत्र में राशन वितरण प्रणाली में कथित धांधली और अनियमितताओं को लेकर जागरूक नागरिकों तथा उपभोक्ता समूह ने उपखंड अधिकारी (SDM) कार्यालय में अपना विरोध दर्ज कराया। आक्रोशित ग्रामीणों ने राशन डीलर की मनमानी और उपभोक्ताओं को मिलने वाले अनाज में कटौती से परेशान होकर SDM को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा, जिसमें दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि उचित मूल्य की दुकान पर उपभोक्ताओं को पूरा राशन नहीं दिया जा रहा है। ज्ञापन में विशेष रूप से अनाज तौलने में गड़बड़ी, कार्डधारकों को पात्रता के अनुसार पूरा राशन उपलब्ध न कराने, दुकान समय पर न खोलने और लाभार्थियों के साथ अभद्र व्यवहार करने जैसी शिकायतें शामिल हैं। नागरिकों ने कहा कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद स्थानीय स्तर पर उनकी सुनवाई नहीं हो रही थी, जिसके कारण उन्हें प्रशासनिक अधिकारियों के पास जाना पड़ा। ज्ञापन सौंपने वाले ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही राशन वितरण व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ और धांधली में लिप्त लोगों पर प्रशासनिक कार्रवाई नहीं की गई, तो स्थानीय स्तर पर एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। SDM कार्यालय में अधिकारियों ने ज्ञापन लेने के बाद जांच का आश्वासन दिया है। मौके पर मौजूद लोगों ने संबंधित राशन दुकान की स्टॉक रिपोर्ट और वितरण रजिस्टर की तत्काल जांच की मांग की है।4
- खुडाला फालना नगरपालिका ने पीएम स्वनिधि योजना के तहत एक विशेष अभियान आयोजित किया, जिसमें 14 नए ऋण आवेदन प्राप्त कर उन्हें ऑनलाइन किया गया। इस शिविर के दौरान, चार लाभार्थियों के खातों में कुल 60,000 रुपये के प्रथम ऋण जमा कराए गए। इन ऋणों के चेक अतिरिक्त जिला कलेक्टर पाली बजरंगसिंह, जिला परिषद् पाली के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मुकेश चौधरी, सार्वजनिक निर्माण विभाग पाली के अधीक्षण अभियंता दिलीप परिहार और अधिशाषी अधिकारी विनयपाल द्वारा वितरित किए गए। यह अभियान पीएम स्वनिधि महोत्सव, लोक कल्याण मेला, स्वनिधि कैंप और पालिका के "शहरी सेवा शिविर 2026" की निरंतरता में आयोजित किया गया था। इसके अतिरिक्त, चार लाभार्थियों के मोबाइल में पीएम स्वनिधि ऐप भी इंस्टॉल करवाए गए। साथ ही, चार पात्र लाभार्थियों और उनके परिवारजनों को "स्वनिधि से समृद्धि" योजना के तहत केंद्रीय योजनाओं से जोड़कर उनकी सामाजिक-आर्थिक प्रोफाइलिंग भी की गई। इस शिविर में सभी विभागों के अधिकारी/कर्मचारी, पालिका अधिशाषी अधिकारी विनयपाल, एनयूएलएम प्रभारी एवं सहायक अभियंता शैलेन्द्र कुमार, एनयूएलएम सी.ओ. सूश्री कंचन सरगरा, दिनेश कुमार और कंप्यूटर ऑपरेटर उपस्थित रहे।1
- बढ़ती गर्मी के साथ तखतगढ़ और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली के लो वोल्टेज की गंभीर समस्या ने आमजन को परेशानी में डाल दिया है, जिसका मुख्य कारण विद्युत आपूर्ति में लगातार आ रही कमी है। इस समस्या के समाधान की मांग को लेकर नगरवासी और जनप्रतिनिधि लगातार विद्युत विभाग को ज्ञापन सौंप रहे हैं। इसी कड़ी में, तखतगढ़ में पूर्व पार्षद शेषमल कुमावत, प्रकाश चौधरी और निवर्तमान पार्षद सुरेश कुमार सुथार सहित कई लोगों ने सहायक अभियंता विक्रम सिंह को ज्ञापन देकर वोल्टेज सुधारने की मांग की है। इसके अतिरिक्त, तीन दिन पहले तखतगढ़ के दौरे पर आए स्थानीय विधायक और कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत के सामने भी भाजपा कार्यकर्ताओं ने इस मुद्दे को उठाया था। विद्युत विभाग के सहायक अभियंता विक्रम सिंह ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि शहरी क्षेत्र में पांच और ग्रामीण क्षेत्रों में 30 नए ट्रांसफार्मर लगाने का एक प्रस्ताव तैयार कर विभाग को भेजा गया है। उन्होंने आश्वस्त किया कि स्वीकृति मिलते ही इन ट्रांसफार्मरों को स्थापित किया जाएगा, जिससे लो वोल्टेज की समस्या में काफी हद तक सुधार आने की उम्मीद है। साथ ही, विभागीय टीमें वर्तमान में भी आवश्यक तकनीकी सुधार कार्यों में लगी हैं, और शहरी सेवा शिविरों के दौरान टूटे हुए विद्युत पोल बदलने जैसे अन्य कार्य भी किए जाएंगे।2
- पाली में बांडी नदी को प्रदूषित करने और सीवर लाइन में अवैध रूप से कचरा व गंदा पानी छोड़ने वाले कारोबारियों के खिलाफ नगर निगम ने कड़ा रुख अपनाया है। नगर निगम आयुक्त नवीन भारद्वाज ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित, जिला कलेक्टर के नेतृत्व वाली टीम विभिन्न क्षेत्रों का लगातार दौरा कर रही है। इसी निरीक्षण के दौरान निगम टीम को हैदर कॉलोनी में सीवर लाइन में रंगीन पानी छोड़े जाने की जानकारी मिली। त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने वहाँ छापेमारी की, जिसमें अबरार और रमजान नामक व्यक्तियों के घरों पर अवैध लॉन्ड्री का काम करते पाया गया। इन लॉन्ड्री में कपड़ों को रसायनों का उपयोग करके धोया जा रहा था। टीम ने मौके से वॉशिंग मशीन, भट्टी और अन्य उपकरण जब्त कर लिए हैं और उस कमरे को सील कर दिया है। निगम टीम द्वारा अवैध रूप से दी गई सीवर लाइन कनेक्शन को भी काट दिया गया है। आयुक्त नवीन भारद्वाज ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि इस तरह के कार्यों से न केवल सीवर सिस्टम को नुकसान पहुँचता है, बल्कि पर्यावरण भी प्रदूषित होता है। उन्होंने शहरवासियों से मानवता को नुकसान पहुँचाने वाले किसी भी व्यापार से बचने की अपील की। आयुक्त ने यह भी कहा कि निगम की टीमें दिन-रात गश्त कर रही हैं और अवैध कारोबारियों पर कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने साफ किया कि कोई भी दोषी बच नहीं पाएगा और ऐसे काम करने वालों को समय रहते खुद ही इन्हें बंद कर देना चाहिए।4