जिला चिकित्सालय में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर आयोजित,शिविर के माध्यम से कुल 10 यूनिट रक्त का संग्रह किया गया बलरामपुर। कलेक्टर राजेन्द्र कटारा के मार्गदर्शन में जिला चिकित्सालय बलरामपुर में पहल करते हुए विशाल स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर के माध्यम से कुल 10 यूनिट रक्त का संग्रह किया गया, जो जरूरतमंद मरीजों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह एवं सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. शशांक गुप्ता उपस्थित रहे। उन्होंने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन करते हुए सभी रक्तदाताओं की सराहना की। इस अवसर पर सीएमएचओ ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रक्तदान महादान है तथा एक यूनिट रक्त तीन लोगों की जान बचाने में सहायक होता है। उन्होंने बताया कि अस्पतालों में अक्सर रक्त की कमी बनी रहती है, ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदान इस कमी को दूर करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने आमजन से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की। डॉ. शशांक गुप्ता ने भी रक्तदाताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के शिविर समाज में जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ मानव सेवा की भावना को प्रोत्साहित करते हैं। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से आगे आकर रक्तदान करने का आह्वान किया। शिविर के दौरान सभी आवश्यक स्वास्थ्य मानकों का पालन करते हुए सुरक्षित रूप से रक्त संग्रहण किया गया। चिकित्सा टीम द्वारा रक्तदाताओं की आवश्यक जांच के उपरांत ही रक्तदान कराया गया, जिससे पूरी प्रक्रिया सुरक्षित एवं व्यवस्थित रही। रक्तदान पश्चात सभी रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करते हुए उन्हें प्रशस्ति पत्र प्रदान भी किया गया।
जिला चिकित्सालय में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर आयोजित,शिविर के माध्यम से कुल 10 यूनिट रक्त का संग्रह किया गया बलरामपुर। कलेक्टर राजेन्द्र कटारा के मार्गदर्शन में जिला चिकित्सालय बलरामपुर में पहल करते हुए विशाल स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर के माध्यम से कुल 10 यूनिट रक्त का संग्रह किया गया, जो जरूरतमंद मरीजों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय कुमार सिंह एवं सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. शशांक गुप्ता उपस्थित रहे। उन्होंने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन करते हुए सभी रक्तदाताओं की सराहना की। इस अवसर पर सीएमएचओ ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि रक्तदान महादान है तथा एक यूनिट रक्त तीन लोगों की जान बचाने में सहायक होता है। उन्होंने बताया कि अस्पतालों में अक्सर रक्त की कमी बनी रहती है, ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदान इस कमी को दूर करने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने आमजन से नियमित रूप से रक्तदान करने की अपील की। डॉ. शशांक गुप्ता ने भी रक्तदाताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के शिविर समाज में जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ मानव सेवा की भावना को प्रोत्साहित करते हैं। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से आगे आकर रक्तदान करने का आह्वान किया। शिविर के दौरान सभी आवश्यक स्वास्थ्य मानकों का पालन करते हुए सुरक्षित रूप से रक्त संग्रहण किया गया। चिकित्सा टीम द्वारा रक्तदाताओं की आवश्यक जांच के उपरांत ही रक्तदान कराया गया, जिससे पूरी प्रक्रिया सुरक्षित एवं व्यवस्थित रही। रक्तदान पश्चात सभी रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करते हुए उन्हें प्रशस्ति पत्र प्रदान भी किया गया।
- बालोद शहर के कलाकेंद्र भवन में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) मातृशक्ति संगठन की जिला स्तरीय बैठक आयोजित हुई, जिसमें 7 मई से 10 मई तक होने वाले प्रांत स्तरीय मातृशक्ति प्रशिक्षण वर्ग की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में महिला कार्यकर्ताओं की भूमिका, प्रशिक्षण की आवश्यकता और समाज में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को लेकर विचार साझा किए गए। वक्ताओं ने प्रशिक्षण वर्ग में अधिक से अधिक महिलाओं की सहभागिता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। बुधवार शाम 6 बजे मिली जानकारी के अनुसार बैठक में बताया गया कि प्रस्तावित प्रशिक्षण वर्ग महिलाओं के बौद्धिक और शारीरिक विकास के लिए महत्वपूर्ण होगा। वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों में महिलाओं की भूमिका लगातार बढ़ रही है, ऐसे में प्रशिक्षण के माध्यम से उन्हें संस्कार, अनुशासन और संगठनात्मक कार्यों की जानकारी दी जाएगी, जिससे वे समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में प्रभावी योगदान दे सकें। जिला स्तर से अधिकाधिक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए कार्यकर्ताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं। इस दौरान संगठन की सेवा गतिविधियों की जानकारी देते हुए बताया गया कि प्रदेशभर में बाल संस्कार केंद्रों के माध्यम से बच्चों को नैतिक और धार्मिक शिक्षा दी जा रही है। साथ ही महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से निःशुल्क सिलाई केंद्र भी संचालित किए जा रहे हैं, जिनके जरिए उन्हें रोजगार से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। बैठक में यह भी कहा गया कि जिले की महिलाएं संगठन से जुड़कर सेवा, सुरक्षा और संस्कार के मूलमंत्र पर कार्य कर रही हैं, जिससे सामाजिक गतिविधियों में तेजी आई है। प्रशिक्षण वर्ग में भागीदारी से उनकी कार्यक्षमता और अधिक सशक्त होगी। अंत में सभी कार्यकर्ताओं ने प्रशिक्षण वर्ग को सफल बनाने के लिए समन्वय और सहयोग के साथ कार्य करने का संकल्प लिया। संगठन का उद्देश्य समाज में संस्कार, सेवा और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना बताया गया।1
- ब्रेकिंग न्यूज़… तिल्दा-नेवरा से दिल दहला देने वाली खबर घटना रात करीब 8 से 9 बजे के बीच की बताई जा रही है।” तेज रफ्तार हाईवा की चपेट में आने से एक महिला की मौके पर ही दर्दनाक मौत1
- Post by तुकाराम कंसारी नवापारा राजिम1
- सक्ती जिले के सिंहितराय गांव में वेदांता लिमिटेड बिजली संयंत्र में भीषण औद्योगिक दुर्घटना, जिसमें कम से कम नौ श्रमिकों की मौत हो गई और चालीस से अधिक अन्य घायल हो गए। यह घटना मंगलवार दोपहर को हुई जब एक बॉयलर ट्यूब में कथित तौर पर विस्फोट हो गया, जिससे एक अराजक स्थिति और श्रमिकों के बीच भगदड़ जैसी भीड़ हो गई। स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक टीमों द्वारा मलबे के नीचे फंसे श्रमिकों का पता लगाने के लिए तुरंत बचाव अभियान शुरू किया गया था। गंभीर रूप से घायलों को जिंदल फोर्टिस सहित रायगढ़ के अस्पतालों में स्थानांतरित कर दिया गया है, जबकि मुख्यमंत्री विष्णु देव साईं ने गहरी संवेदना व्यक्त की है और सुरक्षा चूक की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।1
- दुर्ग में भीम जयंती के मौके पर आयोजित कव्वाली में शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव की उपस्थिति पर पार्षद अजीत वैध ने क्या कहा सुनते हैं।1
- सोनभद्र में ट्रकों की टक्कर से भीषण आग, लोगों की निष्क्रियता पर उठे सवाल! मदद की जगह वीडियो, इंसानियत पर गंभीर सवाल... क्या इंसान इतना सस्ता हो गया हैं कि वो इंसान ड्राइवर फस गया धीरे धीरे आग बढ़ती गईं कोई भी नहीं मदद के लिये आघे नही आया लेकिन वीडियो तो बननी चाहिए. पोस्ट करना हैं और तो और हस्ते हस्ते इंजॉय करते हुए वीडियो बनाई जान रहिये तो मोबाइल एक तरह का बीमारी बन गया हैं क्योंकि लोगो सब तरह के चीज को छोड़ सकता है लेकिन मोबाइल नहीं छोड़ सकता... ये लोग बचा सकते थे लेकिन बचा लेंंगे तो विडिओ के लिए फिर और न्यूज़ कहा से लाएंगे....1
- नारी शक्ति वंदन अधिनियम (106वां संविधान संशोधन) भारत की संसद द्वारा सितंबर 2023 में पारित एक ऐतिहासिक कानून है, जो लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33% (एक-तिहाई) सीटें आरक्षित करता है। इस कानून का उद्देश्य राजनीति में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना और उन्हें नीति निर्माता बनाना है, जो 2029 के चुनावों से प्रभावी होने की संभावना है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम की मुख्य विशेषताएं: 33% आरक्षण: लोकसभा और सभी राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33% सीटें आरक्षित होंगी। अवधि: यह आरक्षण 15 वर्षों के लिए प्रभावी रहेगा, जिसे आगे बढ़ाया जा सकता है। लागू करने की प्रक्रिया: परिसीमन (Delimitation) के बाद यह कानून लागू होगा, जिसके 2029 तक प्रभावी होने की उम्मीद है। सीटों का रोटेशन: प्रत्येक परिसीमन के बाद आरक्षित सीटों को रोटेट (बदलना) किया जाएगा। SC/ST आरक्षण: आरक्षित सीटों में से ही अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) की महिलाओं के लिए भी आरक्षण शामिल है। अधिनियम का महत्व: यह भारतीय राजनीति में महिलाओं के कम प्रतिनिधित्व (वर्तमान में लोकसभा में लगभग 14-15%) को सीधे संबोधित करता है। यह अधिनियम मातृशक्ति को सम्मानित करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक साहसिक कदम है। इस ऐतिहासिक कदम का उद्देश्य केवल महिलाओं का विकास नहीं, बल्कि महिला-नेतृत्व में विकास सुनिश्चित करना है जागरूकता अभियान: इस अधिनियम के महत्व को जन-जन तक पहुँचाने के लिए विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में 'नारी शक्ति पदयात्रा' और अन्य जागरूकता कार्यक्रम, जैसे कि Instagram और YouTube पर प्रचार, चलाए जा रहे हैं।1
- छत्तीसगढ़ के शक्ति जिले में वेदांता पावर प्लांट में बड़ा हादसा हो गया। बॉयलर ब्लास्ट के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार 14 मजदूरों की मौत की आशंका जताई जा रही है, जबकि कई गंभीर रूप से घायल हैं। 👉 मौके पर राहत और बचाव कार्य जारी 👉 प्रशासन और पुलिस की टीम तैनात 👉 हादसे के कारणों की जांच शुरू ⚠️ मृतकों की संख्या की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है 📢 Jay Johar CG News — खबर सच की जड़ तक1
- पटना, 14 अप्रैल 2026: बिहार की राजनीति में आज एक नया अध्याय जुड़ गया। एनडीए विधानमंडल दल की बैठक में माननीय नेता श्री नीतीश कुमार जी के प्रस्ताव पर श्री सम्राट चौधरी जी को बिहार का नया मुख्यमंत्री चुना गया। समस्त एनडीए परिवार ने एकमत से उन पर विश्वास व्यक्त किया। मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी मिलने पर सम्राट चौधरी जी ने कहा — _"संकल्प से सिद्धि तक, विकसित बिहार की ओर हमारा दृढ़ कदम! यह विश्वास मेरे लिए केवल सम्मान नहीं, बल्कि बिहार की जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने की एक बड़ी जिम्मेदारी भी है। इसके लिए मैं हृदय से कोटि-कोटि धन्यवाद करता हूँ।"_ उन्होंने इस अवसर पर माननीय श्री शिवराज सिंह चौहान जी, जदयू कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री संजय कुमार झा जी, श्री राजीव रंजन सिंह 'ललन सिंह' जी, श्री जीतन राम मांझी जी, श्री बी. एल. संतोष जी, श्री विनोद तावड़े जी, श्री उपेंद्र कुशवाहा जी, श्री संजय सरावगी जी तथा श्री भीखूभाई दलसानिया जी सहित सभी वरिष्ठ नेताओं का हृदय से अभिनंदन एवं आभार व्यक्त किया। "यह समर्थन हमारे सामूहिक संकल्प को और अधिक मजबूत करता है कि हम विकास, प्रगति, सुशासन और जनसेवा के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ते हुए बिहार को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे" — सम्राट चौधरी बिहार में NDA सरकार अब 'सुशासन, विकास और जनसेवा' के संकल्प के साथ आगे बढ़ने को तैयार है।1