बरेली में पुलिस कर्मियों को मिला जीवनरक्षक प्रशिक्षण, IMA–ISA की CPR कार्यशाला रही सफल इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA), बरेली एवं इंडियन सोसाइटी ऑफ एनेस्थिसियोलॉजिस्ट (ISA), बरेली के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस लाइन, बरेली में कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (CPR) विषय पर एक महत्वपूर्ण एवं उपयोगी कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य पुलिस कर्मियों को आपातकालीन परिस्थितियों में जीवन रक्षक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना था, ताकि वे संकट की घड़ी में आमजन की सहायता कर सकें। कार्यक्रम में लगभग 250 से 300 पुलिस कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और CPR की विधियों को न केवल सैद्धांतिक रूप से समझा, बल्कि हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग के माध्यम से व्यावहारिक रूप से भी सीखा। विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा प्रतिभागियों को बताया गया कि किसी व्यक्ति के हृदय की धड़कन रुकने या सांस बंद होने की स्थिति में CPR किस प्रकार जीवन बचाने में निर्णायक भूमिका निभाता है। इस अवसर पर पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। एसपी ट्रैफिक मोहम्मद अकमल खान एवं नगर सुरक्षा प्रमुख प्रमोद कुमार दगौर ने कार्यशाला की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस बल अक्सर ऐसी परिस्थितियों में सबसे पहले पहुंचता है, जहां किसी व्यक्ति की जान जोखिम में होती है। ऐसे में CPR जैसी तकनीकों का ज्ञान पुलिस कर्मियों के लिए अत्यंत आवश्यक है। कार्यक्रम में IMA बरेली के अध्यक्ष डॉ. अतुल कुमार श्रीवास्तव, मानद सचिव डॉ. अंशु अग्रवाल तथा President Elect डॉ. डी. पी. गंगवार सहित कई वरिष्ठ चिकित्सकों की सक्रिय भागीदारी रही। उन्होंने प्रतिभागियों को आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों के अनुरूप CPR के नवीनतम दिशानिर्देशों से अवगत कराया। वहीं ISA बरेली के अध्यक्ष डॉ. रतन पाल सिंह एवं राष्ट्रीय गवर्निंग काउंसिल सदस्य डॉ. आर. के. भास्कर ने विस्तारपूर्वक CPR की वैज्ञानिक प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि सही समय पर और सही तकनीक से किया गया CPR किसी भी व्यक्ति की जान बचा सकता है, इसलिए इसका प्रशिक्षण हर जिम्मेदार नागरिक के लिए जरूरी है। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को डमी मॉडल्स पर अभ्यास कराया गया, जिससे वे वास्तविक परिस्थितियों में बिना घबराए तुरंत सहायता प्रदान करने में सक्षम बन सकें। प्रशिक्षकों ने यह भी बताया कि CPR के साथ-साथ प्राथमिक चिकित्सा के अन्य उपायों का ज्ञान भी उतना ही महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे, जिससे समाज में आपातकालीन चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़े और अधिक से अधिक लोग जीवनरक्षक तकनीकों में प्रशिक्षित हो सकें।
बरेली में पुलिस कर्मियों को मिला जीवनरक्षक प्रशिक्षण, IMA–ISA की CPR कार्यशाला रही सफल इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA), बरेली एवं इंडियन सोसाइटी ऑफ एनेस्थिसियोलॉजिस्ट (ISA), बरेली के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस लाइन, बरेली में कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (CPR) विषय पर एक महत्वपूर्ण एवं उपयोगी कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य पुलिस कर्मियों को आपातकालीन परिस्थितियों में जीवन रक्षक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना था, ताकि वे संकट की घड़ी में आमजन की सहायता कर सकें। कार्यक्रम में लगभग 250 से 300 पुलिस कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और CPR की विधियों को न केवल सैद्धांतिक रूप से समझा, बल्कि हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग के माध्यम से व्यावहारिक रूप से भी सीखा। विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा प्रतिभागियों को बताया गया कि किसी व्यक्ति के हृदय की धड़कन रुकने या सांस बंद होने की स्थिति में CPR किस प्रकार जीवन बचाने में निर्णायक भूमिका निभाता है। इस अवसर पर पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। एसपी ट्रैफिक मोहम्मद अकमल खान एवं नगर सुरक्षा प्रमुख प्रमोद कुमार दगौर ने कार्यशाला की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस बल अक्सर ऐसी परिस्थितियों में सबसे पहले पहुंचता है, जहां किसी व्यक्ति की जान जोखिम में होती है। ऐसे में CPR जैसी तकनीकों का ज्ञान पुलिस कर्मियों के लिए अत्यंत आवश्यक है। कार्यक्रम में IMA बरेली के अध्यक्ष डॉ. अतुल कुमार श्रीवास्तव, मानद सचिव डॉ. अंशु अग्रवाल तथा President Elect डॉ. डी. पी. गंगवार सहित कई वरिष्ठ चिकित्सकों की सक्रिय भागीदारी रही। उन्होंने प्रतिभागियों को आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों के अनुरूप CPR के नवीनतम दिशानिर्देशों से अवगत कराया। वहीं ISA बरेली के अध्यक्ष डॉ. रतन पाल सिंह एवं राष्ट्रीय गवर्निंग काउंसिल सदस्य डॉ. आर. के. भास्कर ने विस्तारपूर्वक CPR की वैज्ञानिक प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि सही समय पर और सही तकनीक से किया गया CPR किसी भी व्यक्ति की जान बचा सकता है, इसलिए इसका प्रशिक्षण हर जिम्मेदार नागरिक के लिए जरूरी है। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को डमी मॉडल्स पर अभ्यास कराया गया, जिससे वे वास्तविक परिस्थितियों में बिना घबराए तुरंत सहायता प्रदान करने में सक्षम बन सकें। प्रशिक्षकों ने यह भी बताया कि CPR के साथ-साथ प्राथमिक चिकित्सा के अन्य उपायों का ज्ञान भी उतना ही महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे, जिससे समाज में आपातकालीन चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़े और अधिक से अधिक लोग जीवनरक्षक तकनीकों में प्रशिक्षित हो सकें।
- इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA), बरेली एवं इंडियन सोसाइटी ऑफ एनेस्थिसियोलॉजिस्ट (ISA), बरेली के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस लाइन, बरेली में कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (CPR) विषय पर एक महत्वपूर्ण एवं उपयोगी कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य पुलिस कर्मियों को आपातकालीन परिस्थितियों में जीवन रक्षक तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना था, ताकि वे संकट की घड़ी में आमजन की सहायता कर सकें। कार्यक्रम में लगभग 250 से 300 पुलिस कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और CPR की विधियों को न केवल सैद्धांतिक रूप से समझा, बल्कि हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग के माध्यम से व्यावहारिक रूप से भी सीखा। विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा प्रतिभागियों को बताया गया कि किसी व्यक्ति के हृदय की धड़कन रुकने या सांस बंद होने की स्थिति में CPR किस प्रकार जीवन बचाने में निर्णायक भूमिका निभाता है। इस अवसर पर पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। एसपी ट्रैफिक मोहम्मद अकमल खान एवं नगर सुरक्षा प्रमुख प्रमोद कुमार दगौर ने कार्यशाला की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस बल अक्सर ऐसी परिस्थितियों में सबसे पहले पहुंचता है, जहां किसी व्यक्ति की जान जोखिम में होती है। ऐसे में CPR जैसी तकनीकों का ज्ञान पुलिस कर्मियों के लिए अत्यंत आवश्यक है। कार्यक्रम में IMA बरेली के अध्यक्ष डॉ. अतुल कुमार श्रीवास्तव, मानद सचिव डॉ. अंशु अग्रवाल तथा President Elect डॉ. डी. पी. गंगवार सहित कई वरिष्ठ चिकित्सकों की सक्रिय भागीदारी रही। उन्होंने प्रतिभागियों को आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों के अनुरूप CPR के नवीनतम दिशानिर्देशों से अवगत कराया। वहीं ISA बरेली के अध्यक्ष डॉ. रतन पाल सिंह एवं राष्ट्रीय गवर्निंग काउंसिल सदस्य डॉ. आर. के. भास्कर ने विस्तारपूर्वक CPR की वैज्ञानिक प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि सही समय पर और सही तकनीक से किया गया CPR किसी भी व्यक्ति की जान बचा सकता है, इसलिए इसका प्रशिक्षण हर जिम्मेदार नागरिक के लिए जरूरी है। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को डमी मॉडल्स पर अभ्यास कराया गया, जिससे वे वास्तविक परिस्थितियों में बिना घबराए तुरंत सहायता प्रदान करने में सक्षम बन सकें। प्रशिक्षकों ने यह भी बताया कि CPR के साथ-साथ प्राथमिक चिकित्सा के अन्य उपायों का ज्ञान भी उतना ही महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने आशा व्यक्त की कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे, जिससे समाज में आपातकालीन चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़े और अधिक से अधिक लोग जीवनरक्षक तकनीकों में प्रशिक्षित हो सकें।1
- पिपरिया सज्जनपुर बना स्वच्छता की मिसाल, चमचमाते रास्तों ने जीता दिल। बीसलपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम पिपरिया सज्जनपुर में सफाई व्यवस्था बेहद शानदार नजर आ रही है। गांव की सड़कों पर कहीं भी गंदगी का नामोनिशान नहीं दिख रहा, जिससे पूरे क्षेत्र में स्वच्छता का सकारात्मक संदेश जा रहा है। ग्रामीणों और सफाई कर्मचारियों के संयुक्त प्रयास से गांव एक मिसाल बनता दिख रहा है।1
- Post by रामवीर राष्ट्रीय महासचिव गौ रक्षा प्रकोष्ठ बरेली राष्ट्रीय महासचिव गौ रक्षा प्रकोष्ठ बरेली1
- Post by Mohd Saleem1
- #पाम संडे के जुलूस का सपा नेता डॉ. अनीस बेग ने किया भव्य स्वागत#1
- बरेली। ईसाई समाज का प्रमुख पर्व पाम संडे बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर शहर में भव्य जुलूस निकाला गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए हाथ में खजूर की डाली लिए हुए इशू के भजन गाते हुए चल रहे थे। जुलूस की शुरुआत सेल्वेशन आर्मी चर्च से हुई, जो कचहरी, चौकी चौराहा और पटेल चौक होते हुए हिंद टाकीज मार्ग से गुजरता हुआ सेंट्रल चर्च पर जाकर सम्पन्न हुआ। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं ने प्रभु यीशु के जयकारों के साथ हाथों में खजूर की डालियां लेकर भाग लिया। इस दौरान वातावरण भक्तिमय बना रहा और जगह-जगह लोगों ने जुलूस का स्वागत किया। आयोजन शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से सम्पन्न हुआ, जिसमें समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।1
- गांधीनगर में उत्तराखंड की नंबर की गाड़ी बीती रात जलकर खाक हो गई पड़ोसियों ने बताया कि यहां पर एक किराएदार रहते थे जो कि कमरा खाली कर के चले गए कार को लावारिस हालत में यहीं पर छोड़ दिया कर की बैटरी निकाल कर ले गए तब से यह कार लावारिस हालत में खड़ी थी बीती रात इसमें अचानक आग लग गई और जलकर खाक हो गई सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया लेकिन आग बुझाने तक कार जलकर खाक हो चुकी थी मामले की जांच हो रही है1
- Post by Sumit Awasthi पत्रकार1