उपायुक्त ने स्वयं रक्तदान कर किया विशेष रक्तदान अभियान का शुभारंभ रक्तदान महादान है, आपका एक यूनिट रक्त किसी को नया जीवन दे सकता है" : उपायुक्त गुमला: उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो के निर्देश के आलोक में गुरुवार को समाहरणालय सभागार में विशेष स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का शुभारंभ उपायुक्त ने स्वयं रक्तदान कर किया तथा जिलेवासियों से अधिक से अधिक संख्या में स्वैच्छिक रक्तदान अभियान से जुड़ने की अपील की। इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि "आज मैंने भी रक्तदान किया है। आप सभी भी निःसंकोच रक्तदान करें। यह पूरी तरह सुरक्षित प्रक्रिया है। रक्तदान महादान है और आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है।" उन्होंने कहा कि विशेष रूप से सिकल सेल एनीमिया एवं थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों को नियमित अंतराल पर रक्त की आवश्यकता होती है। ऐसे बच्चों के जीवन की सुरक्षा के लिए समाज के प्रत्येक स्वस्थ नागरिक को इस महादान अभियान से जुड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि गुमला जिले के ब्लड बैंक को अब लाइसेंस प्राप्त हो चुका है, जिससे जिले में सुरक्षित रक्त संग्रहण की प्रक्रिया को और गति मिलेगी तथा आवश्यकता पड़ने पर गंभीर मरीजों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों एवं अन्य जरूरतमंदों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा। उपायुक्त ने बताया कि इस प्रकार के रक्तदान शिविर अब नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे ताकि जिले में रक्त की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित हो सके। *उप विकास आयुक्त ने भी किया रक्तदान, नागरिकों से की भागीदारी की अपील* शिविर के दौरान उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन ने भी रक्तदान किया। उन्होंने कहा कि रक्तदान पूर्णतः सुरक्षित एवं वैज्ञानिक प्रक्रिया है। एक स्वस्थ व्यक्ति प्रत्येक तीन माह के अंतराल पर नियमित रूप से रक्तदान कर सकता है। उन्होंने कहा कि नियमित रक्तदान से शरीर में नई रक्त कोशिकाओं के निर्माण की प्रक्रिया सक्रिय होती है, आयरन की अधिकता (Iron Overload) नियंत्रित रखने में सहायता मिलती है तथा समय-समय पर स्वास्थ्य जांच होने से कई स्वास्थ्य समस्याओं का प्रारंभिक स्तर पर पता चल सकता है। उन्होंने जिले के सभी पात्र नागरिकों से इस जनकल्याणकारी अभियान से जुड़ने की अपील की। *20 यूनिट रक्त का हुआ संग्रहण* आज आयोजित विशेष रक्तदान शिविर में जिला स्तरीय पदाधिकारियों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता करते हुए रक्तदान किया। इस अवसर पर सिविल सर्जन डॉ. शंभूनाथ चौधरी, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला पंचायती राज पदाधिकारी सहित कई जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। शिविर के दौरान कुल 20 यूनिट रक्त का सफलतापूर्वक संग्रहण किया गया। सभी अधिकारियों ने संयुक्त रूप से जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि यदि अधिक से अधिक लोग नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान करेंगे तो गंभीर मरीजों, सिकल सेल एवं थैलेसीमिया से ग्रसित बच्चों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों तथा अन्य जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा और अनेक अनमोल जीवन बचाए जा सकेंगे। स्वैच्छिक रक्तदान केवल रक्त का दान नहीं, बल्कि जीवन का दान है। आइए, हम सभी इस महाअभियान से जुड़ें और मानवता की सेवा में अपना योगदान दें। आपका एक छोटा-सा प्रयास किसी परिवार के लिए नई उम्मीद और किसी मरीज के लिए नया जीवन बन सकता है।
उपायुक्त ने स्वयं रक्तदान कर किया विशेष रक्तदान अभियान का शुभारंभ रक्तदान महादान है, आपका एक यूनिट रक्त किसी को नया जीवन दे सकता है" : उपायुक्त गुमला: उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो के निर्देश के आलोक में गुरुवार को समाहरणालय सभागार में विशेष स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का शुभारंभ उपायुक्त ने स्वयं रक्तदान कर किया तथा जिलेवासियों से अधिक से अधिक संख्या में स्वैच्छिक रक्तदान अभियान से जुड़ने की अपील की। इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि "आज मैंने भी रक्तदान किया है। आप सभी भी निःसंकोच रक्तदान करें। यह पूरी तरह सुरक्षित प्रक्रिया है। रक्तदान महादान है और आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है।" उन्होंने कहा कि विशेष रूप से सिकल सेल एनीमिया एवं थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों को नियमित अंतराल पर रक्त की आवश्यकता होती है। ऐसे बच्चों के जीवन की सुरक्षा के लिए समाज के प्रत्येक स्वस्थ नागरिक को इस महादान अभियान से जुड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि गुमला जिले के ब्लड बैंक को अब लाइसेंस प्राप्त हो चुका है, जिससे जिले में सुरक्षित रक्त संग्रहण की प्रक्रिया को और गति मिलेगी तथा आवश्यकता पड़ने पर गंभीर मरीजों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों एवं अन्य जरूरतमंदों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा। उपायुक्त ने बताया कि इस प्रकार के रक्तदान शिविर अब नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे ताकि जिले में रक्त की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित हो सके। *उप विकास आयुक्त ने भी किया रक्तदान, नागरिकों से की भागीदारी की अपील* शिविर के दौरान उप विकास आयुक्त अनिमेष रंजन ने भी रक्तदान किया। उन्होंने कहा कि रक्तदान पूर्णतः सुरक्षित एवं वैज्ञानिक प्रक्रिया है। एक स्वस्थ व्यक्ति प्रत्येक तीन माह के अंतराल पर नियमित रूप से रक्तदान कर सकता है। उन्होंने कहा कि नियमित रक्तदान से शरीर में नई रक्त कोशिकाओं के निर्माण की प्रक्रिया सक्रिय होती है, आयरन की अधिकता (Iron Overload) नियंत्रित रखने में सहायता मिलती है तथा समय-समय पर स्वास्थ्य जांच होने से कई स्वास्थ्य समस्याओं का प्रारंभिक स्तर पर पता चल सकता है। उन्होंने जिले के सभी पात्र नागरिकों से इस जनकल्याणकारी अभियान से जुड़ने की अपील की। *20 यूनिट रक्त का हुआ संग्रहण* आज आयोजित विशेष रक्तदान शिविर में जिला स्तरीय पदाधिकारियों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता करते हुए रक्तदान किया। इस अवसर पर सिविल सर्जन डॉ. शंभूनाथ चौधरी, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला पंचायती राज पदाधिकारी सहित कई जिला स्तरीय पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। शिविर के दौरान कुल 20 यूनिट रक्त का सफलतापूर्वक संग्रहण किया गया। सभी अधिकारियों ने संयुक्त रूप से जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि यदि अधिक से अधिक लोग नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान करेंगे तो गंभीर मरीजों, सिकल सेल एवं थैलेसीमिया से ग्रसित बच्चों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों तथा अन्य जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा और अनेक अनमोल जीवन बचाए जा सकेंगे। स्वैच्छिक रक्तदान केवल रक्त का दान नहीं, बल्कि जीवन का दान है। आइए, हम सभी इस महाअभियान से जुड़ें और मानवता की सेवा में अपना योगदान दें। आपका एक छोटा-सा प्रयास किसी परिवार के लिए नई उम्मीद और किसी मरीज के लिए नया जीवन बन सकता है।
- एकलव्य विद्यालय में भड़का छात्रों का आक्रोश: बदहाली से तंग आकर कक्षाओं का किया बहिष्कार, प्राचार्य पर लगे गंभीर आरोप... रायगढ़ । जिले के धरमजयगढ़ स्थित संयुक्त एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय (हीरापुर, लैलूंगा) में गुरुवार को अव्यवस्थाओं का घड़ा फूट पड़ा। विद्यालय प्रशासन और प्राचार्य के रवैये से परेशान होकर छात्र-छात्राओं ने कक्षाओं का पूरी तरह बहिष्कार कर दिया और परिसर में उग्र प्रदर्शन किया। भोजन में कीड़े-कांच और सफाई का अकाल - मीडिया से बातचीत में विद्यार्थियों ने रोष जताते हुए विद्यालय की बदहाली की पोल खोल दी: घटिया और जहरीला खाना: छात्रों का आरोप है कि उन्हें परोसे जाने वाले भोजन में आए दिन कीड़े और कांच के टुकड़े मिलते हैं। गंदे वॉशरूम: छात्राओं ने बताया कि गर्ल्स वॉशरूम इतने गंदे और बदबूदार रहते हैं कि उनका उपयोग करना मुश्किल हो गया है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं। बुनियादी सुविधाओं का अभाव: 10वीं बोर्ड के विद्यार्थियों के पास पढ़ने के लिए किताबें तक उपलब्ध नहीं हैं। इसके अलावा स्पोर्ट्स का सामान, टूर, वार्षिक उत्सव (एनुअल फंक्शन) और यूनिफॉर्म जैसी बुनियादी चीजें भी बच्चों को नहीं मिल पा रही हैं। प्राचार्य पर मनमानी और अनुपस्थिति के आरोप - विद्यार्थियों ने सीधे प्राचार्य पर निशाना साधते हुए उन्हें तत्काल पद से हटाने की मांग की है। छात्रों का कहना है कि प्राचार्य महीने-सप्ताह में एकाध दिन ही विद्यालय आते हैं। जब भी लिखित में समस्याएं दी जाती हैं, तो "ऊपर भेज रहे हैं" कहकर टाल दिया जाता है। कैमरे पर रक्षात्मक दिखे प्रभारी प्राचार्य - जब इस संबंध में प्रभारी प्राचार्य से सवाल किए गए, तो उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि विद्यालय में 4-4 हॉस्टल के बच्चे रहते हैं, इसलिए कभी-कभी थोड़ी बहुत भूल-चूक हो जाती है। रायगढ़ एससी ऑफिस के शासकीय कार्यों से बाहर रहने के कारण वे नियमित नहीं आ पाते। भोजन में कांच मिलने की बात पर उन्होंने माना कि बहुत पहले ऐसी घटना हुई थी, जिसके बाद रसोइयों को सतर्क किया गया था। वहीं छात्रों का कहना है कि समस्या जस की तस बनी हुई है। सपनों पर मंडराता खतरा - केंद्र और राज्य सरकार द्वारा आदिवासी व मेधावी बच्चों को गुणवत्तापूर्ण आवासीय शिक्षा देने के उद्देश्य से भारी-भरकम फंड दिया जाता है। इसके बावजूद विद्यालय में किताबों, खेल सामग्री और सुरक्षित भोजन के लिए तरसते बच्चे प्रशासनिक व्यवस्था की नाकामी को बयां कर रहे हैं। छात्रों ने चेतावनी दी है कि जब तक प्राचार्य पर कार्रवाई और व्यवस्था में सुधार नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।4
- पढ़ाई के दबाव ने बिगाड़ी मानसिक हालत परिवार कर्ज में डूबा.? #shorts #shortvideo #ranchi #short #news1
- सिसई : सिसई में जेएलकेएम का संगठन विस्तार तेज, जितेंद्र भगत बने प्रखंड अध्यक्ष ; भ्रष्टाचार और अपराध के खिलाफ आंदोलन का किया ऐलान प्रखंड स्तरीय पुनर्गठन में पार्टी ने संगठन को पंचायत स्तर तक मजबूत करने की बनाई रणनीति, कार्यकर्ताओं ने उठाए जनसमस्याओं के मुद्दे सिसई (गुमला)। झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेएलकेएम) ने संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए गुरुवार को सिसई कॉलेज रोड स्थित ऐम कोचिंग सेंटर सभागार में प्रखंड स्तरीय पार्टी विस्तार एवं कमिटी पुनर्गठन को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की। बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष अनूप फ्रांसिस कुजूर ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में पार्टी के दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल अध्यक्ष कृष्णा चीक बड़ाईक उपस्थित रहे। बैठक में कार्यकर्ताओं ने क्षेत्र में बढ़ते भ्रष्टाचार, अपराध और विभिन्न जनसमस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रखंड कार्यालय, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग सहित कई सरकारी विभागों में बिचौलियों का बोलबाला है, जिसके कारण आम जनता और किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कार्यकर्ताओं ने कहा कि बिना रिश्वत के कई सरकारी कार्य नहीं हो रहे हैं और इस व्यवस्था को समाप्त करने के लिए पार्टी को निर्णायक पहल करनी चाहिए। मुख्य अतिथि कृष्णा चीक बड़ाईक ने कहा कि जेएलकेएम का गठन ही भ्रष्टाचार और अपराध के खिलाफ जनआंदोलन खड़ा करने के उद्देश्य से हुआ है। उन्होंने कहा कि पार्टी झारखंड को भ्रष्टाचारमुक्त और अपराधमुक्त राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि प्रत्येक नागरिक भयमुक्त वातावरण में अपना जीवन जी सके। उन्होंने बताया कि पार्टी राज्य के 21 जिलों के सभी प्रखंडों और पंचायतों में संगठन का विस्तार कर रही है। अधिक से अधिक लोगों को पार्टी से जोड़कर सक्रिय सदस्य बनाया जा रहा है और संगठन को मजबूत करने के लिए विभिन्न स्तरों पर कमिटियों का पुनर्गठन किया जा रहा है। बैठक के दौरान सर्वसम्मति से जितेंद्र भगत को जेएलकेएम सिसई प्रखंड का नया अध्यक्ष मनोनीत किया गया। अपने संबोधन में नवनियुक्त अध्यक्ष ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि वे संगठन को मजबूत करने के साथ-साथ क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं के समाधान के लिए पूरी निष्ठा और ईमानदारी से कार्य करेंगे। बैठक में प्रखंड कमिटी का भी विस्तार किया गया। गोबर्धन महली को वरीय प्रखंड उपाध्यक्ष, नारायण बारला को महासचिव, पारस साहु एवं सुजीत साहु को उपाध्यक्ष, रितेश महतो एवं बिगन राय को सचिव, विकास कुमार साहु को कोषाध्यक्ष, समीर उरांव को प्रवक्ता तथा बाबूलाल साहु एवं मदन साहु को मीडिया प्रभारी की जिम्मेदारी सौंपी गई। इसके अलावा दस अन्य कार्यकर्ताओं को कार्यकारिणी सदस्य बनाया गया। सभी नवमनोनीत पदाधिकारियों ने संगठन को मजबूत बनाने और जनता की समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। बैठक में वरीय जिला उपाध्यक्ष सूरज सिंह, सिलास बाड़ा, महासचिव विनय कुमार साहु (बंटी), जिला उपाध्यक्ष अनिल साहु, जिला सचिव मन्ना साहु, मीडिया प्रभारी राजेश साहु, समाजसेवी श्यामसुंदर महतो, रजकु साहु सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।4
- चेहलुम मेला के दौरान आयोजित हुआ नुमाइसी इनामी प्रतियोगित एसपी ने दिया सौहार्द का संदेश उक्त कार्यक्रम लोहरदगा जिले के सेन्हा प्रखंड अंतर्गत भडगांव पंचायत गांव में भडगांव एवं कल्हेपाट अंजुमन इस्लामिया के तत्वधान में आयोजन समिति के द्वारा आयोजित हुआ जहां 22 अखाड़ा नुमाइसी प्रतियोगिता में भाग ले अपने बेहतर कला का प्रदर्शन किया।1
- बेरोजगार युवाओं के लिए बड़ी खबर लोहरदगा जिला में SIS) इंडिया लिमिटेड द्वारा भारत सरकार की ELI योजना के तहत स्थायी रोजगार पाने का बेहतरीन अवसर प्रस्तुत किया जा रहा है लोहरदगा जिले के शिक्षित युवाओं और प्रवासियों के लिए सिक्योरिटी स्किल काउंसिल ऑफ इंडिया तथा सिक्योरिटी इंटेलिजेंस सर्विस (SIS) इंडिया लिमिटेड द्वारा भारत सरकार की ELI योजना के तहत स्थायी रोजगार पाने का बेहतरीन अवसर प्रस्तुत किया जा रहा है1
- SIR को लेकर बीडीओ मनोज कुमार तिवारी ने कर्मियों के साथ की बैठक लातेहार: सदर प्रखंड कार्यालय में गुरुवार को SIR को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता बीडीओ मनोज कुमार तिवारी ने की। इस दौरान उन्होंने SIR से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश एवं महत्वपूर्ण जानकारियां कर्मियों के साथ साझा कीं। उन्होंने सभी को निर्धारित मानकों का पालन करते हुए समयबद्ध, पारदर्शी एवं त्रुटिरहित ढंग से कार्यों का निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।1
- नया पुल बना लेकिन रोड जमीन में समा गया.? #shorts #shortvideo #pull #road #pani #gadi #thekedar #news1
- बड़ी खबर एलपीजी उपभोक्ता 16 अगस्त 2026 से पहले अपनी ई-केवाईसी अनिवार्य रूप से पूरी करा लें। लोहरदगा जिले के सभी एलपीजी उपभोक्ता 16 अगस्त 2026 से पहले अपनी ई-केवाईसी अनिवार्य रूप से पूरी करा लें।1
- गारू थाना क्षेत्र अंतर्गत गोताग ग्राम में ग्रामीणों के बीच चलाया गया जागरूकता कार्यक्रम गुरुवार की दोपहर 1:00 बजे । इस मौके पर स्थानीय मुखिया ग्राम प्रधान सहित दर्जनों की संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को डायन प्रथा बाल विवाह बाल मजदूरी शिक्षा को बढ़ावा देने एवं शराब के दुष्प्रभाव इत्यादि की जानकारी देकर जागरूक किया गया। साथ ही ग्रामीणों की आम समस्या से उपस्थित पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि अवगत हुए।1