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लखीमपुर खीरी के जंग बहादुर गंज स्थित रेलवे लाइन पार के मोहल्ले में विकास कार्यों की घोर उपेक्षा का आरोप लगाया गया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, उनके मोहल्ले की गलियों में पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था न होने के कारण खड़ज़े पर पानी भरा रहता है। शिकायत है कि नालियों का निर्माण भी सही ढंग से नहीं किया गया है, जिससे क्षेत्र में जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है।
Mohit Saxena
लखीमपुर खीरी के जंग बहादुर गंज स्थित रेलवे लाइन पार के मोहल्ले में विकास कार्यों की घोर उपेक्षा का आरोप लगाया गया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, उनके मोहल्ले की गलियों में पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था न होने के कारण खड़ज़े पर पानी भरा रहता है। शिकायत है कि नालियों का निर्माण भी सही ढंग से नहीं किया गया है, जिससे क्षेत्र में जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है।
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- लखीमपुर खीरी के जंग बहादुर गंज स्थित रेलवे लाइन पार के मोहल्ले में विकास कार्यों की घोर उपेक्षा का आरोप लगाया गया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, उनके मोहल्ले की गलियों में पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था न होने के कारण खड़ज़े पर पानी भरा रहता है। शिकायत है कि नालियों का निर्माण भी सही ढंग से नहीं किया गया है, जिससे क्षेत्र में जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है।2
- आगामी विधानसभा चुनाव 2027 के लिए गंगोलीहाट विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक हलचल तेज़ हो गई है, जहाँ वरिष्ठ भाजपा नेता और पूर्व ग्राम प्रधान विजय चंद्र ने इस सीट से अपनी प्रबल दावेदारी पेश की है। गंगोलीहाट स्थित अपने निजी कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में, विजय चंद्र ने अपनी लंबी राजनीतिक सेवा और पारिवारिक विरासत का उल्लेख करते हुए पार्टी आलाकमान से टिकट की मांग की। एक पूर्व सैनिक के पुत्र, उन्होंने बताया कि उन्होंने 1996 में जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़कर राजनीतिक सफर शुरू किया था और तब से युवा मोर्चा सहित पार्टी के विभिन्न पदों पर सक्रिय रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि लगातार जनसंपर्क अभियानों में उन्हें जनता का भरपूर समर्थन मिल रहा है, जो उनकी प्रबल दावेदारी का आधार है। विजय चंद्र ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में गंगोलीहाट विधानसभा क्षेत्र में हो रहे ऐतिहासिक विकास कार्यों की सराहना की। उन्होंने बताया कि विधानसभा क्षेत्र में लगभग 60 नई सड़कों का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जिनमें से आधी से अधिक सड़कें बनकर तैयार हो चुकी हैं। इसके अतिरिक्त, हाईटेक बस अड्डे का निर्माण और पर्यटकों के लिए आधुनिक पार्किंग की व्यवस्था भी की जा रही है। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में डिग्री कॉलेज के निर्माण को मुख्यमंत्री की एक ऐतिहासिक सौगात बताया। साथ ही, मानसखंड मंदिर माला मिशन के तहत माँ हाट कालिका मंदिर, पाताल भुवनेश्वर और माँ कोटगाड़ी मंदिर के सौंदर्यीकरण का कार्य तेज़ी से जारी है, जिससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने 'हर घर नल योजना' के तहत विधानसभा क्षेत्र में पाइपलाइन बिछाने के काम को स्थानीय किसानों के लिए वरदान बताया। विजय चंद्र ने अपनी प्राथमिकताएं भी बताईं, यदि उन्हें पार्टी का आशीर्वाद और जनता का सहयोग मिलता है। उन्होंने कहा कि वे क्षेत्र के ज्वलंत मुद्दों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करेंगे और गंगोलीहाट को विकास के मामले में एक मॉडल विधानसभा बनाएंगे। उनकी प्राथमिकताओं में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, बिजली और पानी की व्यवस्था को सुदृढ़ करना, क्षेत्र से पलायन रोकना, युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोज़गार से जोड़ना, तथा स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को स्वरोज़गार और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना शामिल है। भविष्य की रणनीति और अन्य दावेदारों के सवालों पर उन्होंने स्पष्ट कहा कि पार्टी में हर पदाधिकारी और कार्यकर्ता को दावेदारी का लोकतांत्रिक अधिकार है। उन्होंने खुद को पार्टी का सच्चा सिपाही बताते हुए कहा कि यदि पार्टी आलाकमान उनके बजाय किसी अन्य प्रत्याशी को टिकट देती है, तो भी वे संगठन के फैसले का सम्मान करेंगे और ऐसा कोई कदम नहीं उठाएंगे जिससे भारतीय जनता पार्टी को नुकसान पहुंचे। उन्होंने दोहराया कि उनकी प्राथमिकता सदैव कमल का फूल ही रहेगा, और वे पार्टी में रहकर आजीवन सेवा करते रहेंगे।1
- बेंगलुरु में आयोजित NEET-UG 2026 की री-एग्जाम के दौरान शहर में उत्पन्न हुई भीषण ट्रैफिक जाम की स्थिति पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि कांग्रेस की एक विशाल रैली के कारण कई प्रमुख मार्गों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ, जिससे परीक्षा में शामिल होने जा रहे छात्रों और उनके अभिभावकों को गंभीर असुविधा का सामना करना पड़ा। इस अव्यवस्था के चलते कुछ अभ्यर्थियों के परीक्षा केंद्र तक समय पर न पहुंच पाने के दावे भी सामने आए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में कई अभिभावकों ने अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि राजनीतिक आयोजनों की वजह से छात्रों के भविष्य को दांव पर नहीं लगाया जाना चाहिए। रिपोर्टों के अनुसार, बेंगलुरु के पैलेस ग्राउंड में कांग्रेस के कार्यक्रम के कारण शहर के कई इलाकों में ट्रैफिक का भारी दबाव बढ़ गया। इस मामले को लेकर भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कांग्रेस पर सीधा निशाना साधा है, जबकि कांग्रेस के नेताओं ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि परीक्षा के प्रभावित होने के पीछे अन्य कारण भी हो सकते हैं। इस घटना ने एक बार फिर यह अहम सवाल खड़ा कर दिया है कि राष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण परीक्षाओं के दौरान प्रशासन और राजनीतिक दलों को बेहतर समन्वय सुनिश्चित करना चाहिए। जैसा कि कहा गया है, "छात्रों का भविष्य राजनीति से ऊपर है। परीक्षा के दिनों में किसी भी तरह के बड़े आयोजन से बचना सभी दलों और प्रशासन की जिम्मेदारी है।" यह आवश्यक है ताकि छात्रों को किसी भी प्रकार की अनावश्यक असुविधा का सामना न करना पड़े।1
- आरोग्य भारती लखीमपुर द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर लखीमपुर खीरी के पवित्र देवकली तीर्थ स्थित श्रीमती चंद्रकला आश्रम में एक भव्य सामूहिक योगाभ्यास का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम प्राकृतिक छटा के बीच संपन्न हुआ। इस आयोजन का शुभारंभ मुख्य अतिथि राष्ट्रीय चित्रकार व ज्योतिष गुरु अरविंद ओझा, विशिष्ट अतिथि आचार्य प्रमोद दीक्षित, विश्व हिंदू परिषद के कार्यकारी अध्यक्ष मनोज पांडे और योग गुरु अकेश जी द्वारा भगवान धन्वंतरि के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। मुख्य अतिथि अरविंद ओझा ने इस अवसर पर जीवन में योग के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। सामूहिक योगाभ्यास सत्र में अंगचालन और प्राणायाम के साथ-साथ विशेष रूप से सूर्य नमस्कार का अभ्यास कराया गया। इस कार्यक्रम में प्रांतीय उपाध्यक्ष आरोग्य भारती डॉ. अश्वनी गुप्ता, विभाग संयोजक डॉ. दिलबाग सिंह रंधावा, डॉ. अमित विश्वकर्मा, सुरेश कुमार, आश्रम परिवार के छात्र, आचार्य और गांव के ग्रामीण सहित लगभग 200 लोग सम्मिलित हुए।2
- सोमवार को दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन पर सराय काले खां स्टेशन के पास एक अनोखी घटना हुई, जब मेट्रो कोच में अचानक एक बंदर घुस आया। मेट्रो के दरवाजे खुलते ही ‘कपिराज’ ने कोच में प्रवेश किया, जिससे यात्री पहले तो डर गए। हालांकि, बंदर ने किसी को नुकसान नहीं पहुंचाया और देखते ही देखते कोच में उधम-मस्ती करने लगा। वीडियो में साफ दिख रहा है कि बंदर कभी यात्रियों के कंधे पर चढ़ रहा था, तो कभी उनकी गोदी में बैठ रहा था। सबसे दिलचस्प नजारा तो तब था, जब 'कपिराज' मेट्रो की खिड़की पर बैठकर बाहर के दृश्यों का आनंद लेने लगा, मानो वह भी दिल्ली घूमने निकला हो। शुरुआत में डर के मारे यात्रियों ने मोबाइल निकाले, लेकिन बंदर की इन शरारतों को देखकर सभी हंस पड़े। कई लोगों ने इस घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया, जो अब तेज़ी से वायरल हो रहा है। लोग इस अनोखे यात्री को 'दिल्ली मेट्रो का नया यात्री' कहकर संबोधित कर रहे हैं।1
- औरंगाबाद ग्राम पंचायत में मौजूदा स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठाए गए हैं, जहाँ गलियों में पानी बह रहा है और चारों ओर कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पंचायती दावे सिर्फ वादों तक ही सीमित हैं। ग्राउंड पर न तो कोई सफाई होती है और न ही लोगों की शिकायतों की कोई सुनवाई की जाती है। इस प्रकार की स्थिति से औरंगाबाद ग्राम पंचायत की कार्यप्रणाली और उसकी कमाई पर सवाल खड़े होते हैं।1
- मोहम्मदी खीरी के मोहल्ला सरैया से बड़े ही हकीदत और सम्मान के साथ एक आलम और ताजिया जुलूस निकाला गया।1
- लखीमपुर जिले के पसगवां ब्लॉक के अंतर्गत आने वाली औरंगाबाद ग्राम पंचायत में, प्राइमरी स्कूल के निकट कूड़े का ढेर लगा रहता है और नालियां बजबजाती रहती हैं। इस क्षेत्र में कोई भी सफाई कर्मचारी नहीं आता, जिसके कारण गंदगी का अंबार लगा रहता है। इस गंभीर समस्या को लेकर कई बार जन सुनवाई पोर्टल पर शिकायतें दर्ज कराई गईं। हालांकि, इन शिकायतों पर केवल फर्जी निस्तारण कर दिया जाता है, जिससे जमीनी हकीकत में कोई बदलाव नहीं आता। शिकायतकर्ताओं को यह भी बताया गया कि कूड़े के ढेर वाली जगह किसी का निजी प्लॉट है, जबकि जन सूचना अधिकार (RTI) के अंतर्गत यह स्पष्ट किया गया है कि यह जमीन दरअसल स्कूल की ही है। ग्राम पंचायत में सफाई कर्मचारियों समेत संबंधित सभी कर्मी लगातार अनुपस्थित रहते हैं, जिसके कारण यह स्थिति बनी हुई है।1