शाहजहांपुर के जलालाबाद नगर पालिका परिषद के बाबू नितिन शर्मा रिश्वतखोरी के आरोपों के चलते एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को लेकर नगर क्षेत्र में व्यापक चर्चा है, जिसमें स्थानीय लोग नितिन शर्मा की भाषा और कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं। आरोप लगाने वालों का कहना है कि एक वीडियो में संविदाकर्मी नितेश कटियार के प्रति प्रयोग किए गए शब्द नितिन शर्मा के दफ़्तर में उनके व्यवहार की झलक दिखाते हैं। लोगों का दावा है कि नितेश कटियार एक मेहनती और जनहित के कार्यों में सक्रिय कर्मचारी थे, जो अपने सहयोगियों और आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा तत्पर रहते थे। इसके अतिरिक्त, हाल ही में एक और कथित वीडियो सामने आया है, जिसमें नितिन शर्मा पर बिना रसीद पैसे लेने के आरोप लगाए जा रहे हैं। इन वीडियो के वायरल होने के बाद नगरवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है और वे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का मत है कि यदि पहले वायरल हुए वीडियो पर ही प्रशासन द्वारा गंभीरता से जांच और कार्रवाई की गई होती, तो शायद आज यह स्थिति उत्पन्न न होती। लगातार सामने आ रहे इन वीडियो और आरोपों के बीच, लोग नगर पालिका प्रशासन से सवाल पूछ रहे हैं कि अब तक कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया गया है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। फिलहाल, नगरवासियों की निगाहें प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।
शाहजहांपुर के जलालाबाद नगर पालिका परिषद के बाबू नितिन शर्मा रिश्वतखोरी के आरोपों के चलते एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को लेकर नगर क्षेत्र में व्यापक चर्चा है, जिसमें स्थानीय लोग नितिन शर्मा की भाषा और कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं। आरोप लगाने वालों का कहना है कि एक वीडियो में संविदाकर्मी नितेश कटियार के प्रति प्रयोग किए गए शब्द नितिन शर्मा के दफ़्तर में उनके व्यवहार की झलक दिखाते हैं। लोगों का दावा है कि नितेश कटियार एक मेहनती और जनहित के कार्यों में सक्रिय कर्मचारी थे, जो अपने सहयोगियों और आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा तत्पर रहते थे। इसके अतिरिक्त, हाल ही में एक और कथित वीडियो सामने आया है, जिसमें नितिन शर्मा पर बिना रसीद पैसे लेने के आरोप लगाए जा रहे हैं। इन वीडियो के वायरल होने के बाद नगरवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है और वे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का मत है कि यदि पहले वायरल हुए वीडियो पर ही प्रशासन द्वारा गंभीरता से जांच और कार्रवाई की गई होती, तो शायद आज यह स्थिति उत्पन्न न होती। लगातार सामने आ रहे इन वीडियो और आरोपों के बीच, लोग नगर पालिका प्रशासन से सवाल पूछ रहे हैं कि अब तक कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया गया है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। फिलहाल, नगरवासियों की निगाहें प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।
- शाहजहांपुर के जलालाबाद नगर पालिका परिषद के बाबू नितिन शर्मा रिश्वतखोरी के आरोपों के चलते एक बार फिर विवादों में आ गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को लेकर नगर क्षेत्र में व्यापक चर्चा है, जिसमें स्थानीय लोग नितिन शर्मा की भाषा और कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं। आरोप लगाने वालों का कहना है कि एक वीडियो में संविदाकर्मी नितेश कटियार के प्रति प्रयोग किए गए शब्द नितिन शर्मा के दफ़्तर में उनके व्यवहार की झलक दिखाते हैं। लोगों का दावा है कि नितेश कटियार एक मेहनती और जनहित के कार्यों में सक्रिय कर्मचारी थे, जो अपने सहयोगियों और आम जनता की समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा तत्पर रहते थे। इसके अतिरिक्त, हाल ही में एक और कथित वीडियो सामने आया है, जिसमें नितिन शर्मा पर बिना रसीद पैसे लेने के आरोप लगाए जा रहे हैं। इन वीडियो के वायरल होने के बाद नगरवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है और वे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का मत है कि यदि पहले वायरल हुए वीडियो पर ही प्रशासन द्वारा गंभीरता से जांच और कार्रवाई की गई होती, तो शायद आज यह स्थिति उत्पन्न न होती। लगातार सामने आ रहे इन वीडियो और आरोपों के बीच, लोग नगर पालिका प्रशासन से सवाल पूछ रहे हैं कि अब तक कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया गया है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। फिलहाल, नगरवासियों की निगाहें प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।1
- Post by संपादक गौरी शंकर त्रिवेदी1
- शाहजहांपुर के थाना खुटार क्षेत्र में एक वर्षीय बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म की घटना में वांछित अभियुक्त को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया है। इस संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण महोदया ने जानकारी दी।1
- दिनांक 09/10.06.2026 की रात्रि लगभग 12 बजे गंगा एक्सप्रेसवे के किलोमीटर संख्या 289 पर एक सड़क दुर्घटना हुई। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस बल मौके पर पहुंचा और घटनास्थल का निरीक्षण किया। जांच में पता चला कि शंकरगंज, जनपद अमेठी से दिल्ली स्थित आनंद विहार की ओर जा रही बस (संख्या BR 06RA 5115) दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में जनपद अमेठी के रानीगंज बाजार निवासी शहर पत्नी नासिर (लगभग 32 वर्ष) की चिकित्सकों द्वारा चिकित्सालय में मृत घोषित कर दिया गया, जबकि वह स्वयं गंभीर रूप से घायल हुई थीं। उनके साथ तीन अन्य लोग भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनमें जनपद रायबरेली के प्रतापपुर निवासी जयेंद्र पुत्र भारत सिंह (करीब 32 वर्ष), रानीगंज बाजार, अमेठी निवासी आसमो बानो पत्नी स्वर्गीय मो. नाजिम (करीब 45 वर्ष) और मो. नासिर पुत्र मो. नाजिम (करीब 35 वर्ष) शामिल हैं। घायलों को उपचार के लिए चिकित्सालय भेजा गया। मृतका के परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है, और शव को नियमानुसार कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्यवाही पूरी कर पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेजा गया है। यातायात व्यवस्था वर्तमान में सुचारु रूप से जारी है। यह जानकारी क्षेत्राधिकारी हरपालपुर द्वारा दी गई है।1
- नेशनल हाईवे-30 पर तिलहर बायपास चौराहे से लेकर घासीराम हॉस्पिटल तक का क्षेत्र अब आम जनता के लिए एक गंभीर खतरे का विषय बन गया है। यह सड़क, जिसे क्षेत्र के विकास और सुगम यातायात का माध्यम बनना चाहिए था, आज अव्यवस्था, लापरवाही और प्रशासनिक उदासीनता का प्रतीक है, जहाँ प्रतिदिन हजारों लोगों की सुरक्षा भगवान भरोसे है। इस मार्ग पर बनी सर्विस लेन की व्यवस्था बेहद असंगठित है, जो बायपास चौराहे से फ्लाईओवर समाप्त होते ही अचानक खत्म हो जाती है, फिर डायमंड होटल के पास दिखती है और घासीराम हॉस्पिटल के पास फिर से समाप्त हो जाती है। यह अनियमितता पैदल राहगीरों, साइकिल चालकों और बाइक सवारों के लिए लगातार असमंजस और दुर्घटना का कारण बन रही है। विशेषकर कल्लू ढाबा के सामने की स्थिति सबसे भयावह है, जहाँ सर्विस लेन खत्म होते ही वाहन अचानक हाईवे पर प्रवेश करते हैं, जबकि फ्लाईओवर से उतरने वाले वाहन अत्यधिक तेज गति में होते हैं, जिससे हर समय बड़े टकराव का खतरा बना रहता है। स्थिति तब और गंभीर हो जाती है जब कल्लू ढाबा के सामने बड़ी संख्या में निजी बसें और अन्य वाहन सीधे हाईवे पर यात्रियों को बैठाने या उतारने के लिए खड़े हो जाते हैं। इससे राष्ट्रीय राजमार्ग का एक हिस्सा धीरे-धीरे पार्किंग स्थल में बदल जाता है, जिससे यातायात बाधित होता है और दुर्घटना की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। रात के समय यह समस्या और भी विकराल रूप ले लेती है, जहाँ दिनभर की मेहनत के बाद घर लौटने वाले लोगों को हर पल अपनी जान का खतरा महसूस होता है। वाहनों की भीड़, तेज रफ्तार और अंधेरे में छोटी सी चूक भी जानलेवा साबित हो सकती है। इसके अतिरिक्त, राहगीरों को सड़क किनारे खड़े वाहनों और बसों से फेंके जाने वाले पान मसाले की पीक, प्लास्टिक की बोतलें और कचरे से भी बचना पड़ता है, जो गंदगी फैलाने के साथ-साथ आम नागरिकों की गरिमा और सुविधा को भी प्रभावित करता है। सबसे चिंताजनक प्रश्न यह है कि प्रशासन इस स्थिति पर क्या कर रहा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि संबंधित विभागों के अधिकारी और जनप्रतिनिधि इस समस्या को क्यों नहीं देख पा रहे, जो बायपास चौराहे से कुछ ही दूरी पर लंबे समय से बनी हुई है। जनता की सुरक्षा के प्रति यह गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। स्थानीय नागरिक इस पूरे क्षेत्र के तत्काल निरीक्षण, व्यवस्थित और निरंतर सर्विस लेन, स्पष्ट संकेतक, अवैध पार्किंग पर सख्त कार्रवाई, नियमित यातायात पुलिस की तैनाती, तथा फ्लाईओवर और सर्विस लेन के मिलन बिंदुओं पर सुरक्षा बैरियर, चेतावनी संकेत और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की मांग कर रहे हैं। यह केवल सड़क की समस्या नहीं, बल्कि हजारों लोगों की सुरक्षा, जीवन और भविष्य से जुड़ा विषय है। तिलहर की जनता पूछ रही है कि आखिर प्रशासन कितनी और जानों के जाने का इंतजार कर रहा है? अब समय आ गया है कि इस समस्या को केवल चर्चा का विषय न बनाकर समाधान का विषय बनाया जाए, क्योंकि जब जनता जागती है और एकजुट होकर अपनी बात रखती है, तभी व्यवस्था को बदलने के लिए मजबूर होना पड़ता है। तिलहर की जनता सुरक्षित सड़कें, व्यवस्था और समाधान चाहती है, केवल आश्वासन नहीं।1
- हरदोई जिले के भरखनी में लगभग 20 साल पुराना खड़ंजा अब ग्रामीणों के लिए एक बड़ी मुसीबत बन गया है। इस पुराने खड़ंजे के कारण आए दिन ग्रामीण गिरकर चोटिल हो रहे हैं, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।1
- मिर्जापुर विकास खंड के पहरुआ गांव स्थित कछुए वाले तालाब के सौंदर्यीकरण कार्य का शुभारंभ मंगलवार को कर दिया गया है। लोक भारती के सदस्य आलोक कुमार मिश्रा ने फीता काटकर इस कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इस संबंध में ब्लॉक प्रमुख प्रियांशु रघुवंशी ने बुधवार सुबह 8 बजे जानकारी दी, जिसमें बताया गया कि सौंदर्यीकरण का यह कार्य पूरा होने तक निरंतर जारी रहेगा। इस परियोजना के तहत पहरुआ गांव के कछुए वाले तालाब में भारी संख्या में कछुए भी छोड़े जाएंगे।1
- शाहजहांपुर के मिर्जापुर थाना क्षेत्र स्थित ग्राम मंशानगला निवासी सुनीता देवी ने जलालाबाद के क्षेत्राधिकारी को मंगलवार सुबह 11 बजे एक प्रार्थना पत्र दिया है। इसमें उन्होंने गांव के कुछ लोगों पर मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। सुनीता देवी के अनुसार, वह अपने पति जयपाल महात्मा के साथ एक आश्रम में रहती हैं। पीड़िता का आरोप है कि पड़ोसी उनके आश्रम के सामने गंदा पानी बहाते हैं। इस बात का विरोध करने पर 6 जून को आरोपियों ने उन पर और उनके पति जयपाल महात्मा पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया, जिससे दोनों पति-पत्नी घायल हो गए। सुनीता देवी ने यह भी बताया कि इस मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें महात्मा को ग्रामीणों द्वारा बुरी तरह पीटा जा रहा है। सुनीता देवी ने शिकायत की है कि इतनी गंभीर घटना के बावजूद थाना पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की है। उन्होंने यह भी बताया कि आरोपी दोबारा जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पीड़िता ने मामले में रिपोर्ट दर्ज कर दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की है।1