मढ़ी मंदिर के पास आयुर्वेदिक अस्पताल निर्माण शुरू, प्रस्ताव पास न होने पर फिर अटका मामला Aks@Tkd News संवाददाता, ठाकुरद्वारा। नगर में लंबे समय से प्रस्तावित आयुर्वेदिक अस्पताल का निर्माण एक बार फिर शुरू तो हुआ, लेकिन प्रशासनिक प्रक्रिया अधूरी रहने के कारण इस पर फिर से अनिश्चितता के बादल मंडराने लगे हैं। यह निर्माण कार्य ग्राम समाज फतेहउल्लागंज की गाटा संख्या 612 पर शुरू किया गया था, जिसे नगर पालिका के मौखिक निर्देश पर रुकवा दिया गया। निर्माण कार्य देख रहे ठेकेदार मेहकार सिंह के अनुसार उन्हें कोई लिखित आदेश नहीं दिया गया, बल्कि मौखिक रूप से काम रोकने को कहा गया। उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर डॉक्टर धर्मेंद्र सिंह अपने वरिष्ठ चिकित्सक के साथ मंगलवार को जिलाधिकारी से मुलाकात कर सकते हैं। वहीं नगर पालिका परिषद की अधिशासी अधिकारी रजनी सिंह ने स्पष्ट किया कि इस निर्माण कार्य को लेकर न तो कोई प्रस्ताव बोर्ड में पारित हुआ है और न ही पालिका की ओर से कोई आधिकारिक अनुमति दी गई है। गौरतलब है कि इससे पहले गाटा संख्या 595 पर अस्पताल निर्माण की योजना बनाई गई थी, लेकिन उक्त भूमि को श्री शिव मढ़ी मंदिर सेवा ट्रस्ट ने मंदिर की संपत्ति बताते हुए विरोध किया था। मामला बढ़कर शासन स्तर तक पहुंचा, जिसके बाद प्रभारी मंत्री के हस्तक्षेप और जिलाधिकारी के निर्देश पर उस स्थान पर निर्माण रोक दिया गया था। बाद में प्रशासन ने अस्पताल के लिए नई भूमि की तलाश कर गाटा संख्या 612 का चयन किया। उपजिलाधिकारी प्रीति सिंह के निर्देश पर लेखपाल हिमांशु कुमार ने करीब 450 वर्ग मीटर भूमि की पैमाइश भी कराई। हालांकि, नगर पालिका द्वारा इस संबंध में आवश्यक प्रस्ताव पारित न किए जाने से प्रक्रिया अधूरी रह गई है, जिससे निर्माण कार्य फिर से अटकने की आशंका है। वर्तमान में आयुर्वेदिक अस्पताल नगर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर के एक छोटे हिस्से में संचालित हो रहा है। श्री शिव मढ़ी मंदिर सेवा ट्रस्ट के पदाधिकारियों—अभिषेक अग्रवाल, अनुराग सिंघल, आशीष अग्रवाल और संजय सिंघल—ने उम्मीद जताई है कि शेष औपचारिकताएं जल्द पूरी होंगी और अस्पताल निर्माण कार्य दोबारा शुरू होकर जनता को इसका लाभ मिल सकेगा।
मढ़ी मंदिर के पास आयुर्वेदिक अस्पताल निर्माण शुरू, प्रस्ताव पास न होने पर फिर अटका मामला Aks@Tkd News संवाददाता, ठाकुरद्वारा। नगर में लंबे समय से प्रस्तावित आयुर्वेदिक अस्पताल का निर्माण एक बार फिर शुरू तो हुआ, लेकिन प्रशासनिक प्रक्रिया अधूरी रहने के कारण इस पर फिर से अनिश्चितता के बादल मंडराने लगे हैं। यह निर्माण कार्य ग्राम समाज फतेहउल्लागंज की गाटा संख्या 612 पर शुरू किया गया था, जिसे नगर पालिका के मौखिक निर्देश पर रुकवा दिया गया। निर्माण कार्य देख रहे ठेकेदार मेहकार सिंह के अनुसार उन्हें कोई लिखित आदेश नहीं दिया गया, बल्कि मौखिक रूप से काम रोकने को कहा गया। उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर डॉक्टर धर्मेंद्र सिंह अपने वरिष्ठ चिकित्सक के साथ मंगलवार को जिलाधिकारी से मुलाकात कर सकते हैं। वहीं नगर पालिका परिषद की अधिशासी अधिकारी रजनी सिंह ने स्पष्ट किया कि इस निर्माण कार्य को लेकर न तो कोई प्रस्ताव बोर्ड में पारित हुआ है और न ही पालिका की ओर से कोई आधिकारिक अनुमति दी गई है। गौरतलब है कि इससे पहले गाटा संख्या 595 पर अस्पताल
निर्माण की योजना बनाई गई थी, लेकिन उक्त भूमि को श्री शिव मढ़ी मंदिर सेवा ट्रस्ट ने मंदिर की संपत्ति बताते हुए विरोध किया था। मामला बढ़कर शासन स्तर तक पहुंचा, जिसके बाद प्रभारी मंत्री के हस्तक्षेप और जिलाधिकारी के निर्देश पर उस स्थान पर निर्माण रोक दिया गया था। बाद में प्रशासन ने अस्पताल के लिए नई भूमि की तलाश कर गाटा संख्या 612 का चयन किया। उपजिलाधिकारी प्रीति सिंह के निर्देश पर लेखपाल हिमांशु कुमार ने करीब 450 वर्ग मीटर भूमि की पैमाइश भी कराई। हालांकि, नगर पालिका द्वारा इस संबंध में आवश्यक प्रस्ताव पारित न किए जाने से प्रक्रिया अधूरी रह गई है, जिससे निर्माण कार्य फिर से अटकने की आशंका है। वर्तमान में आयुर्वेदिक अस्पताल नगर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर के एक छोटे हिस्से में संचालित हो रहा है। श्री शिव मढ़ी मंदिर सेवा ट्रस्ट के पदाधिकारियों—अभिषेक अग्रवाल, अनुराग सिंघल, आशीष अग्रवाल और संजय सिंघल—ने उम्मीद जताई है कि शेष औपचारिकताएं जल्द पूरी होंगी और अस्पताल निर्माण कार्य दोबारा शुरू होकर जनता को इसका लाभ मिल सकेगा।
- बिजनौर जिले के कस्बा शेरकोट के मोहल्ला शेखान निवासी नजाकत के 21 वर्षीय पुत्र मोहम्मद कैफ की धामपुर मे नूरपुर रोड स्तिथ नींदड़ू पेट्रोल पंप के पास बाइको की टक्कर मे दर्दनाक मौत हो गई। जबकी इस हादसे मे कई अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गए जिन्हे आनन फानन मे सरकारी अस्पताल मे भर्ती कराया गया है। मृतक कैफ बेहद खुश मिजाज और मिलनसार युवक था उसकी मौत से परिवार मे कोहराम मच गया और मोहल्ले मे शोक की लहर दौड़ गई। हादसे की सूचना मिलने पर परिवार के लोग घटना स्थल पर पहुंचे और चीख पुकार मच गई। बताया जा रहा है कि मृतक कैफ अपने मां-बाप का इकलौता बेटा था उसको भी गौद लिया गया था। इस का1
- धामपुर-नूरपुर मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, एक युवक की मौत, दो गंभीर1
- 🚨 ब्रेकिंग न्यूज़ | बिजनौर 🚨 बिजनौर में समाजवादी पार्टी के PDA सदभावना सम्मेलन के बाद मुरादाबाद से सपा सांसद रूचि वीरा ने तालिब-खालिद बंधु प्रकरण को लेकर बड़ा बयान दिया है। “तालिब खालिद बंधुओं के साथ अन्याय और अत्याचार हो रहा है। अगर कागज़ों में कोई कमी है तो उसकी जांच अधिकारी करेंगे या नेता।1
- थाना डिडौली पुलिस द्वारा पुलिस मुठभेड़ में दो गौकश अभियुक्त गिरफ्तार एक घायल अवैध असलहा व गोकशी के उपकरण बरामद, दो गोवंश सुरक्षित बरामद के संबध में अपर पुलिस अधीक्षक अमरोहा द्वारा दी गयी बाइट।1
- Post by नाजिम हुसैन पत्रकार डिलारी1
- अमरोहा के नेशनल हाईवे-9 पर गांव नारंगपुर के पास सोमवार दोपहर एक भीषण सड़क हादसा हो गया। करीब डेढ़ बजे एक सफेद स्विफ्ट कार और अपाचे बाइक की जोरदार टक्कर हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बाइक कार के पिछले हिस्से से साइड में टकराई, जिससे वह अनियंत्रित होकर दूर जा गिरी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई और तुरंत 1033 पर सूचना दी गई। एंबुलेंस से घायल को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है। हाइवे पेट्रोल टीम और क्रेन ने क्षतिग्रस्त वाहनों को किनारे कर यातायात सुचारु कराया। फिलहाल हादसे के कारणों और घायल की पहचान स्पष्ट नहीं हो सकी है।1
- मुरादाबाद के महिला जिला अस्पताल में नवजात शिशु की मृत्यु के बाद पारिवारिक विवाद बढ़ गया। एक कांस्टेबल ने ससुराल पक्ष पर आरोप लगाए हैं। बताया जा रहा है कि पत्नी पिछले तीन महीनों से मायके में रह रही थी। मामला फिलहाल न्यायालय में विचाराधीन है और दूसरे पक्ष की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।1
- *लोकेशन: मुरादाबाद* *स्लग: बदहाल सड़क से ग्रामीण परेशान, सांसद पर वादाखिलाफी का आरोप* *रिपोर्ट: तनवीर राणा* एंकर: मुरादाबाद के ग्राम पंचायत सुआवाला में बदहाल सड़क को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। स्थानीय लोगों ने नवनिर्वाचित सांसद रुचि वीरा पर चुनाव के दौरान किए गए वादे पूरे न करने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों के अनुसार, सुआवाला से मकसूदाबाद और रफतपुर को जोड़ने वाली मुख्य सड़क काफी समय से जर्जर हालत में पड़ी है। बरसात के दौरान यह सड़क दलदल में तब्दील हो जाती है, जिससे लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है। सड़क की खराब स्थिति का असर बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों पर सबसे ज्यादा पड़ रहा है। स्कूल जाने वाले बच्चों को कीचड़ भरे रास्ते से गुजरना पड़ता है, वहीं मरीजों के लिए एम्बुलेंस तक गांव पहुंचना मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों ने प्रशासन और सांसद से जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि अगर समस्या का जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। फिलहाल, इस मामले में सांसद की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।1