ईंट से कूचकर युवक की हत्या जांच में जुटी नगराम पुलिस राजधानी लखनऊ थाना नगराम इलाके के गुलाल खेड़ा गांव में शुक्रवार सुबह इंदिरा नहर की सड़क के किनारे एक युवक का शव मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान ओमप्रकाश पुत्र राम हरख के रूप में हुई है। वह गुलाल खेड़ा गांव का निवासी था और दैनिक मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करता था। परिवार के अनुसार, ओमप्रकाश गुरुवार की देर रात करीब 8 बजे घर से कुछ दोस्तों से मिलने की बात कहकर निकला था, लेकिन उसके बाद वह घर वापस नहीं लौटा। शुक्रवार सुबह ग्रामीणों ने नहर किनारे शव पड़ा देखा तो गांव में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही नगराम पुलिस तथा एसीपी मोहनलाल गंज मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों ने बताया कि ओमप्रकाश के दो भाई अन्य जनपदों में मजदूरी करते हैं, जबकि उसकी बहन कोमल का विवाह इसी फरवरी महीने में प्रस्तावित था। परिवार वाले अभी तक इस घटना से सदमे में हैं और मौत के कारणों पर संदेह जता रहे हैं। पुलिस ने बताया कि परिजनों से तहरीर प्राप्त होने के बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी। फिलहाल जांच के सिलसिले में अरुण नामक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है, जो गांव में अंडे की दुकान चलाता है। उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत का सटीक कारण स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल यह हत्या है। 👇 रिपोर्ट सद्गुरु प्रसाद रावत
ईंट से कूचकर युवक की हत्या जांच में जुटी नगराम पुलिस राजधानी लखनऊ थाना नगराम इलाके के गुलाल खेड़ा गांव में शुक्रवार सुबह इंदिरा नहर की सड़क के किनारे एक युवक का शव मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान ओमप्रकाश पुत्र राम हरख के रूप में हुई है। वह गुलाल खेड़ा गांव का निवासी था और दैनिक मजदूरी
करके परिवार का पालन-पोषण करता था। परिवार के अनुसार, ओमप्रकाश गुरुवार की देर रात करीब 8 बजे घर से कुछ दोस्तों से मिलने की बात कहकर निकला था, लेकिन उसके बाद वह घर वापस नहीं लौटा। शुक्रवार सुबह ग्रामीणों ने नहर किनारे शव पड़ा देखा तो गांव में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही नगराम पुलिस तथा एसीपी मोहनलाल गंज मौके पर पहुंचे
और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों ने बताया कि ओमप्रकाश के दो भाई अन्य जनपदों में मजदूरी करते हैं, जबकि उसकी बहन कोमल का विवाह इसी फरवरी महीने में प्रस्तावित था। परिवार वाले अभी तक इस घटना से सदमे में हैं और मौत के कारणों पर संदेह जता रहे हैं। पुलिस ने बताया कि परिजनों से तहरीर प्राप्त
होने के बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी। फिलहाल जांच के सिलसिले में अरुण नामक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है, जो गांव में अंडे की दुकान चलाता है। उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत का सटीक कारण स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल यह हत्या है। 👇 रिपोर्ट सद्गुरु प्रसाद रावत
- ब्रेकिंग चौक थाना अंतर्गत पुरानी पुलिस चौकी के सामने बिल्डिग निर्माण के दौरान जमकर हंगामा दो बिल्डर आपस में भिड़े जमकर हुई गाली गलौज2
- Post by Mukhiya pal Bhepta2
- सिस्टम की क्रूरता: पिता की यादों के लिए भटकती एक बेबस बेटी... वायरल वीडियो हरदोई। माधोगंज विकास खंड में कहते हैं कि पिता की छाया सिर से उठ जाए तो पूरी दुनिया पराई हो जाती है, लेकिन उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले से जो खबर आई है, उसने मानवता और सरकारी तंत्र के संवेदनहीन चेहरे को पूरी तरह बेनकाब कर दिया है। यह कहानी मंजू उर्फ अंजलि की है, जो अपनी सिसकियों और पिता की स्मृतियों को लेकर इंसाफ की चौखट पर खड़ी है। मंजू के पिता भीखम अब इस दुनिया में नहीं हैं। एक बेटी के लिए पिता का जाना सबसे बड़ा दुख होता है, लेकिन मंजू को इस दुख को मनाने का समय भी नहीं मिला। वह पिछले चार महीनों से माधोगज ब्लॉक के वा दफ्तरों के चक्कर काट रही थी। उसे कोई खजाना नहीं चाहिए था, उसे चाहिए था बस अपने पिता का 'मृत्यु प्रमाण पत्र'।वह कागज, जो सरकारी फाइलों में उसके पिता के वजूद की आखिरी गवाही देता है, उसे पाने के लिए वह ग्राम पंचायत अधिकारी अनुज के सामने हाथ जोड़ती रही। लेकिन उसे क्या पता था कि सरकारी कुर्सियों पर बैठे कुछ लोगों के दिल पत्थर के हो चुके हैं।बीती 20 जनवरी को मंजू उम्मीद लेकर ब्लॉक पहुंची थी। उसने सोचा था कि शायद इस बार अधिकारी का दिल पसीज जाए। लेकिन आरोप है कि सचिव अनुज ने उसकी लाचारी का मजाक उड़ाया। जब उसने जोर देकर अपने हक की बात की, तो जवाब संवेदना से नहीं, बल्कि जातिसूचक गालियों और हिंसा से मिला। जबकि पीड़िता का सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि"उसने मेरा गला पकड़ा और धक्का दे दिया... मैं जमीन पर गिर पड़ी, लेकिन मेरा दर्द चोट से ज्यादा उस अपमान का था जो भरी सभा में एक बेटी को दिया गया।" मंजू (पीड़िता) इंसाफ की राह में रोड़े यहीं खत्म नहीं हुए। आरोप है कि गाँव के प्रधान, जिन्हें ग्रामीण अपना रक्षक मानते हैं, वही अब मंजू पर सुलह करने और खामोश रहने का दबाव बना रहे हैं। थक-हारकर मंजू ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। उसने सीओ बिलग्राम रवि प्रकाश को पत्र सौंपकर साफ कह दिया है— "अगर मुझे न्याय नहीं मिला, तो मैं मुख्यमंत्री आवास के सामने आत्मदाह कर लूंगी।" सीओ बिलग्राम ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं। लेकिन सवाल वही है- क्या एक बेटी को अपने पिता के अधिकार के लिए अपनी जान की बाजी लगानी पड़ेगी? क्या जाति और पद का अहंकार इतना बड़ा हो गया है कि वह किसी के दुख से भी बड़ा हो जाए?एक पिता की आत्मा और एक बेटी का स्वाभिमान आज हरदोई के गलियारों में इंसाफ मांग रहा है।1
- https://youtu.be/-HkM3i-od-E?si=eJucNfe0mTA2pwvx पूरा विडियो जरूर देखे वरना खाएंगे बहुत बड़ा घाटा3
- ब्रेकिंग न्यूज़ ✍️ लखनऊ खबर थाना मलिहाबाद क्षेत्र में लगातार हो रहा है मिट्टी खनन *मिलीभगत के खेल से बढ़ रहे खनन के मामले* *मलिहाबाद क्षेत्र में बड़े स्तर पर हो रहा मिट्टी का खनन* *मलिहाबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत खनन माफिया के सामने टास्क फोर्स फेल नजर आ रही है* *मलिहाबाद के कसमंडी चौकी अंतर्गत गुखौरा गांव में बड़े स्तर पर मिट्टी का खनन हो रहा है* *मलिहाबाद क्षेत्र में मिट्टी का खनन जोरों पर चल रहा है* *ऐसा नहीं की मामला प्रशासन और पुलिस के संज्ञान में न हो लेकिन प्रशासन हाथ पर हाथ धरे बैठा हुआ है* *इससे सरकार को भी राजस्व का चूना लग रहा है* *मिट्टी से भरे डंपर बेरोकटोक धड़ल्ले से सड़कों पर दौड़ रहे हैं* *इसकी वजह से आसपास के रहने वाले लोगों को धूल से खास परेशानियों का सामना करना पड़ता है* *गांव की गलियों से डंपर गुजर रहे हैं। किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है* *हाइटेंशन लाइन के इर्द गिर्द हो रहा मिट्टी खनन कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा* *जिम्मेदार जानबूझ कर अंजान बने हुए हैं*1
- सदरुद्दीनपुर में सफाई व्यवस्था चौपट, नालियां जाम, सड़क पर बह रहा गंदा पानी बाराबंकी। बाराबंकी जनपद के मसौली विकासखंड क्षेत्र अंतर्गत सदरुद्दीनपुर गांव में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार कई महीनों से नालियों की नियमित सफाई न होने के कारण नालियां पूरी तरह जाम हो गई हैं, जिससे गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है और ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि नालियों के अवरुद्ध होने से गांव में गंदगी फैल रही है, बदबू के साथ-साथ संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। इसके बावजूद जिम्मेदार अधिकारी और सफाई कर्मचारी इस गंभीर समस्या से पूरी तरह बेखबर बने हुए हैं। ग्रामीण अशफाक, जतिन, बृजेश, रामानंद और मुन्ना ने बताया कि गांव की सफाई व्यवस्था पूरी तरह चौपट हो चुकी है। उन्होंने बताया कि कई बार ग्राम प्रधान से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। नालियां पूरी तरह जाम हैं और मजबूरी में कई बार ग्रामीणों को खुद ही नालियों की सफाई करनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने मांग की है कि जल्द से जल्द गांव में नियमित सफाई कराई जाए, अन्यथा वे इसकी शिकायत उच्च अधिकारियों से करेंगे। एक ओर जहां योगी सरकार स्वच्छ भारत मिशन के तहत गांवों और गलियों को स्वच्छ रखने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, वहीं सदरुद्दीनपुर गांव में इसकी हकीकत बिल्कुल उलट नजर आ रही है। अधिकारियों और कर्मचारियों की लापरवाही का खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। इस संबंध में जब मसौ ली के खंड विकास अधिकारी संदीप कुमार श्रीवास्तव से बात की गई तो उन्होंने वही रटा-रटाया आश्वासन देते हुए कहा कि “जल्द ही गांव की साफ-सफाई व्यवस्था को दुरुस्त कराया जाएगा।” अब देखना यह होगा कि यह आश्वासन सिर्फ कागजों तक सीमित रहता है या वास्तव में गांव को गंदगी से निजात मिलती है।1
- Post by Soni Shukla1
- Post by Mukhiya pal Bhepta1
- राजधानी लखनऊ पुलिस ने 24 घंटे के भीतर BKT में कंटेनर चालक की हत्या का खुलासा अभियुक्त का नाम सन्दीप कुमार है जो मृतक का रिश्तेदार है पुलिस ने अभियुक्त को आउटर रिंग किसान पथ से गिरफ्तार किया अभियुक्त ने अपनी साली से छेड़छाड़ के आरोप में मृतक की हत्या की थी पुलिस ने अभियुक्त के पास से आलाकत्ल और घटना में प्रयुक्त ई-रिक्शा बरामद किया अभियुक्त ने पुलिस को बताया कि उसने मृतक के सिर पर लोहे की रॉड से कई वार किए मृतक राममूर्ति का शव इंदौराबाग अंडरपास के पास कंटेनर में मिला था पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है!!1