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चोरों ने एक ट्रैक्टर चुरा लिया है, जिससे एक परिवार गहरे संकट में आ गया है। इस चोरी के कारण वह परिवार बहुत परेशान है, क्योंकि अब उनकी रोजी-रोटी पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
AAM JANATA
चोरों ने एक ट्रैक्टर चुरा लिया है, जिससे एक परिवार गहरे संकट में आ गया है। इस चोरी के कारण वह परिवार बहुत परेशान है, क्योंकि अब उनकी रोजी-रोटी पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
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- उत्पाद विभाग ने गुरुवार दोपहर 1:00 बजे नेतरहाट बाजार में एक दुकान पर छापामारी की। इस कार्रवाई के दौरान, विभाग ने दुकान से 150 बोतल विदेशी शराब जब्त की। उत्पाद विभाग के सब इंस्पेक्टर सोनू कुमार ने अपनी टीम के साथ गुप्त सूचना के आधार पर नेतरहाट बाजार स्थित दीपक यादव की दुकान पर यह छापा मारा था। इस मामले में दुकान संचालक दीपक यादव को गिरफ्तार कर लिया गया है।1
- गुमला के सिसई प्रखंड में 65वें सुब्रतो कप इंटरनेशनल फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें अंडर-15 और अंडर-17 बालक वर्ग के मैच संत तुलसीदास प्लस टू उच्च विद्यालय के खेल मैदान में हुए। वहीं, अंडर-17 बालिका वर्ग के मुकाबले माघी बालिका उच्च विद्यालय के खेल मैदान में आयोजित किए गए। जिला परिषद सदस्य विजयलक्ष्मी कुमारी ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त करने के बाद फुटबॉल को किक मारकर इस प्रतियोगिता का विधिवत उद्घाटन किया। प्रतियोगिता के दौरान बालक और बालिका वर्ग के खिलाड़ियों ने रोमांचक मैच खेले, जिससे खेल मैदान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। अंडर-15 बालक वर्ग में कार्तिक उरांव प्लस टू उच्च विद्यालय छारदा की टीम एक गोल से विजेता रही, जबकि नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय विद्यालय प्रखंड मुख्यालय सिसई की टीम उपविजेता बनी। अंडर-17 बालिका वर्ग में बालिका विद्यालय ने विजेता का खिताब हासिल किया और कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय की टीम उपविजेता रही। इस अवसर पर शिक्षा विभाग के अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाएं, खिलाड़ी, भारी संख्या में खेल प्रेमी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। प्रतियोगिता के समापन के बाद, यह भी बताया गया कि 27 जून को लिटिल चैंप्स प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा।1
- नशा मुक्त भारत अभियान के तहत, लातेहार जिले के उदयपुरा में महिलाओं ने एकजुट होकर शराबियों को खदेड़ दिया।4
- लातेहार प्रखंड के बाजकुम गांव में 21 जून रविवार को आयोजित क्रिकेट प्रतियोगिता के फाइनल मैच में विकास तिवारी मौजूद रहे। उन्होंने बाजकुम कमेटी को प्रथम पुरस्कार के तौर पर एक ट्रॉफी और 7,100 रुपये का योगदान दिया, जिससे खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ा। इस अवसर पर विकास तिवारी ने खिलाड़ियों को अगले साल और अधिक मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। बाजकुम कमेटी द्वारा यह क्रिकेट प्रतियोगिता हर साल आयोजित की जाती है।1
- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, रांची के निर्देशानुसार गुरुवार को डी.ए.वी. नीरजा सहाय स्कूल, रांची में एक समेकित जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों के बीच डिजिटल सुरक्षा और नशामुक्ति के प्रति जागरूकता को बढ़ाना था। इसमें पुलिस उपाधीक्षक (साइबर) श्री प्रदीप कुमार ने मुख्य वक्ता के तौर पर अपनी बात रखी, उनके साथ कांके थाना के पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी श्री कुणाल कुमार, साइबर अपराध थाना के पुलिस निरीक्षक श्री राहुल कुमार मिश्रा और कांके थाना के पुलिस अवर निरीक्षक श्री अरविंद कुमार भी उपस्थित रहे। पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के विभिन्न प्रकारों के बारे में विस्तार से जानकारी दी और साइबर सुरक्षा के लिए व्यवहारिक उपाय सुझाए। पुलिस उपाधीक्षक (साइबर) ने खास तौर पर फर्जी कस्टमर केयर कॉल, निवेश व ट्रेडिंग फ्रॉड, पार्ट-टाइम जॉब फ्रॉड, ओटीपी तथा बैंकिंग जानकारी साझा न करने, फर्जी लिंक और संदिग्ध एपीके फाइलों से सावधान रहने पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि किसी भी साइबर अपराध की स्थिति में तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर या राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए। कार्यक्रम के दौरान नशे के दुष्प्रभावों पर भी व्यापक चर्चा हुई। उपस्थित अधिकारियों ने विद्यार्थियों को स्वस्थ और अनुशासित जीवनशैली अपनाने, कानून का सम्मान करने तथा समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे स्वयं जागरूक बनें और अपने परिवार व समाज को भी साइबर अपराधों और नशे के खतरों के प्रति सचेत करें। स्कूल प्रशासन ने इस जागरूकता कार्यक्रम की अत्यधिक सराहना की और भविष्य में भी इस तरह के और अधिक प्रशिक्षण सत्र आयोजित करने की इच्छा व्यक्त की। इस कार्यक्रम का अंतिम उद्देश्य विद्यार्थियों में डिजिटल सुरक्षा, सामाजिक उत्तरदायित्व और नशा मुक्त भारत के प्रति गहरी जागरूकता विकसित करना बताया गया।1
- गुरुवार को गुमला के समाहरणालय सभागार में उपायुक्त दिलेश्वर महतो की अध्यक्षता में जिला योजना विभाग की कार्यकारिणी समिति की बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में जिला योजना के तहत प्राप्त आवंटन, वित्तीय वर्ष 2025-26 की योजनाओं की प्रगति, नई योजनाओं के चयन और विभिन्न विभागों से मिले प्रस्तावों की गहन समीक्षा की गई। बैठक में बताया गया कि प्राप्त आवंटन के आलोक में कुल 91 योजनाओं को प्रशासनिक अनुमोदन दिया जा चुका है। इसके अतिरिक्त, लगभग चार करोड़ रुपये की लागत से नई योजनाएं चयनित करने पर विचार-विमर्श किया गया। इन प्रस्तावित योजनाओं में एसीआर, पेयजल आपूर्ति, मरम्मती कार्य और जनहित से जुड़े अन्य विकास कार्य शामिल हैं। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि सभी प्रस्तावों को प्राथमिकता और आवश्यकता के आधार पर अंतिम रूप देकर उनकी स्वीकृति प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए। विभिन्न विभागों से प्राप्त प्रस्तावों पर भी विस्तृत चर्चा हुई। सहकारिता विभाग द्वारा संचालित लैम्प्स (LAMPS) संस्थाओं को सोलर आधारित प्रणाली से विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया, जबकि खेल विभाग ने स्टेडियम में खिलाड़ियों की सुविधा के लिए डगआउट (Dugout) निर्माण का प्रस्ताव प्रस्तुत किया। रूर्बन मिशन के कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ डीएसपी रोड से संबंधित प्रस्ताव और लागत प्राक्कलन पर भी विचार किया गया। शिक्षा विभाग के प्रस्तावों की समीक्षा में मूक-बधिर विद्यालय में तीन अतिरिक्त कमरों और डुमरी स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में चार अतिरिक्त कमरों के निर्माण की आवश्यकता पर सहमति बनी। कृषि एवं आजीविका संवर्धन के तहत एक हजार किसानों के बीच मशरूम की खेती को बढ़ावा देने की योजना पर भी विस्तार से चर्चा हुई। स्वास्थ्य विभाग से संबंधित प्रस्तावों में निर्माणाधीन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के एप्रोच पथ निर्माण की आवश्यकता पर बल दिया गया। शहरी विकास से संबंधित प्रस्तावों में जशपुर रोड क्षेत्र में ऑटो पार्किंग जोन और ग्रीन जोन विकसित करने पर विशेष चर्चा की गई, जिसका उद्देश्य शहर की आधारभूत सुविधाओं और सौंदर्यीकरण को बेहतर बनाना है। उपायुक्त ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की जिला योजना योजनाओं की प्रगति और क्रियान्वयन की समीक्षा करते हुए सभी विभागों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को स्वीकृत एवं प्रस्तावित योजनाओं के क्रियान्वयन में समन्वय स्थापित करते हुए निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने और जनहित से जुड़े विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता न बरतने के लिए निर्देशित किया। बैठक में उप विकास आयुक्त अनिमेश रंजन, सिविल सर्जन डॉ. शंभूनाथ चौधरी, जिला योजना पदाधिकारी रमण कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी कविता खालको, जिला शिक्षा अधीक्षक नूर आलम खां, जिला मत्स्य पदाधिकारी कुसुम लता, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी आरती कुमारी, कार्यपालक पदाधिकारी (पीएचईडी), जिला परिषद के कार्यपालक अभियंता बलि उरांव, नगर परिषद के सहायक अभियंता, जिला खेल पदाधिकारी प्रवीण कुमार सहित कई अन्य पदाधिकारी और कर्मी मौजूद रहे।1
- बुधवार शाम 6:00 बजे नेतरहाट बाजार में दो पक्षों के बीच हुई मारपीट के बाद पूरा नेतरहाट गुरुवार शाम 4:00 बजे तक बंद और प्रभावित रहा। इस घटना के कारण लगभग 22 घंटे तक जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। मारपीट का यह मामला नेतरहाट मुख्य बाजार स्थित वन भूमि पर लगने वाली दुकानों को लेकर लंबे समय से चले आ रहे पुराने विवाद से जुड़ा है। यह विवाद स्थानीय मुखिया राम विष्णु नागाशिया और दूसरे पक्ष के धर्मेंद्र ठाकुर, कैलाश यादव तथा दीपक ठाकुर के बीच गहरा गया, जो मारपीट में बदल गया। इस दौरान नेतरहाट पंचायत के स्थानीय मुखिया राम विष्णु नगेसिया और एक अन्य व्यक्ति को गंभीर चोटें आई हैं। हालांकि, इस घटना के बावजूद दोनों में से किसी भी पक्ष ने अब तक नेतरहाट थाने में एक-दूसरे के खिलाफ लिखित आवेदन नहीं दिया है। पुलिस प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच बातचीत के बाद नेतरहाट बाजार को फिर से चालू कर दिया गया। नेतरहाट थाना प्रभारी अभिषेक कुमार ने जानकारी दी है कि पुलिस इस मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है।1
- लातेहार में झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता सोनाल शांति ने देश में परीक्षाओं की बदहाली, बेरोजगारी और शिक्षा व्यवस्था के गिरते स्तर पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 से 2024 के बीच देश में लगभग 89 पेपर लीक के मामले सामने आए, जिसके कारण 48 बार दोबारा परीक्षाएं करानी पड़ीं। इसके अतिरिक्त, एक अन्य अध्ययन के हवाले से उन्होंने जानकारी दी कि महज 5 वर्षों में 15 राज्यों के भीतर 41 पेपर लीक हुए, जिससे 1.4 करोड़ से अधिक अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक गया है। सोनाल शांति ने इस बात पर जोर दिया कि केवल चार बड़ी परीक्षाओं में हुई धांधली से 1 करोड़ से अधिक छात्र प्रभावित हुए हैं। इनमें नीट यूजी 2026 शामिल है, जिससे लगभग 24 लाख अभ्यर्थी प्रभावित हुए और इसका मामला सीबीआई जांच व सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा है। इसी तरह, यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती 2024 का पेपर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद परीक्षा रद्द करनी पड़ी, जिससे 48 लाख छात्र प्रभावित हुए। सीटेट 2021 के पेपर लीक से 28 लाख से अधिक उम्मीदवार प्रभावित हुए, वहीं यूजीसी नेट 2024 परीक्षा होने के अगले ही दिन रद्द कर दी गई, जिससे 11 लाख छात्र प्रभावित हुए। उन्होंने खेद व्यक्त किया कि 'सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024' में कठोर दंड के प्रावधानों के बावजूद पेपर लीक की घटनाएं नहीं रुक रही हैं, जो यह दर्शाता है कि केवल कानून बनाने से जमीनी स्तर पर बदलाव नहीं आया है। प्रवक्ता ने सरकारी आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों में 1 मार्च 2023 तक 9,64,359 पद खाली पड़े थे। इसके साथ ही, 1 जुलाई 2024 तक केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों में 84,106 रिक्तियां थीं। उन्होंने रेलवे भर्ती की स्थिति भी उजागर की, जिसके अनुसार 2004-14 के दौरान 4.11 लाख भर्तियां हुई थीं, जबकि 2014-24 के बीच यह आंकड़ा मात्र 5.02 लाख तक ही पहुंच सका, जबकि नौकरी चाहने वाले आवेदकों की संख्या करोड़ों में है। सोनाल शांति ने बताया कि 15-29 वर्ष के युवाओं में बेरोजगारी दर सामान्य स्थिति में 10.2 प्रतिशत और साप्ताहिक आधार पर 13.8 प्रतिशत है। उन्होंने इस तथ्य को सबसे दुखद बताया कि आज देश में सबसे ज्यादा बेरोजगार उच्च शिक्षित स्नातक और स्नातकोत्तर युवा हैं। इस गंभीर स्थिति के सबसे दर्दनाक परिणाम का जिक्र करते हुए, प्रवक्ता ने कहा कि सिस्टम की इस नाकामी की कीमत देश के छात्र अपनी जान देकर चुका रहे हैं। वर्ष 2022 में देश के कुल आत्महत्या मामलों में 7.6 प्रतिशत, यानी लगभग 13,000 छात्र थे। सितंबर 2025 में जारी 2023 की रिपोर्ट में यह आंकड़ा और भी भयावह होकर अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। उन्होंने चिंता जताई कि कोटा, त्रिशूर और चेन्नई जैसे प्रमुख कोचिंग सेंटरों में छात्रों की आत्महत्याओं के क्लस्टर देखे जा रहे हैं, जो कि बेहद चिंताजनक है।2
- गुरुवार को गुमला में उपायुक्त दिलेश्वर महत्तो की अध्यक्षता में जिला पर्यटन संवर्धन समिति (डीटीपीसी) की विशेष बैठक हुई। समाहरणालय सभागार में आयोजित इस बैठक में जिले के अधिसूचित और संभावित पर्यटन स्थलों के संरक्षण, विकास, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार, सुरक्षा व्यवस्था, प्रचार-प्रसार तथा पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने से संबंधित विभिन्न प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में स्थानीय सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को पर्यटन से जोड़ने पर विशेष बल दिया गया। इस बैठक में सर्वसम्मति से सारू पहाड़ सरना पूजा स्थल को जिले के पर्यटन स्थलों की सूची में शामिल करने का निर्णय लिया गया, जिसके लिए उपायुक्त ने संबंधित विभागों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही, आँजन धाम (गुमला) और नवरत्नगढ़ किला (सिसई) को श्रेणी-‘बी’ से श्रेणी-‘ए’ में उन्नत करने तथा बाघमुण्डा जलप्रपात (बसिया) एवं सीरा-सीता (डुमरी) को श्रेणी-‘सी’ से श्रेणी-‘बी’ में उन्नत करने के प्रस्तावों पर चर्चा हुई। पम्पापुर (पालकोट), देवाकी बाबा धाम एवं मसरिया डैम (घाघरा) तथा गोबर सिल्ली (पालकोट) को श्रेणी-‘डी’ से श्रेणी-‘सी’ में उन्नत करने के प्रस्ताव को भी राज्य में भेजने पर सभी ने अपनी सहमति दी। माँ महामाया मंदिर (हापामुनी), महासदाशिव मंदिर (मरदा, रायडीह), कपिलनाथ मंदिर (सिसई), सिदमा शिव मंदिर (बसिया), ट्राइबल म्यूजियम (एराउज), गढ़पहाड़ (रायडीह), पारस डैम (भरनो), कुसुमखर्रा पिकनिक स्पॉट (बिशुनपुर) तथा तेलगांव डैम (गुमला) सहित अन्य महत्वपूर्ण स्थलों को पर्यटन विभाग से अधिसूचित कराने का प्रस्ताव भी रखा गया। पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आँजन धाम में प्रतिवर्ष चैत्र पूर्णिमा पर आयोजित हनुमान जयंती महोत्सव को राजकीय पर्यटन महोत्सव घोषित कराने के प्रस्ताव पर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने टांगीनाथ धाम के समग्र विकास के लिए मंदिर परिसर में गार्डवाल, मंदिर तक शेड निर्माण और प्राचीन मूर्तियों के संरक्षण संबंधी कार्यों को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। विभिन्न पर्यटन स्थलों पर आवश्यक सुविधाओं के विकास हेतु साइनेज बोर्ड लगाने, उनके प्रबंधन, रख-रखाव, सुरक्षा एवं साफ-सफाई के लिए आवश्यक सामग्री खरीदने तथा डीटीपीसी फंड से आधारभूत सुविधाओं का विस्तार करने का निर्णय लिया गया। आँजन धाम के सौंदर्यीकरण के तहत सीढ़ियों पर शेड निर्माण, लैंडस्केपिंग, लाइट एंड साउंड सिस्टम विकसित करने सहित अन्य पर्यटक सुविधाओं के विस्तार पर भी चर्चा हुई। पर्यटकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उपायुक्त ने जलप्रपातों और जलाशयों में खतरा सूचक बोर्ड लगाने, प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे स्थापित करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए सभी पर्यटन स्थलों पर एकल उपयोग वाले प्लास्टिक के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध सुनिश्चित करने और पत्तों से बने दोना-पत्तल के उपयोग को प्रोत्साहित करने का भी निर्देश दिया गया। व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए नए समाहरणालय भवन, चंदाली परिसर में एलईडी स्क्रीन स्थापित कर गुमला के प्रमुख पर्यटन स्थलों से संबंधित प्रचारात्मक वीडियो का नियमित प्रदर्शन कराने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया गया। कतरी डैम में वॉच टावर, गज़ीबो, सुरक्षा रेलिंग एवं आरसीसी बेंच निर्माण, पालकोट स्थित गेस्ट हाउस एवं वे-साइड एमेनिटीज़ के अंतर्गत आवश्यक फर्नीचर एवं अन्य सुविधाओं की उपलब्धता तथा अधिसूचित डैम एवं जलप्रपातों में डूबने वाले खतरनाक स्थलों के भराव संबंधी प्रस्तावों पर भी विचार-विमर्श किया गया। उपायुक्त ने सभी संबंधित विभागों को स्वीकृत प्रस्तावों पर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करते हुए पर्यटन स्थलों का समग्र एवं सुनियोजित विकास करने का निर्देश दिया, ताकि गुमला जिले की प्राकृतिक, सांस्कृतिक एवं धार्मिक धरोहरों को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिल सके और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार एवं आजीविका के नए अवसर भी सृजित हों। बैठक में जिला परिषद अध्यक्षा किरण माला बाड़ा, उप विकास आयुक्त अनिमेश रंजन, अपर समाहर्ता राजीव नीरज, जिला खेल पदाधिकारी, जिला परिषद के कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण विकास विभाग के कार्यपालक अभियंता, लघु सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता, विभिन्न जनप्रतिनिधि सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।1