जालौर जिले के कंवला गांव की आबादी से सटी खसरा नंबर 499 की पहाड़ी पर कथित अवैध खनन और भारी ब्लास्टिंग के विरोध में ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर इस पर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि रेड ज़ोन घोषित क्षेत्र में भी अवैध खनन और हैवी ब्लास्टिंग लगातार जारी है, जिससे मकानों में दरारें आ रही हैं और लोगों की जान-माल पर खतरा बना हुआ है। ज्ञापन के अनुसार, 23 जुलाई को बिना किसी पूर्व सूचना के की गई ब्लास्टिंग के कारण पत्थर आबादी तक आ पहुंचे और कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए। इसके साथ ही अवैध खनन से बरसाती प्राकृतिक नालों का प्रवाह भी बाधित हो गया है, जिससे आसपास के गांवों में जल निकासी और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। पहाड़ी पर स्थित प्राचीन शिव, कालिका, माताजी और गणेश मंदिरों तक पहुंचने वाला मार्ग भी इस खनन के कारण प्रभावित हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष मांग रखी है कि अवैध खनन और ब्लास्टिंग पर तुरंत रोक लगाई जाए, वहां से अवैध मलबा हटाया जाए, दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और क्षेत्र में कोई नया खनन पट्टा आवंटित न किया जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वे न्यायालय की शरण लेने के लिए मजबूर होंगे।
जालौर जिले के कंवला गांव की आबादी से सटी खसरा नंबर 499 की पहाड़ी पर कथित अवैध खनन और भारी ब्लास्टिंग के विरोध में ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर इस पर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि रेड ज़ोन घोषित क्षेत्र में भी अवैध खनन और हैवी ब्लास्टिंग लगातार जारी है, जिससे मकानों में दरारें आ रही हैं और लोगों की जान-माल पर खतरा बना हुआ है। ज्ञापन के अनुसार, 23 जुलाई को बिना किसी पूर्व सूचना के की गई ब्लास्टिंग के कारण पत्थर आबादी तक आ पहुंचे और कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए। इसके साथ ही अवैध खनन से बरसाती प्राकृतिक नालों का प्रवाह भी बाधित हो गया है, जिससे आसपास के गांवों में जल निकासी और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। पहाड़ी पर स्थित प्राचीन शिव, कालिका, माताजी और गणेश मंदिरों तक पहुंचने वाला मार्ग भी इस खनन के कारण प्रभावित हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष मांग रखी है कि अवैध खनन और ब्लास्टिंग पर तुरंत रोक लगाई जाए, वहां से अवैध मलबा हटाया जाए, दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और क्षेत्र में कोई नया खनन पट्टा आवंटित न किया जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वे न्यायालय की शरण लेने के लिए मजबूर होंगे।
- जालौर जिले के कंवला गांव की आबादी से सटी खसरा नंबर 499 की पहाड़ी पर कथित अवैध खनन और भारी ब्लास्टिंग के विरोध में ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर इस पर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि रेड ज़ोन घोषित क्षेत्र में भी अवैध खनन और हैवी ब्लास्टिंग लगातार जारी है, जिससे मकानों में दरारें आ रही हैं और लोगों की जान-माल पर खतरा बना हुआ है। ज्ञापन के अनुसार, 23 जुलाई को बिना किसी पूर्व सूचना के की गई ब्लास्टिंग के कारण पत्थर आबादी तक आ पहुंचे और कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए। इसके साथ ही अवैध खनन से बरसाती प्राकृतिक नालों का प्रवाह भी बाधित हो गया है, जिससे आसपास के गांवों में जल निकासी और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। पहाड़ी पर स्थित प्राचीन शिव, कालिका, माताजी और गणेश मंदिरों तक पहुंचने वाला मार्ग भी इस खनन के कारण प्रभावित हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन के समक्ष मांग रखी है कि अवैध खनन और ब्लास्टिंग पर तुरंत रोक लगाई जाए, वहां से अवैध मलबा हटाया जाए, दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और क्षेत्र में कोई नया खनन पट्टा आवंटित न किया जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर कार्रवाई नहीं हुई, तो वे न्यायालय की शरण लेने के लिए मजबूर होंगे।1
- मंत्री कोमटिरेड्डी वेंकटरेड्डी ने आज मोठकूर राजन्नगुडेम में अधूरे सड़क कार्यों का स्थल पर जाकर निरीक्षण किया। अधूरे निर्माण कार्यों के कारण यह सड़क दुर्घटनाओं का अड्डा बन चुकी है, जिससे आम लोगों की सुरक्षा पर लगातार खतरा बना हुआ है। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने ठेकेदारों और अधिकारियों को सख्त चेतावनी देते हुए निर्देश दिया कि कार्यों को हर हाल में दो माह के भीतर पूरा किया जाए और किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने दमदार शैली में स्पष्ट कहा, “उपेक्षा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।” मंत्री ने दोहराया कि सरकार का मुख्य उद्देश्य जनता की सुरक्षा है। यह रिपोर्ट प्रशासनिक लापरवाही पर सीधी चोट करती है और जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।1
- जालौर में पिछले दो दिन से लगातार बारिश का दौर जारी है। इस बारिश के चलते जालौर स्थित राजकीय वीर वीरमदेव महाविद्यालय परिसर में भारी मात्रा में बरसात का पानी जमा हो गया है। कॉलेज परिसर में जलभराव होने के कारण महाविद्यालय के स्टाफ एवं छात्राओं को आवाजाही और दैनिक कार्यों में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इलाके में पानी निकासी की व्यवस्था व्यवस्थित ढंग से नहीं होने की वजह से कई अन्य स्थानों पर भी जलभराव की समस्या पैदा हो गई है। जल निकासी की सही व्यवस्था न होने के कारण क्षेत्र के कई अन्य राजकीय प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों में भी बरसात का पानी जमा हो गया है।2
- सिरोही के मंडवाड़ा क्षेत्र में अच्छी बारिश के बाद कृष्णावती नदी में रैलरी का पानी पहुंचने पर ग्रामीणों ने हर्षोल्लास के साथ उसका स्वागत किया। नदी में पानी के आगमन पर धार्मिक परंपरा के अनुसार चुनरी ओढ़ाकर पूजा-अर्चना और अभिनंदन किया गया। इस स्वागत कार्यक्रम में हजा देवी पुरोहित, पंकु देवी, मनीषा, इन्द्रा धवल, अशोक और आलिका सहित स्थानीय लोग मौजूद रहे। मंडवाड़ा और इसके आसपास के गांवों में हुई अच्छी बरसात से क्षेत्र में खुशी का माहौल है।4
- सिरोही जिले के जेतावड़ा गांव में हुई मूसलाधार बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। लगातार हो रही तेज बारिश के कारण कई जगहों पर पानी भर गया है, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक तरफ जहां यह बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आई है, वहीं निचले इलाकों में हुए जलभराव से स्थानीय निवासियों की चिंता बढ़ गई है।1
- राजस्थान सरकार के प्रभारी मंत्री श्री जाबर सिंह खर्रा के शनिवार को रानी पहुंचने पर भाजपा रानी मंडल की ओर से नगर पालिका परिसर के बाहर उनका भव्य स्वागत किया गया। प्रभारी मंत्री निकटवर्ती सिंदरली गांव में आयोजित विद्यालय लोकार्पण समारोह में शामिल होने जा रहे थे, जिस दौरान रानी में उनका आत्मीय अभिनंदन किया गया। भाजपा रानी मंडल अध्यक्ष हरीश गहलोत के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री का माल्यार्पण करने के साथ ही साफा पहनाकर अभिनंदन किया गया। इस मौके पर मंडल संयोजक दिनेश जैन, पूर्व उपाध्यक्ष डालचंद चौहान, पूर्व मंडल अध्यक्ष जयंतीलाल, उपाध्यक्ष बाबूलाल, नगर पालिका रानी के अधिशासी अधिकारी मगराज चौधरी और तेजकरण सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी तथा भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। यह पूरा कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जहां सभी लोगों ने प्रभारी मंत्री के प्रति सम्मान व्यक्त किया।2
- नीट परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी, जालौर के नेतृत्व में बुधवार को जिला कलेक्ट्रेट के बाहर जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और परीक्षा प्रणाली में व्याप्त भ्रष्टाचार तथा लगातार हो रहे पेपर लीक मामलों पर कड़ा विरोध जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया। प्रदर्शन के दौरान ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष भोमाराम मेघवाल ने कहा कि देशभर में लगातार हो रहे पेपर लीक और भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं ने करोड़ों युवाओं के भविष्य को संकट में डाल दिया है, जो केंद्र सरकार की विफलता का प्रत्यक्ष प्रमाण है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं को रोजगार देने में असफल रही है और अब उनकी मेहनत तथा भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। वहीं, जिला प्रवक्ता योगेंद्र सिंह कुम्पावत ने कहा कि छात्र वर्षों तक कठिन परिश्रम करते हैं, लेकिन बार-बार होने वाली पेपर लीक की घटनाएं उनकी मेहनत पर पानी फेर देती हैं। उन्होंने सरकार से दोषियों पर कठोर कार्रवाई कर परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाने की मांग की। इसके अलावा एससी जिलाध्यक्ष खसाराम मेघवाल ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों को कड़ी सजा देने और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त व्यवस्था लागू करने की मांग रखी। प्रदर्शन में मौजूद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने साफ कहा कि जब तक युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों पर सख्त कार्रवाई नहीं होती, तब तक कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा। इस मौके पर ब्लॉक अध्यक्ष भोमाराम मेघवाल, जिला प्रवक्ता योगेंद्र सिंह कुम्पावत, रमेश सोलंकी, नगराध्यक्ष मुमताज अली, एससी जिलाध्यक्ष खसाराम मेघवाल, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष सुष्मिता गर्ग, लक्ष्मण साखला, मंडल अध्यक्ष सवालाराम देवासी, किशनाराम चौधरी, सुरेश मेघवाल, देवाराम साखला, अनिल पंडत, महेंद्र सोनगरा, उम्मेद सिंह चारण, करनाराम तीखी, पुखराज माली, जोगाराम सरगरा, मदन सिंह, नैनाराम, मोताराम, मंगलाराम, नाथाराम, रविंद्र संत, रमेश और अक्षर खान सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- बाबा महाकाल और बाबा काल भैरव के रूप तथा उनकी महिमा का वंदना करते हुए उनकी कृपा का बखान किया गया है। इसमें बाबा महाकाल को राजा-महाराजा के रूप में दर्शाते हुए उनकी नगरी, कांवड़ियों और बाबा काल भैरव पर उनकी विशेष कृपा का उल्लेख है।2