दतिया विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में जनसंपर्क के दौरान कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। ग्राम सिरोल, रिछरा, बुंधेड़ा, गढ़ा और बरोह समेत कई गांवों में घर-घर जाकर मतदाताओं से जनसंपर्क करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार पूरी तरह अहंकारी हो गई है और किसानों की समस्याओं की अनदेखी कर रही है। उन्होंने कहा कि खाद और बीज महंगे हो गए हैं तथा कृषि उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं बढ़ाया जा रहा है, जिससे किसानों को सही कीमत नहीं मिल रही। इसके अलावा कृषि मंडियों में उपज बेचने पर किसानों को नगद भुगतान नहीं मिलता और उनसे 2.5 प्रतिशत कमीशन मांगा जाता है। भाजपा सरकार को किसान विरोधी और पूंजीपतियों की हितैषी बताते हुए घनश्याम सिंह ने मतदाताओं से कांग्रेस को विजयी बनाकर भाजपा को सबक सिखाने की अपील की। इस अवसर पर वरिष्ठ नेता अवधेश नायक ने कहा कि भाजपा प्रत्याशी को दतिया की जनता जानती-पहचानती तक नहीं है और वे कभी जनता के बीच नहीं आए। उन्होंने कहा कि इसके विपरीत कांग्रेस प्रत्याशी दो बार विधायक रह चुके हैं, जनता के जांचे-परखे हैं और उनके दरवाजे हमेशा लोगों के लिए खुले रहते हैं। उन्होंने सभी से एकजुट होकर कांग्रेस को भारी बहुमत से जिताने का आह्वान किया।
दतिया विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में जनसंपर्क के दौरान कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। ग्राम सिरोल, रिछरा, बुंधेड़ा, गढ़ा और बरोह समेत कई गांवों में घर-घर जाकर मतदाताओं से जनसंपर्क करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार पूरी तरह अहंकारी हो गई है और किसानों की समस्याओं की अनदेखी कर रही है। उन्होंने कहा कि खाद और बीज महंगे हो गए हैं तथा कृषि उपज का न्यूनतम समर्थन मूल्य नहीं बढ़ाया जा रहा है, जिससे किसानों को सही कीमत नहीं मिल रही। इसके अलावा कृषि मंडियों में उपज बेचने पर किसानों को नगद भुगतान नहीं मिलता और उनसे 2.5 प्रतिशत कमीशन मांगा जाता है। भाजपा सरकार को किसान विरोधी और पूंजीपतियों की हितैषी बताते हुए घनश्याम सिंह ने मतदाताओं से कांग्रेस को विजयी बनाकर भाजपा को सबक सिखाने की अपील की। इस अवसर पर वरिष्ठ नेता अवधेश नायक ने कहा कि भाजपा प्रत्याशी को दतिया की जनता जानती-पहचानती तक नहीं है और वे कभी जनता के बीच नहीं आए। उन्होंने कहा कि इसके विपरीत कांग्रेस प्रत्याशी दो बार विधायक रह चुके हैं, जनता के जांचे-परखे हैं और उनके दरवाजे हमेशा लोगों के लिए खुले रहते हैं। उन्होंने सभी से एकजुट होकर कांग्रेस को भारी बहुमत से जिताने का आह्वान किया।
- मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। बसई कस्बे में कांग्रेस प्रत्याशी कुंवर घनश्याम सिंह के समर्थन में आयोजित जनसंपर्क और नुक्कड़ सभा को संबोधित करते हुए मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पुलिस प्रशासन को लेकर कड़ा बयान दिया है। जीतू पटवारी ने पुलिस महकमे को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि दतिया उपचुनाव के दौरान किसी भी तरह से चुनाव की निष्पक्षता प्रभावित की गई तो कांग्रेस इसे बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा, "यदि दतिया उपचुनाव में किसी तरह से निष्पक्षता भंग की तो चुनाव बाद में होगा, पहले हिसाब होगा।" पटवारी ने पुलिस और प्रशासन से निष्पक्ष रहकर चुनाव प्रक्रिया संपन्न कराने की बात कही है।1
- दतिया के जिगना में गौचर भूमि पर दोबारा कब्जा करने का मामला सामने आया है, जिसे लेकर ग्रामीणों ने एसपी कार्यालय पहुंचकर एसपी से शिकायत की है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि गौचर भूमि पर पेड़ उखाड़े गए हैं, उनके साथ अभद्रता की गई है और धमकी भी दी गई है।1
- दतिया में पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर चलाए जा रहे "नशे से दूरी है जरूरी 2.0" अभियान के तहत जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान एसडीओपी दतिया श्रीमती आकांक्षा जैन ने झांसी चुंगी स्थित प्रमुख मार्ग पर पहुंचकर स्थानीय नागरिकों, महिलाओं और बच्चों से सीधा संवाद किया और उन्हें नशे के गंभीर दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने लोगों से नशे से दूर रहने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और समाज को नशामुक्त बनाने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। इसके साथ ही आमजन को प्रेरित किया गया कि वे स्वयं नशे से दूर रहें और अपने परिवार व आसपास के लोगों को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए जागरूक करें। दतिया पुलिस ने जिले के सभी नागरिकों से नशामुक्त समाज के निर्माण में सहयोग देने का आह्वान किया है।1
- मध्य प्रदेश के दतिया उपचुनाव में दामोदर यादव की पदयात्रा ने भारी जनसैलाब का दम दिखाया है। इस यात्रा के दौरान हजारों की संख्या में युवाओं का मिला जबरदस्त समर्थन सीधे तौर पर उनकी जीत की ओर इशारा कर रहा है।1
- मध्य प्रदेश के दतिया जिले की भाण्डेर तहसील स्थित मेला ग्राउंड विद्युत वितरण कंपनी कार्यालय पर गुरुवार दोपहर करीब 1 बजे किसानों और ग्रामीणों ने अघोषित बिजली कटौती के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ैरा मिक्स फीडर से जुड़े ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें पिछले 10 दिनों से पर्याप्त बिजली नहीं मिल पा रही है, जिससे घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ किसानों को सिंचाई के लिए भी नियमित आपूर्ति नहीं मिल पा रही है। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने कनिष्ठ यंत्री को ज्ञापन सौंपकर निर्धारित समय पर तीन फेज बिजली देने और अघोषित कटौती तुरंत बंद करने की मांग की। विभागीय अधिकारियों ने ओवरलोड के कारण समस्या उत्पन्न होने की बात कहते हुए आपसी सहमति से बिजली आपूर्ति का समय तय करने का प्रस्ताव रखा, जिस पर ग्रामीण सहमत हो गए। विभाग द्वारा अघोषित कटौती तत्काल बंद करने का आश्वासन दिया गया है, हालांकि ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि बिजली आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ तो वे धरना-प्रदर्शन और चक्काजाम करेंगे।1
- मध्यप्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव के तहत भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार बुधवार से 85 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों एवं दिव्यांग मतदाताओं के लिए घर-घर जाकर मतदान की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मतदान दल पात्र मतदाताओं के घर पहुंचकर डाक मतपत्र के माध्यम से मतदान करा रहे हैं, जिससे उन्हें मतदान केंद्र तक आने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। दतिया विधानसभा उपचुनाव में NOTA सहित कुल 22 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। हालांकि राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार मुख्य मुकाबला भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी, कांग्रेस प्रत्याशी कुंवर घनश्याम सिंह और आजाद समाज पार्टी के दामोदर सिंह यादव के बीच माना जा रहा है। यह उपचुनाव पूरे प्रदेश में चर्चा का केंद्र बना हुआ है, जिसकी सबसे बड़ी वजह भाजपा का प्रत्याशी चयन रहा। पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा के नाम की व्यापक चर्चा के बावजूद पार्टी ने आशुतोष तिवारी पर भरोसा जताया है। संघ की पृष्ठभूमि से जुड़े आशुतोष तिवारी पूर्व में मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड निगम के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। दतिया में चुनावी मुकाबला अब केवल उम्मीदवारों तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि भाजपा और कांग्रेस के संगठनात्मक कौशल की भी परीक्षा बन गया है। दोनों दलों के वरिष्ठ नेता लगातार दतिया में डेरा डाले हुए हैं और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व चुनाव प्रबंधक बूथ स्तर तक सक्रिय हैं, जिससे पूरे विधानसभा क्षेत्र में चुनावी गतिविधियां अपने चरम पर पहुंच गई हैं।1
- मध्य प्रदेश के दतिया में उप-चुनाव के दौरान गांव वालों ने चुनाव का बहिष्कार कर दिया है। सड़क की समस्या से आक्रोशित ग्रामीणों ने 'सड़क नहीं तो वोट नहीं' का स्पष्ट रुख अपनाया है और साफ़ कह दिया है कि सड़क न बनने पर वे मतदान नहीं करेंगे।1
- दतिया में आजाद समाज पार्टी के प्रत्याशी दामोदर यादव मंडल ने उपचुनाव को लेकर रैली निकाली और कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर जनसंपर्क किया। इस दौरान उन्होंने आगामी उपचुनाव में अपने पक्ष में माहौल बनाते हुए लोगों से समर्थन जुटाया और वोट मांगे।1