बिलासपुर कोतवाली क्षेत्र में 22 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। उत्तराखंड बॉर्डर स्थित गांव दिबदिबा की सेठी कॉलोनी निवासी अरविंद सैनी पुत्र सुरेश सैनी सोमवार देर शाम अपने गांव जाने वाले मुख्य मार्ग पर बेहोशी की हालत में पाए गए। ग्रामीणों ने परिजनों को सूचित किया, जिसके बाद अरविंद को तत्काल उत्तराखंड सीमा पर स्थित एक निजी चिकित्सालय ले जाया गया। दुर्भाग्यवश, उपचार के दौरान ही उनकी मौत हो गई, जिससे परिवार में गहरा कोहराम मच गया। परिजनों ने घटना को संदिग्ध बताते हुए आशंका जताई है कि अरविंद की हत्या की गई है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है, उनका कहना है कि यह सामान्य मौत नहीं है और पूरे मामले का खुलासा होना चाहिए। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। प्रभारी निरीक्षक जीत सिंह ने बताया कि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर सभी पहलुओं से मामले की गहनता से जांच कर रही है और रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बिलासपुर कोतवाली क्षेत्र में 22 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से इलाके में सनसनी फैल गई है। उत्तराखंड बॉर्डर स्थित गांव दिबदिबा की सेठी कॉलोनी निवासी अरविंद सैनी पुत्र सुरेश सैनी सोमवार देर शाम अपने गांव जाने वाले मुख्य मार्ग पर बेहोशी की हालत में पाए गए। ग्रामीणों ने परिजनों को सूचित किया, जिसके बाद अरविंद को तत्काल उत्तराखंड सीमा पर स्थित एक निजी चिकित्सालय ले जाया गया। दुर्भाग्यवश, उपचार के दौरान ही उनकी मौत हो गई, जिससे परिवार में गहरा कोहराम मच गया। परिजनों ने घटना को संदिग्ध बताते हुए आशंका जताई है कि अरविंद की हत्या की गई है।
उन्होंने मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है, उनका कहना है कि यह सामान्य मौत नहीं है और पूरे मामले का खुलासा होना चाहिए। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। प्रभारी निरीक्षक जीत सिंह ने बताया कि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर सभी पहलुओं से मामले की गहनता से जांच कर रही है और रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- बरेली में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ खुद को फर्जी सीबीआई अधिकारी बताकर एक युवक अशफाक अहमद का अपहरण कर लिया गया। अपराधियों ने अशफाक से 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी और उसके बैंक खातों व मोबाइल का इस्तेमाल करते हुए करीब 78 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर भी कर लिए। यह घटना 20 जून को थाना बहेड़ी क्षेत्र के ग्राम सिमरा में हुई, जब अशफाक अपनी कार से जा रहा था और कुछ लोगों ने उसकी गाड़ी रोककर उसे जबरन अपनी गाड़ी में बैठा लिया। अपहरणकर्ताओं ने पीड़ित के साथ मारपीट भी की और धमकाया। सूचना मिलने पर थाना बहेड़ी पुलिस तुरंत हरकत में आई और मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 21 जून की रात मुड़िया रोड पर इस वारदात में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे आपस में परिचित थे और आर्थिक लाभ कमाने के उद्देश्य से इस साजिश को अंजाम दिया था। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि 50 लाख रुपये की फिरौती की मांग के बाद, बाद में चार लाख रुपये में समझौता करने की कोशिश की गई थी। पुलिस का कहना है कि इस मामले में कुछ अन्य लोगों और एक अज्ञात महिला की भूमिका भी सामने आई है, जिनकी तलाश के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। बरेली पुलिस की इस कार्रवाई को एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।1
- रामपुर के मोहल्ला लाल कबर में 6 मोहर्रम के अवसर पर अकीदत और एहतराम के साथ अलम का पारंपरिक जुलूस निकाला गया। इस मुकद्दस जुलूस में भारी संख्या में जायरीन शामिल हुए, जिन्होंने पूरी अकीदत के साथ नौहाख्वानी और मातम कर शोहदा-ए-करबला की शहादत और उनकी कुर्बानियों को शिद्दत से याद किया। जुलूस के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कड़े इंतजाम मौजूद रहे, जिसके चलते पूरा आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।1
- बरेली के बहेड़ी में पुलिस ने फर्जी सीबीआई अधिकारी बनकर अपहरण और फिरौती वसूलने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने एक व्यक्ति का अपहरण कर खुद को सीबीआई अधिकारी बताया था और उससे 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर ही इस पूरे मामले का राज खोल दिया।1
- श्रीमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने लखनऊ में हुई आग्नि दुर्घटना में हुई जनहानि पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। उन्होंने इस घटना को अत्यंत दुःखद एवं हृदय विदारक बताया है। मुख्यमंत्री ने प्रभु श्रीराम से प्रार्थना की है कि वे दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दें।1
- बिलासपुर में ई-पंजीकरण व्यवस्था के विरोध में अधिवक्ता, स्टांप वेंडर और डीड राइटरों ने अपनी अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रखी है। सोमवार को भी इन सभी ने अपने चैंबर बंद रखते हुए एसडीएम कार्यालय के बाहर धरना दिया और ई-पंजीकरण के निजीकरण का विरोध करते हुए जोरदार नारेबाजी की। इस बीच, दोपहर में कृषि राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख तहसील पहुँचकर हड़ताल पर बैठे लोगों से मिले। राज्यमंत्री ने वकीलों से ई-पंजीकरण के विरोध के संबंध में विस्तृत जानकारी ली। वकीलों ने उन्हें बताया कि उत्तर प्रदेश में लागू की गई आनलाइन दस्तावेज रजिस्ट्रीकरण नियमावली-2024 अलोकतांत्रिक और जनविरोधी है। उन्होंने तर्क दिया कि बयनामा, इकरारनामा और रहननामा जैसे दस्तावेजों की रजिस्ट्री से लाखों लोग रोजगार पाते हैं, और नई व्यवस्था से उनके तथा उनके परिवारों के जीवन पर गंभीर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। वकीलों ने सरकार से इस व्यवस्था को तत्काल वापस लेने की मांग की और राज्यमंत्री को राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन भी सौंपा। राज्यमंत्री औलख ने वकीलों को आश्वासन दिया कि वह इस मामले पर आईजी (स्टांप) और निबंधन मंत्री से बात करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि आवश्यक हुआ तो वे मुख्यमंत्री से भी इस संबंध में मुलाकात करेंगे। बार अध्यक्ष राजेंद्र सक्सेना, सचिव राकेश शर्मा, लायर्स अध्यक्ष अरविंद गुप्ता और सचिव प्रवेश चौहान ने राज्यमंत्री की पहल को सराहा। उन्होंने कहा कि वे राज्यमंत्री के आश्वासन के बाद मामले के शीघ्र समाधान का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन तब तक उनकी अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। इस प्रदर्शन में हरीश चंद्र गुप्ता, विमल सक्सेना, अमरीक सिंह चौहान, नवीन चंद्र गुप्ता, शिव कुमार गुप्ता, विजय सक्सेना, नब्बू अली अंसारी, संतोख खैहरा, दीपांकर बैरागी, ओमप्रकाश यादव, मुस्तफा हुसैन अंसारी, अशफाक अली, संतोष जौहरी, जिया उल अंसारी, उदय तिवारी, अमान खान, विपुल जैन, गौहर अली, भगवंत सिंह, अहकाम मिर्जा, गुलाम अहमद, संतोष जौहरी, सपन अग्रवाल, मुनीश चंद्र गुप्ता सहित अनेक अधिवक्ता, स्टांप वेंडर और डीड राइटर शामिल रहे।1
- बरेली के इज्जतनगर पुलिस थाना क्षेत्र में स्थित केंद्रीय कारागार के कृषि फार्म से एक सिद्धदोष बंदी पुलिस अभिरक्षा से फरार हो गया है। इस घटना को लेकर पुलिस द्वारा की जा रही कार्यवाही के संबंध में श्री शिवम आशुतोष, ASP/CO तृतीय ने एक बाइट जारी की है।1
- जनपद रामपुर के स्वार कोतवाली क्षेत्र स्थित मिर्जापुर गांव के जंगल में तेंदुए की दस्तक से आसपास के लोगों में दहशत फैल गई है। यह तेंदुआ एक मक्का के खेत में मौजूद है, जिसे पकड़ने के लिए वन विभाग की टीम लगातार प्रयास कर रही है। सोमवार की सुबह लगभग 5:00 बजे तेंदुए ने सफाई कर्मी के बेटे आकाश पर हमला किया था। सोमवार की शाम करीब 6:00 बजे, तेंदुए को पकड़ने के लिए लगाए गए पिंजरे में बांधी गई बकरी को चारा डालने के लिए गए एक वनरक्षक पर तेंदुए ने हमला कर दिया, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गया। ग्राम प्रधान पति इरफान अली ने मंगलवार सुबह 9:00 बजे फोन के माध्यम से सूचना दी है कि तेंदुआ अभी भी मक्का के खेत में ही है और वन विभाग टीम की पकड़ से अभी दूर है, जिससे क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है।1