जोधपुर: मामूली विवाद ने लिया खूनी संघर्ष का रूप, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल रिपोर्ट- सागर तिवारी जोधपुर: मामूली विवाद ने लिया खूनी संघर्ष का रूप, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल जोधपुर। राजस्थान के जोधपुर से हिंसा का एक विचलित करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में दो पक्ष लाठी-डंडों से लैस होकर एक-दूसरे पर जानलेवा हमला करते नजर आ रहे हैं। हिंसा का तांडव वीडियो के दृश्यों में साफ दिख रहा है कि सफेद कुर्ते में एक व्यक्ति लाठी से हमला कर रहा है, जिसके जवाब में दूसरा पक्ष भी पूरी ताकत से प्रहार कर रहा है। गली में चारों ओर बिखरे खून के निशान और सड़कों पर उल्टी पड़ीं बाइक्स इस संघर्ष की भयावहता की कहानी खुद बयां कर रही हैं। विवाद की जड़ प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह पूरी घटना महज एक मामूली विवाद से शुरू हुई थी। अक्सर जोधपुर जैसे शहरों में बच्चों के खेल, पार्किंग की जगह या पड़ोसियों के बीच की छोटी-सी कहासुनी इस कदर उग्र रूप ले लेती है। बड़ा सवाल: क्या समाज में सहनशीलता इस कदर खत्म हो गई है कि अब छोटे-मोटे विवादों का समाधान सिर्फ हिंसा ही रह गया है? स्थानीय प्रशासन इस वीडियो के आधार पर आरोपियों की शिनाख्त कर कार्रवाई में जुट गया है, लेकिन यह घटना सामाजिक संवाद की कमी पर एक गहरा प्रश्नचिह्न लगाती है।
जोधपुर: मामूली विवाद ने लिया खूनी संघर्ष का रूप, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल रिपोर्ट- सागर तिवारी जोधपुर: मामूली विवाद ने लिया खूनी संघर्ष का रूप, सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल जोधपुर। राजस्थान के जोधपुर से हिंसा का एक विचलित करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में दो पक्ष लाठी-डंडों से लैस होकर एक-दूसरे पर जानलेवा हमला करते नजर आ रहे हैं। हिंसा का तांडव वीडियो के दृश्यों में साफ दिख रहा है कि सफेद कुर्ते में एक व्यक्ति लाठी से हमला कर रहा है, जिसके जवाब में दूसरा पक्ष भी पूरी ताकत से प्रहार कर रहा है। गली में चारों ओर बिखरे खून के निशान और सड़कों पर उल्टी पड़ीं बाइक्स इस संघर्ष की भयावहता की कहानी खुद बयां कर रही हैं। विवाद की जड़ प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह पूरी घटना महज एक मामूली विवाद से शुरू हुई थी। अक्सर जोधपुर जैसे शहरों में बच्चों के खेल, पार्किंग की जगह या पड़ोसियों के बीच की छोटी-सी कहासुनी इस कदर उग्र रूप ले लेती है। बड़ा सवाल: क्या समाज में सहनशीलता इस कदर खत्म हो गई है कि अब छोटे-मोटे विवादों का समाधान सिर्फ हिंसा ही रह गया है? स्थानीय प्रशासन इस वीडियो के आधार पर आरोपियों की शिनाख्त कर कार्रवाई में जुट गया है, लेकिन यह घटना सामाजिक संवाद की कमी पर एक गहरा प्रश्नचिह्न लगाती है।
- रायबरेली: पुलिस कार्यशैली पर सवाल, महिला ने लगाया मारपीट का आरोप रायबरेली: जनपद के डीह थाना क्षेत्र से पुलिसिया कार्यशैली को कटघरे में खड़ा करने वाला एक मामला सामने आया है। यहाँ एक पीड़ित महिला ने स्थानीय पुलिसकर्मियों पर मारपीट और अभद्रता करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का आरोप है कि पुलिस ने न केवल उसके साथ बदसलूकी की, बल्कि शारीरिक रूप से प्रताड़ित भी किया। इस घटना के बाद क्षेत्र में पुलिस की छवि को लेकर आक्रोश व्याप्त है। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और उच्च अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई गई है। अब देखना यह है कि विभाग अपने ही कर्मचारियों पर क्या कार्रवाई करता है।1
- Shailendra Gupta jansewak unchahar1
- Post by प्रदुम कुमार मीडिया कौशाम्बी1
- Post by KEN1
- Post by कौशाम्बी एक्सप्रेस न्यूज1
- खागा फतेहपुर ::- फतेहपुर जनपद के नगर पंचायत स्थिति सुजान सिंह पार्क मे आज दिनांक 19 अप्रैल 2026 दिन रविवार को सुबह 5:30 बजे से 7:30 राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ जिला खागा द्वारा अभ्यास वर्ग और परशुराम जयंती मनाई गई।अभ्यास वर्ग में समता, नियुद्ध ,पद विन्यास, दंड प्रहार, का अभ्यास कराया गया। जिला प्रचारक खागा मोहित नारायण जी का बौद्धिक रहा। तत्पश्चात सह विभाग संघ चालक कृष्ण स्वरूप जी द्वारा भगवान परशुराम जी के चित्र पर पुष्पर्चन किया गया। मोहित नारायण जी जिला प्रचारक ने बताया की परशुराम जयंती भगवान विष्णु के छठे अवतार भगवान परशुराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाई जाती है, जो वैशाख शुक्ल तृतीया (अक्षय तृतीया) को आती है। वे साहस, ज्ञान और शक्ति के प्रतीक हैं, जिन्होंने अन्यायपूर्ण और अत्याचारी शासकों का अंत कर धर्म की स्थापना की थी। उन्हें आठ चिरंजीवियों में से एक माना जाता है, जो आज भी अदृश्य रूप में मौजूद हैं। परशुराम जयंती मनाने के मुख्य कारण: भगवान विष्णु के अवतार: परशुराम जी का जन्म धरती पर पाप और अधर्म का नाश करने के लिए हुआ था। अन्याय के विरुद्ध संघर्ष: उन्होंने अपनी वीरता से अत्याचारी क्षत्रियों का संहार किया और समाज में धर्म व न्याय की पुनर्स्थापना की। शास्त्र और शस्त्र के ज्ञानी: वे एक आदर्श ब्राह्मण, गुरु और तपस्वी थे, जो ज्ञान और युद्ध दोनों में निपुण थे। शिव भक्त: महादेव की कठोर तपस्या से उन्होंने अपना दिव्य अस्त्र 'परशु' (फरसा) प्राप्त किया था, जिसके बाद वे परशुराम कहलाए। प्रेरणा और साहस: यह दिन हमें अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने, अनुशासन और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। कार्यक्रम में नगर संघ चालक उदयपाल जी, जिला सेवा प्रमुख डॉ धर्मेंद्र जी,नगर कार्यवाह उमेश जी, सह नगर कार्यवाह रितेश जी के साथ कृष्ण कुमार मिश्रा जी अरविंद सोनी जी राजेश सिंह जी आलोक केशरवानी जी आदि स्वयंसेवक उपस्थित रहे। Crime24hours/समाचार संपादक आलोक कुमार केशरवानी4
- Post by Shiv darshan1
- उत्तर प्रदेश के रायबरेली जनपद से पुलिस कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए एक गंभीर मामला सामने आया है। यहाँ डीह थाना क्षेत्र की एक महिला ने पुलिसकर्मियों पर मारपीट और अभद्रता के गंभीर आरोप लगाए हैं। मुख्य घटनाक्रम विवाद का कारण: महिला के अनुसार, पुलिस टीम एक जमीनी विवाद की जांच करने उनके घर पहुंची थी। गंभीर आरोप: महिला का दावा है कि पुलिसकर्मियों ने जबरन घर में घुसकर उसके साथ मारपीट की और अभद्र व्यवहार किया। पीड़िता का बयान: महिला ने मीडिया के सामने अपना दर्द बयां करते हुए न्याय की गुहार लगाई है और पुलिस की कार्यप्रणाली को कटघरे में खड़ा किया है। इस घटना के बाद स्थानीय पुलिस प्रशासन की भूमिका पर चर्चा तेज हो गई है। फिलहाल, उच्चाधिकारियों द्वारा मामले की सत्यता की जांच की जा रही है ताकि स्थिति स्पष्ट हो सके।1