कैमूर जिले के मोहनिया स्थित समेकित चेकपोस्ट पर ट्रकों से कथित अवैध वसूली करते हुए एक युवक को एडीटीओ (ADTO) ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी द्वारा टोल प्लाजा और चेकपोस्ट पर अवैध वसूली व भ्रष्टाचार के खिलाफ बरती जा रही सख्ती के बाद परिवहन विभाग काफी सक्रिय नजर आ रहा है। इसी सक्रियता के तहत विभाग ने यह बड़ी कार्रवाई की है। पकड़े गए आरोपी की पहचान धनेछा निवासी राजकिशोर गुप्ता (पिता राज बंद शाह) के रूप में हुई है। अधिकारियों को ट्रक चालकों से अवैध वसूली की लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद आरोपी को दबोचा गया। तलाशी के दौरान उसकी जेब से ₹1800 नकद बरामद हुए। पूछताछ में उसने दावा किया कि ₹600 वह अपने घर से लेकर आया था, लेकिन बाकी की राशि के संबंध में वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान आरोपी राजकिशोर ने दावा किया कि वहां मौजूद एक सिपाही ने ही उसे ट्रकों से पैसे वसूलने के लिए कहा था और खुद वहां से चला गया। हालांकि, पुलिस ने इस दावे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। घटना की सूचना पर पहुंची मोहनिया थाना पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और वह इस अवैध वसूली के पूरे नेटवर्क तथा इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाने में जुटी है।
कैमूर जिले के मोहनिया स्थित समेकित चेकपोस्ट पर ट्रकों से कथित अवैध वसूली करते हुए एक युवक को एडीटीओ (ADTO) ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी द्वारा टोल प्लाजा और चेकपोस्ट पर अवैध वसूली व भ्रष्टाचार के खिलाफ बरती जा रही सख्ती के बाद परिवहन विभाग काफी सक्रिय नजर आ रहा है। इसी सक्रियता
के तहत विभाग ने यह बड़ी कार्रवाई की है। पकड़े गए आरोपी की पहचान धनेछा निवासी राजकिशोर गुप्ता (पिता राज बंद शाह) के रूप में हुई है। अधिकारियों को ट्रक चालकों से अवैध वसूली की लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद आरोपी को दबोचा गया। तलाशी के दौरान उसकी जेब से ₹1800 नकद बरामद हुए। पूछताछ में उसने
दावा किया कि ₹600 वह अपने घर से लेकर आया था, लेकिन बाकी की राशि के संबंध में वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान आरोपी राजकिशोर ने दावा किया कि वहां मौजूद एक सिपाही ने ही उसे ट्रकों से पैसे वसूलने के लिए कहा था और खुद वहां से चला गया। हालांकि, पुलिस ने
इस दावे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। घटना की सूचना पर पहुंची मोहनिया थाना पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और वह इस अवैध वसूली के पूरे नेटवर्क तथा इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाने में जुटी है।
- मुंगेर पुलिस ने अवैध हथियारों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक हथियार डिलीवरी बॉय को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से पांच देशी पिस्टल, पांच मैगजीन, एक मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन बरामद किया है। सदर अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीपीओ) अभिषेक आनंद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि यह गिरफ्तारी बरियारपुर थाना पुलिस द्वारा तीन बटिया के पास चलाए गए विशेष वाहन चेकिंग अभियान के दौरान की गई। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि भागलपुर जिले से एक व्यक्ति मोटरसाइकिल पर अवैध हथियार लेकर मुंगेर की तरफ आ रहा है। सूचना के आधार पर बरियारपुर थानाध्यक्ष अमरेश कुमार, जिला आसूचना इकाई की टीम और सशस्त्र बल ने घेराबंदी की। इस दौरान घोरघट की तरफ से आ रहे एक मोटरसाइकिल सवार को जब रुकने का इशारा किया गया, तो उसने भागने की कोशिश की। हालांकि, सुरक्षा बलों ने मुस्तैदी दिखाते हुए उसे धर दबोचा। पकड़े गए व्यक्ति की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के कल्याणचक सीताकुंड निवासी मोहम्मद शदाकत अंसारी उर्फ करकु के रूप में हुई है। पुलिस ने जब उसकी तलाशी ली तो बाइक के हैंडल में लटके झोले से पांच देशी पिस्टल और पांच अतिरिक्त मैगजीन बरामद हुईं। पूछताछ के दौरान आरोपी शदाकत ने खुलासा किया कि उसने ये हथियार भागलपुर के भगवान नाथ चौक स्थित एक लाइन होटल के पास किसी व्यक्ति से लिए थे। इन हथियारों की डिलीवरी मुंगेर के बरदह गांव निवासी मोहम्मद शलीम उर्फ फलोसन को की जानी थी। आरोपी ने स्वीकार किया कि वह पहले भी इस तरह की हथियार डिलीवरी कर चुका है और प्रत्येक खेप पहुंचाने के लिए उसे मोटी रकम मिलती थी। बरियारपुर थाना पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर शदाकत को जेल भेज दिया है, जबकि हथियार मंगाने वाले मोहम्मद शलीम उर्फ फलोसन और भागलपुर के सप्लायर की तलाश की जा रही है।3
- मुंगेर रेंज के डीआईजी राकेश कुमार शुक्रवार को तारापुर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) कार्यालय पहुंचे। वहां पहुंचने पर एसआई मनीष कुमार और पुलिस बल ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया। इसके बाद डीआईजी ने कार्यालय का निरीक्षण कर प्रशासनिक व्यवस्था, अभिलेखों के रख-रखाव और क्षेत्र की कानून-व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान डीआईजी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन करने, आम जनता की शिकायतों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने और संवेदनशील मामलों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। साथ ही, अपराध नियंत्रण के लिए नियमित गश्ती बढ़ाने और खुफिया तंत्र को और मजबूत करने पर भी विशेष जोर दिया। डीआईजी ने तारापुर अनुमंडल के चारों थानों के लंबित कांडों की समीक्षा करते हुए अनुसंधान में तेजी लाने और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। इस अवसर पर एसडीपीओ कुमार देवेंद्र, इंस्पेक्टर विवेक राज, तारापुर थानाध्यक्ष राज कुमार, असरगंज थानाध्यक्ष विपुल कुमार, हरपुर थानाध्यक्ष सत्यम कुमार और संग्रामपुर थाना के पुलिस पदाधिकारियों समेत कई अन्य अधिकारी मौजूद रहे।1
- 😌😌😌🥹1
- विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर मुंगेर में परिवार नियोजन का संदेश देने के लिए एक जागरूकता रैली निकाली गई। इस रैली के दौरान "पहला बच्चा अभी नहीं, दो बच्चों के बाद कभी नहीं" का संदेश गूंजा।1
- बिहार के मुंगेर में मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर उड़ने के लगभग 15 मिनट तक आसमान में नहीं उड़ पाया। इस घटना से वहां मौजूद लोगों के बीच भारी अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद कमांडो ने सक्रिय होकर फिर से उस जगह को खाली कराया।1
- भागलपुर जिले के नवगछिया स्थित मकनपुर चौक पर एक बार फिर बुलडोजर चला है। स्थानीय स्तर पर हुई इस कार्रवाई का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें अतिक्रमण हटाने या निर्माण गिराने की प्रक्रिया को देखा जा सकता है।1
- खगड़िया में पुलिस को 'ऑपरेशन मुस्कान' के तहत एक बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने 15 दिनों के एक विशेष अभियान के दौरान गुमशुदा और चोरी हुए 51 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए हैं। करीब ₹9.83 लाख मूल्य के इन मोबाइलों को वापस पाकर लोगों के चेहरों पर खुशी लौट आई है। पुलिस अधीक्षक भानु प्रताप सिंह ने खुद लाभुकों को ये मोबाइल वितरित किए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आम लोगों की खोई हुई संपत्ति वापस दिलाने का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।1
- मुंगेर के तारापुर नगर पंचायत कार्यालय में शुक्रवार को मुख्य पार्षद नीलम देवी की अध्यक्षता में सामान्य बोर्ड की बैठक आयोजित की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक का संचालन कार्यपालक पदाधिकारी सोनाली प्रिया ने किया। बैठक के दौरान नौ जून को आयोजित सशक्त स्थायी समिति की बैठक के निर्णयों की संपुष्टि की गई और क्षेत्रीय विकास से जुड़ी नौ कल्याणकारी योजनाओं को सर्वसम्मति से स्वीकृति दी गई। कार्यपालक पदाधिकारी ने बैठक में जानकारी दी कि नगर पंचायत क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट लगाने की टेंडर प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली गई है और एक सप्ताह के भीतर धरातल पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इसके साथ ही, आगामी श्रावणी मेला-2026 की तैयारियों की समीक्षा की गई और सभी स्वीकृत योजनाओं के निर्माण कार्यों को शीघ्र आरंभ करने का कड़ा निर्देश दिया गया। मुख्य पार्षद नीलम देवी ने बताया कि स्वीकृत योजनाओं के तहत विभिन्न वार्डों में पीसीसी सड़क, नाला निर्माण और नाले पर ढक्कन लगाने जैसे विकास कार्य जल्द शुरू किए जाएंगे। बैठक के दौरान वार्ड पार्षदों ने स्थानीय स्तर पर जनता से जुड़ी कई समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। पार्षदों ने क्षेत्र की सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने, कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत दी जाने वाली सहायता राशि का अविलंब भुगतान सुनिश्चित करने तथा लंबे समय से बंद पड़े वाटर एटीएम को तत्काल चालू कराने की जोरदार मांग रखी।1
- कैमूर जिले के मोहनिया स्थित समेकित चेकपोस्ट पर ट्रकों से कथित अवैध वसूली करते हुए एक युवक को एडीटीओ (ADTO) ने रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी द्वारा टोल प्लाजा और चेकपोस्ट पर अवैध वसूली व भ्रष्टाचार के खिलाफ बरती जा रही सख्ती के बाद परिवहन विभाग काफी सक्रिय नजर आ रहा है। इसी सक्रियता के तहत विभाग ने यह बड़ी कार्रवाई की है। पकड़े गए आरोपी की पहचान धनेछा निवासी राजकिशोर गुप्ता (पिता राज बंद शाह) के रूप में हुई है। अधिकारियों को ट्रक चालकों से अवैध वसूली की लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद आरोपी को दबोचा गया। तलाशी के दौरान उसकी जेब से ₹1800 नकद बरामद हुए। पूछताछ में उसने दावा किया कि ₹600 वह अपने घर से लेकर आया था, लेकिन बाकी की राशि के संबंध में वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान आरोपी राजकिशोर ने दावा किया कि वहां मौजूद एक सिपाही ने ही उसे ट्रकों से पैसे वसूलने के लिए कहा था और खुद वहां से चला गया। हालांकि, पुलिस ने इस दावे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। घटना की सूचना पर पहुंची मोहनिया थाना पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और वह इस अवैध वसूली के पूरे नेटवर्क तथा इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाने में जुटी है।4