अजमेर: नसीराबाद घाटी में चलती रोडवेज बस से उठा धुआं, यात्रियों ने खिड़कियों कूदकर बचाई जान पंकज बाफना। राजस्थान में कोटा से अजमेर जा रही एक रोडवेज बस में उस समय हड़कंप मच गया जब नसीराबाद घाटी के पास बस से अचानक तेज धुआं उठने लगा. बस में बैठे यात्रियों को लगा कि कहीं आग न लग जाए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया. तकनीकी खराबी बनी घबराहट की वजह जानकारी के अनुसार बस की क्लच प्लेट अचानक स्लिप हो गई थी. इसी कारण बस के इंजन हिस्से से धुआं उठने लगा. हालांकि यह आग नहीं थी, लेकिन धुएं ने यात्रियों को डरा दिया और उन्होंने तुरंत बस से बाहर निकलने की कोशिश शुरू कर दी.यात्री खिड़कियों से कूदे, शीशा तोड़ा गया घबराए यात्रियों ने जान बचाने के लिए खिड़कियों से कूदना शुरू कर दिया. इस दौरान एक राहगीर ने स्थिति को गंभीर समझते हुए बस का पिछला शीशा पत्थर से तोड़ दिया ताकि लोग आसानी से बाहर निकल सकें. कुछ ही पलों में बस खाली हो गई. सड़क पर मचा अफरा-तफरी और लगा जाम इस घटना का असर आसपास के यातायात पर भी पड़ा. बस के पीछे चल रहे दोपहिया वाहन चालकों में भी डर फैल गया और वे अपने वाहन छोड़कर दूर भागने लगे. घाटी में कुछ समय के लिए जाम की स्थिति बन गई, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ. चालक की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा घटना के बाद बस चालक ने संयम बनाए रखा और बस को धीरे-धीरे नियंत्रित करते हुए अजमेर रोडवेज वर्कशॉप तक पहुंचाया. वहां बस की जांच कर मरम्मत की गई और स्थिति को सामान्य किया गया. रोडवेज अधिकारियों के अनुसार यह सिर्फ तकनीकी खराबी थी और बस में आग नहीं लगी थी. सभी यात्री सुरक्षित हैं और किसी को चोट नहीं आई है. बस के टूटे शीशे को भी ठीक कराया जा रहा है.
अजमेर: नसीराबाद घाटी में चलती रोडवेज बस से उठा धुआं, यात्रियों ने खिड़कियों कूदकर बचाई जान पंकज बाफना। राजस्थान में कोटा से अजमेर जा रही एक रोडवेज बस में उस समय हड़कंप मच गया जब नसीराबाद घाटी के पास बस से अचानक तेज धुआं उठने लगा. बस में बैठे यात्रियों को लगा कि कहीं आग न लग जाए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया. तकनीकी खराबी बनी घबराहट की वजह जानकारी के अनुसार बस की क्लच प्लेट अचानक स्लिप हो गई थी. इसी कारण बस के इंजन हिस्से से धुआं उठने लगा. हालांकि यह आग नहीं थी, लेकिन धुएं ने यात्रियों को डरा दिया और उन्होंने तुरंत बस से बाहर निकलने की कोशिश शुरू कर दी.यात्री खिड़कियों से कूदे, शीशा तोड़ा गया घबराए यात्रियों ने जान बचाने के लिए खिड़कियों से कूदना शुरू कर दिया. इस दौरान एक राहगीर ने स्थिति को गंभीर समझते हुए बस का पिछला शीशा पत्थर से तोड़ दिया ताकि लोग आसानी से बाहर निकल सकें. कुछ ही पलों में बस खाली हो गई. सड़क पर मचा अफरा-तफरी और लगा जाम इस घटना का असर आसपास के यातायात पर भी पड़ा. बस के पीछे चल रहे दोपहिया वाहन चालकों में भी डर फैल गया और वे अपने वाहन छोड़कर दूर भागने लगे. घाटी में कुछ समय के लिए जाम की स्थिति बन गई, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ. चालक की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा घटना के बाद बस चालक ने संयम बनाए रखा और बस को धीरे-धीरे नियंत्रित करते हुए अजमेर रोडवेज वर्कशॉप तक पहुंचाया. वहां बस की जांच कर मरम्मत की गई और स्थिति को सामान्य किया गया. रोडवेज अधिकारियों के अनुसार यह सिर्फ तकनीकी खराबी थी और बस में आग नहीं लगी थी. सभी यात्री सुरक्षित हैं और किसी को चोट नहीं आई है. बस के टूटे शीशे को भी ठीक कराया जा रहा है.
- *गुलाबपुरा में अधिवक्ता पर हमले को लेकर अधिवक्ताओं में आक्रोश* *अधिवक्ता सुरक्षा कानून की मांग तेज, मुख्यमंत्री को भेजा गया पत्र* *केकड़ी 28 मार्च (पवन राठी )* *प्रदेश में अधिवक्ताओं के साथ बढ़ रही मारपीट और अभद्र व्यवहार की घटनाओं को लेकर अधिवक्ता समाज में रोष बढ़ता जा रहा है। इसी क्रम में अखिल भारतीय संयुक्त अधिवक्ता मंच के प्रदेश महासचिव मनोज आहूजा ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र भेजकर अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करने तथा दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। पत्र में बताया कि 25 मार्च 2026 को गुलाबपुरा (भीलवाड़ा) स्थित आगूंचा टोल प्लाजा पर अधिवक्ता रामकुंवर प्रजापत एवं उनके परिवार के साथ टोलकर्मियों द्वारा मारपीट की गई।* *आरोप है कि पहचान बताने के बावजूद अधिवक्ता पेशे को लेकर अभद्र टिप्पणी की गई और महिलाओं व बच्चियों के साथ भी दुर्व्यवहार किया गया। घटना के बाद गुलाबपुरा थाने में मामला दर्ज कर पीड़ित अधिवक्ता व उनके परिजनों का मेडिकल कराया गया, लेकिन आरोपियों के खिलाफ केवल साधारण धाराओं में कार्रवाई की गई।* *मुख्य आरोपी अब तक गिरफ्तारी से बाहर हैं, जिससे अधिवक्ता समुदाय में नाराजगी व्याप्त है। पत्र में कहा गया है कि यदि अधिवक्ता और उनका परिवार ही सुरक्षित नहीं है, तो आमजन की सुरक्षा पर भी प्रश्नचिह्न खड़ा होता है। प्रदेश में लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं को देखते हुए अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू करना समय की आवश्यकता बताया गया है। मनोज आहूजा ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि प्रदेश में शीघ्र अधिवक्ता सुरक्षा कानून लागू किया जाए और गुलाबपुरा घटना में शामिल सभी दोषी टोलकर्मियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई की जाए। पत्र भेजने के दौरान बार उपाध्यक्ष द्वारका प्रसाद पंचोली, वरिष्ठ अधिवक्ता निर्मल चौधरी, मुरलीधर शर्मा, शिवप्रसाद पाराशर, लेसी झवर, भैरू सिंह राठौड़, फरीद खान, धर्मेंद्र सिंह मेघवंशी, शंकर सिंह आदि मौजूद थे।*3
- नांदला-भवानीखेड़ा के बीच सूखे चारे में भड़की आग, दमकल की तत्परता से बड़ा हादसा टला1
- Babbar Sher king of Kamal Meena1
- Post by Kailash Fulwari1
- ईरान इसराइल और अमेरिका में युद्ध के चलते गैस पेट्रोल डीजल की सप्लाई का असर अजमेर में भी देखने को मिल रहा है वैशाली नगर पेट्रोल पंप पर ऑटो रिक्शा की लंबी कटारे देखने को मिली पेट्रोल पंप पर ऑटो रिक्शा संचालकों की सुबह 10:00 बजे से ही भीड़ नजर आई करीब 1 किलोमीटर दूर तक ऑटो रिक्शा संचालक को नहीं खड़े रहकर अपनी बारी से इंतजार करते हुए पेट्रोल पंप पर सीएनजी के लिए लाइन लगा1
- अजमेर में राजस्थान हॉकी संघ के खिलाड़ियों से कांग्रेस शहर अध्यक्ष डॉ. राजकुमार जयपाल ने मुलाकात कर उनका हौसला बढ़ाया। आगामी टूर्नामेंट को लेकर उन्होंने खिलाड़ियों से बातचीत की और उन्हें पूरी मेहनत और आत्मविश्वास के साथ मैदान में उतरने की सलाह दी। डॉ. जयपाल ने कहा कि खिलाड़ी शहर और प्रदेश का नाम रोशन करने की पूरी क्षमता रखते हैं, बस जरूरत है मजबूत इरादे और बेहतर प्रदर्शन की। इस दौरान उन्होंने खिलाड़ियों को जीत के लिए तैयार रहने और अनुशासन के साथ खेल पर ध्यान देने का संदेश दिया। मीडिया से बातचीत में उन्होंने खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए हर संभव सहयोग का भरोसा भी दिलाया।1
- Post by Rajevishnoi rawla1
- *जिला समाप्ति की मासिक बरसी को ब्लैक डे के रूप मे मनाया गया* *केकड़ी क्षेत्र की जनता कर रही न्याय की मांग -जिला बहाल करो -चेतन धाबाई* *हुक्मरानो की नाइंसाफी की सजा भुगत रही केकड़ी क्षेत्र की आवाम -सलीम गौरी* *केकड़ी 28मार्च (पवन राठी )* *केकड़ी जिले को राज्य की भजन लाल सरकार द्वारा 28दिसंबर 2024 को समाप्त कर दिया था l* *बार एसोसिएशन केकड़ी के बैनर तले 2 जनवरी 2025 से जिला वापस बहाली की मांग को लेकर धरना प्रदर्शन अनवरत आज भी जारी है और प्रत्येक माह की 28 तारीख को ब्लैक डे मनाया जाता है l* *इसी कड़ी मे आज 28 मार्च को धरना स्थल पर ब्लैक डे मनाया गया l* *इस अवसर पर वकीलों ने काली पट्टी बाँध न्यायिक कार्यो का बहिष्कार कर राज्य सरकार के विरुद्ध जमकर केकड़ी जिला बहाल करो की भी नारेबाजी कर उपखण्ड अधिकारी को मुख्य मंत्री के नाम का ज्ञापन सौंपा l* *ज्ञापन मे लिखा गया है की केकड़ी जिला बनने की सभी पात्रताये पूरी कर रहा था परन्तु उसके बाद भी सरकार द्वारा राजनितिक द्वेषता वश केकड़ी जिले को समाप्त करके क्षेत्र की जनता के साथ अन्याय किया गया है lजिला समाप्ति के कारण केकड़ी मे विकास कार्य थम चुके है और विगत काल से अब तक केकड़ी विकास कार्यो मे काफी पिछड़ गया है l* *ब्लैक डे पर अपने सम्बोधन मे वरिष्ठ अधिवक्ता चेतन धाबाई ने भी यही बात कही की राज्य सरकार ने केकड़ी जिले को समाप्त करके क्षेत्र की जनता के साथ घोर अन्याय किया है lइसलिए राज्य सरकार को जनहित मे तत्काल केकड़ी जिले को बहाल करके अपनी गलती को सुधार लेना चाहिए l* *वरिष्ठ अधिवक्ता सलीम गौरी ने अपने उद्बोधन मे कहा की हुकमरानों की दहशत के कारण जिला बहाली आंदोलन का कारवा भले ही थम सा गया प्रतीत हो रहा हो लेकिन जो आंदोलन की चिंगारी केकड़ी बार द्वारा लगाई गई थी वही छोटी सी चिंगारी वक़्त आने पर शोले का रूप धारण करके अपना अधिकार प्राप्त करके ही रहेगी l*भले ही हुकमरान कितनी ही दहशत फैलाये जूनून को कभी काबू करके बंधक नहीं बनाया जा सकेगा l*4