घुटना भर पानी से स्कूल जाने को मजबूर बच्चे प्रशासन मौन सुलतानपुर । दूबेपुर ब्लॉक के भुल्की गांव की दलित बस्ती में जल निकासी की बदहाल व्यवस्था ने ग्रामीणों की जिंदगी दुश्वार कर दी हैं हालात यह हैं कि बिना बारिश के ही रास्तों पर घुटना भर पानी भरा हुआ हैं और स्कूली बच्चे इसी पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं ग्रामीणों का आरोप हैं कि कई बार शिकायत करने के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया बाग दर्ज होने के बाद पानी की निकासी बंद कर दी गई जिससे बस्ती में जलभराव की समस्या और गंभीर हो गई हैं छोटे-छोटे बच्चे रोजाना जोखिम उठाकर पानी के बीच से गुजरते नजर आते हैं गांव के श्याम जी ने बताया कि वर्ष 2020 से उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया जा रहा हैं लेकिन आज तक समुचित जल निकासी की व्यवस्था नहीं हो सकी वहीं ग्राम प्रधान रिजवान अहमद ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत पानी की टंकी निर्माण और रास्ता पास होने के कारण यह स्थिति बनी हैं उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही पानी निकासी की व्यवस्था कराई जाएगी फिलहाल सवाल यह है कि आखिर कब तक मासूम बच्चे और ग्रामीण ऐसे ही हालात में जीने को मजबूर रहेंगे ग
घुटना भर पानी से स्कूल जाने को मजबूर बच्चे प्रशासन मौन सुलतानपुर । दूबेपुर ब्लॉक के भुल्की गांव की दलित बस्ती में जल निकासी की बदहाल व्यवस्था ने ग्रामीणों की जिंदगी दुश्वार कर दी हैं हालात यह हैं कि बिना बारिश के ही रास्तों पर घुटना भर पानी भरा हुआ हैं और स्कूली बच्चे इसी पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं ग्रामीणों का आरोप हैं कि कई बार शिकायत करने के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया बाग दर्ज होने के बाद पानी की निकासी बंद कर दी गई जिससे बस्ती में जलभराव की समस्या और गंभीर हो गई हैं छोटे-छोटे बच्चे रोजाना जोखिम उठाकर पानी के बीच से गुजरते नजर आते हैं गांव के श्याम जी ने बताया कि वर्ष 2020 से उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया जा रहा हैं लेकिन आज तक समुचित जल निकासी की व्यवस्था नहीं हो सकी वहीं ग्राम प्रधान रिजवान अहमद ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत पानी की टंकी निर्माण और रास्ता पास होने के कारण यह स्थिति बनी हैं उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही पानी निकासी की व्यवस्था कराई जाएगी फिलहाल सवाल यह है कि आखिर कब तक मासूम बच्चे और ग्रामीण ऐसे ही हालात में जीने को मजबूर रहेंगे ग
- दिल्ली में पुरुष परिधान को नई परिभाषा देते हुए द बेयर हाउस ने जनकपुरी में खोला अपना प्रमुख स्टोर भारत का समकालीन पुरुष परिधान ब्रांड द बेयर हाउस ने जनकपुरी में अपने प्रमुख स्टोर के उद्घाटन के साथ एक नया मानदंड स्थापित किया है। दो मंजिलों में फैला 10हजार वर्ग फुट का यह भव्य और अनुभवातमक रिटेल ब्रांड के विस्तार में एक महत्वपूर्ण मील का पथर है। राजधानी के विकसित होते फैशन परिदृश्य में बेयर हाउस में अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हुए दिल्ली के सबसे गतिशील इलाकों में से एक मैं उक्त डिज़ाइन-प्रधान पुरुष परिधान लेकर आया है। द बेयर हाउस के संस्थापक हर्ष सोमैया व तन्वी सोमैया द्वारा स्थापित बेयर हाउस ने आधुनिक भारतीय पुरुष की अलमारी को नए सिरे से सुसज्जित किया है जिसमे आराम स्टाइल व संवेदनशीलता का संतुलित समावेश है। जिसमे शर्ट्स और पोलों से लेकर जींस और एक्सेसरीज तक प्रत्येक परिधान को बेहतरीन गुणावत्ता और शैली प्रदान करने के उद्देश्य से बारीकी से तैयार किया गया है, जो सभी शालिन पुरुषो की पसंद को ध्यान में रखता है।1
- Post by Kishanveer Rajput1
- सुलतानपुर । दूबेपुर ब्लॉक के भुल्की गांव की दलित बस्ती में जल निकासी की बदहाल व्यवस्था ने ग्रामीणों की जिंदगी दुश्वार कर दी हैं हालात यह हैं कि बिना बारिश के ही रास्तों पर घुटना भर पानी भरा हुआ हैं और स्कूली बच्चे इसी पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं ग्रामीणों का आरोप हैं कि कई बार शिकायत करने के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया बाग दर्ज होने के बाद पानी की निकासी बंद कर दी गई जिससे बस्ती में जलभराव की समस्या और गंभीर हो गई हैं छोटे-छोटे बच्चे रोजाना जोखिम उठाकर पानी के बीच से गुजरते नजर आते हैं गांव के श्याम जी ने बताया कि वर्ष 2020 से उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया जा रहा हैं लेकिन आज तक समुचित जल निकासी की व्यवस्था नहीं हो सकी वहीं ग्राम प्रधान रिजवान अहमद ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत पानी की टंकी निर्माण और रास्ता पास होने के कारण यह स्थिति बनी हैं उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही पानी निकासी की व्यवस्था कराई जाएगी फिलहाल सवाल यह है कि आखिर कब तक मासूम बच्चे और ग्रामीण ऐसे ही हालात में जीने को मजबूर रहेंगे ग1
- Post by Bharatiya Jan KRANTI SENA1
- ईरान पर इसराइल और अमेरिका का हमला, भारत ने भी दी प्रतिक्रिया1
- Post by Monu Patel1
- Israel और Iran के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, आज सुबह ईरान की राजधानी Tehran में मिसाइल हमलों की आवाज़ें सुनी गईं, जिससे पूरे शहर में दहशत फैल गई। कूटनीतिक सूत्रों का दावा है कि इस कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी हलचल तेज़ है। कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा जा रहा है कि यह कदम रणनीतिक सहमति के बाद उठाया गया, हालांकि आधिकारिक पुष्टि का इंतज़ार है। ईरान ने इस हमले को सीधा उकसावा करार दिया है और कड़ी प्रतिक्रिया की चेतावनी दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर स्थिति नियंत्रित नहीं हुई, तो इसका असर केवल मिडिल ईस्ट तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि वैश्विक राजनीति, तेल बाज़ार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर भी पड़ सकता है। दक्षिण एशिया से लेकर मिडिल ईस्ट तक बढ़ते सैन्य तनाव के बीच दुनिया की निगाहें अब आने वाले कूटनीतिक कदमों पर टिकी हैं।1
- Post by Kishanveer Rajput1