पन्ना के श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर सरकार सप्तनिधि धाम मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा एवं गुरुपूर्णिमा महोत्सव के पाँचवें दिन अग्रमलूक पीठाधीश्वर पूज्य श्री राजेंद्र दास जी महाराज ने भक्तों को श्री जुगल किशोर सरकार की सेवा का आध्यात्मिक महत्व समझाया। पूर्व मंत्री एवं पन्ना विधायक बृजेंद्र प्रताप सिंह द्वारा आयोजित इस दिव्य महोत्सव में देशभर और विशेष रूप से श्रीधाम वृंदावन से 150 से अधिक संत-महात्मा पधारे हैं। श्रद्धालु यहाँ गौरीलाल कुंज के परम पूज्य किशोर दास जी महाराज के सान्निध्य में प्रतिदिन श्रीमद्भागवत कथा का अमृतमय रसपान कर रहे हैं। अपने प्रवचन के दौरान पूज्य राजेंद्र दास जी महाराज ने कहा कि श्री जुगल किशोर सरकार की सेवा की दो प्रमुख विधियाँ हैं—राग और भोग। राग का तात्पर्य समाज गायन, संकीर्तन, भजन और मधुर पदों के गायन से है जिससे ठाकुर जी प्रसन्न होते हैं, जबकि भोग का अर्थ भगवान को प्रतिदिन प्रेम, श्रद्धा और शुद्ध भाव से 56 भोग, मिष्ठान्न, पकवान, फल, मेवा और अन्य सात्विक व्यंजन अर्पित करना है। उन्होंने पन्नावासियों को याद दिलाया कि श्री जुगल किशोर सरकार ब्रज के ठाकुर हैं, इसलिए उनकी सेवा ब्रज की परंपरा के अनुरूप वर्षभर नियमित रूप से भोग, आरती, समाज गायन और संकीर्तन के माध्यम से निरंतर चलती रहनी चाहिए। पूज्य महाराज ने इस वर्ष गुरुपूर्णिमा महोत्सव के माध्यम से शुरू हुई इस दिव्य परंपरा को प्रत्येक वर्ष निरंतर जारी रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने इस भव्य आयोजन के लिए पूर्व मंत्री एवं पन्ना विधायक बृजेंद्र प्रताप सिंह के प्रयासों की सराहना की, जिनके कारण वृंदावन के संत इतनी बड़ी संख्या में पन्ना पहुंचे हैं। उन्होंने पन्ना में वर्ष में कम से कम एक बार ऐसा आयोजन कराने का सुझाव दिया ताकि संतों के समाज गायन और संकीर्तन से जुगल किशोर सरकार प्रसन्न रहें। महोत्सव के दौरान वृंदावन से पधारे संतों द्वारा पारंपरिक समाज गायन की प्रस्तुति भी दी गई जिससे पूरा मंदिर परिसर भक्तिरस में सराबोर हो गया। इस गरिमामयी अवसर पर चतुःसंप्रदाय अध्यक्ष, विरक्त वैष्णव परिषद श्रीधाम वृंदावन परम पूज्य श्री श्री 108 महंत सनत कुमार दास जी महाराज, श्री जुगल किशोर सरकार को प्रकट करने वाले पूज्य हिम्मत दास जी महाराज की 15वीं पीढ़ी के परम पूज्य गोस्वामी जी (किशोर बांसी धाम, वृंदावन), हीतानंद शर्मा (सह क्षेत्र बौद्धिक प्रमुख), बृजकांत जी (प्रांत प्रचारक, महाकौशल प्रांत), उमेश जी (प्रांत बौद्धिक प्रमुख, महाकौशल प्रांत) सहित बड़ी संख्या में संत-महात्मा और श्रद्धालु उपस्थित रहे।
पन्ना के श्री श्री 1008 श्री जुगल किशोर सरकार सप्तनिधि धाम मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा एवं गुरुपूर्णिमा महोत्सव के पाँचवें दिन अग्रमलूक पीठाधीश्वर पूज्य श्री राजेंद्र दास जी महाराज ने भक्तों को श्री जुगल किशोर सरकार की सेवा का आध्यात्मिक महत्व समझाया। पूर्व मंत्री एवं पन्ना विधायक बृजेंद्र प्रताप सिंह द्वारा आयोजित इस दिव्य महोत्सव में देशभर और विशेष रूप से श्रीधाम वृंदावन से 150 से अधिक संत-महात्मा पधारे हैं। श्रद्धालु यहाँ गौरीलाल कुंज के परम पूज्य किशोर दास जी महाराज के सान्निध्य में प्रतिदिन श्रीमद्भागवत कथा का अमृतमय रसपान कर रहे हैं। अपने प्रवचन के
दौरान पूज्य राजेंद्र दास जी महाराज ने कहा कि श्री जुगल किशोर सरकार की सेवा की दो प्रमुख विधियाँ हैं—राग और भोग। राग का तात्पर्य समाज गायन, संकीर्तन, भजन और मधुर पदों के गायन से है जिससे ठाकुर जी प्रसन्न होते हैं, जबकि भोग का अर्थ भगवान को प्रतिदिन प्रेम, श्रद्धा और शुद्ध भाव से 56 भोग, मिष्ठान्न, पकवान, फल, मेवा और अन्य सात्विक व्यंजन अर्पित करना है। उन्होंने पन्नावासियों को याद दिलाया कि श्री जुगल किशोर सरकार ब्रज के ठाकुर हैं, इसलिए उनकी सेवा ब्रज की परंपरा के अनुरूप वर्षभर नियमित रूप से भोग, आरती, समाज
गायन और संकीर्तन के माध्यम से निरंतर चलती रहनी चाहिए। पूज्य महाराज ने इस वर्ष गुरुपूर्णिमा महोत्सव के माध्यम से शुरू हुई इस दिव्य परंपरा को प्रत्येक वर्ष निरंतर जारी रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने इस भव्य आयोजन के लिए पूर्व मंत्री एवं पन्ना विधायक बृजेंद्र प्रताप सिंह के प्रयासों की सराहना की, जिनके कारण वृंदावन के संत इतनी बड़ी संख्या में पन्ना पहुंचे हैं। उन्होंने पन्ना में वर्ष में कम से कम एक बार ऐसा आयोजन कराने का सुझाव दिया ताकि संतों के समाज गायन और संकीर्तन से जुगल किशोर सरकार प्रसन्न रहें। महोत्सव के
दौरान वृंदावन से पधारे संतों द्वारा पारंपरिक समाज गायन की प्रस्तुति भी दी गई जिससे पूरा मंदिर परिसर भक्तिरस में सराबोर हो गया। इस गरिमामयी अवसर पर चतुःसंप्रदाय अध्यक्ष, विरक्त वैष्णव परिषद श्रीधाम वृंदावन परम पूज्य श्री श्री 108 महंत सनत कुमार दास जी महाराज, श्री जुगल किशोर सरकार को प्रकट करने वाले पूज्य हिम्मत दास जी महाराज की 15वीं पीढ़ी के परम पूज्य गोस्वामी जी (किशोर बांसी धाम, वृंदावन), हीतानंद शर्मा (सह क्षेत्र बौद्धिक प्रमुख), बृजकांत जी (प्रांत प्रचारक, महाकौशल प्रांत), उमेश जी (प्रांत बौद्धिक प्रमुख, महाकौशल प्रांत) सहित बड़ी संख्या में संत-महात्मा और श्रद्धालु उपस्थित रहे।
- मध्य प्रदेश के पन्ना जिले की तारा ग्राम पंचायत में गुंडागर्दी और कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ ग्राम पंचायत के सरपंच और उनके साथियों पर एक युवक को बीच सड़क लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटने का आरोप लगा है। बेखौफ आरोपियों ने युवक को सरेआम घेरकर डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे युवक खून से लथपथ होकर सड़क पर ही गिर पड़ा। अचानक हुई इस मारपीट से इलाके में हड़कंप मच गया और घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस वारदात का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और पुलिस-प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। इस घटना के बाद यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि क्या जिले में दबंगों के सिर से कानून का खौफ पूरी तरह खत्म हो चुका है? पीड़ित और परिजन पुलिस से आरोपियों पर कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई और सख्त धाराओं में मामला दर्ज करने की मांग कर रहे हैं।1
- पन्ना के गढ़ीपड़रिया ग्राम पंचायत अंतर्गत घुसरहा मोहल्ले में जल निगम की लापरवाही के कारण इस वर्ष भारी जलभराव की गंभीर आशंका पैदा हो गई है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि जल निगम ने पुल के ऊपर बिछाई गई पाइपलाइन को ढंकने के लिए लगभग एक फीट ऊंची कंक्रीट की दीवार बना दी है। इस दीवार के खड़े होने से पुल की जल निकासी क्षमता बुरी तरह प्रभावित हो गई है। ग्रामीणों के अनुसार, बृंदाबन बांध के ओवरफ्लो होने पर हर साल पानी इस पुल के ऊपर से होकर बहता है और कई बार लोगों के घरों तक पहुंच जाता है। अब पुल की ऊंचाई पर अतिरिक्त कंक्रीट डाल दिए जाने से पानी का प्राकृतिक बहाव बाधित होने की संभावना बहुत ज्यादा बढ़ गई है। इससे न केवल घुसरहा मोहल्ले के मकानों में, बल्कि समीप स्थित स्कूल परिसर में भी पानी घुसने का खतरा मंडरा रहा है, जिससे बारिश के दिनों में जनजीवन प्रभावित होने और बच्चों की पढ़ाई बाधित होने की चिंता सता रही है। इस संकट को देखते हुए ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जल निगम के वरिष्ठ अधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। ग्रामीणों की मांग है कि अधिकारी मौके का निरीक्षण कर पुल पर बनाई गई इस कंक्रीट संरचना की तकनीकी जांच करवाएं और जल निकासी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करें, ताकि बरसात के मौसम में किसी भी प्रकार की जन-धन की हानि को रोका जा सके।2
- पन्ना जिले के अमानगंज स्थित शासकीय महाविद्यालय में भारी अनियमितताएं देखने को मिल रही हैं, जिससे छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। इस अव्यवस्था को लेकर सीधे तौर पर यह गंभीर सवाल उठाया जा रहा है कि आखिर बच्चों के भविष्य के साथ किए जा रहे इस खिलवाड़ और महाविद्यालय की भारी अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार कौन है?1
- Post by Idlesh Kumar2
- दिल्ली के जंतर-मंतर और संसद क्षेत्र में प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। अपनी मांगों को लेकर यहां बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी एकत्र हुए हैं। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा के लिहाज से कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की गई है। इस पूरे घटनाक्रम पर इस समय देशभर की नजर बनी हुई है और यह मामला आज राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- छतरपुर के मत्स्योद्योग सहकारी समिति मर्यादित बगौता के सदस्यों ने समिति के अध्यक्ष एवं पूर्व सरपंच पर मनमानी और गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। इस मामले को लेकर समिति के सदस्यों ने आज 21 जुलाई को दोपहर करीब 12:30 बजे जनसुनवाई में कलेक्टर को एक शिकायत पत्र सौंपा है। शिकायतकर्ताओं ने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। सदस्यों का आरोप है कि समिति के पूर्व सरपंच द्वारा उन पर मनगढ़ंत आरोप लगाकर उन्हें बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है। समिति में कुल 38 सदस्य हैं, लेकिन कुछ लोगों द्वारा मनमाने तरीके से निर्णय लिए जा रहे हैं। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि समिति में शामिल किए जाने के नाम पर सदस्यों से रुपये वसूले गए। इसके अलावा, तालाबों के ठेके, आय-व्यय और समिति के संचालन में भी बड़े पैमाने पर अनियमितताएं की गईं। सदस्यों का कहना है कि तालाब में गंदे पदार्थ डाले जाने से मछलियों को भारी नुकसान पहुंचा, जिससे समिति को आर्थिक क्षति उठानी पड़ी है। शिकायतकर्ताओं ने वर्ष 2008 से 2019 तक समिति के संचालन और आय-व्यय की विस्तृत जांच कराने की मांग की है। उनका आरोप है कि पूर्व पदाधिकारियों के कार्यकाल के दौरान समिति की राशि और आय-व्यय का सही हिसाब-किताब नहीं दिया गया। इस मामले को लेकर सदस्यों ने अन्य जांच एजेंसियों के समक्ष भी शिकायतें दर्ज कराने की बात कही है और कलेक्टर से दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की अपील की है।1
- मध्य प्रदेश के मैहर जिले के विवादित रामनगर थाने में थाना प्रभारी (टीआई) द्वारा एक मीडिया संस्थान के प्रतिनिधि के साथ मारपीट किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना के बाद अब यह बड़ा सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या इस मामले में कोई निष्पक्ष जांच और ठोस कार्रवाई होगी, या फिर जांच के नाम पर केवल माहौल को ठंडा करने की योजना बनाई जा रही है। रामनगर थाने की छवि पहले से ही बेहद विवादित रही है, जहां लाइन हाजिर किए गए आरक्षक दोबारा घूम-फिरकर इसी थाने में तैनात हो जाते हैं। इसके अलावा, यहां के थाना प्रभारी पर लगातार रेत माफियाओं को संरक्षण देने के भी गंभीर आरोप लगते रहे हैं। मीडिया प्रतिनिधि के साथ हुई इस मारपीट के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर उंगलियां उठनी शुरू हो गई हैं। अब देखना यह होगा कि रामनगर क्षेत्र में चल रहे अवैध रेत के कारोबार पर हमेशा चुप्पी साधने वाला जिला प्रशासन इस मामले में भी मौन धारण किए रहता है या कोई कार्रवाई करता है। क्षेत्र में यह चर्चा तेज है कि क्या जिले के वरिष्ठ अधिकारी इस मामले में सच का साथ देंगे या थाना प्रभारी को पाकसाफ होने का सर्टिफिकेट थमाकर मामले को रफा-दफा कर देंगे।1
- पन्ना जिले की तारा ग्राम पंचायत में गुंडागर्दी और कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ ग्राम पंचायत के सरपंच और उनके साथियों पर एक युवक को बीच सड़क लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटने का आरोप लगा है। इन बेखौफ आरोपियों ने युवक को सरेआम घेरकर डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे पीड़ित खून से लथपथ होकर सड़क पर ही गिर पड़ा। अचानक हुई इस मारपीट से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और पूरी सड़क रणभूमि में तब्दील हो गई, जिससे घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस वारदात का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और पुलिस-प्रशासन की मुस्तैदी पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। इस खौफनाक घटना के बाद पीड़ित और उसके परिजनों द्वारा पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और सख्त धाराओं में मामला दर्ज करने की मांग की जा रही है। ऐसे में यह बड़ा सवाल भी खड़ा हो रहा है कि क्या जिले में दबंगों के सिर से कानून का खौफ पूरी तरह खत्म हो चुका है?1