आजमगढ़ जिले की साइबर क्राइम पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और 'गिफ्ट कोड' के बहाने देशभर में लोगों को ठगने वाले एक शातिर साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है। आजमगढ़ के पवई थाना क्षेत्र निवासी आरोपी स्वप्निल अपने साथी राजशिखर सिंह उर्फ राजा टीजी के साथ मिलकर टेलीग्राम पर 'पुष्पा क्लब', '66 लॉटरी हृदयम' और 'गिफ्ट कोड' जैसे कई फर्जी ग्रुप चलाता था। ये ठग लोगों को रम्मी, कैसिनो और अन्य ऑनलाइन खेलों में रातों-रात अमीर बनने तथा भारी मुनाफे का लालच देते थे, और जैसे ही कोई व्यक्ति लालच में आकर इनके बताए खातों में पैसे जमा करता, ये उसे तुरंत ब्लॉक कर देते थे। पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी का यह नेटवर्क देश के 7 अलग-अलग राज्यों में फैला हुआ था, जहाँ उसके खिलाफ शिकायतें दर्ज थीं। इनमें सबसे बड़ी धोखाधड़ी मुरादाबाद में की गई है, जहाँ पीड़ितों से कुल 49 लाख 4 हजार 600 रुपये ठगे गए थे। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने आरोपी स्वप्निल के पास से एक मोबाइल फोन और कुछ नकदी बरामद की है। पुलिस ने बीएनएस और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है और फरार चल रहे दूसरे साथी राजशिखर सिंह की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। इसके साथ ही, साइबर सेल ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी लुभावने ऑनलाइन गेमिंग ऑफर, गिफ्ट कोड या 'घर बैठे पैसा कमाने' वाले झांसे में न आएं, किसी भी अनजान व्यक्ति को पैसा ट्रांसफर करने से बचें और साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।
आजमगढ़ जिले की साइबर क्राइम पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और 'गिफ्ट कोड' के बहाने देशभर में लोगों को ठगने वाले एक शातिर साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है। आजमगढ़ के पवई थाना क्षेत्र निवासी आरोपी स्वप्निल अपने साथी राजशिखर सिंह उर्फ राजा टीजी के साथ मिलकर टेलीग्राम पर 'पुष्पा क्लब', '66 लॉटरी हृदयम' और 'गिफ्ट कोड' जैसे कई फर्जी ग्रुप चलाता था। ये ठग लोगों को रम्मी, कैसिनो और अन्य ऑनलाइन खेलों में रातों-रात अमीर बनने तथा भारी मुनाफे का लालच देते थे, और जैसे ही कोई व्यक्ति लालच में आकर इनके बताए खातों में पैसे जमा करता, ये उसे तुरंत ब्लॉक कर देते थे। पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी का यह नेटवर्क देश के 7 अलग-अलग राज्यों में फैला हुआ था, जहाँ उसके खिलाफ शिकायतें दर्ज थीं। इनमें सबसे बड़ी धोखाधड़ी मुरादाबाद में की गई है, जहाँ पीड़ितों से कुल 49 लाख 4 हजार 600 रुपये ठगे गए थे। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने आरोपी स्वप्निल के पास से एक मोबाइल फोन और कुछ नकदी बरामद की है। पुलिस ने बीएनएस और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है और फरार चल रहे दूसरे साथी राजशिखर सिंह की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। इसके साथ ही, साइबर सेल ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी लुभावने ऑनलाइन गेमिंग ऑफर, गिफ्ट कोड या 'घर बैठे पैसा कमाने' वाले झांसे में न आएं, किसी भी अनजान व्यक्ति को पैसा ट्रांसफर करने से बचें और साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।
- आजमगढ़ पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने टेलीग्राम प्लेटफॉर्म पर ऑनलाइन गेमिंग, गिफ्ट कोड, रेफरल कोड और लॉटरी के नाम पर कथित तौर पर लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान गिरफ्तार आरोपी के मोबाइल फोन से कई महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिले हैं। साथ ही, उसके विभिन्न बैंक खातों पर कई एनसीआरपी (NCRP) शिकायतें भी दर्ज पाई गई हैं, जिनमें से एक शिकायत लगभग ₹49.04 लाख की राशि से संबंधित बताई गई है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन और ₹1800 नकद भी बरामद किए हैं। फिलहाल, पुलिस इस पूरे ठगी नेटवर्क की गहनता से जांच कर रही है और फरार बताए गए दूसरे आरोपी की तलाश जारी है। इस मामले में आम जनता को आगाह किया गया है कि वे ऑनलाइन गेमिंग, लॉटरी, गिफ्ट कोड या रेफरल लिंक के नाम पर किसी भी अनजान व्यक्ति के झांसे में न आएं और किसी भी प्लेटफॉर्म पर पैसा निवेश करने से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें।3
- आजमगढ़ जनपद में अवैध खनन के खिलाफ चलाए जा रहे एक अभियान के तहत, रानी की सराय पुलिस ने सोमवार को बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने अवैध मिट्टी खनन में इस्तेमाल हो रहे एक ट्रैक्टर को सीज कर दिया और इस वाहन के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम की धारा 207 के तहत विधिक कार्रवाई शुरू की है। यह अभियान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर क्षेत्राधिकारी नगर और थानाध्यक्ष रानी की सराय के नेतृत्व में चलाया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, इसी अभियान के क्रम में उपनिरीक्षक अमिताबचन्द अपनी टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इस दौरान उन्हें मुखबिर से सूचना मिली कि थाना क्षेत्र के ग्राम मझगांव में जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर-ट्रॉली का उपयोग करके अवैध रूप से मिट्टी का खनन किया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर पहुँचकर जांच की। जांच में अवैध खनन में प्रयुक्त एक ट्रैक्टर (चेसिस नंबर: MBNAG49NDTTD85302, इंजन नंबर: CC.2353/SKD02588) पाया गया, जिसे तत्काल धारा 207 एमवी एक्ट के तहत सीज कर दिया गया। पुलिस इस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है। इस कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में उपनिरीक्षक अमिताबचन्द और कांस्टेबल सुनील कुमार शामिल थे।1
- उत्तर प्रदेश के अतरौलिया स्थित गोविंदपुर में नवीन परती भूमि पर 'बाबा' का बुल्डोजर चला, जिससे क्षेत्र में भारी हड़कंप मच गया।1
- आजमगढ़ पुलिस को साइबर अपराध के खिलाफ एक बड़ी सफलता मिली है। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने टेलीग्राम के माध्यम से ऑनलाइन गेमिंग, गिफ्ट कोड, रेफरल कोड और लॉटरी के नाम पर लोगों को ठगी का शिकार बनाने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान आरोपी के मोबाइल से महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य बरामद हुए हैं। इसके साथ ही, उसके विभिन्न बैंक खातों से जुड़ी कई NCRP शिकायतें भी सामने आई हैं, जिनमें से एक शिकायत लगभग ₹49.04 लाख की बड़ी राशि की ठगी से संबंधित बताई गई है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक मोबाइल फोन और कुछ नकदी भी बरामद की है। फिलहाल, पुलिस पूरे नेटवर्क की गहन जांच कर रही है और इस मामले में फरार बताए जा रहे दूसरे आरोपी की तलाश जारी है। पुलिस ने जनता को आगाह किया है कि ऑनलाइन गेमिंग, लॉटरी, गिफ्ट कोड या रेफरल लिंक के नाम पर मिलने वाले किसी भी लालच में आने से पहले पूरी जांच-पड़ताल अवश्य करें।1
- भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री विनोद राय ने राम मंदिर चंदा चोरी के मामले पर अपना बयान दिया है।1
- अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार ने मंगलवार को मऊ स्थित रिजर्व पुलिस लाइन के परेड ग्राउंड में आयोजित परेड में भाग लिया, जहाँ उन्होंने परेड की सलामी ली और उसका निरीक्षण किया। निरीक्षण के पश्चात, शारीरिक एवं मानसिक रूप से फिट रहने के उद्देश्य से जवानों को दौड़ लगवाई गई। इसके उपरांत, यू0पी0-112 और विभिन्न थानों से आए वाहनों की गहनता से जाँच की गई। अपर पुलिस अधीक्षक ने पीआरवी पर तैनात पुलिस कर्मियों से वाहनों में मौजूद दंगा नियंत्रण तथा सुरक्षा उपकरणों के संबंध में जानकारी ली और उनकी जाँच भी सुनिश्चित की। तत्पश्चात, उन्होंने क्वार्टर गार्द, स्टोर, परिवहन शाखा, मेस, पुलिस बैरक और पुलिस लाइन परिसर का भी विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान, उन्होंने संबंधित अधिकारियों को साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस पूरी प्रक्रिया में प्रतिसार निरीक्षक अरूण कुमार सिंह तथा बड़ी संख्या में अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।1
- आजमगढ़ में विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर चल रहे कथित साइबर ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है। साइबर सेल और थाना सिधारी पुलिस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, यह आरोपी मालदीव के वर्क परमिट का टेम्पलेट इंटरनेट से डाउनलोड कर उसमें एडिटिंग के जरिए फर्जी दस्तावेज तैयार करता था। इसके बाद वह लोगों को मालदीव समेत अन्य देशों में आकर्षक वेतन पर नौकरी का झांसा देकर व्हाट्सएप और अन्य माध्यमों से ये जाली दस्तावेज भेजता था और उनसे किस्तों में पैसे लेता था। जांच में सामने आया है कि आरोपी पहले मुंबई में मर्चेंट नेवी से जुड़े काम में सक्रिय था और उसने अपने पुराने संपर्कों का इस्तेमाल कर विदेश जाने के इच्छुक लोगों का विश्वास जीता। पुलिस ने आरोपी के पास से दो फर्जी मालदीव वर्क परमिट, एक मोबाइल फोन, आधार कार्ड, नकदी और घटना में इस्तेमाल हुई एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस ने बताया कि प्रारंभिक जांच में कई अन्य लोगों से भी इसी तरह विदेश भेजने के नाम पर ठगी की आशंका सामने आई है। इस पूरे नेटवर्क, बैंक खातों और अन्य संभावित पीड़ितों की विस्तृत जांच जारी है। आजमगढ़ पुलिस ने जनता से अपील करते हुए कहा है कि विदेश में नौकरी के लिए आवेदन करते समय किसी भी एजेंट या संस्था को पैसे देने से पहले उसकी वैधता और प्रामाणिकता की पूरी जांच अवश्य कर लें। यह जानकारी आजमगढ़ पुलिस की आधिकारिक प्रेस-विज्ञप्ति पर आधारित है, और मामले की जांच जारी रहने के कारण आगे नए तथ्य सामने आ सकते हैं।2
- आजमगढ़ में साइबर सेल और सिधारी पुलिस ने एक संयुक्त कार्रवाई करते हुए विदेश में नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों की साइबर ठगी के एक मामले का खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से फर्जी मालदीव वर्क परमिट, मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, मामले में आगे की जांच जारी है और पूरे नेटवर्क की गहनता से पड़ताल की जा रही है। पुलिस ने विदेश में नौकरी के लिए आवेदन करने वाले लोगों को विशेष रूप से आगाह किया है। यह सलाह दी गई है कि किसी भी एजेंट या संस्था को धनराशि देने से पहले उसकी वैधता और प्रामाणिकता की पूरी तरह से जांच अवश्य कर लें।1
- उत्तर प्रदेश के आज़मगढ़ में आयोजित क्षेत्रीय अध्यक्ष के स्वागत कार्यक्रम के दौरान जिलाध्यक्ष ध्रुव कुमार सिंह ने जिला उपाध्यक्ष को मंच पर धक्का दे दिया।1