नागौर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने मंगलवार को रियांबड़ी उपखंड क्षेत्र का दौरा कर केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने पादूखुर्द, सथाना कलां सहित विभिन्न गांवों में योजनाओं की प्रगति, गुणवत्ता और क्रियान्वयन की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित आवासों का निरीक्षण कर लाभार्थियों से संवाद किया। उन्होंने लाभार्थियों से योजनाओं के लाभ, सुविधाओं, प्रभाव और कार्यों की गुणवत्ता के संबंध में विस्तृत चर्चा की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने पीएम कुसुम योजना के अंतर्गत स्थापित सोलर प्लांट, फार्म पॉन्ड, पौधारोपण कार्य, लाइब्रेरी निर्माण और विभिन्न पेयजल योजनाओं का भी जायजा लिया। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समयावधि में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित विभागों को नियमित मॉनिटरिंग कर योजनाओं के बेहतर संचालन के भी निर्देश दिए गए।
नागौर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने मंगलवार को रियांबड़ी उपखंड क्षेत्र का दौरा कर केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने पादूखुर्द, सथाना कलां सहित विभिन्न गांवों में योजनाओं की प्रगति, गुणवत्ता और क्रियान्वयन की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित आवासों का निरीक्षण कर लाभार्थियों से संवाद किया। उन्होंने लाभार्थियों से योजनाओं के लाभ, सुविधाओं, प्रभाव और कार्यों की गुणवत्ता के संबंध में विस्तृत चर्चा
की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने पीएम कुसुम योजना के अंतर्गत स्थापित सोलर प्लांट, फार्म पॉन्ड, पौधारोपण कार्य, लाइब्रेरी निर्माण और विभिन्न पेयजल योजनाओं का भी जायजा लिया। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समयावधि में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित विभागों को नियमित मॉनिटरिंग कर योजनाओं के बेहतर संचालन के भी निर्देश दिए गए।
- राजस्थान के अजमेर जिले के पीसांगन में पुराने पुलिस थाना के पास स्थित श्री राम मंदिर परिसर में प्रदेश की खुशहाली, जनकल्याण और लोकमंगल की कामना के लिए एक विशेष पूजा-अर्चना कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान शासन और प्रशासन के अधिकारियों ने मंत्रोच्चारण के साथ विशेष पूजा-अर्चना की। कार्यक्रम में उपखंड अधिकारी राजीव बडगूजर, तहसीलदार भागीरथ चौधरी, नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी हेमेंद्र सिंह, विकास अधिकारी महेंद्र कुमार मालाकार और जनप्रतिनिधि हरि प्रजापत सहित कई गणमान्य नागरिक और ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- नागौर जिले के डांगावास गांव में हुई ₹53 लाख की बड़ी चोरी के मामले का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के बाद, स्थानीय ग्रामीणों ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) आशाराम चौधरी का विशेष सम्मान किया।1
- बीडीएन को डिग्गी चुनपचान के निवासियों द्वारा उपलब्ध कराए गए एक वीडियो के अनुसार, डिग्गी चुनपचान मोहल्ले में जलदाय विभाग ने रात्रि 11:49 बजे से 11:50 बजे के बीच पानी की आपूर्ति शुरू की। स्थानीय लोगों ने इसे विभाग का 'कारनामा' बताया है, क्योंकि इतनी देर रात पानी आने से अधिकांश घरों में लोग सो रहे थे और पानी नालियों में बहता रहा।1
- जैतारण नगरपालिका में विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण एक भव्य कार्यक्रम के दौरान किया गया। इस कार्यक्रम में सिक्किम के राज्यपाल ओम प्रकाश माथुर ने मुख्य रूप से शिरकत की। उनके साथ कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत और मंत्री जब्बर सिंह खरा भी उपस्थित रहे, जिनकी मौजूदगी में 11 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले इन विकास कार्यों को जनता को समर्पित किया गया।1
- अजमेर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने शहर की ट्रैफिक व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की है। इस समीक्षा के उपरांत, उन्होंने यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने और सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।2
- नागौर जिला कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने मंगलवार को रियांबड़ी उपखंड क्षेत्र का दौरा कर केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत चल रहे विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने पादूखुर्द, सथाना कलां सहित विभिन्न गांवों में योजनाओं की प्रगति, गुणवत्ता और क्रियान्वयन की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित आवासों का निरीक्षण कर लाभार्थियों से संवाद किया। उन्होंने लाभार्थियों से योजनाओं के लाभ, सुविधाओं, प्रभाव और कार्यों की गुणवत्ता के संबंध में विस्तृत चर्चा की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने पीएम कुसुम योजना के अंतर्गत स्थापित सोलर प्लांट, फार्म पॉन्ड, पौधारोपण कार्य, लाइब्रेरी निर्माण और विभिन्न पेयजल योजनाओं का भी जायजा लिया। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समयावधि में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने जोर दिया कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित विभागों को नियमित मॉनिटरिंग कर योजनाओं के बेहतर संचालन के भी निर्देश दिए गए।2
- अजमेर में कचहरी रोड के बीच में बनाए जा रहे डिवाइडर के कारण व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस निर्माण कार्य से व्यापार पर पड़ रहे प्रतिकूल प्रभाव के चलते, व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद कर इस डिवाइडर निर्माण के खिलाफ एकजुट होकर अपना विरोध दर्ज कराया।1
- सोमवार रात्रि को मांगलियावास के डुमाड़ा गांव स्थित विद्युत पावर हाउस पर कार्यरत कर्मचारी हिमांशु पुत्र अमरचंद अचानक करंट की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के तुरंत बाद ग्रामीणों ने उन्हें अजमेर के जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) अस्पताल पहुंचाया, जहाँ उनका उपचार चल रहा है और उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। समाजसेवी सांवरलाल गुर्जर ने बताया कि हिमांशु एक साधारण और गरीब परिवार से हैं, जिनकी आर्थिक स्थिति कमजोर है। उन्होंने विद्युत विभाग से पीड़ित परिवार को उचित राहत और सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है। घटना की जानकारी मिलते ही डुमाड़ा के कनिष्ठ अभियंता और सराधना के सहायक अभियंता सहित विद्युत विभाग के कई कर्मचारी अस्पताल पहुंचे और घायल हिमांशु की कुशलक्षेम जानी। हालांकि, अभी तक करंट लगने के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। परिजनों और समाजसेवियों द्वारा विद्युत विभाग से हिमांशु और उनके परिवार को जल्द से जल्द आर्थिक सहायता दिलाने की पुरजोर मांग की जा रही है।1