आज चिरकुंडा नगर परिषद कार्यालय के बाहर भ्रष्टाचार के खिलाफ अर्धनग्न प्रदर्शन किया गया। राजेश मिश्रा उर्फ बिट्टू मिश्रा के नेतृत्व में दर्जनभर लोगों ने नगर परिषद में व्याप्त भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का मुख्य आरोप है कि नगर परिषद के उपाध्यक्ष विजय यादव ने पीएम आवास योजना में एक बड़ा घोटाला किया है। आरोप के अनुसार, उपाध्यक्ष विजय यादव ने पार्षद रहते हुए अपने परिवार के सदस्यों को पीएम आवास योजना का लाभ दिलवाया, जबकि ये आवास धरातल पर बने ही नहीं हैं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने "भ्रष्टाचार बंद करो, जनता का पैसा जनता को दो" जैसे नारे लगाए। बिट्टू मिश्रा ने यह भी बताया कि उन्होंने इस संबंध में आरटीआई दाखिल की थी, लेकिन अधिकारियों के कान पर जूं तक नहीं रेंगी और आज तक कोई जांच या कार्रवाई नहीं हुई है। प्रदर्शनकारियों ने सफाई में अवैध वसूली, सड़क और नाली निर्माण में कमीशनखोरी सहित अन्य घोटालों का भी जिक्र किया। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आगे और भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
आज चिरकुंडा नगर परिषद कार्यालय के बाहर भ्रष्टाचार के खिलाफ अर्धनग्न प्रदर्शन किया गया। राजेश मिश्रा उर्फ बिट्टू मिश्रा के नेतृत्व में दर्जनभर लोगों ने नगर परिषद में व्याप्त भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का मुख्य आरोप है कि नगर
परिषद के उपाध्यक्ष विजय यादव ने पीएम आवास योजना में एक बड़ा घोटाला किया है। आरोप के अनुसार, उपाध्यक्ष विजय यादव ने पार्षद रहते हुए अपने परिवार के सदस्यों को पीएम आवास योजना का लाभ दिलवाया, जबकि ये आवास धरातल पर बने ही नहीं हैं।
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने "भ्रष्टाचार बंद करो, जनता का पैसा जनता को दो" जैसे नारे लगाए। बिट्टू मिश्रा ने यह भी बताया कि उन्होंने इस संबंध में आरटीआई दाखिल की थी, लेकिन अधिकारियों के कान पर जूं तक नहीं रेंगी और आज तक कोई
जांच या कार्रवाई नहीं हुई है। प्रदर्शनकारियों ने सफाई में अवैध वसूली, सड़क और नाली निर्माण में कमीशनखोरी सहित अन्य घोटालों का भी जिक्र किया। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आगे और भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
- आज चिरकुंडा नगर परिषद कार्यालय के बाहर भ्रष्टाचार के खिलाफ अर्धनग्न प्रदर्शन किया गया। राजेश मिश्रा उर्फ बिट्टू मिश्रा के नेतृत्व में दर्जनभर लोगों ने नगर परिषद में व्याप्त भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का मुख्य आरोप है कि नगर परिषद के उपाध्यक्ष विजय यादव ने पीएम आवास योजना में एक बड़ा घोटाला किया है। आरोप के अनुसार, उपाध्यक्ष विजय यादव ने पार्षद रहते हुए अपने परिवार के सदस्यों को पीएम आवास योजना का लाभ दिलवाया, जबकि ये आवास धरातल पर बने ही नहीं हैं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने "भ्रष्टाचार बंद करो, जनता का पैसा जनता को दो" जैसे नारे लगाए। बिट्टू मिश्रा ने यह भी बताया कि उन्होंने इस संबंध में आरटीआई दाखिल की थी, लेकिन अधिकारियों के कान पर जूं तक नहीं रेंगी और आज तक कोई जांच या कार्रवाई नहीं हुई है। प्रदर्शनकारियों ने सफाई में अवैध वसूली, सड़क और नाली निर्माण में कमीशनखोरी सहित अन्य घोटालों का भी जिक्र किया। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आगे और भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा।4
- जामताड़ा जिले के बुधुडीह गांव में मुहर्रम के अवसर पर एक पारंपरिक खेल एवं मेले का आयोजन किया गया, जिसमें खेल कौशल, जोश, उत्साह और सांप्रदायिक सौहार्द का एक अनूठा संगम देखने को मिला। इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों के साथ-साथ आसपास से भी कई टीमें पहुंचीं, जिन्होंने अपनी भागीदारी से आयोजन को सफल बनाया। इन टीमों ने अपने शानदार प्रदर्शन से उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। लाठी, तलवार और पारंपरिक अखाड़ा खेलों के रोमांचक करतबों ने सभी का ध्यान खींचा, वहीं देशभक्ति से ओत-प्रोत प्रस्तुतियों ने पूरे मैदान के माहौल को उत्साह से भर दिया। इस मेले में लायंस क्लब पाकड़ीह, दरगाह कमेटी केलाही, बुधुडीह कब्रिस्तान टोला, हुसैनी क्लब पोसोई, बंगाल टाइगर कालीपाथर, बथानबाड़ी, दरगाह टोला हुसैनी क्लब और नाराडीह जैसी कई टीमों ने दमदार प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। खिलाड़ियों के अनुशासित प्रदर्शन और उनकी पारंपरिक कला ने दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं, जिसने मुहर्रम मेले में खेल, करतब और भाईचारे की एक मिसाल पेश करते हुए बुधुडीह को हैरतअंगेज प्रदर्शन से गूंजा दिया।1
- झारखंड के जामताड़ा जिले में एक अज्ञात शव सड़ी-गली अवस्था में बरामद हुआ है। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।1
- धनबाद सांसद ढुल्लू महतो द्वारा अपने स्वर्गीय पिता पर की गई टिप्पणी से नाराज़ होकर, निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने मोर्चा खोल दिया है। धनबाद परिसदन में एक प्रेस वार्ता कर विधायक चटर्जी ने सांसद के बयान की कड़ी निंदा की और उन पर कोयला कारोबार, फ्लाईओवर के श्रेय विवाद और ज़मीन से जुड़े कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पिता ने हमेशा मजदूरों के हित के लिए संघर्ष किया और आज भी उनके शहादत दिवस पर बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने आते हैं। विधायक अरूप चटर्जी ने सांसद ढुल्लू महतो पर सीधे निशाना साधते हुए कहा कि सांसद खुद को 'हरिश्चंद्र' बताते हैं और दूसरों को 'माफिया' कहते हैं, जबकि उनके खुद के कई मामलों की जांच होनी चाहिए। चटर्जी के अनुसार, धनबाद में कोयले के अवैध कारोबार में सांसद की बड़ी भूमिका है और उनके बेटे भी इसी धंधे में शामिल हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सांसद हार्डकोक उद्योग को बर्बाद करने में लगे हैं और खुद कई हार्डकोक भट्ठों का संचालन कर चोरी के कोयले को खपा रहे हैं। चटर्जी ने दावा किया कि धनबाद में सांसद से बड़ा माफिया कोई नहीं है। उन्होंने सांसद के सीबीआई और ईडी जांच वाले बयानों पर भी हमला करते हुए कहा कि अगर सांसद खुद को बेदाग मानते हैं तो जांच से क्यों डरते हैं। विधायक ने यह भी चुनौती दी कि अगर सांसद सच में गरीबों के मसीहा हैं, तो उनके नाम पर कब्जे वाली ज़मीन गरीबों को दान कर देनी चाहिए। फ्लाईओवर विवाद पर भी अरूप चटर्जी ने सांसद पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने बताया कि गोविंदपुर-निरसा एलिवेटेड फ्लाईओवर की मांग क्षेत्र की जनता की थी और यह योजना सांसद के विधायक बनने से पहले ही स्वीकृत हो चुकी थी। चटर्जी ने आरोप लगाया कि सांसद केवल श्रेय लेने की राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि धनबाद का गया पुल विधायक राज सिन्हा के प्रयासों का परिणाम है, जिस पर भी सांसद अपना श्रेय लेने की कोशिश कर रहे हैं। विधायक ने सांसद पर केंद्र सरकार से आज तक एक नाला तक का फंड पास न करा पाने का आरोप भी लगाया। फ्लाईओवर निर्माण में कमीशन के आरोपों पर चटर्जी ने अपनी आपत्ति दोहराई कि टेंडर लेने वाली कंपनी काम को कोयला माफियाओं के हाथों न सौंपे। उन्होंने गोपालीगंज क्षेत्र की जमीन और वसूली को लेकर भी सांसद पर आरोप लगाए, साथ ही यह भी चेतावनी दी कि निरसा में कोई धमका कर काम नहीं कर सकता। विधायक ने सांसद पर रंगदारी और अवैध कोयला कारोबार के आरोप लगाते हुए कहा कि जो व्यक्ति खुद आरोपों से घिरा है, वह दूसरों को बदनाम करने में लगा है। अंत में, अरूप चटर्जी ने भाजपा पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी को ऐसे व्यक्ति को टिकट देने पर विचार करना चाहिए और दावा किया कि वर्ष 2029 में भाजपा ऐसे व्यक्ति को टिकट नहीं देगी। उन्होंने सांसद को चुनौती दी कि अगर उनमें दम है तो निर्दलीय चुनाव लड़कर दिखाएं। यह पूरी राजनीतिक बयानबाजी सांसद ढुल्लू महतो के उस बयान के बाद तेज़ हुई है, जिसमें उन्होंने गोविंदपुर-निरसा एलिवेटेड फ्लाईओवर मामले को लेकर विधायक अरूप चटर्जी पर व्यक्तिगत टिप्पणी करते हुए कहा था कि वह उनके पिता के समय से विधायक हैं और अरूप चटर्जी 'अनुकंपा और दया पर' विधायक बने हैं।1
- झारखंड के धनबाद जिले में सरकारी शिक्षा व्यवस्था की अत्यंत खराब स्थिति सामने आई है। KCNTVINDIA ने अपनी एक विशेष रिपोर्ट के माध्यम से इस बदहाली पर प्रकाश डाला है, जिसमें जिले में सरकारी शिक्षा के मौजूदा हालात का ब्यौरा दिया गया है।1
- झारखंड के धनबाद स्थित ईवीएम वेयरहाउस की हाल ही में त्रैमासिक समीक्षा की गई है। इस समीक्षा के दौरान, वेयरहाउस में रखी गई सभी इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें (ईवीएम) और उनकी सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह से दुरुस्त पाई गई हैं, जिससे उनकी अखंडता सुनिश्चित होती है।1
- कोल इंडिया लिमिटेड में जॉइंट बाईपार्टाइट कमेटी फॉर कोल इंडस्ट्री (JBCCI-12) के गठन में हो रही देरी को लेकर कोयला मजदूरों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इसी विरोध में, 1 तारीख को पूरे कोल इंडिया में व्यापक विरोध-प्रदर्शन और धरना देने का ऐलान किया गया है। निरसा के विधायक अरूप चटर्जी ने मुगमा ईसीएल की राजपुरा कोलियरी में प्रेसवार्ता कर केंद्र सरकार और कोल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। विधायक अरूप चटर्जी ने राजपुरा कोलियरी में BCKU के बैनर तले आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर JBCCI-12 के गठन की प्रक्रिया में देरी कर रही है। उन्होंने बताया कि इसी के विरोध में 1 तारीख को कोल इंडिया की सभी अनुषंगी कंपनियों में धरना-प्रदर्शन किया जाएगा और प्रबंधन को मांग पत्र सौंपा जाएगा। विधायक ने प्रक्रिया को जल्द पूरा करने का अल्टीमेटम भी दिया। इसके साथ ही, BCKU ने मजदूरों की वेतन वृद्धि और अन्य लंबित मांगों को लेकर 2 तारीख को ECL के हेडक्वार्टर सकतोरिया में एक विशाल एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन करने की घोषणा की है। विधायक ने मुगमा क्षेत्र की सभी कोलियरियों में आवास, पानी और चिकित्सा जैसी मूलभूत सुविधाओं के अभाव का आरोप भी लगाया, साथ ही कहा कि मजदूर कई दिनों से धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन ECL प्रबंधन इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।2
- धनबाद की जलान फैक्ट्री में काम करते समय सोमवार दोपहर करीब 12 बजे एक कर्मी गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके बाद फैक्ट्री की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ गए हैं। इस हादसे में आज़ाद नगर लाल भवन के पास रहने वाले 50 वर्षीय अकरम खान एक मशीन की चपेट में आ गए। घायल अकरम खान पिछले लगभग 20 वर्षों से फैक्ट्री में काम कर रहे हैं और उनके करीबी नौशाद ने बताया कि वह एक 'फाइटर' के रूप में कार्यरत थे। नौशाद के अनुसार, हादसे के वक्त अकरम खान मशीन के बेल्ट के पास कुछ काम कर रहे थे। इसी दौरान, किसी अन्य व्यक्ति ने मशीन का स्विच ऑन कर दिया, जिससे बेल्ट तेज़ी से घूमने लगा और अकरम खान उसकी चपेट में आ गए। घटना के बाद उन्हें तत्काल इलाज के लिए अशर्फी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है।1