बहराइच: बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी, एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बहराइच : तराई व पहाड़ों पर हो रही जोरदार बारिश से बैराजों से पानी छोड़ा जा रहा है। शनिवार सुबह शारदा, गिरजा व सरयू बैराज से 265940.00 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। पानी छोड़े जाने के बाद से सरयू नदी के एल्गिन ब्रिज पर नदी की लहरें खतरे के निशान को पार करने के नजदीक पहुंच गई है। शारदा बैराज से 135054 क्यूसेक, गिरिजा बैराज से 128600, सरयू बैराज से 2286 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, एल्गिन ब्रिज पर नदी का जलस्तर 105.92 रिकॉर्ड किया गया, जो खतरे के निशान के बेहद नजदीक है। बैराजों से पानी छोड़े जाने के बाद से जिले की मिहींपुरवा, नानपारा, महसी व कैसरगंज तहसील के नदी के मुहाने पर बसे गांव में पानी भरने की आशंका बढ़ गई है, जिसके कारण नदी के किनारे बेस ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है। प्रशासन नजर बनाए हुए है।
बहराइच: बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी, एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बहराइच : तराई व पहाड़ों पर हो रही जोरदार बारिश से बैराजों से पानी छोड़ा जा रहा है। शनिवार सुबह शारदा, गिरजा व सरयू बैराज से 265940.00 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। पानी छोड़े जाने के बाद से सरयू नदी के एल्गिन ब्रिज पर नदी की लहरें खतरे के निशान को पार करने के नजदीक पहुंच गई है। शारदा बैराज से 135054 क्यूसेक, गिरिजा बैराज से 128600, सरयू बैराज से 2286 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, एल्गिन ब्रिज पर नदी का जलस्तर 105.92 रिकॉर्ड किया गया, जो खतरे के निशान के बेहद नजदीक है। बैराजों से पानी छोड़े जाने के बाद से जिले की मिहींपुरवा, नानपारा, महसी व कैसरगंज तहसील के नदी के मुहाने पर बसे गांव में पानी भरने की आशंका बढ़ गई है, जिसके कारण नदी के किनारे बेस ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है। प्रशासन नजर बनाए हुए है।
- बहराइच: बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी, एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बैराजों से छोड़ा गया 265940.00 क्यूसेक पानी एल्गिन ब्रिज पर खतरे के निशान को पार करने को बेताब सरयू लहरें बहराइच : तराई व पहाड़ों पर हो रही जोरदार बारिश से बैराजों से पानी छोड़ा जा रहा है। शनिवार सुबह शारदा, गिरजा व सरयू बैराज से 265940.00 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। पानी छोड़े जाने के बाद से सरयू नदी के एल्गिन ब्रिज पर नदी की लहरें खतरे के निशान को पार करने के नजदीक पहुंच गई है। शारदा बैराज से 135054 क्यूसेक, गिरिजा बैराज से 128600, सरयू बैराज से 2286 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, एल्गिन ब्रिज पर नदी का जलस्तर 105.92 रिकॉर्ड किया गया, जो खतरे के निशान के बेहद नजदीक है। बैराजों से पानी छोड़े जाने के बाद से जिले की मिहींपुरवा, नानपारा, महसी व कैसरगंज तहसील के नदी के मुहाने पर बसे गांव में पानी भरने की आशंका बढ़ गई है, जिसके कारण नदी के किनारे बेस ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है। प्रशासन नजर बनाए हुए है।1
- लखनऊ में फर्जी 'PRESS' गाड़ियों पर बड़ा एक्शन, हजरतगंज में चला चेकिंग अभियान #Fariyadali #fariyadalireport #jantalivetv #Hazratganj #PressVehicle #FakePress #PressChecking #LucknowPolice #UPPolice #Journalist #Media #PressVerification #PoliceAction #BreakingNews #UPNews #HindiNews #NewsUpdate #ViralVideo #Press #Journalism #LawAndOrder #LucknowNews1
- देर रात्रि gen z के पीएम नरेंद्र मोदी का संदेश आया जरूर सुनें1
- बहराइच के फखरपुर ब्लॉक के खालिदपुर में फूटा ग्रामीणों का आक्रोश बहराइच के फखरपुर ब्लॉक के खालिदपुर में फूटा ग्रामीणों का आक्रोश कीचड़ से लबालब सड़क पर ग्रामीणों ने की धान की रोपाई 30 वर्षों से जर्जर सड़क, हर बारिश में बन जाती है दलदल स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और मरीज रोज़ झेल रहे हैं भारी परेशानी ग्रामीण बोले—आश्वासन बहुत मिले, सड़क आज तक नहीं बनी प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ जमकर हुई नारेबाजी चेतावनी—जल्द निर्माण नहीं हुआ तो होगा बड़ा आंदोलन। अनोखे प्रदर्शन की पूरे इलाके में चर्चा, अब जिम्मेदारों की परीक्षा।1
- प्रदेश एवं जिला पदाधिकारियों ने आशा कार्यकर्ताओं की समस्याओं पर विस्तार से की चर्चा श्रावस्ती में आशा बहनों का सम्मेलन, समस्याओं के समाधान को लेकर उठी बुलंद आवाज श्रावस्ती। अपने अधिकारों एवं लंबित मांगों को लेकर आशा बहनों का एक विशाल सम्मेलन श्रावस्ती में आयोजित किया गया। सम्मेलन में जिले के साथ-साथ प्रदेश स्तर के संगठन पदाधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ताओं ने उपस्थित होकर अपनी विभिन्न समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और उनके शीघ्र समाधान की मांग की। सम्मेलन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि आशा बहनें स्वास्थ्य विभाग की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं, टीकाकरण, जनजागरूकता और विभिन्न सरकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाने में उनकी अहम भूमिका रहती है। इसके बावजूद उन्हें पर्याप्त मानदेय, समय पर भुगतान तथा अन्य सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। प्रदेश एवं जिला पदाधिकारियों ने आशा कार्यकर्ताओं की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा करते हुए संगठन को और मजबूत बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जब तक आशा बहनों की जायज मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रहेगा। सम्मेलन के अंत में सभी आशा कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की तथा सरकार और संबंधित विभाग से शीघ्र समाधान की मांग की। कार्यक्रम शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में आशा बहनों की सहभागिता रही।1
- लखनऊ : फर्जी PRESS लिखी गाड़ियों पर लखनऊ के हजरतगंज मे चलाया गया अभियान लखनऊ : फर्जी PRESS लिखी गाड़ियों पर लखनऊ के हजरतगंज मे चलाया गया अभियान पत्रकारों से उनके संस्थान, उनकी एक्टिविटी के बारे मे भी पूछा गया... कई यू ट्यूबर और वेबसाइट वाले पत्रकारों का हुआ चालान1
- पौराणिक शिवालय बाग़ शिव मंदिर परिसर में पर्यावरण संरक्षण परिचर्चा का आयोजन कर जल एवं पर्यावरण संरक्षण विषयक अभियान से जन जन को जोड़ने का सामूहिक संकल्प , महामना मालवीय मिशन व अन्य सामाजिक संगठनों के तत्वावधान में आज पौराणिक शिवालय बाग़ शिव मंदिर परिसर में पर्यावरण संरक्षण परिचर्चा का आयोजन कर जल एवं पर्यावरण संरक्षण विषयक अभियान से जन जन को जोड़ने का सामूहिक संकल्प लिया गया तथा परिसर में पंचवटी प्रजाति के वृक्षों का रोपण भी किया गया। इस अवसर पर वन कर्मी , वनाधिकारी , पर्यावरण विदों के अलावा तमाम सामाजिक धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।मालवीय मिशन की ओर से आयोजित परिचर्चा को संबोधित करते हुए प्रभागीय वनाधिकारी बहराइच सुन्दरेश ने कहा कि , पर्यावरण व जल संरक्षण के लिए आवश्यक है कि , अधिकाधिक संख्या में पंचवटी प्रजाति के वृक्षों का रोपण किया जाए तथा स्थानीय जन सहयोग से उनका प्रभावी संरक्षण भी किया जाए। उन्होंने बताया कि , विभाग की ओर से शिवालय बाग़ व रामलीआ मैदान के इलाकों में संघन वृक्षारोपण योजना शुरू किया गया है जिसके तहत इस क्षेत्र में खाली पड़े स्थलों को चिन्हित कर वृक्षारोपण कराए जाने की बहुआयामी योजना तय की गई है वृक्षारोपण से समूचे नानपारा वासियों को प्राणवायु मिलेगा तथा जल संरक्षण में भी सफलता मिलेगी।महामना मालवीय मिशन अध्यक्ष (अवध) संजीव श्रीवास्तव एडवोकेट ने बताया कि , संगठन के तत्वावधान में स्थानीय धार्मिक व सामाजिक संगठनों के सहयोग से सतत् पंचवटी प्रजाति के वृक्षों के रोपण का अभियान चलाया जा रहा है तथा रोपित वृक्षों के संरक्षण हेतु क्षेत्रीय समाजसेवियों व पर्यावरण विदों का सहयोग भी लिया जा रहा है उन्होंने बताया कि ,विद्यालय , चिकित्सालय व अन्य सार्वजनिक स्थलों पर पर्यावरण संरक्षण चौपाल का आयोजन कर लोगों को वृक्षारोपण हेतु प्रोत्साहित भी किया जा रहा है।महंत शिवालय वीरेंद्र रवि गिरी जी महाराज ने बताया कि , समूचे परिक्षेत्र में वृक्षारोपण का विशेष अभियान चलाया जा रहा है।रेंजर नानपारा पीयूष गुप्ता ने बताया कि , विभागीय योजना के तहत शिवालय बाग़ परिसर में वृक्षारोपण अभियान शुरू किया गया है।आयोजित कार्यक्रम में प्रमुख रूप से पर्यावरण विद संविधान विशेषज्ञ अनिल त्रिपाठी , समाजसेवी अरविंद चौधरी , ध्यान प्रकाश श्रीवास्तव एडवोकेट , प्रधान संघ अध्यक्ष तकम्मस खां , डिप्टी रेंजर अमित वर्मा , शिक्षाविद अशोक कुमार , सनातन समाज नेता धर्मेन्द्र गुप्ता समेत तमाम लोग उपस्थित रहे।1
- सड़क से दूर खड़े थे, फिर भी मौत से नहीं बच पाए! लापरवाह ड्राइवर ने पलभर में छीनी ज़िंदगी की सुरक्षा नूंह (हरियाणा): हरियाणा के नूंह से सामने आए सीसीटीवी वीडियो ने सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो में सड़क किनारे खड़े कुछ लोग अचानक एक तेज़ रफ्तार वाहन की चपेट में आते दिखाई देते हैं। बताया जा रहा है कि वाहन चालक ने नियंत्रण खो दिया, जिससे सड़क से कई फीट दूर मौजूद लोग भी हादसे का शिकार हो गए। यह घटना इस बात की चेतावनी है कि लापरवाही और तेज़ रफ्तार सिर्फ सड़क पर चलने वालों के लिए ही नहीं, बल्कि सड़क किनारे खड़े लोगों के लिए भी जानलेवा साबित हो सकती है। हालांकि, इस तस्वीर से हादसे में घायल या मृतकों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की जा सकती। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।1