उन्नाव के सफीपुर कोतवाली क्षेत्र के सराय सकहन गांव में एक शादी समारोह के दौरान डीजे पर नाचने को लेकर बाराती और घराती आपस में भिड़ गए, जिससे अफरा-तफरी मच गई। यह बारात माखी थाना क्षेत्र के विधनू गांव से सराय सकहन आई थी। पुलिस की सूझबूझ और सराहनीय सक्रियता से एक नवविवाहिता का घर उजड़ने से बच गया। मिली जानकारी के अनुसार, चर्चा है कि अगवानी के दौरान कुछ लोगों ने अत्यधिक नशा कर रखा था। इसी के चलते मामूली बात पर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हो गया। हंगामा बढ़ता देख स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मोर्चा संभाला और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच जयमाल का कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न कराया। जयमाल के बाद विवाद भले ही शांत हो गया, लेकिन अंदरूनी नाराजगी के कारण वर पक्ष दुल्हन को विदा कराए बिना ही रात में चुपचाप अपने गांव वापस लौट गया। सुबह जब यह घटना पूरे क्षेत्र में फैली, तो यह चर्चा का विषय बन गई और मामले ने गंभीर मोड़ ले लिया। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने एक बार फिर हस्तक्षेप किया। पुलिस प्रशासन ने दोनों पक्षों के जिम्मेदार लोगों को एक साथ बिठाकर समझाया-बुझाया और उनके बीच की सभी गलतफहमियों को दूर किया। पुलिस की इस तत्परता और सूझबूझ से नवविवाहिता का घर उजड़ने से बच गया, और अब दोनों परिवार आपसी सहमति से शादी की बची हुई रस्में पूरी कर रहे हैं।
उन्नाव के सफीपुर कोतवाली क्षेत्र के सराय सकहन गांव में एक शादी समारोह के दौरान डीजे पर नाचने को लेकर बाराती और घराती आपस में भिड़ गए, जिससे अफरा-तफरी मच गई। यह बारात माखी थाना क्षेत्र के विधनू गांव से सराय सकहन आई थी। पुलिस की सूझबूझ और सराहनीय सक्रियता से एक नवविवाहिता का घर उजड़ने से बच गया। मिली जानकारी के अनुसार, चर्चा है कि अगवानी के दौरान कुछ लोगों ने अत्यधिक नशा कर रखा था। इसी के चलते मामूली बात पर दोनों पक्षों में विवाद शुरू हो गया। हंगामा बढ़ता देख स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मोर्चा संभाला और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच जयमाल का कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न कराया। जयमाल के बाद विवाद भले ही शांत हो गया, लेकिन अंदरूनी नाराजगी के कारण वर पक्ष दुल्हन को विदा कराए बिना ही रात में चुपचाप अपने गांव वापस लौट गया। सुबह जब यह घटना पूरे क्षेत्र में फैली, तो यह चर्चा का विषय बन गई और मामले ने गंभीर मोड़ ले लिया। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने एक बार फिर हस्तक्षेप किया। पुलिस प्रशासन ने दोनों पक्षों के जिम्मेदार लोगों को एक साथ बिठाकर समझाया-बुझाया और उनके बीच की सभी गलतफहमियों को दूर किया। पुलिस की इस तत्परता और सूझबूझ से नवविवाहिता का घर उजड़ने से बच गया, और अब दोनों परिवार आपसी सहमति से शादी की बची हुई रस्में पूरी कर रहे हैं।
- उन्नाव जिले के सफीपुर स्थित गणहा सराय पीर के रहने वाले वीरेंद्र उर्फ रविंद्र के गोंडा स्थित घर में शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। इस घटना में घर के अंदर मौजूद जानवर भी जल गए। हालांकि, ग्रामीणों की तत्काल मदद से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया।1
- कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में एक महिला के घर पर हुए हमले की सूचना मिलने के बाद हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि यह घटना वाहन के साइलेंसर को लेकर हुए एक विवाद का परिणाम थी। सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने इस मामले में शिवा यादव और पारस ठाकुर नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए कबूल किया कि उन्होंने पटाखा यूनिट से विस्फोटक सामग्री ली थी और यूट्यूब से हमला करने का तरीका सीखा था। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। यह जानकारी पुलिस उपायुक्त पश्चिम एस.एम. कासिम आबिदी ने दी।1
- कानपुर पुलिस कमिश्नरेट ने एक सराहनीय कार्य करते हुए स्वरूप नगर पुलिस को बड़ी सफलता दिलाई है, जहाँ एक शातिर टप्पेबाज को टप्पेबाजी की गई सोने की चैन के साथ गिरफ्तार किया गया है। बरामद की गई चैन की कीमत लगभग दो लाख रुपए बताई गई है। यह घटना तब सामने आई जब उन्नाव निवासी एक महिला अपने पति के इलाज के लिए हैलेट अस्पताल आई थी। इसी दौरान एक शातिर युवक ने महिला को अपने झांसे में लेकर उसकी सोने की चैन की टप्पेबाजी की और फरार हो गया था। हैलेट चौकी प्रभारी अजय कश्यप ने अपनी सहयोगी टीम, जिसमें हे.का. अरविंद कुमार और राहुल सिंह शामिल थे, के साथ 'ऑपरेशन त्रिनेत्र' की मदद से तत्परता दिखाई। पुलिस टीम ने महज 8 घंटे के अंदर घटना को अंजाम देने वाले युवक मो. ईशान पुत्र मो. आफताब, निवासी मेडिकल कॉलेज कैंपस, को PWD कॉलोनी रावतपुर के पास से धर-दबोचा और महिला की चैन सकुशल बरामद कर ली। चैन बरामद होने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। अपनी सोने की चैन वापस पाकर महिला ने चौकी प्रभारी हैलेट अजय कश्यप और उनकी टीम का धन्यवाद किया, साथ ही कानपुर पुलिस की इस तत्परता और कार्य की सराहना भी की।1
- अयोध्या में हज़ारों करोड़ रुपये का चढ़ावा चोरी हो जाने का गंभीर मामला सामने आया है। यह घटना उस समय हुई, जब मुख्यमंत्री लगातार कई बार अयोध्या का दौरा करते रहे थे। इस स्थिति को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं कि आख़िरकार मुख्यमंत्री इतनी बार अयोध्या क्यों जाते थे, जब उनकी यात्राओं के बावजूद इतनी बड़ी रकम का चढ़ावा चोरी हो गया।1
- पुलिस विभाग के कामकाज पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं, जिसमें कहा गया है कि विभाग सही से काम नहीं करता और अत्यधिक लापरवाही बरतता है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि पुलिस गरीबों का सम्मान भंग करती है और उन्हें मनमाने ढंग से उठाकर अंदर कर देती है, जहाँ गरीबों की कोई सुनवाई नहीं होती। यह भी दावा किया गया है कि पुलिस केवल पैसे की सुनवाई करती है। इस संबंध में एक वीडियो भेजने का जिक्र किया गया है, जिसमें पुलिस की लापरवाही स्पष्ट रूप से दिखाई गई है। शिकायतकर्ता ने पुरजोर मांग की है कि ऐसे लापरवाह पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित किया जाना चाहिए।1
- बिहार से ताल्लुक रखने वाले भरत भूषण तिवारी का जीवन संघर्षों और विवादों से भरा रहा है, जिसके चलते उनकी कहानी को एक अधूरी कहानी के तौर पर देखा जाता है।1
- कानपुर नगर सहित उत्तर प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में अभी भी कम उम्र के और नाबालिग बच्चों से शारीरिक श्रम वाला कार्य कराया जा रहा है। भारत सूत्र लाइव टीवी डिजिटल मीडिया प्रेस की 21 जून रविवार शाम की रिपोर्ट के अनुसार, कई कार्यों में यह देखा गया है कि बाल शोषण और बाल मजदूरी जैसे कार्य कराए जा रहे हैं, जबकि इस पर रोक लगाई जा चुकी है। रिपोर्ट में इस स्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा गया है कि आजकल लेबर की मजदूरी आमतौर पर ₹500 से अधिक होती है। इसके विपरीत, मजबूरी का फायदा उठाकर कम उम्र के बच्चों को कम पैसों का लालच देकर बाल मजदूरी में धकेला जाता है। सोशल मीडिया के माध्यम से यह अवगत कराया गया है कि बाल मजदूरी पर तत्काल रोक लगाई जानी चाहिए। साथ ही, पढ़ने-लिखने वाले बच्चों की शिक्षा की दिशा में अच्छा से अच्छा प्रयास किया जाना चाहिए। यह रिपोर्ट कानपुर से संवाददाता ओमवीर जी द्वारा भारत सूत्र लाइव टीवी डिजिटल मीडिया प्रेस के लिए प्रस्तुत की गई है।1
- कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में एक महिला पर संदिग्ध पदार्थ फेंकने की घटना में पुलिस ने तेजी दिखाते हुए बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी दिलशाद को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी दिलशाद के कब्जे से लगभग 500 ग्राम चरस बरामद हुई है। पूछताछ के दौरान आरोपी घटना का कोई स्पष्ट कारण नहीं बता सका और वह नशे का आदी पाया गया। पुलिस ने यह भी जानकारी दी है कि आरोपी का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई जारी है।1