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कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था। कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था।

9 hrs ago
user_ललित ठाकुर
ललित ठाकुर
Padhar, Mandi•
9 hrs ago

कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था। कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था।

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  • भुंतर सब्जी मंडी में बोली की लाइव कवरेज रुकवाने पर उठे सवाल, आखिर पारदर्शिता से किसे ऐतराज? भुंतर। भुंतर सब्जी मंडी में बुधवार सुबह सेब, नाशपाती सहित अन्य फल-सब्जियों की बोली प्रक्रिया के दौरान डिजिटल मीडिया द्वारा लाइव वीडियो कवरेज किए जाने पर बोलीकर्ता द्वारा कथित तौर पर लाइव प्रसारण रुकवा दिया गया। घटना के बाद मंडी में होने वाली बोली प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। वीडियो में कथित तौर पर बोली प्रक्रिया की लाइव कवरेज को रुकवाने का प्रयास दिखाई दे रहा है। हालांकि, लाइव प्रसारण रोकने के पीछे वास्तविक कारण या मंशा क्या थी, यह संबंधित व्यक्ति ही बेहतर बता सकता है। लेकिन सवाल यह है कि यदि फल-सब्जियों की बोली प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है और किसानों तथा आढ़तियों के हित में है, तो उसके रेट सार्वजनिक होने से किसी को आपत्ति क्यों होनी चाहिए? किसान -बागवान दिन रात मेहनत कर अपनी फसल सब्जी मंडी पहुंचाता है वही खरीददार भी मेहनत की कमाई आढ़ती को देता है तो इसमें बोली की पारदर्शिता बहुत जरूरी है।
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    भुंतर सब्जी मंडी में बोली की लाइव कवरेज रुकवाने पर उठे सवाल, आखिर पारदर्शिता से किसे ऐतराज?
भुंतर। भुंतर सब्जी मंडी में बुधवार सुबह सेब, नाशपाती सहित अन्य फल-सब्जियों की बोली प्रक्रिया के दौरान डिजिटल मीडिया द्वारा लाइव वीडियो कवरेज किए जाने पर बोलीकर्ता द्वारा कथित तौर पर लाइव प्रसारण रुकवा दिया गया। घटना के बाद मंडी में होने वाली बोली प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
वीडियो में कथित तौर पर बोली प्रक्रिया की लाइव कवरेज को रुकवाने का प्रयास दिखाई दे रहा है। हालांकि, लाइव प्रसारण रोकने के पीछे वास्तविक कारण या मंशा क्या थी, यह संबंधित व्यक्ति ही बेहतर बता सकता है। लेकिन सवाल यह है कि यदि फल-सब्जियों की बोली प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है और किसानों तथा आढ़तियों के हित में है, तो उसके रेट सार्वजनिक होने से किसी को आपत्ति क्यों होनी चाहिए? किसान -बागवान दिन रात मेहनत कर अपनी फसल सब्जी मंडी पहुंचाता है वही खरीददार भी मेहनत की कमाई आढ़ती को देता है तो इसमें बोली की पारदर्शिता बहुत जरूरी है।
    user_Munishkoundal
    Munishkoundal
    कुल्लू, कुल्लू, हिमाचल प्रदेश•
    17 hrs ago
  • रजनी पाटिल के शिक्षा बोर्ड दौरे को लेकर भाजपा की टिपण्णी गैर जरुरी : शगुन दत्त हमीरपुर हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व मीडिया पैनेलिस्ट शगुन दत्त शर्मा ने भाजपा प्रवक्ता राकेश जम्वाल के द्वारा कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल द्वारा स्कूल शिक्षा बोर्ड के दौरे को लेकर जारी ब्यान का पलटवार करते हुए कहा कि रजनी पाटिल देश के सर्वोच्च सदन की बहुत वरिष्ठ सस्दय रही हैं और संयुक्त राष्ट्र में भी भारत का नेतृत्व कर चुकी हैं, शिक्षा के अधिकार के विभिन्न पहलुओं पर संसद में मुद्दे उठा चुकी हैं , उनके लम्बे अनुभव से शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार और हिमाचल शिक्षा बोर्ड की कार्यप्रणाली से अवगत करवाने के उदेश्य से उनका शिक्षा बोर्ड कार्यालय का दौरा था परंतु मुद्दों से विहीन भाजपा द्वारा यहाँ भी राजनीती चमकाने के लिए गैर जरुरी ब्यान बाज़ी की गयी | शगुन ने कहा कि देश में शिक्षा के स्तर को गिराने और उच्च शिक्षण संस्थानों में नियमों के विपरीत अपने चहेतों को उच्च पदों पर बिठाने में भाजपा की सरकारें केंद्र और प्रदेशों में जानी जाती हैं जबकि कांग्रेस ने हमेशा शिक्षा को राजनीति से दूर रखा | शगुन ने कहा कि डॉक्टर राजेश शर्मा के नेतृत्व में शिक्षा बोर्ड नए मुकाम हासिल कर रहा है और रिकॉर्ड समय में बोर्ड द्वारा इस वर्ष परिणाम घोषित किये गए हैं, नयी शिक्षा प्रणाली के तहत शिक्षा के स्तर को बढाने के लिए बोर्ड की परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार किये जा रहे हैं , बोर्ड कर्मचारियों और पेंशनर्स की समस्याओं को सुलझाने के व्यापक प्रयास किये गए हैं जबकि भाजपा ने सिर्फ अपने चहेतों को शिक्षा के क्षेत्र में बिठाने का कार्य किया तथा भाजपा के समय धरातल पर कोई भी कार्य नहीं उतर पाया | शगुन ने कहा कि भाजपा प्रवक्ता यह भूल गए हैं कि जयराम सरकार के समय हिमाचल शिक्षा के क्षेत्र में इक्कीसवें पायदान पर लुढ़क गया था परन्तु अब कांग्रेस सरकार के प्रयासों से राज्यों में पुनः टॉप स्थानों में पहुँच गया है |
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    रजनी पाटिल के शिक्षा बोर्ड दौरे को लेकर भाजपा की टिपण्णी गैर जरुरी : शगुन दत्त
हमीरपुर
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व मीडिया पैनेलिस्ट शगुन दत्त शर्मा ने भाजपा प्रवक्ता राकेश जम्वाल के द्वारा कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल द्वारा स्कूल शिक्षा बोर्ड के दौरे को लेकर जारी ब्यान का पलटवार करते हुए कहा कि रजनी पाटिल देश के सर्वोच्च सदन की बहुत वरिष्ठ सस्दय रही हैं और संयुक्त राष्ट्र में भी भारत का नेतृत्व कर चुकी हैं, शिक्षा के अधिकार के विभिन्न पहलुओं पर संसद में मुद्दे उठा चुकी हैं , उनके लम्बे अनुभव से शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार और हिमाचल शिक्षा बोर्ड की कार्यप्रणाली से अवगत करवाने के उदेश्य से उनका शिक्षा बोर्ड कार्यालय का दौरा था परंतु मुद्दों से विहीन भाजपा द्वारा  यहाँ भी राजनीती चमकाने के लिए गैर जरुरी ब्यान बाज़ी की गयी | शगुन ने कहा कि देश में शिक्षा के स्तर को गिराने और उच्च  शिक्षण संस्थानों में नियमों के विपरीत अपने चहेतों को उच्च पदों पर बिठाने में भाजपा की सरकारें केंद्र और प्रदेशों में जानी जाती हैं जबकि कांग्रेस ने हमेशा  शिक्षा को राजनीति से दूर रखा | 
शगुन ने कहा कि डॉक्टर राजेश शर्मा के नेतृत्व में शिक्षा बोर्ड नए मुकाम हासिल कर रहा है और रिकॉर्ड समय में बोर्ड द्वारा इस वर्ष परिणाम घोषित किये गए हैं, नयी शिक्षा प्रणाली के तहत शिक्षा के स्तर को बढाने के लिए बोर्ड की परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार किये जा रहे हैं , बोर्ड कर्मचारियों और पेंशनर्स की समस्याओं को सुलझाने के व्यापक प्रयास किये गए हैं जबकि भाजपा ने सिर्फ अपने चहेतों को शिक्षा के क्षेत्र में बिठाने का कार्य किया तथा भाजपा के समय धरातल पर कोई भी कार्य नहीं उतर पाया | शगुन ने कहा कि भाजपा प्रवक्ता यह भूल गए हैं कि जयराम सरकार के  समय हिमाचल शिक्षा के क्षेत्र में इक्कीसवें पायदान पर लुढ़क गया था परन्तु अब कांग्रेस सरकार के प्रयासों से राज्यों  में पुनः टॉप स्थानों में पहुँच गया है |
    user_खबरी लाल
    खबरी लाल
    रिपोर्टर हमीरपुर, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    10 hrs ago
  • ग्राम पंचायत प्रधान देश राज शर्मा ने एस.पी. को दिए गए ज्ञापन में कहा है कि इस घटनाक्रम के बाद उन्हें कथित तौर पर धमकियां दी जा रही हैं। ज्ञापन में कहा गया है कि उनकी तथा उनके परिवार कh सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और आरोपियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए। जिला बिलासपुर के घुमारवीं उपमंडल के तहत आने वाली ग्राम पंचायत औहर में गत 26 जुलाई को आयोजित ग्राम सभा के दौरान हुए कथित विवाद का मामला अब एस.पी. के दरबार में पहुंच गया है। पंचायत से जुड़े लोगों ने पुलिस को ज्ञापन सौंपकर उनके खिलाफ एस.सी./ एस.टी. एक्ट के तहत दर्ज एफ.आई.आर. को रद्द करने की मांग की है। पंचायत प्रधान देश राज शर्मा की अगुवाई में दिए गए ज्ञापन में पंचायत के उपप्रधान गौरव और अमित शर्मा ने आरोप लगाया है कि उनके खिलाफ दर्ज एफ.आई.आर. निराधार है और घटना के बाद योजनाबद्ध तरीके से उन्हें मामले में फंसाया गया है। पुलिस को दिए ज्ञापन में गौरव ने बताया कि वह ग्राम पंचायत औहर में उपप्रधान हैं, जबकि अमित शर्मा भी पंचायत से जुड़े प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत हैं। उनके अनुसार गत 26 जुलाई को पंचायत में आयोजित जनरल हाउस में करीब 357 लोग मौजूद थे। बैठक के दौरान पंचायत के पिछले कार्यों की समीक्षा का मुद्दा उठाया गया था। इसी दौरान कुछ लोगों द्वारा कथित तौर पर ग्राम सभा की कार्यवाही में व्यवधान डालने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि विवाद बढ़ने पर पंचायत प्रतिनिधियों के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई। उन्होंने दावा किया कि घटना के बाद पंचायत प्रधान देश राज शर्मा की ओर से थाना घुमारवीं में मामला दर्ज करवाया गया था। इसके बाद उनके खिलाफ एस.सी./एस.टी. एक्ट के तहत मामला दर्ज करवाया गया। ज्ञापन में कहा गया है कि उनके खिलाफ दर्ज मामला तथ्यों के विपरीत और निराधार है। उन्होंने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच करवाकर एफ.आई.आर. को रद्द करने की मांग की है। ज्ञापन में दावा किया गया है कि ग्राम सभा में मौजूद लोग पूरे घटनाक्रम के गवाह हैं और आवश्यकता पड़ने पर पुलिस के समक्ष अपने बयान दर्ज करवाने को भी तैयार हैं।
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    ग्राम पंचायत प्रधान देश राज शर्मा ने एस.पी. को दिए गए ज्ञापन में कहा है कि इस घटनाक्रम के बाद उन्हें कथित तौर पर धमकियां दी जा रही हैं। ज्ञापन में कहा गया है कि उनकी तथा उनके परिवार कh सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और आरोपियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
जिला बिलासपुर के घुमारवीं उपमंडल के तहत आने वाली ग्राम पंचायत औहर में गत 26 जुलाई को आयोजित ग्राम सभा के दौरान हुए कथित विवाद का मामला अब एस.पी. के दरबार में पहुंच गया है। पंचायत से जुड़े लोगों ने पुलिस को ज्ञापन सौंपकर उनके खिलाफ एस.सी./ एस.टी. एक्ट के तहत दर्ज एफ.आई.आर. को रद्द करने की मांग की है। पंचायत प्रधान देश राज शर्मा की अगुवाई में दिए गए ज्ञापन में पंचायत के उपप्रधान गौरव और अमित शर्मा ने आरोप लगाया है कि उनके खिलाफ दर्ज एफ.आई.आर. निराधार है और घटना के बाद योजनाबद्ध तरीके से उन्हें मामले में फंसाया गया है।
पुलिस को दिए ज्ञापन में गौरव ने बताया कि वह ग्राम पंचायत औहर में उपप्रधान हैं, जबकि अमित शर्मा भी पंचायत से जुड़े प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत हैं। उनके अनुसार गत 26 जुलाई को पंचायत में आयोजित जनरल हाउस में करीब 357 लोग मौजूद थे। बैठक के दौरान पंचायत के पिछले कार्यों की समीक्षा का मुद्दा उठाया गया था। इसी दौरान कुछ लोगों द्वारा कथित तौर पर ग्राम सभा की कार्यवाही में व्यवधान डालने का आरोप लगाया गया है।
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि विवाद बढ़ने पर पंचायत प्रतिनिधियों के साथ गाली-गलौज और मारपीट की गई। उन्होंने दावा किया कि घटना के बाद पंचायत प्रधान देश राज शर्मा की ओर से थाना घुमारवीं में मामला दर्ज करवाया गया था। इसके बाद उनके खिलाफ एस.सी./एस.टी. एक्ट के तहत मामला दर्ज करवाया गया। ज्ञापन में कहा गया है कि उनके खिलाफ दर्ज मामला तथ्यों के विपरीत और निराधार है। उन्होंने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच करवाकर एफ.आई.आर. को रद्द करने की मांग की है। ज्ञापन में दावा किया गया है कि ग्राम सभा में मौजूद लोग पूरे घटनाक्रम के गवाह हैं और आवश्यकता पड़ने पर पुलिस के समक्ष अपने बयान दर्ज करवाने को भी तैयार हैं।
    user_Inform News
    Inform News
    Press advisory बिलासपुर सदर, बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश•
    5 hrs ago
  • पंचायत समिति जीते हैं विधायक भी बनेगा भाजपा का पूर्व उप प्रधान हटली सुरेन्द्र सिंह
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    पंचायत समिति जीते हैं विधायक भी बनेगा भाजपा का पूर्व उप प्रधान हटली सुरेन्द्र सिंह
    user_Abhishek Kumar Bhatia
    Abhishek Kumar Bhatia
    Local News Reporter बंगाना, ऊना, हिमाचल प्रदेश•
    11 hrs ago
  • रामपुर बेली ब्रिज दो दिन रहेगा यातायात प्रतिबंधित, चंद्रलोक कॉलोनी के वैकल्पिक मार्ग पर ट्रैफिक डाइवर्ट रामपुर बेली ब्रिज बुधवार से दो दिन के लिए यातायात की आवाजाही के लिए अस्थाई रूप से बंद रहेगा। इस दौरान लोगों को आवाजाही में असुविधा न हो, इसके लिए यातायात को चंद्रलोक कॉलोनी से डाइवर्ट किया गया है। जिला दंडाधिकारी ऊना जतिन लाल ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। उपायुक्त ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि इस संबंध में सडक़ पर पूर्व सूचना वाले संकेतक बोर्ड लगाए जाएं, जिससे आम जनता को समय रहते जानकारी मिल सके। उन्होंने कहा है कि यह कदम जनहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है। मरम्मत कार्य पूर्ण होने के बाद यातायात को पुन: सामान्य रूप से बहाल कर दिया जाएगा।
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    रामपुर बेली ब्रिज दो दिन रहेगा यातायात प्रतिबंधित, चंद्रलोक कॉलोनी के वैकल्पिक मार्ग पर ट्रैफिक डाइवर्ट
रामपुर बेली ब्रिज बुधवार से दो दिन के लिए यातायात की आवाजाही के लिए अस्थाई रूप से बंद रहेगा। इस दौरान लोगों को आवाजाही में असुविधा न हो, इसके लिए यातायात को चंद्रलोक कॉलोनी से डाइवर्ट किया गया है। जिला दंडाधिकारी ऊना जतिन लाल ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। उपायुक्त ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि इस संबंध में सडक़ पर पूर्व सूचना वाले संकेतक बोर्ड लगाए जाएं, जिससे आम जनता को समय रहते जानकारी मिल सके। उन्होंने कहा है कि यह कदम जनहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है। मरम्मत कार्य पूर्ण होने के बाद यातायात को पुन: सामान्य रूप से बहाल कर दिया जाएगा।
    user_ऊना की खबर
    ऊना की खबर
    Local News Reporter ऊना, ऊना, हिमाचल प्रदेश•
    8 hrs ago
  • बरसात में आपदाओं से निपटने के लिए आपदा मित्र तैयार, जरूरत पर उपकरणों के साथ उतरेंगे फील्ड में, मुसीबत में लोगों के लिए बनेंगे मददगार हमीरपुर बरसात का सीजन शुरू हो चुका है ऐसे में बारिश की वजह से आपदा से निपट कर आम लोगों की मदद करने के लिए आपदा मित्रों की टीमें ट्रेनिंग के साथ तैयार हैं। जिला प्रशासन के साथ मिलकर आपदा मित्रों की ट्रेनिंग का काम पूरा हो चुका है और उन्हें आपदा के समय स्थिति से निपटने के लिए जरूरी उपकरणों की किट भी दी गई है ताकि फील्ड में उतरकर इसके जरिए व लोगों की मदद कर उनका जीवन बचा सके। करीब 50 आपदा मित्रों को ट्रेनिंग दी गई है जिसमें उन्हें आपदा के समय स्थिति से कैसे निपटना है लोगों के जान माल की रक्षा कैसे करनी है ट्रैफिक व्यवस्था को कैसे संभालना है और लोगों को सुरक्षित रेस्क्यू करके उनकी मदद कैसे करनी है जैसी चीजों की ट्रेनिंग दी गई है। यह आपदा मित्र वॉलिंटियर के रूप में ज्यादातर कॉलेज में पढ़ने वाले युवा हैं जो अपनी सुरक्षा से आगे आकर आपदा के समय लोगों की सुरक्षा करने के लिए तैयार हुए हैं। डीसी गंधर्वा राठौड ने बताया कि 50 से ज्यादा युवाओं को आपदा मित्र की ट्रेनिंग दी गई है इन्होंने चैत्र मास मेले में भी श्रद्धालुओं की व्यवस्था को संभाला था इन्हें फील्ड एक्सपीरियंस करवाया गया है। आपदा मित्र एक संपत्ति के तौर पर तैयार हुए हैं जो कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने में लोगों के लिए मददगार साबित होंगे।
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    बरसात में आपदाओं से निपटने के लिए आपदा मित्र तैयार, जरूरत पर उपकरणों के साथ उतरेंगे फील्ड में, मुसीबत में लोगों के लिए बनेंगे मददगार
हमीरपुर
बरसात का सीजन शुरू हो चुका है ऐसे में बारिश की वजह से आपदा से निपट कर आम लोगों की मदद करने के लिए आपदा मित्रों की टीमें ट्रेनिंग के साथ तैयार हैं। जिला प्रशासन के साथ मिलकर आपदा मित्रों की ट्रेनिंग का काम पूरा हो चुका है और उन्हें आपदा के समय स्थिति से निपटने के लिए जरूरी उपकरणों की किट भी दी गई है ताकि फील्ड में उतरकर इसके जरिए व लोगों की मदद कर उनका जीवन बचा सके। करीब 50 आपदा मित्रों को ट्रेनिंग दी गई है जिसमें उन्हें आपदा के समय स्थिति से कैसे निपटना है लोगों के जान माल की रक्षा कैसे करनी है ट्रैफिक व्यवस्था को कैसे संभालना है और लोगों को सुरक्षित रेस्क्यू करके उनकी मदद कैसे करनी है जैसी चीजों की ट्रेनिंग दी गई है। यह आपदा मित्र वॉलिंटियर के रूप में ज्यादातर कॉलेज में पढ़ने वाले युवा हैं जो अपनी सुरक्षा से आगे आकर आपदा के समय लोगों की सुरक्षा करने के लिए तैयार हुए हैं।
डीसी गंधर्वा राठौड ने बताया कि 50 से ज्यादा युवाओं को आपदा मित्र की ट्रेनिंग दी गई है इन्होंने चैत्र मास मेले में भी श्रद्धालुओं की व्यवस्था को संभाला था इन्हें फील्ड एक्सपीरियंस करवाया गया है। आपदा मित्र एक संपत्ति के तौर पर तैयार हुए हैं जो कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने में लोगों के लिए मददगार साबित होंगे।
    user_खबरी लाल
    खबरी लाल
    रिपोर्टर हमीरपुर, हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश•
    10 hrs ago
  • कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था। कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। ​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी। इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था।
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    कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा

एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग

मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है।
​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा  दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने  यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी।  इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात  में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था। 
कोटरोपी में नई तैयार सड़क पर शुरू हुआ धंसान, एनएच-154 पर यातायात बाधित होने का खतरा
एसडीएम पधर सुरजीत ठाकुर बोले जोखिम न उठाएं यात्री, प्रशासन के दिशा निर्देशों की करें पालना, वैकल्पिक मार्गों का करें प्रयोग
मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग 154 पर कोटरोपी के पास हाल ही में तैयार की गई नई सड़क पर अचानक धंसान शुरू हो गया है। मंगलवार सांय प्रशासन ने मौका पर पहुंच कर ​स्थिति का जायजा लिया। इस व्यस्त मार्ग पर भूस्खलन और यातायात पूरी तरह बाधित होने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है।
​प्रशासन ने स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। एसडीएम पद्धर सुरजीत सिंह ने नागरिक सुरक्षा के एहतियाती कदम उठाते हुए पुलिस प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी है। छोटे वाहनों को कोटरोपी स्थल से क्रास किया जा रहा है। भारी वाहनों को गुजरने पर रोक लगा  दी है। भारी वाहन चालकों के लिए पधर नौहली जोगिंदरनगर और पधर डायनापार्क झटिंगरी जोगिंदरनगर वैक​ल्पिक मार्ग से सफर करने की एडवाइजरी जारी की है। एसडीएम ने  यात्रियों और वाहन चालकों से अपील की है कि वे इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का अनावश्यक जोखिम न उठाएं और सुरक्षित यात्रा के लिए वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग करें। उन्होंने सभी से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने का आग्रह किया है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके। मंगलवार सांय कोटरोपी में जमीन का एक बड़े हिस्से में धंसान हो गई। जमीन बैठने का क्रम लगातार जारी है। एसडीएम पधर ने प्रशासन टीम के साथ घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने घटना स्थल के बारे जिला प्रशासन को अवगत करवाया और एहतियाती कदम उठाने बारे जिला प्रशासन से आग्रह किया। छोटे वाहनों को निगरानी में घटना स्थल से आरपार करवाया जा रहा है। बड़े वाहनों की आवाजाही पर कतई रोक लगा दी है। मौसब खराब हुआ तो छोटे वाहनों की आवाजाही पर रात को पूरी रोक लगाई जा सकती है। प्रशासन घटना स्थल पर पुरी निगरानी रखे हुए है। बता दें कि वर्ष 2017 में कोटरोपी में लैंड स्लाइडिंग होने से एचआरटीसी की दो बसें मलबे में दब गई थी।  इस दौरान लगभग 49 लोगों की जान चली गई। जिसमे एक व्यक्ति आज तक नही मिल पाया है हर बरसात के मौसम में कोटरोपी में जमीन के धंसने का मामला सामने आ रहा है। घटना स्थल पर नए मार्ग का निर्माण किया गया है। एक दो वर्ष यहां ​​स्थिती सामान्य रही। इस बरसात  में दोबारा जमीन धंसने का क्रम शुरू हो गया है। प्रसाशन ने इतना पैसा इस हिस्से को ठीक करने में खर्च डाला उस पैसे से यंहा पर एक बड़े पूल का निर्माण हो सकता था।
    user_ललित ठाकुर
    ललित ठाकुर
    Padhar, Mandi•
    9 hrs ago
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