छात्रों के मुद्दों पर आए बड़े मोड़ के बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना अनशन समाप्त कर दिया है। गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने उनसे मुलाकात की और सरकार की ओर से उनकी सभी चिंताओं के समाधान का पूरा भरोसा दिलाया। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि सरकार जंतर-मंतर पर हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन और 20 जुलाई के संसद मार्च में शामिल लोगों पर मुकदमे दर्ज न करने के पक्ष में सकारात्मक है। इसके साथ ही, संसद में पेपर लीक और परीक्षा सुधारों पर विस्तृत चर्चा कराने तथा NEET पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने के विषय पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है। सरकार ने साफ किया है कि युवाओं के हित उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता हैं और परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी व मजबूत बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश को दोहराते हुए सरकार ने सख्त लहजे में कहा कि देश के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
छात्रों के मुद्दों पर आए बड़े मोड़ के बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना अनशन समाप्त कर दिया है। गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने उनसे मुलाकात की और सरकार की ओर से उनकी सभी चिंताओं के समाधान का पूरा भरोसा दिलाया। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि सरकार जंतर-मंतर पर हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन और 20 जुलाई के संसद मार्च में शामिल लोगों पर मुकदमे दर्ज न करने के पक्ष में सकारात्मक है। इसके साथ ही, संसद में पेपर लीक और परीक्षा सुधारों पर विस्तृत चर्चा कराने तथा NEET पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने के विषय पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है। सरकार ने साफ किया है कि युवाओं के हित उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता हैं और परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी व मजबूत बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश को दोहराते हुए सरकार ने सख्त लहजे में कहा कि देश के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
- छात्रों के मुद्दों पर आए बड़े मोड़ के बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना अनशन समाप्त कर दिया है। गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह ने उनसे मुलाकात की और सरकार की ओर से उनकी सभी चिंताओं के समाधान का पूरा भरोसा दिलाया। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि सरकार जंतर-मंतर पर हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन और 20 जुलाई के संसद मार्च में शामिल लोगों पर मुकदमे दर्ज न करने के पक्ष में सकारात्मक है। इसके साथ ही, संसद में पेपर लीक और परीक्षा सुधारों पर विस्तृत चर्चा कराने तथा NEET पेपर लीक के कारण आत्महत्या करने वाले पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने के विषय पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है। सरकार ने साफ किया है कि युवाओं के हित उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता हैं और परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी व मजबूत बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश को दोहराते हुए सरकार ने सख्त लहजे में कहा कि देश के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।1
- कल का वीडियो देखने और उस पर अपने बहुमूल्य सुझाव साझा करने वाले सभी युवा साथियों का दिल से आभार व्यक्त किया गया है। वीडियो पर मिली प्रतिक्रिया और बहुमूल्य सुझावों के लिए सभी युवाओं को धन्यवाद दिया गया है।1
- भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा बलों ने घुसपैठ की एक बहुत बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया है। रूपईडीहा बॉर्डर पर एसएसबी और स्थानीय पुलिस के एक संयुक्त अभियान में प्रतिबंधित संगठन 'वारिस पंजाब दे' के मोस्ट वांटेड आतंकी विक्रमजीत सिंह को विदेशी अमेरिकी नागरिक मंजीत सिंह के साथ अवैध तरीके से घुसपैठ करते हुए गिरफ्तार कर लिया गया है। विक्रमजीत सिंह साल 2023 में पंजाब के अमृतसर जिले के अजनाला थाने पर हुए हमले का मुख्य आरोपी था। उस समय 'वारिस पंजाब दे' के प्रमुख अमृतपाल सिंह के समर्थकों ने अपने साथी लवप्रीत सिंह 'तूफान' को छुड़ाने के लिए थाने पर धावा बोला था, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हुए थे और पुलिस ने दबाव में लवप्रीत को रिहा किया था। उसी घटना के बाद से फरार विक्रमजीत फर्जी दस्तावेजों के सहारे नेपाल में छिपा हुआ था। इस कार्रवाई में नेपाल के रास्ते सीमा पार कराने और गाड़ी की व्यवस्था करने वाले नेटवर्क का भी भंडाफोड़ हुआ है, जिसके तहत स्थानीय मददगार सुरेश पाठक, दिलीप उपाध्याय और ड्राइवर राहुल कुमार को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के इस गठजोड़ के सामने आने के बाद खुफिया विभाग, सीमा सुरक्षा एजेंसियों, इमीग्रेशन और पुलिस की संयुक्त टीमें कड़ाई से पूछताछ कर रही हैं ताकि इस इंटरनेशनल नेटवर्क की हर परत उखाड़ी जा सके। मामले पर जानकारी देते हुए एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि पंजाब पुलिस को सूचना दे दी गई है और आगे की कार्यवाही के साथ पूरे नेटवर्क को खंगालने का काम किया जा रहा है।4
- वर्ष 2023 के अजनाला थाना हमले में वांछित आरोपी विक्रमजीत सिंह को भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों ने बृहस्पतिवार देर शाम गिरफ्तार कर लिया है। पंजाब के रूपनगर निवासी विक्रमजीत प्रतिबंधित संगठन 'वारिस पंजाब दे' से जुड़ा है। वह नेपाल में पहचान छिपाकर रह रहा था और भारत में प्रवेश करने की कोशिश में था। सीमा पर स्थित बॉर्डर आउट पोस्ट पर नियमित जांच के दौरान संदिग्ध गतिविधि के आधार पर एसएसबी और रुपईडीहा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर उसे पकड़ा। सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, आरोपी फरवरी 2023 में हुए अजनाला थाना हमले के बाद से ही लगातार फरार चल रहा था। पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि पूरे मामले की जांच जारी है, जिसमें फर्जी दस्तावेज बनाने वाले गिरोह, अवैध तरीके से सीमा पार कराने वाले नेटवर्क और स्थानीय सहयोगियों की भूमिका पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। इस घटना के बाद से पूरे सीमा क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी गई है।1
- बहराइच के सुजौली थाना क्षेत्र स्थित बलदानपुरवा गांव की 26 वर्षीय युवती राधा (पुत्री किशोरी लाल) की नहर में डूबने से मौत हो गई, जिसका शव गुरुवार शाम को बरामद कर लिया गया है। जानकारी के अनुसार, राधा 17 जुलाई को अपने घर से निकली थी। 9 नंबर पुल के पास नहर में उसके डूबने की आशंका जताई गई थी। परिजन की सूचना पर पुलिस और गोताखोरों की टीम ने लगातार तलाश अभियान चलाया, जिसके तीन दिन बाद गुरुवार शाम को राधा का शव नहर में उतराता हुआ मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जो शुक्रवार को कराया जा रहा है। थाना प्रभारी ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला डूबने का लग रहा है, फिर भी मौत के सही कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।4
- नेपाल बॉर्डर के रास्ते की जा रही अवैध घुसपैठ का खुलासा हुआ है। इस मामले में कुल 5 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पकड़े गए आरोपियों में 'वारिस पंजाब दे' संगठन से जुड़े 2 सक्रिय सदस्य भी शामिल हैं।1
- उत्तर प्रदेश के बहराइच में भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई में एक अमेरिकी नागरिक समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिसके बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। अवैध घुसपैठ और फर्जी दस्तावेजों से जुड़े इस मामले में सुरक्षा तंत्र पूरी तरह सतर्क हो गया है। पकड़े गए आरोपियों का 'वारिस पंजाब' संगठन से कनेक्शन सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियों की जांच और भी गहरी हो गई है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसएसबी और यूपी पुलिस की टीमें पूरे घटनाक्रम की गहनता से पड़ताल कर रही हैं।1