सरकारी नौकरी और ट्रांसफर का झांसा देकर लाखों की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश झालावाड़। सरकारी नौकरी, संविदा पर रोजगार और सरकारी विभागों में तबादला कराने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से लाखों रुपए की ठगी करने वाले गिरोह का कोतवाली पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के दो मुख्य सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से मिले डिजिटल साक्ष्यों में कई अभ्यर्थियों के शैक्षणिक दस्तावेज और फर्जीवाड़े से संबंधित साक्ष्य मिले हैं। पुलिस के अनुसार गिरोह अब तक करीब 100 से 150 अभ्यर्थियों से लाखों रुपए की ठगी कर चुका है। कार्रवाई में जिला स्पेशल टीम का विशेष योगदान रहा। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि जिले में संगठित अपराध और फर्जीवाड़े के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। 7 अगस्त को कोतवाली थाने में शिकायत मिली थी कि झालावाड़ और आसपास के क्षेत्रों में एक गिरोह सक्रिय है, जो गांव-गांव जाकर सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे गरीब एवं मध्यम वर्गीय बेरोजगार युवाओं को अपना निशाना बना रहा है। 30 से 50 हजार रुपए लेते थे एडवांस आरोपी विभिन्न सरकारी विभागों, अस्पतालों और स्कूलों में पक्की अथवा संविदा पर नौकरी लगवाने का झांसा देकर प्रत्येक अभ्यर्थी से 30 से 50 हजार रुपए तक एडवांस लेते थे। इसी तरह सरकारी विभागों में तबादला कराने का भी भरोसा दिलाया जाता था। शिकायत की जांच एसआई विजय सिंह को सौंपी गई। जांच के दौरान सादा कपड़ों में संदिग्धों की गतिविधियों पर निगरानी रखी गई। स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटाने पर संदिग्धों के घरों पर दूर-दराज से बेरोजगार युवाओं के लगातार आने-जाने की बात सामने आई। डिजिटल साक्ष्यों से खुला फर्जीवाड़ा मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचंद्र के निर्देशन और वृत्ताधिकारी झालावाड़ हर्षराज सिंह खरेड़ा के सुपरविजन में कोतवाली थाना पुलिस के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर अब्दुल रउफ निवासी पायगा मोहल्ला झालावाड़ और सद्दाम निवासी दिलावरा, पीड़ावा को डिटेन किया। पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों की जांच में कई अभ्यर्थियों के शैक्षणिक दस्तावेज तथा फर्जीवाड़े से जुड़े साक्ष्य मिले। चयन होने पर भी वसूलते थे पूरी रकम जांच में सामने आया कि गिरोह का तरीका बेहद शातिर था। जो अभ्यर्थी अपनी योग्यता और मेरिट के आधार पर स्वयं चयनित हो जाते थे, उनसे भी आरोपी नौकरी लगवाने का दावा करते हुए बकाया पूरी रकम वसूल लेते थे। वहीं जिन अभ्यर्थियों का चयन नहीं होता, उनसे लिया गया एडवांस भी वापस नहीं किया जाता था। पुलिस पूछताछ में अब तक करीब 100 से 150 अभ्यर्थियों से लाखों रुपए की ठगी किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के अनुसार गिरोह के कुछ सदस्य पूर्व में भी इसी प्रकार के मामलों में गिरफ्तार हो चुके हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। वहीं मामले में शामिल फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमों द्वारा संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। कार्रवाई में इनकी रही भूमिका कार्रवाई में कोतवाली थानाधिकारी मुकेश कुमार, एसआई विजय सिंह, कांस्टेबल धर्मेन्द्र सहित जिला स्पेशल टीम प्रभारी रोहित कुमार और टीम के जवान शामिल रहे। इसके अलावा रायपुर थाना, झालरापाटन थाना तथा साइबर टीम के पुलिसकर्मियों ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।
सरकारी नौकरी और ट्रांसफर का झांसा देकर लाखों की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश झालावाड़। सरकारी नौकरी, संविदा पर रोजगार और सरकारी विभागों में तबादला कराने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से लाखों रुपए की ठगी करने वाले गिरोह का कोतवाली पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के दो मुख्य सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से मिले डिजिटल साक्ष्यों में कई अभ्यर्थियों के शैक्षणिक दस्तावेज और फर्जीवाड़े से संबंधित साक्ष्य मिले हैं। पुलिस के अनुसार गिरोह अब तक करीब 100 से 150 अभ्यर्थियों से लाखों रुपए की ठगी कर चुका है। कार्रवाई में जिला स्पेशल टीम का विशेष योगदान रहा। पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि जिले में संगठित अपराध और फर्जीवाड़े के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। 7 अगस्त को कोतवाली थाने में शिकायत मिली थी कि झालावाड़ और आसपास के क्षेत्रों में एक गिरोह सक्रिय है, जो गांव-गांव जाकर सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे गरीब एवं मध्यम वर्गीय बेरोजगार युवाओं को अपना निशाना बना रहा है। 30 से 50 हजार रुपए लेते थे एडवांस आरोपी विभिन्न सरकारी विभागों, अस्पतालों और स्कूलों में पक्की अथवा संविदा पर नौकरी लगवाने का झांसा देकर प्रत्येक अभ्यर्थी से 30 से 50 हजार रुपए तक एडवांस लेते थे। इसी तरह सरकारी विभागों में तबादला कराने का भी भरोसा दिलाया जाता था। शिकायत की जांच एसआई विजय सिंह को सौंपी गई। जांच के दौरान सादा कपड़ों में संदिग्धों की गतिविधियों पर निगरानी रखी गई। स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटाने पर संदिग्धों के घरों पर दूर-दराज से बेरोजगार युवाओं के लगातार आने-जाने की बात सामने आई। डिजिटल साक्ष्यों से खुला फर्जीवाड़ा मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचंद्र के निर्देशन और वृत्ताधिकारी झालावाड़ हर्षराज सिंह खरेड़ा के सुपरविजन में कोतवाली थाना पुलिस के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर अब्दुल रउफ निवासी पायगा मोहल्ला झालावाड़ और सद्दाम निवासी दिलावरा, पीड़ावा को डिटेन किया। पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों की जांच में कई अभ्यर्थियों के शैक्षणिक दस्तावेज तथा फर्जीवाड़े से जुड़े साक्ष्य मिले। चयन होने पर भी वसूलते थे पूरी रकम जांच में सामने आया कि गिरोह का तरीका बेहद शातिर था। जो अभ्यर्थी अपनी योग्यता और मेरिट के आधार पर स्वयं चयनित हो जाते थे, उनसे भी आरोपी नौकरी लगवाने का दावा करते हुए बकाया पूरी रकम वसूल लेते थे। वहीं जिन अभ्यर्थियों का चयन नहीं होता, उनसे लिया गया एडवांस भी वापस नहीं किया जाता था। पुलिस पूछताछ में अब तक करीब 100 से 150 अभ्यर्थियों से लाखों रुपए की ठगी किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के अनुसार गिरोह के कुछ सदस्य पूर्व में भी इसी प्रकार के मामलों में गिरफ्तार हो चुके हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। वहीं मामले में शामिल फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमों द्वारा संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। कार्रवाई में इनकी रही भूमिका कार्रवाई में कोतवाली थानाधिकारी मुकेश कुमार, एसआई विजय सिंह, कांस्टेबल धर्मेन्द्र सहित जिला स्पेशल टीम प्रभारी रोहित कुमार और टीम के जवान शामिल रहे। इसके अलावा रायपुर थाना, झालरापाटन थाना तथा साइबर टीम के पुलिसकर्मियों ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।
- झालावाड़-प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी का झालावाड़ दौरा,हर घर तिरंगा” अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रमों में हुए शामिल,मिनी सचिवालय ऑडिटोरियम में तिरंगा प्रदर्शनी का किया उद्घाटन,तिरंगा बाइक रैली में भी हुए शामिल,मौजूद लोगों को तिरंगा सम्मान शपथ भी दिलाई,राष्ट्रीय एकता अखंडता की रक्षा और विकास में सहभागिता का दिलाया संकल्प,विधायक गोविंद रानीपुरिया, जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़, पुलिस अधीक्षक अमित जिलाध्यक्ष हर्षवर्धन शर्मा सहित गणमान्य रहे मौजूद झालावाड़_प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी का झालावाड़ दौरे पर रहे इस दौरान उन्होंने हर घर तिरंगा अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रमों में शिरकत की। प्रधानमंत्री ओटाराम देवासी ने पहले तिरंगा प्रदर्शनी का उद्घाटन किया जिसके बाद में हर घर तिरंगा बाइक रैली में भी शामिल हुए। झालावाड़ जिलेभर में चलाए जा रहे ‘हर घर तिरंगा अभियान’ के अंतर्गत आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में राजस्थान सरकार के ग्रामीण विकास, पंचायतीराज, आपदा प्रबंधन, सहायता एवं नागरिक सुरक्षा विभाग राज्यमंत्री तथा जिले के प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी आज मिनी सचिवालय पहुंचे और ऑडिटोरियम में तिरंगा प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। प्रदर्शनी में स्वतंत्रता आंदोलन, राष्ट्रध्वज के गौरव, राष्ट्रीय एकता, देशभक्ति और जनभागीदारी से जुड़े विविध विषयों को आकर्षक रूप में प्रदर्शित किया गया। प्रदर्शनी का उद्देश्य युवाओं, विद्यार्थियों एवं आमजन में राष्ट्रध्वज के प्रति सम्मान, गौरव और देशभक्ति की भावना को सुदृढ़ करना है। तिरंगा प्रदर्शनी के उद्घाटन के बाद प्रभारी मंत्री तिरंगा हर घर तिरंगा बाइक रैली में भी शामिल हुए। इस रैली में बड़ी संख्या में युवा, स्वयंसेवी संगठन, विद्यार्थी, जनप्रतिनिधि तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों के सदस्य शामिल रहे। रैली के माध्यम से शहर और आसपास के क्षेत्रों में राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रीय एकता और तिरंगे के सम्मान का संदेश दिया गया। मिनी सचिवालय से प्रारंभ हुई तिरंगा रैली शहर के मामा भांजा सर्किल, मंगलपुरा होते हुए गढ़ परिसर स्थित स्काउट गाइड कार्यालय पहुंचकर संपन्न हुई। समापन कार्यक्रम के दौरान प्रभारी मंत्री ने उपस्थित सभी नागरिकों, युवाओं और विद्यार्थियों को तिरंगा शपथ भी दिलाई और प्रत्येक नागरिक को राष्ट्रध्वज के सम्मान, राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की रक्षा तथा देश के विकास में सक्रिय सहभागिता का संकल्प दिलाया। प्रभारी मंत्री ओटाराम देवासी ने बताया कि हर घर तिरंगा अभियान के अंतर्गत जिलेभर में विभिन्न देशभक्ति कार्यक्रम, तिरंगा यात्राएं, प्रभात फेरियां, प्रदर्शनी, सांस्कृतिक गतिविधियां एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिनका उद्देश्य अधिक से अधिक नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित कर राष्ट्रध्वज के सम्मान को जन-जन तक पहुंचाना है।4
- जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने की आमजन से अपील जिले में बारिश का दौर झालावाड़। जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने जिलेवासियों से विशेष सावधानी बरतने और नदी-नालों, रपटों एवं पुलियाओं से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की है। कलक्टर ने बताया कि रविवार शाम से जिले के मनोहरथाना, अकलेरा, खानपुर, पीड़ावा और सुनेल तहसीलों सहित आसपास के क्षेत्रों में भारी बारिश हुई है। वहीं मध्यप्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में भी तेज बारिश होने के कारण कई गांवों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने बताया कि कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति के बाद अब धीरे-धीरे पानी उतर रहा है, लेकिन जलस्तर और तेज बहाव को देखते हुए अभी भी विशेष सतर्कता की जरूरत है। कालीसिंध बांध के 12 गेट खोले गए हैं, जबकि छापी बांध के भी सभी गेट खुले हुए हैं। ऐसे में नदियों और नालों के जलस्तर में बढ़ोतरी तथा रपटों एवं पुलियाओं पर पानी के तेज बहाव की स्थिति बनी हुई है। रपट और पुलिया पार करने का प्रयास नहीं करें कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि जिन स्थानों पर रपटों, पुलियाओं या रास्तों पर पानी बह रहा है, वहां किसी भी स्थिति में जाने या उसे पार करने का प्रयास नहीं करें। उन्होंने कहा कि पानी की गहराई और बहाव का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है। थोड़ी सी लापरवाही भी जान के लिए खतरा बन सकती है। उन्होंने विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों से अपील की कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों और नदी-नालों के आसपास अनावश्यक रूप से नहीं जाएं। बच्चों को भी नदी, नालों, तालाबों और रपटों के आसपास जाने से रोकें। अगले 24 घंटे भी महत्वपूर्ण जिला कलक्टर ने बताया कि मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 24 घंटों में भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में लोगों को बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने जिलेवासियों से कहा कि वे यथासंभव अपने घरों में रहें और अपने आसपास की परिस्थितियों पर नजर रखें। किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन एवं संबंधित विभागों को तत्काल सूचना दें। कलक्टर ने कहा कि लोगों का जीवन अमूल्य है और स्वयं की सुरक्षा सबसे पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने जिलेवासियों से नदी, तालाब, नालों, रपटों और तेज बहाव वाले स्थानों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने तथा बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। प्रशासन की ओर से भी जलभराव एवं अतिवृष्टि प्रभावित क्षेत्रों पर नजर रखी जा रही है और आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य किए जा रहे हैं। जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी जोखिम वाले स्थान पर जाने से बचें।1
- जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने जिलेवासियों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की झालावाड़। जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने जिलेवासियों से विशेष सावधानी बरतने और नदी-नालों, रपटों एवं पुलियाओं से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की है। कलक्टर ने बताया कि रविवार शाम से जिले के मनोहरथाना, अकलेरा, खानपुर, पीड़ावा और सुनेल तहसीलों सहित आसपास के क्षेत्रों में भारी बारिश हुई है। वहीं मध्यप्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में भी तेज बारिश होने के कारण कई गांवों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने बताया कि कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति के बाद अब धीरे-धीरे पानी उतर रहा है, लेकिन जलस्तर और तेज बहाव को देखते हुए अभी भी विशेष सतर्कता की जरूरत है। कालीसिंध बांध के 12 गेट खोले गए हैं, जबकि छापी बांध के भी सभी गेट खुले हुए हैं। ऐसे में नदियों और नालों के जलस्तर में बढ़ोतरी तथा रपटों एवं पुलियाओं पर पानी के तेज बहाव की स्थिति बनी हुई है। रपट और पुलिया पार करने का प्रयास नहीं करें कलक्टर अजय सिंह राठौड़ ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि जिन स्थानों पर रपटों, पुलियाओं या रास्तों पर पानी बह रहा है, वहां किसी भी स्थिति में जाने या उसे पार करने का प्रयास नहीं करें। उन्होंने कहा कि पानी की गहराई और बहाव का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है। थोड़ी सी लापरवाही भी जान के लिए खतरा बन सकती है। उन्होंने विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों से अपील की कि वे जलभराव वाले क्षेत्रों और नदी-नालों के आसपास अनावश्यक रूप से नहीं जाएं। बच्चों को भी नदी, नालों, तालाबों और रपटों के आसपास जाने से रोकें। अगले 24 घंटे भी महत्वपूर्ण जिला कलक्टर ने बताया कि मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 24 घंटों में भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में लोगों को बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने जिलेवासियों से कहा कि वे यथासंभव अपने घरों में रहें और अपने आसपास की परिस्थितियों पर नजर रखें। किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन एवं संबंधित विभागों को तत्काल सूचना दें। कलक्टर ने कहा कि लोगों का जीवन अमूल्य है और स्वयं की सुरक्षा सबसे पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने जिलेवासियों से नदी, तालाब, नालों, रपटों और तेज बहाव वाले स्थानों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने तथा बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। प्रशासन की ओर से भी जलभराव एवं अतिवृष्टि प्रभावित क्षेत्रों पर नजर रखी जा रही है और आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य किए जा रहे हैं। जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी जोखिम वाले स्थान पर जाने से बचें।1
- बकानी :- बरसाती नाले का पानी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में घुसा, चारदीवारी क्षतिग्रस्त बकानी :- बरसाती नाले का पानी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में घुसा, चारदीवारी क्षतिग्रस्त बकानी। क्षेत्र के नानोर गांव स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में सोमवार को बरसाती नाले का पानी घुसने से अफरा-तफरी का माहौल हो गया। तेज बारिश के बाद नाले का पानी विद्यालय परिसर में पहुंच गया, जिससे स्कूल की चारदीवारी क्षतिग्रस्त हो गई। विद्यालय के कार्यालय में भी पानी भर गया, जिससे वहां रखे महत्वपूर्ण दस्तावेज और अन्य सामग्री पानी में भीगकर खराब हो गई। अचानक पानी का बहाव बढ़ने से विद्यालय में मौजूद अध्यापक एवं स्टाफ को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति यह रही कि पानी का बहाव कम होने का इंतजार कर रहे शिक्षक एवं स्टाफ टेबलों के ऊपर बैठने को मजबूर नजर आए। विद्यालय परिसर में पानी भरने से शिक्षण कार्य भी प्रभावित हुआ। ।1
- कुंभकोट की 7 नंबर माइंस में हादसा: 12 घंटे बाद भी चेचट के गोताखोर प्रकाश अहिर का सुराग नहीं रामगंजमंडी। कुंभकोट स्थित 7 नंबर माइंस में सोमवार शाम ट्रैक्टर निकालने के लिए पानी में उतरे चेचट निवासी अनुभवी गोताखोर प्रकाश अहिर का 12 घंटे बाद भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। प्रकाश अहिर सोमवार शाम करीब 5:08 बजे पानी में उतरे थे, लेकिन इसके बाद वे वापस बाहर नहीं आए। घटना के बाद ग्रामीणों ने तत्काल उनकी तलाश शुरू की और पुलिस को सूचना दी। मंगलवार सुबह एसडीआरएफ कोटा की टीम भी मौके पर पहुंच गई, जिसके बाद रेस्क्यू अभियान को और तेज किया गया। एसडीआरएफ टीम और ग्रामीण लगातार पानी में प्रकाश अहिर की तलाश कर रहे हैं। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं1