Shuru
Apke Nagar Ki App…
sgtpofud ayxhhJgjvlxslvjdhsyekyodushgofjsyetkfkdueurifkxhd hii usclh yahan per bhoot rahata haiApne apne aap bhoot chalta hai yah Tamilnadu hai
Muhammdasamim
sgtpofud ayxhhJgjvlxslvjdhsyekyodushgofjsyetkfkdueurifkxhd hii usclh yahan per bhoot rahata haiApne apne aap bhoot chalta hai yah Tamilnadu hai
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- जोधपुर से मिली जानकारी के अनुसार, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने 17 जून 2026 को कोटा के दशहरा मैदान में 'छात्रों की गूंज' महारैली को संबोधित किया। यह आयोजन NEET पेपर लीक और देश की शिक्षा व्यवस्था की विफलता पर केंद्रित था, जिसमें हजारों छात्र शामिल हुए। राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि यह कोई राजनीतिक रैली नहीं थी, बल्कि छात्रों की पीड़ा सुनने और उनकी आवाज बनने का एक मंच था, जिसका उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था में क्रांति लाना है। उन्होंने बताया कि देश इस समय गंभीर शिक्षा और रोजगार संकट का सामना कर रहा है, जहाँ भ्रष्टाचार और अक्षमता ने शिक्षा व्यवस्था के हर स्तर को जकड़ लिया है। प्रश्नपत्र लीक होने की लगातार घटनाएँ, परीक्षाओं का अचानक रद्द होना, छात्रों को बार-बार परीक्षा देने पर मजबूर करना, भर्ती प्रक्रियाओं में भारी देरी और बढ़ती बेरोजगारी सरकार की घोर अक्षमता का सीधा परिणाम हैं। राहुल गांधी ने NEET, CBSE, PSCs और NTA जैसी संस्थाओं की विफलताओं पर चिंता व्यक्त की, जिससे छात्रों में निराशा, तनाव और असुरक्षा का माहौल बन रहा है, और दुखद रूप से छात्र आत्महत्याओं की घटनाएँ भी सामने आ रही हैं। इस गंभीर स्थिति के बावजूद, शिक्षा मंत्री, प्रधानमंत्री और केंद्र सरकार इस अत्यंत महत्वपूर्ण मुद्दे पर पूरी तरह से मौन हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा व्यवस्था एक "लूट की मशीन" बन गई है, जहाँ देशभर के परिवार प्रति वर्ष 3.5 लाख करोड़ रुपये सिर्फ पाँच बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं (जैसे NEET, JEE) पर खर्च करते हैं, जो केंद्र सरकार के पूरे शिक्षा बजट के बराबर है। कोचिंग उद्योग फलता-फूलता है, लेकिन छात्रों के सपने टूट रहे हैं; NEET में 22 लाख छात्रों के साथ धोखा हुआ है, जो बार-बार पेपर लीक और परीक्षा रद्द होने का परिणाम है, यह एक "सिस्टमिक नाकाम" है। उन्होंने यह भी बताया कि मोदी सरकार इस पर चुप है और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर कोई जवाबदेही नहीं ली जा रही है, जबकि माता-पिता घर बेचकर और कर्ज लेकर अपने बच्चों को कोटा भेजते हैं। राहुल गांधी ने आकांक्षा नामक एक छात्रा के आत्महत्या का मार्मिक उदाहरण दिया, जिसने पेपर लीक और सिस्टम की वजह से अपनी जान दी, और उन्होंने जोर देकर कहा कि सालों की मेहनत कुर्बान करने वाले छात्रों का सपना एक पेपर लीक से खत्म नहीं होना चाहिए। राहुल गांधी ने वर्तमान व्यवस्था को "रिजेक्शन सिस्टम" करार देते हुए "सिलेक्शन सिस्टम" की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था छात्रों को केवल 'रिजेक्शन' और 'फ्रस्ट्रेशन' दे रही है, जहाँ 3000 में से केवल 1 IAS या 30 IIT जैसे बहुत कम सफलता दर हैं, और युवाओं के पास रोजगार व करियर के सिर्फ 5-6 ही विकल्प हैं। कोटा में छात्रों पर अत्यधिक दबाव, महंगे कोचिंग और लोन के कारण होने वाली आत्महत्याओं को सिस्टम की नाकामी बताया गया, न कि छात्रों की। सरकार को एक ऐसी व्यवस्था देनी चाहिए जो शिक्षा, करियर सपोर्ट और रोजगार के माध्यम से छात्रों को सक्षम बनाए। इसी उद्देश्य के साथ, 'छात्रों की गूंज' अभियान कोटा से पूरे देश में छात्र आंदोलन की शुरुआत कर रहा है, जिसके तहत छात्र ऑनलाइन पिटिशन के जरिए अपनी कहानियाँ और सुझाव साझा कर सकते हैं, ताकि लाखों छात्रों की आवाज को एक "गूंज" बनाया जा सके जिसे अनसुना न किया जा सके। इसे शिक्षा को निष्पक्ष, सस्ता और सुगम बनाने की क्रांति बताया गया है। इस अभियान के माध्यम से सरकार से सीधी माँगें रखी गई हैं, जिनमें पेपर लीक रैकेट पर सख्त कार्रवाई, NTA में सुधार, शिक्षा मंत्री की जवाबदेही, परीक्षाओं में पारदर्शिता, तकनीकी सुरक्षा और युवाओं के लिए निष्पक्ष अवसर शामिल हैं, क्योंकि युवाओं के भविष्य की जिम्मेदारी सरकार की है। राहुल गांधी ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की पहल का भी जिक्र किया, जिन्होंने सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए 'एकल खिड़की' के तहत एक बार रजिस्ट्रेशन का प्रावधान किया था, लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार ने इसे बंद कर दिया, जिसे बेरोजगार युवाओं के साथ "कुठाराघात" बताया गया। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि अशोक गहलोत ने पेपर लीक करने वालों की संपत्ति जब्त करने और आजीवन कारावास का प्रावधान वाला एक कानून बनाया था, जिसे वर्तमान सरकार ने समाप्त कर दिया। रैली में प्रधानमंत्री द्वारा प्रति वर्ष 2 करोड़ युवाओं को रोजगार देने के वादे को भी याद दिलाया गया, यह कहते हुए कि यदि वह क्रियान्वित हो जाता तो देश की दशा व दिशा दोनों ही बदल जाती।1
- आगरा में नुनिहाई-प्रकाश नगर के बीच प्रस्तावित फ्लाईओवर को लेकर नुनिहाई इंडस्ट्रियल एरिया के उद्यमियों ने कड़ा विरोध जताया है। खंडेलवाल इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड में हुई एक बैठक के दौरान उद्यमियों ने एत्मादपुर विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह से मुलाकात कर अपनी गंभीर चिंताएं रखीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस फ्लाईओवर के निर्माण से 200 से अधिक फैक्टरियों का संचालन बुरी तरह प्रभावित होगा, जिससे कच्चे माल की आपूर्ति और तैयार उत्पादों की ढुलाई में भारी कठिनाइयां आएंगी। उद्यमियों ने आगाह किया कि इसका सीधा असर करीब 10 हजार मजदूरों की रोजी-रोटी पर पड़ेगा, जिस पर संकट खड़ा हो सकता है। फैक्टरी ओनर्स एसोसिएशन ने विधायक से प्रमुख मांग की है कि फ्लाईओवर का प्रस्तावित मार्ग इंडस्ट्रियल एरिया से हटाकर किसी वैकल्पिक रास्ते से निकाला जाए। इस पर, विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह ने उद्यमियों को आश्वासन दिया कि वे उनकी इन चिंताओं को संबंधित अधिकारियों के समक्ष गंभीरता से उठाएंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि किसी के भी साथ अन्याय न हो। बैठक में मुख्य रूप से किशोर खन्ना, डॉ. बब्बू साहनी, राजीव खंडेलवाल, रजनीश खंडेलवाल, यशपाल चाहर, आदर्श चौहान सहित इंडस्ट्रियल एरिया के कई उद्यमी और फैक्टरी संचालक उपस्थित रहे।1
- फिरोजाबाद के सिरसागंज (नगला खंगर) के पास आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर एक भीषण सड़क हादसा हुआ है, जहाँ एक तेज रफ्तार डबल डेकर स्लीपर बस आगे चल रहे ट्रेलर में जा घुसी। यह दर्दनाक घटना गुरुवार/शुक्रवार की रात 26 जून, 2026 को करीब 2:00 बजे एक्सप्रेसवे के माइलस्टोन 63 पर हुई। यह क्षेत्र नगला खंगर थानांतर्गत सिरसागंज सर्किल में आता है। गोरखपुर से चंडीगढ़/लुधियाना जा रही डबल डेकर प्राइवेट स्लीपर बस की शुरुआती जाँच के अनुसार, चालक को रात के समय अचानक नींद की झपकी आ गई। इसके परिणामस्वरूप, अनियंत्रित बस आगे चल रहे भारी वाहन ट्रेलर से पीछे से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। इस हादसे में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई है। मृतकों में बस का चालक, गुरी (निवासी पंजाब), और केबिन में बैठा एक अन्य व्यक्ति, दलजीत (निवासी रोपड़), शामिल हैं। हादसे में घायल अन्य यात्रियों को जिला अस्पताल शिकोहाबाद में भर्ती कराया गया है। AIN नेटवर्क से प्रधान संपादक अनुज रावत द्वारा 27 जून, 2026 को इस खबर को अपडेट किया गया है।1
- sgtpofud ayxhhJgjvlxslvjdhsyekyodushgofjsyetkfkdueurifkxhd hii usclh yahan per bhoot rahata haiApne apne aap bhoot chalta hai yah Tamilnadu hai1
- बीजिंग में एक बड़ा हादसा हुआ है, जहां शहर की सबसे ऊंची मानी जाने वाली 109 मंजिला सीआईटीआईसी टावर से एक छोटा विमान टकरा गया। टक्कर के बाद विमान टावर के ठीक पास जा गिरा, जिसके फलस्वरूप भीषण आग लग गई। इस दुर्घटना के कारण प्लेन का मलबा सड़क पर चारों ओर बिखर गया। हालांकि, राहत की बात यह है कि खबरों के अनुसार, इस हादसे में किसी के भी हताहत होने की कोई सूचना नहीं मिली है। घटना के कारणों की जांच की जा रही है।1
- बिहार पुलिस के एक दरोगा का तलवारबाजी करते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस वायरल वीडियो के सामने आने के बाद कई तरह के सवाल खड़े हो गए हैं।1
- भगवान श्री राम और वीर हनुमान जी के बारे में स्वामी प्रसाद मौर्य की कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों से अखिल भारत हिंदू महासभा के कार्यकर्ता बेहद नाराज हैं। इस कड़ी में, महासभा के कार्यकर्ताओं ने आगरा में स्वामी प्रसाद मौर्य का सांकेतिक रूप से प्रतिनिधित्व कर रहे एक व्यक्ति को हाथ-पैर बांधकर खीचते हुए मानसिक आरोग्य शाला (पागलखाने) तक पहुंचाया। इस दौरान हिंदू महासभा की महिला कार्यकर्ता पीछे से चप्पल लेकर मारती हुई चल रही थीं। पागलखाने के गेट पर पहुंचकर, स्वामी प्रसाद मौर्य बने व्यक्ति ने कथित तौर पर सभी नेताओं के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं, जिसमें उसने 'राहुल गांधी चोर', 'अखिलेश यादव पागल' और 'मैं हिंदू नहीं हूं' जैसे शब्द बड़बड़ाते हुए कहे। हिंदू महासभा कार्यकर्ताओं ने मानसिक आरोग्य शाला की ओपीडी में स्वामी प्रसाद मौर्य के 'दिमाग का इलाज' कराने के नाम से बकायदा पर्चा भी कटवाया। हिंदू महासभा की जिला अध्यक्ष मीरा राठौर, महानगर अध्यक्ष महिला मोर्चा निशा ठाकुर और नितेश भारद्वाज ने संयुक्त रूप से कहा कि उन्होंने आज स्वामी प्रसाद मौर्य को डॉक्टर को दिखाया है और उनका इलाज चालू है। उन्होंने यह भी घोषणा की कि इलाज में जो भी खर्च आएगा, वह हिंदू महासभा के कार्यकर्ता वहन करेंगे। उन्होंने सनातन के विरुद्ध स्वामी प्रसाद मौर्य की टिप्पणी पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। इस प्रदर्शन कार्यक्रम में मनीष पंडित, जिला अध्यक्ष मीरा राठौर, विशाल कुमार, निशा ठाकुर, विपिन राठौर, नितेश भारद्वाज, बाबू भाई, ओमप्रकाश और वरिष्ठ हिंदू नेता अवतार सिंह गिल सहित कई प्रमुख कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- जोधपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार अपने जिला कांग्रेस कार्यालय में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा युवाओं के साथ शिक्षा और रोजगार के संकट पर किए गए महत्वपूर्ण संवाद के एक चलचित्र का प्रदर्शन किया। प्रवक्ता डॉ. संजय गौड ने इस आयोजन की जानकारी दी। शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ओंकार वर्मा ने बताया कि कार्यक्रम से पहले पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शहर जिला कांग्रेस कार्यालय में लगाए गए नए डिजिटल टीवी का वर्चुअल उद्घाटन कर सभी को शुभकामनाएँ प्रेषित कीं। उपस्थित सभी कांग्रेस जनों ने इस चलचित्र को सामूहिक रूप से देखा, जिसमें राहुल गांधी के संवाद में शिक्षा व्यवस्था, बढ़ती बेरोजगारी, प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं तथा युवाओं के भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया। इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं प्रभारी विक्रम सिंह शेखावत, पूर्व राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह सोलंकी, रमेश बोराणा, पूर्व विधायक मनीषा पवार, पूर्व महापौर कुंती देवड़ा, इंजीनियर शहजाद खान, जगदीश सांखला, लियाकत अली रंगरेज, भंवरलाल सियोल, नरेंद्र शर्मा, त्रिलोक मेहरा, धनपत गुर्जर, अब्दुल कयूम लोधी, प्रदीप कुमार, इलियास मोहम्मद फिरोज फैम, अलाउद्दीन चौहान, दानिश फौजदार, यशदीप कछवाहा और सुरेश सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस जन उपस्थित रहे।1