न्यूज़ स्क्रिप्ट, जिसमें सुपोषण चौपाल कार्यक्रम और ईसीसी दिवस की 🎤 एंकर इंट्रो: सरगुजा जिले के अंबिकापुर जनपद पंचायत अंतर्गत थोर आंगनबाड़ी केंद्र की तस्वीरें सरकारी दावों की पोल खोल रही हैं। सुपोषण और बाल विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच जमीनी हकीकत क्या है — यह रिपोर्ट देखिए। 🎥 रिपोर्ट: अंबिकापुर जनपद पंचायत क्षेत्र के थोर आंगनबाड़ी केंद्र में सुपोषण चौपाल कार्यक्रम के अंतर्गत पंचायत स्तर पर दो बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार कराया गया। गुरुवार को आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता का संदेश दिया गया। साथ ही बताया गया कि प्रत्येक माह के प्रथम और तृतीय गुरुवार को ईसीसी (Early Childhood Care) दिवस मनाया जाता है, जिसमें बच्चों के समग्र विकास पर विशेष गतिविधियाँ आयोजित की जाती हैं। लेकिन बड़ा सवाल यह है कि — 👉 जिस केंद्र में सुपोषण की बात हो रही है, वहीं पास लगे हैंडपंप से लाल रंग का गंदा पानी निकल रहा है। 👉 क्या गंदे पानी के बीच सुपोषण का सपना पूरा होगा? 👉 क्या जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ कार्यक्रमों की औपचारिकता निभा रहे हैं? आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने बताया कि पानी और बिजली की समस्या को लेकर कई बार सरपंच और सचिव से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बिजली व्यवस्था भी बाधित है, जिससे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है। अब सवाल यह भी उठता है — 👉 जब शासन की प्राथमिकता सुपोषण है, तो मूलभूत सुविधाएं क्यों नहीं? 👉 क्या किसी बड़ी अनहोनी के बाद ही प्रशासन जागेगा? इसके साथ ही कार्यकर्ताओं ने वेतन विसंगतियों और मानदेय बढ़ाए जाने की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि सीमित संसाधनों और कम मानदेय के बावजूद वे जिम्मेदारी निभा रही हैं, लेकिन उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। एमडी न्यूज के माध्यम से उन्होंने शासन-प्रशासन से तत्काल जांच और समाधान की मांग की है। 🎤 आउट्रो: सुपोषण चौपाल और ईसीसी दिवस जैसे कार्यक्रमों की सार्थकता तभी साबित होगी, जब आंगनबाड़ी केंद्रों में स्वच्छ पानी, बिजली और बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित होंगी। कैमरामैन के साथ ___himanshu raj chhtisgarh vice buero ambikapur c.g.7805838076._____, एमडी न्यूज, अंबिकापुर।
न्यूज़ स्क्रिप्ट, जिसमें सुपोषण चौपाल कार्यक्रम और ईसीसी दिवस की 🎤 एंकर इंट्रो: सरगुजा जिले के अंबिकापुर जनपद पंचायत अंतर्गत थोर आंगनबाड़ी केंद्र की तस्वीरें सरकारी दावों की पोल खोल रही हैं। सुपोषण और बाल विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच जमीनी हकीकत क्या है — यह रिपोर्ट देखिए। 🎥 रिपोर्ट: अंबिकापुर जनपद पंचायत क्षेत्र के थोर आंगनबाड़ी केंद्र में सुपोषण चौपाल कार्यक्रम के अंतर्गत पंचायत स्तर पर दो बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार कराया गया। गुरुवार को आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता का संदेश दिया गया। साथ ही बताया गया कि प्रत्येक माह के प्रथम और तृतीय गुरुवार को ईसीसी (Early Childhood Care) दिवस मनाया जाता है, जिसमें
बच्चों के समग्र विकास पर विशेष गतिविधियाँ आयोजित की जाती हैं। लेकिन बड़ा सवाल यह है कि — 👉 जिस केंद्र में सुपोषण की बात हो रही है, वहीं पास लगे हैंडपंप से लाल रंग का गंदा पानी निकल रहा है। 👉 क्या गंदे पानी के बीच सुपोषण का सपना पूरा होगा? 👉 क्या जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ कार्यक्रमों की औपचारिकता निभा रहे हैं? आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने बताया कि पानी और बिजली की समस्या को लेकर कई बार सरपंच और सचिव से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बिजली व्यवस्था भी बाधित है, जिससे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है। अब सवाल यह भी उठता है — 👉 जब
शासन की प्राथमिकता सुपोषण है, तो मूलभूत सुविधाएं क्यों नहीं? 👉 क्या किसी बड़ी अनहोनी के बाद ही प्रशासन जागेगा? इसके साथ ही कार्यकर्ताओं ने वेतन विसंगतियों और मानदेय बढ़ाए जाने की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि सीमित संसाधनों और कम मानदेय के बावजूद वे जिम्मेदारी निभा रही हैं, लेकिन उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। एमडी न्यूज के माध्यम से उन्होंने शासन-प्रशासन से तत्काल जांच और समाधान की मांग की है। 🎤 आउट्रो: सुपोषण चौपाल और ईसीसी दिवस जैसे कार्यक्रमों की सार्थकता तभी साबित होगी, जब आंगनबाड़ी केंद्रों में स्वच्छ पानी, बिजली और बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित होंगी। कैमरामैन के साथ ___himanshu raj chhtisgarh vice buero ambikapur c.g.7805838076._____, एमडी न्यूज, अंबिकापुर।
- न्यूज़ स्क्रिप्ट, जिसमें सुपोषण चौपाल कार्यक्रम और ईसीसी दिवस की 🎤 एंकर इंट्रो: सरगुजा जिले के अंबिकापुर जनपद पंचायत अंतर्गत थोर आंगनबाड़ी केंद्र की तस्वीरें सरकारी दावों की पोल खोल रही हैं। सुपोषण और बाल विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच जमीनी हकीकत क्या है — यह रिपोर्ट देखिए। 🎥 रिपोर्ट: अंबिकापुर जनपद पंचायत क्षेत्र के थोर आंगनबाड़ी केंद्र में सुपोषण चौपाल कार्यक्रम के अंतर्गत पंचायत स्तर पर दो बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार कराया गया। गुरुवार को आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता का संदेश दिया गया। साथ ही बताया गया कि प्रत्येक माह के प्रथम और तृतीय गुरुवार को ईसीसी (Early Childhood Care) दिवस मनाया जाता है, जिसमें बच्चों के समग्र विकास पर विशेष गतिविधियाँ आयोजित की जाती हैं। लेकिन बड़ा सवाल यह है कि — 👉 जिस केंद्र में सुपोषण की बात हो रही है, वहीं पास लगे हैंडपंप से लाल रंग का गंदा पानी निकल रहा है। 👉 क्या गंदे पानी के बीच सुपोषण का सपना पूरा होगा? 👉 क्या जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ कार्यक्रमों की औपचारिकता निभा रहे हैं? आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका ने बताया कि पानी और बिजली की समस्या को लेकर कई बार सरपंच और सचिव से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बिजली व्यवस्था भी बाधित है, जिससे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को परेशानी झेलनी पड़ रही है। अब सवाल यह भी उठता है — 👉 जब शासन की प्राथमिकता सुपोषण है, तो मूलभूत सुविधाएं क्यों नहीं? 👉 क्या किसी बड़ी अनहोनी के बाद ही प्रशासन जागेगा? इसके साथ ही कार्यकर्ताओं ने वेतन विसंगतियों और मानदेय बढ़ाए जाने की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि सीमित संसाधनों और कम मानदेय के बावजूद वे जिम्मेदारी निभा रही हैं, लेकिन उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। एमडी न्यूज के माध्यम से उन्होंने शासन-प्रशासन से तत्काल जांच और समाधान की मांग की है। 🎤 आउट्रो: सुपोषण चौपाल और ईसीसी दिवस जैसे कार्यक्रमों की सार्थकता तभी साबित होगी, जब आंगनबाड़ी केंद्रों में स्वच्छ पानी, बिजली और बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित होंगी। कैमरामैन के साथ ___himanshu raj chhtisgarh vice buero ambikapur c.g.7805838076._____, एमडी न्यूज, अंबिकापुर।3
- इस दुकान में सभी तरह के सामान उपलब्ध है एक ही प्लेटफार्म पर जैसे किराना, जूता,चप्पल,रेडीमेड कपड़े, साड़ी कॉपी पेन, गिफ्ट आइटम, फोटोकॉपी,बर्तन, मोबाइल एसेसरीज, लेडीज सिंगर इत्यादि7
- खांडापारा में मातृशक्ति से आत्मीय संवाद, महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प भैयाथान (सूरजपुर)। जनपद पंचायत भैयाथान के सहकारिता एवं उद्योग विकास विभाग के सभापति राजू कुमार गुप्ता ने ग्राम पंचायत खांडापारा में महिलाओं से आत्मीय भेंट कर विस्तृत संवाद किया। इस दौरान गांव की मातृशक्ति ने अपने अनुभव, समस्याएँ एवं सुझाव खुलकर साझा किए। कार्यक्रम में महिलाओं ने स्वरोजगार, स्व-सहायता समूहों की गतिविधियों, प्रशिक्षण सुविधाओं तथा शासकीय योजनाओं के लाभ को लेकर चर्चा की। श्री गुप्ता ने कहा कि यदि महिलाओं को उचित मार्गदर्शन और अवसर मिले तो वे हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने कहा कि उनका निरंतर प्रयास है कि विकासखंड भैयाथान के प्रत्येक गांव की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जाए और उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं, कौशल प्रशिक्षण एवं स्वरोजगार से जोड़कर आर्थिक एवं सामाजिक रूप से सशक्त किया जाए। उन्होंने आगे कहा कि “नारी शक्ति सशक्त होगी तो परिवार सशक्त होगा, और परिवार सशक्त होगा तो समाज एवं क्षेत्र निश्चित रूप से प्रगति के पथ पर अग्रसर होगा।” इसी उद्देश्य के साथ वे गांव-गांव पहुंचकर मातृशक्ति से संवाद कर रहे हैं। कार्यक्रम के अंत में श्री गुप्ता ने सभी महिलाओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनता का आशीर्वाद और सहयोग ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है।1
- बच्चों के चेहरों की मुस्कान बना मुख्यमंत्री साय के जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर खिल उठे बच्चों के चेहरे जन्मदिन बना यादगार रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अपने 62वें जन्मदिवस को जशपुर के बगिया स्थित बालक आश्रम के बच्चों के बिच जिस आत्मीयता और स्नेह के साथ मनाया उसने इस दिन को बच्चों के जीवन की एक अविस्मरणीय स्मृति बना दिया जैसे ही मुख्यमंत्री आश्रम परिसर पहुंचे बच्चों के चेहरों पर खुशी की चमक दौड़ गई वे दौड़कर उनके पास आये और कुछ ही छणों मे पूरा वातावरण एक पारिवारिक मिलन जैसा हो गया उस पल मुख्यमंत्री किसी पद पर आसीन व्यक्ति नहीं बल्कि बच्चों को अपने स्नेही अभिभावक की तरह उनके बिच दिखाई दे रहे थे मुख्यमंत्री साय ने बच्चों के साथ केक काटा और उनके साथ बैठकर बातें की उन्होंने बच्चों के नाम पूछे और पढ़ाई के बारे में जाना उनके सपनों को सुना और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जब मुख्यमंत्री बच्चों से बात कर रहे थे तब उनके चेहरे पर झलकता स्नेह और अपनत्व बच्चों के मन में गहरा विश्वास जगा रहा था बच्चे भी पूरी सहजता से उनसे बातें करते हुए खुशी से चहकते रहे आश्रम परिवार में उसे समय जो दृश्य था वह एक परिवार के बीच मनाया जा रहे हैं उत्सव जैसा महसूस हो रहा था मुख्यमंत्री श्री साइन ने बच्चों को अपने हाथों से केक और चॉकलेट खिलाया उन्होंने बच्चों के सिर पर हाथ रखते हुए आशीर्वाद दिया और कहा कि वह मन लगाकर पढ़ाई करें बड़े सपने देखें और जीवन में आगे बढ़कर अपने परिवार आशीर्वाद दिया और कहा कि वह मन लगाकर पढ़ाई करें बड़े सपने देखे और जीवन में आगे बढ़कर अपने परिवार तथा प्रदेश का नाम रोशन करें उन्होंने कहा कि आप सब बच्चों की मुस्कान मेरे जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार है उनके इन स्नेहपुर्द शब्दों में बच्चों के मन को छू लिया बच्चों की आंखों में चमक और चेहरे का मुस्कान इस बात की गवाही दे रही थी कि यह पल उनके लिए कितना खास बन गया है मुख्यमंत्री के रूप में स्नेही अभिभावक को अपने बीच पाकर बच्चों ने जिस खुशी और अपनत्व का अनुभव किया वह लंबे समय तक उनकी स्मृतियों में रहेगा उल्लेखनीय है कि बालक आश्रम बगिया में कक्षा पहली से पांचवी तक के छात्र अध्ययनरत है जिनमें अधिकांश बच्चे आदिवासी समुदाय से है मुख्यमंत्री का उनके बीच पहुंचकर जन्मदिन मनाना बच्चों के लिए गर्व और प्रेरणा का विशेष क्षण बन गया है इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय, कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, आईजी श्री दीपक कुमार झा, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उम्मेद सिंह सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगढ़ अधिकारीगढ़ तथा आश्रम के शिक्षक एवं स्टॉफ उपस्तिथ थे1
- सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज पहुंचे1
- अंबिकापुर में लड़कियों ने साथ मिल कर पूरा गुंडा गर्दी करते नजर आ रहे है इस तरह से हम देखते आ रहे हैं तो फिर आने वाले समय में क्या होगा जब लड़कियां इतनी गुंडा गर्दी करने लगे तो ।।1
- सनातन को लेकर लखनऊ में समागम सभी को मिला कई राज्यों से आएंगे मेहमान1
- Post by Arvind tirkey1