रविन्द्र नगर थाना क्षेत्र के कोहड़ा गांव में एक ट्रांसफार्मर फटने के कारण भीषण हादसा हो गया, जिसमें एक ही परिवार के चार सदस्य गंभीर रूप से झुलस गए। इस घटना में दो लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। ट्रांसफार्मर फटने के बाद बिजली का तेल छिटककर पास के एक घर के बरामदे में मौजूद महेश्वर सिंह की पत्नी और उनके दो छोटे बच्चों समेत कुल चार लोगों को लगा, जिससे वे घायल हो गए। स्थानीय ग्रामीणों ने इस घटना के लिए सीधे तौर पर बिजली विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। ग्रामीणों के अनुसार, ट्रांसफार्मर से पिछले दो दिनों से लगातार धुआं निकल रहा था, जिसकी सूचना बिजली विभाग को दी गई थी। हालांकि, बार-बार सूचित किए जाने के बावजूद विभाग द्वारा इस पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया, जिसके परिणामस्वरूप यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटित हुई।
रविन्द्र नगर थाना क्षेत्र के कोहड़ा गांव में एक ट्रांसफार्मर फटने के कारण भीषण हादसा हो गया, जिसमें एक ही परिवार के चार सदस्य गंभीर रूप से झुलस गए। इस घटना में दो लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। ट्रांसफार्मर फटने के बाद बिजली का तेल छिटककर पास के एक घर के बरामदे में मौजूद महेश्वर सिंह की पत्नी और उनके दो छोटे बच्चों समेत कुल चार लोगों को लगा, जिससे वे घायल हो गए। स्थानीय ग्रामीणों ने इस घटना के लिए सीधे तौर पर बिजली विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। ग्रामीणों के अनुसार, ट्रांसफार्मर से पिछले दो दिनों से लगातार धुआं निकल रहा था, जिसकी सूचना बिजली विभाग को दी गई थी। हालांकि, बार-बार सूचित किए जाने के बावजूद विभाग द्वारा इस पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया, जिसके परिणामस्वरूप यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटित हुई।
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कुशीनगर जिले के तमकुही राज स्थित मदरसा गौसिया इमदादुल उलूम में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस योग दिवस समारोह में मदरसे के सभी कर्मचारी और शिक्षक उपस्थित रहे, जहाँ उन्होंने योग कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लिया। आयोजन के दौरान योग के कुछ विशेष दृश्य देखने को मिले, जो इस भव्य कार्यक्रम का हिस्सा थे।1
- कुशीनगर जिले में एक ड्रेन से सरवन राजभर का शव मिलने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। इस घटना को लेकर पुलिस अब मृतक की मौत के कारणों की जांच में जुट गई है।1
- देवरिया जिले में मौसम का मिजाज एकाएक बदल गया है, जिससे स्थानीय लोगों को भीषण गर्मी से तत्काल राहत मिली है। इस बदलाव से उन्हें सुकून महसूस हुआ है।1
- आगामी मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से महराजगंज के पुलिस अधीक्षक श्री शक्ति मोहन अवस्थी ने क्षेत्राधिकारी नौतनवा और सशस्त्र सीमा बल (SSB) के अधिकारियों के साथ मिलकर भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र और सोनौली कस्बे में फ्लैग मार्च किया। इस दौरान भारी पुलिस बल भी मौजूद रहा। फ्लैग मार्च के दौरान, पुलिस अधिकारियों ने सीमा क्षेत्र के प्रमुख मार्गों, संवेदनशील स्थानों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पैदल गश्त करते हुए आमजन से शांति, आपसी सौहार्द और भाईचारा बनाए रखने की अपील की। असामाजिक तत्वों और अफवाह फैलाने वालों को कड़ी चेतावनी देते हुए यह स्पष्ट किया गया कि कानून-व्यवस्था भंग करने का प्रयास करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधीक्षक ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को सतर्कता, मुस्तैदी और समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए। साथ ही, सीमावर्ती क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की सघन चेकिंग तथा लगातार निगरानी रखने के निर्देश भी जारी किए गए। महराजगंज पुलिस ने जनपदवासियों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की भ्रामक सूचना या अफवाह पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल स्थानीय पुलिस को दें, ताकि मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराया जा सके।1
- देवरिया के कपरवार में रामलीला मैदान को लेकर स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है। इस मामले में, भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता विश्राम मणि ने गंभीर चेतावनी दी है कि यदि 30 तारीख तक रामलीला मैदान को अतिक्रमण मुक्त नहीं कराया गया, तो वह अगले दिन, यानी पहली तारीख को, वहीं आत्मदाह कर लेंगे। इसी के साथ, राष्ट्रीय जन संग्रह पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेश मिश्रा उर्फ संतोष बाबा ने भी घोषणा की है कि अगर इस महीने की 30 तारीख तक रामलीला मैदान से अतिक्रमण नहीं हटाया गया, तो वह भी उनके साथ आत्मदाह करेंगे।1
- उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में एक महिला ने अपने पड़ोसियों पर उसकी आवासीय जमीन पर जबरन कब्जा करने का गंभीर आरोप लगाया है। यह मामला तरयासुजान थाना क्षेत्र की पुलिस चौकी तिनफेड़िया अंतर्गत रामपुर बंगरा गांव का है, जहाँ गांव निवासी हीरा ठाकुर और इंद्रजीत ठाकुर के परिवारों के बीच आवासीय जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। इंद्रजीत ठाकुर की पत्नी रिंकू देवी का आरोप है कि पड़ोसी उनकी आवासीय जमीन पर मिट्टी और ईंट डालकर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। रिंकू देवी के अनुसार, उन्होंने इस संबंध में स्थानीय प्रशासन से लेकर मुख्यमंत्री जनसुनवाई तक कई बार शिकायत की है, लेकिन उन्हें अब तक कोई ठोस कार्रवाई या राहत नहीं मिली है। रिंकू देवी ने बताया कि उनके पति लंबे समय से परिवार से दूर रहते हैं और घर की जिम्मेदारियों से लापरवाह हैं, जिसके चलते परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है। वह शहर में चौका-बर्तन और साफ-सफाई का काम कर अपने बच्चों का पालन-पोषण करती हैं, ऐसे में इस जमीन विवाद ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। ग्रामीणों का भी कहना है कि पड़ोसियों द्वारा रिंकू देवी के साथ अत्याचार और दबंगई की जा रही है। इसी विवाद से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मीडिया द्वारा दूसरे पक्ष, यानी हीरा ठाकुर से संपर्क करने पर, उन्होंने कैमरे पर कोई बयान देने से इनकार कर दिया। फिलहाल, यह मामला प्रशासन के संज्ञान में है, और अब यह देखना बाकी है कि जांच के बाद पीड़िता को न्याय मिल पाता है या यह विवाद इसी तरह जारी रहेगा।2
- उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में एक महिला ने अपने पड़ोसियों पर उसकी आवासीय जमीन पर जबरन कब्जा करने का गंभीर आरोप लगाया है। यह मामला तरयासुजान थाना क्षेत्र के रामपुर बंगरा गांव का है, जहां पीड़िता ने स्थानीय पुलिस से लेकर मुख्यमंत्री जनसुनवाई तक न्याय की गुहार लगाई है, लेकिन उसका कहना है कि उसे अब तक कोई राहत नहीं मिली है। पुलिस चौकी तिनफेड़िया अंतर्गत रामपुर बंगरा गांव में आवासीय जमीन को लेकर हीरा ठाकुर और इंद्रजीत ठाकुर के परिवारों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा है। दोनों परिवार सड़क किनारे आबादी की जमीन पर वर्षों से मकान बनाकर रह रहे हैं और उनकी निजी कृषि व आवासीय भूमियां एक-दूसरे के सामने पड़ती हैं, जिससे यह विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। इंद्रजीत ठाकुर की पत्नी रिंकू देवी का आरोप है कि उनके पड़ोसी उनकी आवासीय जमीन पर मिट्टी और ईंट डालकर कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं। रिंकू देवी ने स्थानीय प्रशासन से कई बार शिकायतें की हैं, पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। रिंकू देवी के अनुसार, उनके पति लंबे समय से परिवार से दूर रहते हैं और घर की जिम्मेदारियों से लापरवाह हैं, जिस कारण परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है। वह शहर में दूसरों के घरों में चौका-बर्तन और साफ-सफाई का काम कर अपने बच्चों का पालन-पोषण करती हैं, ऐसे में इस जमीन विवाद ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। ग्रामीण भी रिंकू देवी के साथ पड़ोसियों द्वारा "अत्याचार और दबंगई" किए जाने की बात कह रहे हैं। इस विवाद से जुड़ा एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मीडिया ने दूसरे पक्ष, यानी हीरा ठाकुर से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने कैमरे पर कोई बयान देने से इनकार कर दिया। फिलहाल, यह मामला प्रशासन के संज्ञान में है, और देखना होगा कि जांच के बाद पीड़िता को न्याय मिल पाता है या यह विवाद यूं ही चलता रहता है।2
- भारत में समोसा सिर्फ एक स्नैक नहीं, बल्कि लोगों की रोज़मर्रा की ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है, जो सुबह की चाय से लेकर शाम की हल्की भूख तक हर मौके पर पसंद किया जाता है। हालांकि, हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसने समोसा खाने वाले लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। इस वीडियो को देखने के बाद कई लोग हैरान हैं, तो कईयों ने बाहर के खाने की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता ज़ाहिर की है। वायरल वीडियो में एक शख्स बड़ी मात्रा में रखे समोसों पर ब्रश की मदद से रंग लगाता नज़र आ रहा है। वीडियो में साफ़ दिखाई देता है कि उसके पास समोसों का ढेर है और वह उन पर किसी तरह का रंग लगा रहा है। दावा किया जा रहा है कि समोसों को ज़्यादा आकर्षक और चमकदार दिखाने के लिए उन पर आर्टिफिशियल या केमिकल रंग का इस्तेमाल किया जा रहा है। हालांकि, इस बात की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है कि वीडियो में इस्तेमाल किया गया पदार्थ वास्तव में केमिकल रंग ही है या नहीं, लेकिन इस वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर खाने की गुणवत्ता को लेकर एक बड़ी बहस छिड़ गई है। यह वीडियो सोशल मीडिया के तमाम प्लेटफॉर्म्स पर धड़ल्ले से शेयर किया जा रहा है, जिस पर लोग अपनी चिंताएं व्यक्त कर रहे हैं। कई यूज़र्स का कहना है कि आजकल बाहर का खाना पूरी तरह सुरक्षित नहीं रह गया है और पैसा कमाने के लिए लोग ग्राहकों की सेहत से कोई मतलब नहीं रखते। लोगों ने यह भी कहा कि अगर वीडियो में किया जा रहा दावा सच है, तो यह लोगों की सेहत के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है। कई यूज़र्स ने प्रशासन और खाद्य विभाग से इस मामले की गंभीरता से जांच करने की मांग की है ताकि सच्चाई सामने आ सके।1
- बीते दिन गंडक नहर में डूबे एक बच्चे की तलाश एनडीआरएफ द्वारा लगातार की जा रही है। खोज अभियान कल से ही जारी है, लेकिन अब तक टीम को कोई सफलता हाथ नहीं लगी है।1