प्रतापगढ़ के कुंडा स्थित शारदा कॉलोनी, तिलौरी नहर, वार्ड नंबर 11 के निवासी उमाकांत ओझा ने अपने घर के मार्ग पर अवैध कब्जे और जलभराव की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि उनके घर से पहले पड़ने वाले सुनीता ओझा, पत्नी श्री कृष्ण ओझा, के मकान मालिक ने रास्ते में 5 फीट मिट्टी डालकर फूल-फुलवारी लगाकर रास्ते पर कब्जा कर लिया है। उमाकांत ओझा के अनुसार, सुनीता ओझा का दावा है कि यह उनकी जगह है, जबकि उन्होंने बैनामे से अधिक घर के चारों तरफ कब्जा कर रखा है। इस कब्जे के कारण उनके घर तक वाहन नहीं आ-जा पाते, जिससे उन्हें पिछले दो साल से घर आने-जाने में बहुत परेशानी हो रही है। समस्या यहीं खत्म नहीं होती, सुनीता ओझा अपने घर का सारा पानी भी रास्ते पर ही बहा देती हैं, जिससे जलभराव की स्थिति बन जाती है। इस परेशानी के निवारण के लिए उमाकांत ओझा ने टाउन एरिया ऑफिस और एसडीएम कोर्ट में आवेदन दिया था, और उन्हें एसडीएम साहब का आदेश भी प्राप्त हुआ था। हालांकि, उमाकांत ओझा का आरोप है कि महिला के बाहुबल के आगे सभी आदेश और प्रयास बेकार साबित हुए, और मौके पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। वे अब भी बहुत परेशान हैं और रास्ते में हुए अवरोध तथा जलभराव के निवारण एवं निस्तारण की मांग कर रहे हैं।
प्रतापगढ़ के कुंडा स्थित शारदा कॉलोनी, तिलौरी नहर, वार्ड नंबर 11 के निवासी उमाकांत ओझा ने अपने घर के मार्ग पर अवैध कब्जे और जलभराव की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि उनके घर से पहले पड़ने वाले सुनीता ओझा, पत्नी श्री कृष्ण ओझा, के मकान मालिक ने रास्ते में 5 फीट मिट्टी डालकर फूल-फुलवारी लगाकर रास्ते पर कब्जा कर लिया है। उमाकांत ओझा के अनुसार, सुनीता ओझा का दावा है कि यह उनकी जगह है, जबकि उन्होंने बैनामे से अधिक घर के चारों तरफ कब्जा कर रखा है। इस कब्जे के कारण उनके घर तक वाहन नहीं आ-जा पाते, जिससे उन्हें पिछले दो साल से घर आने-जाने में बहुत परेशानी हो रही है। समस्या यहीं खत्म नहीं होती, सुनीता ओझा अपने घर का सारा पानी भी रास्ते पर ही बहा देती हैं, जिससे जलभराव की स्थिति बन जाती है। इस परेशानी के निवारण के लिए उमाकांत ओझा ने टाउन एरिया ऑफिस और एसडीएम कोर्ट में आवेदन दिया था, और उन्हें एसडीएम साहब का आदेश भी प्राप्त हुआ था। हालांकि, उमाकांत ओझा का आरोप है कि महिला के बाहुबल के आगे सभी आदेश और प्रयास बेकार साबित हुए, और मौके पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। वे अब भी बहुत परेशान हैं और रास्ते में हुए अवरोध तथा जलभराव के निवारण एवं निस्तारण की मांग कर रहे हैं।
- Ansh ojhaकुंडा, प्रतापगढ़, उत्तर प्रदेशbahut galat ho raha hai nyay Milana chahie13 hrs ago
- प्रतापगढ़ के कुंडा स्थित शारदा कॉलोनी, तिलौरी नहर, वार्ड नंबर 11 के निवासी उमाकांत ओझा ने अपने घर के मार्ग पर अवैध कब्जे और जलभराव की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि उनके घर से पहले पड़ने वाले सुनीता ओझा, पत्नी श्री कृष्ण ओझा, के मकान मालिक ने रास्ते में 5 फीट मिट्टी डालकर फूल-फुलवारी लगाकर रास्ते पर कब्जा कर लिया है। उमाकांत ओझा के अनुसार, सुनीता ओझा का दावा है कि यह उनकी जगह है, जबकि उन्होंने बैनामे से अधिक घर के चारों तरफ कब्जा कर रखा है। इस कब्जे के कारण उनके घर तक वाहन नहीं आ-जा पाते, जिससे उन्हें पिछले दो साल से घर आने-जाने में बहुत परेशानी हो रही है। समस्या यहीं खत्म नहीं होती, सुनीता ओझा अपने घर का सारा पानी भी रास्ते पर ही बहा देती हैं, जिससे जलभराव की स्थिति बन जाती है। इस परेशानी के निवारण के लिए उमाकांत ओझा ने टाउन एरिया ऑफिस और एसडीएम कोर्ट में आवेदन दिया था, और उन्हें एसडीएम साहब का आदेश भी प्राप्त हुआ था। हालांकि, उमाकांत ओझा का आरोप है कि महिला के बाहुबल के आगे सभी आदेश और प्रयास बेकार साबित हुए, और मौके पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। वे अब भी बहुत परेशान हैं और रास्ते में हुए अवरोध तथा जलभराव के निवारण एवं निस्तारण की मांग कर रहे हैं।1
- कौशाम्बी जिले के भरवारी नगर पंचायत में एक व्यवसायी के सूने मकान को चोरों ने निशाना बनाते हुए करीब 25 लाख रुपये के जेवर और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। यह वारदात कोखराज थाना क्षेत्र में उस समय हुई, जब मकान मालिक परिवार सहित हरिद्वार दर्शन के लिए गए हुए थे। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। वार्ड नंबर-24 निवासी व्यवसायी राजेश बाबू केसरवानी 28 जून को अपनी पत्नी और बच्चों के साथ हरिद्वार गए थे। उनकी अनुपस्थिति में गुरुवार देर रात अज्ञात चोरों ने मकान का ताला तोड़ दिया और अलमारी खंगाल दी। चोर लगभग 100 ग्राम सोने के आभूषण, दो किलोग्राम चांदी के जेवर और ढाई लाख रुपये नकद लेकर फरार हो गए। चोरी गए कुल सामान की अनुमानित कीमत लगभग 25 लाख रुपये बताई जा रही है। शुक्रवार सुबह पड़ोसी ने घर का ताला टूटा देखा, जिसके बाद परिजनों को सूचना दी गई। व्यवसायी के भतीजे विकास केसरवानी मौके पर पहुंचे, जहाँ उन्हें घर का सामान बिखरा हुआ मिला। उन्होंने कोखराज थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। थाना प्रभारी सीबी मौर्य ने बताया कि तहरीर के आधार पर जाँच शुरू कर दी गई है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और जल्द ही घटना का खुलासा करने का आश्वासन दिया गया है। इस वारदात के बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की मांग की है।1
- कौशाम्बी जिले के कोखराज थाना क्षेत्र अंतर्गत नगर पंचायत भरवारी में चोरों ने एक व्यवसायी के सूने मकान को निशाना बनाते हुए लगभग 25 लाख रुपये के जेवरात और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। यह वारदात उस समय हुई जब मकान मालिक अपने परिवार के साथ हरिद्वार दर्शन के लिए गए हुए थे, जिससे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। वार्ड नंबर-24 निवासी व्यवसायी राजेश बाबू केसरवानी 28 जून को अपनी पत्नी और बच्चों के साथ हरिद्वार गए थे। उनकी अनुपस्थिति में गुरुवार देर रात अज्ञात चोरों ने उनके मकान का ताला तोड़कर अलमारी खंगाली। चोरों ने करीब 100 ग्राम सोने के आभूषण, दो किलोग्राम चांदी के जेवर और ढाई लाख रुपये नकद चुरा लिए। चोरी गए सामान की अनुमानित कीमत करीब 25 लाख रुपये बताई जा रही है। शुक्रवार सुबह पड़ोसी ने घर का ताला टूटा देखकर परिजनों को सूचना दी, जिसके बाद व्यवसायी के भतीजे विकास केसरवानी मौके पर पहुंचे और घर का सामान बिखरा हुआ पाया। उन्होंने कोखराज थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। थाना प्रभारी सीबी मौर्य ने बताया कि तहरीर के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है और पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा। इस वारदात के बाद स्थानीय लोगों ने पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।1
- जनपद कौशांबी के पुलिस महकमे में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। जिले के पुलिस अधीक्षक ने कई थाना प्रभारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किए हैं। इस क्रम में, कोखराज थाने के प्रभारी चंद्रभूषण मौर्य को उनके पद से हटाकर मोहब्बतपुर पइंसा स्थानांतरित किया गया है, जबकि संतोष कुमार शर्मा को कोखराज थाने की नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी फेरबदल के तहत, संदीपन घाट थाना प्रभारी इंद्रदेव को पुलिस लाइन भेजा गया है, और आशुतोष सिंह को संदीपन घाट का नया थाना प्रभारी बनाया गया है। इन प्रशासनिक बदलावों को जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।1
- आगरा के सिकंदरा थाना क्षेत्र में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां एक पत्नी पर अपने पति की हत्या कर शव को बाथरूम में दफनाने का आरोप है। परिवारीजनों के शक के चलते करीब डेढ़ माह बाद इस हत्याकांड का खुलासा हुआ। पुलिस ने पति का कंकाल बरामद कर लिया है और आरोपी पत्नी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। महिला का दावा है कि पति ने आत्महत्या की थी और बदनामी के डर से उसने शव को दफना दिया। यह वारदात विगत 18 मई को सिकंदरा क्षेत्र की प्राची टावर स्थित रेणुका धाम कॉलोनी में अंजाम दी गई। आरोप है कि यहां रहने वाली रूबी शर्मा ने अपने पति सुरेंद्र शर्मा (44 वर्ष) की हत्या कर दी। परिवार को इस बात की भनक न लगे, इसके लिए रूबी ने बाथरूम में खुदाई कर शव को दबा दिया और ऊपर से पक्का फर्श भी करा दिया। इसके बाद रूबी परिवार के अन्य सदस्यों के साथ अपने पति को ढूंढने का नाटक करती रही। करीब आठ दिन बाद, विगत 26 मई को थाना सिकंदरा में पति के लापता होने की सूचना दर्ज कराई गई थी। सुरेंद्र के बड़े भाई अनिल शर्मा को अनहोनी का शक था और वे लगातार अलग-अलग बहानों से रूबी से पूछताछ करते रहे। बार-बार बयान बदलने में फंसी रूबी ने आखिरकार शुक्रवार को सच उगल दिया। अनिल शर्मा ने तत्काल पुलिस को बुलाया, जिसके बाद बाथरूम के फर्श की खुदाई की गई और सुरेंद्र का कंकाल बरामद हो गया। इसके बाद पुलिस ने रूबी को हिरासत में ले लिया। खबरों के अनुसार, मूल रूप से राजस्थान के भरतपुर जिले के रंजीतनगर निवासी सुरेंद्र कुमार शर्मा अपनी पत्नी रूबी, मां कमला और दो बेटियों के साथ सिकंदरा क्षेत्र की रेणुका धाम कॉलोनी में रह रहा था। बताया गया है कि सुरेंद्र कोई काम नहीं करता था और शराब का आदी था, जिसके कारण पति-पत्नी के बीच आए दिन विवाद और मारपीट होती रहती थी। सुरेंद्र के भाई अनिल शर्मा ने बताया कि 18 मई को रूबी ने उन्हें फोन कर कहा था कि पुलिस उनके घर दबिश देने आ रही है, इसलिए मां और दोनों बच्चियों को अपने साथ ले जाएं। अनिल तत्काल पहुंचे और उन्हें अपने घर ले गए। अगले दिन रूबी भी वहां पहुंची और बताया कि सुरेंद्र घर छोड़कर चला गया है। परिवार के सदस्यों का यह भी आरोप है कि रूबी अपनी मां की पेंशन का पैसा निकाल लेती थी और उन्हें बहुत कम रकम देती थी। इसी बीच अनिल को कुछ बातें संदिग्ध लगीं और उन्होंने रूबी से लगातार पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस हिरासत में रूबी शर्मा हालांकि हत्या की बात स्वीकार नहीं कर रही है। उसका कहना है कि उसका पति अक्सर शराब पीकर मारपीट करता था और उसने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। डर और बदनामी के कारण उसने शव को बाथरूम में दफना दिया। पुलिस महिला के इस दावे की भी जांच कर रही है। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने पुष्टि की है कि महिला द्वारा हत्या कर शव को बाथरूम में गाड़ने का मामला सामने आया है और उससे पूछताछ कर अन्य तथ्य जानने की कोशिश की जा रही है। मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम, फोरेंसिक रिपोर्ट और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर स्पष्ट किया जाएगा।1