उसावां थाना क्षेत्र के गांव अहमदनगर रुखाड़ा में हर घर जल-हर घर नल योजना के तहत स्थापित जल जीवन मिशन की पानी की टंकी से गुरुवार रात चोरों ने दो बैटरियां चोरी कर लीं। घटना की जानकारी मिलने पर जल जीवन मिशन के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। सूचना पर पहुंची थाना पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है और जल्द ही चोरी का खुलासा करने का आश्वासन दिया है। टंकी की चौकीदारी के लिए गांव निवासी सहसपाल की नियुक्ति की गई थी, जो कुछ समय ड्यूटी करने के बाद रोजी-रोटी की तलाश में दिल्ली चला गया था। इसके बाद उसकी जगह उसका नाबालिग बेटा चौकीदारी करने लगा। इस चोरी के साथ ही विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं कि अधिकारियों की जानकारी में होने के बावजूद नाबालिग से चौकीदारी क्यों कराई जा रही थी। शासन और श्रम विभाग द्वारा बाल श्रम रोकने के लिए चलाए जाने वाले अभियानों के बीच सवाल उठ रहा है कि यह स्थिति कैसे बनी और इसकी जिम्मेदारी किसकी है।
उसावां थाना क्षेत्र के गांव अहमदनगर रुखाड़ा में हर घर जल-हर घर नल योजना के तहत स्थापित जल जीवन मिशन की पानी की टंकी से गुरुवार रात चोरों ने दो बैटरियां चोरी कर लीं। घटना की जानकारी मिलने पर जल जीवन मिशन के कर्मचारी
मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। सूचना पर पहुंची थाना पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है और जल्द ही चोरी का खुलासा करने का आश्वासन दिया है। टंकी की चौकीदारी के लिए गांव निवासी सहसपाल की नियुक्ति की
गई थी, जो कुछ समय ड्यूटी करने के बाद रोजी-रोटी की तलाश में दिल्ली चला गया था। इसके बाद उसकी जगह उसका नाबालिग बेटा चौकीदारी करने लगा। इस चोरी के साथ ही विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं कि अधिकारियों की
जानकारी में होने के बावजूद नाबालिग से चौकीदारी क्यों कराई जा रही थी। शासन और श्रम विभाग द्वारा बाल श्रम रोकने के लिए चलाए जाने वाले अभियानों के बीच सवाल उठ रहा है कि यह स्थिति कैसे बनी और इसकी जिम्मेदारी किसकी है।
- अमेरिका का यह सॉन्ग सुनेंगे तो आपको जरूर मजा आएगा। अगर आपको यह गाना पसंद आता है, तो हमारे पेज को जरूर फॉलो करें।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र-छात्राओं के साथ हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के दातागंज में समाजवादी पार्टी ने जोरदार प्रदर्शन किया। पूर्व विधायक और सपा के वरिष्ठ नेता प्रेमपाल सिंह यादव के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने उनके आवास से हाथों में तख्तियां लेकर और नारेबाजी करते हुए तहसील स्थित एसडीएम कार्यालय तक मार्च किया। वहां कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर छात्र-छात्राओं पर हुए लाठीचार्ज की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान सपा नेताओं ने रामपुर स्थित मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी को बिना किसी बाधा के यथावत संचालित करने की मांग भी उठाई। पार्टी नेताओं का कहना था कि इस विश्वविद्यालय में सभी वर्गों और धर्मों के छात्र-छात्राएं शिक्षा ग्रहण करते हैं, इसलिए इसके संचालन में किसी भी प्रकार का व्यवधान नहीं पैदा किया जाना चाहिए। पूर्व विधायक प्रेमपाल सिंह यादव ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए विशेष रूप से महिला छात्राओं के साथ हुई कथित अभद्रता और बल प्रयोग की कड़ी निंदा की और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। वहीं सपा नेता अवनीश यादव ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो समाजवादी पार्टी दिल्ली कूच करने को मजबूर होगी और इस आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।4
- सहसवान तहसील स्थित रसूलपुर कलां गांव के निवासी जितेंद्र यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करने के लिए लखनऊ की पैदल यात्रा शुरू की है। तीन दिन पहले आरंभ हुई इस यात्रा के क्रम में शुक्रवार को वे नगर पंचायत उसावां से गुजरे। इस दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि धर्मेंद्र सिंह चौहान और भाजपा कार्यकर्ताओं ने उन्हें पटका पहनाकर जोरदार स्वागत किया। जितेंद्र यादव ने उसावां में रुककर भोजन किया और फिर अपनी आगे की यात्रा के लिए रवाना हो गए। जितेंद्र यादव ने बताया कि वे उत्तर प्रदेश में भाजपा सरकार के अच्छे कामों और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कार्यशैली से बेहद प्रभावित हैं। अपनी यात्रा के दौरान वे जगह-जगह ढाबों, होटलों, भाजपा कार्यालयों, नगर पंचायत कार्यालयों और सम्मानित व्यक्तियों के घरों में रुककर भोजन ग्रहण करते हैं। उन्होंने कहा कि उसावां में भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया है और मुख्यमंत्री से मिलने के रास्ते में चाहें कितनी भी कठिनाइयां आएं, वे लखनऊ जाकर उनसे जरूर मिलेंगे।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे धरना-प्रदर्शन में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में सपा नेताओं ने बदायूं की दातागंज तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन कर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा और जोरदार प्रदर्शन किया। बदायूं के दातागंज तहसील परिसर में सपा नेता प्रेमपाल सिंह यादव ने धरना-प्रदर्शन किया और छात्रों पर हुई कार्रवाई के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया।1
- बदायूँ में बाबा वाटर पार्क के पास एक अज्ञात वाहन ने मानसिक रोगी बुजुर्ग को रौंद दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद घटनास्थल पर हड़कंप मच गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और टक्कर मारकर भागने वाले अज्ञात वाहन की तलाश शुरू कर दी है।1
- बरेली जिले के फरीदपुर क्षेत्र के एक गांव में सड़क की खराब स्थिति को लेकर ग्रामीणों ने आवाज उठाई है। स्थानीय निवासियों ने गांव के रास्ते की बदहाली की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए सड़क का बुरा हाल दिखाया है और रास्ते की दुर्दशा पर नाराजगी जताई है।1
- बदायूँ के उझानी स्थित भगवान दास पैलेस में बिल्सी विधानसभा के समस्त मंडलों के शक्ति केंद्र संयोजकों का महासम्मेलन आयोजित किया गया। इस कार्यकर्ता सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक हरीश चंद्र शाक्य, मंडल प्रभारी जिला मंत्री आरती कश्यप, उझानी नगर व ग्रामीण के नगर अध्यक्ष सचिन अग्रवाल, बिल्सी नगर व ग्रामीण मंडल अध्यक्ष, मुजरिया मंडल के अध्यक्ष, सभी शक्ति केंद्र संयोजक तथा मंडल पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान सभी का विधिवत पंजीकरण करके किट का वितरण किया गया। सम्मेलन में शामिल सभी कार्यकर्ताओं ने 'मेरा बूथ सबसे मजबूत' का संकल्प दोहराया और 2027 के चुनाव में विजयी शंखनाद का उद्घोष करते हुए जीत दर्ज करने की हुंकार भरी।2
- उसावां थाना क्षेत्र के गांव अहमदनगर रुखाड़ा में हर घर जल-हर घर नल योजना के तहत स्थापित जल जीवन मिशन की पानी की टंकी से गुरुवार रात चोरों ने दो बैटरियां चोरी कर लीं। घटना की जानकारी मिलने पर जल जीवन मिशन के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचित किया। सूचना पर पहुंची थाना पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है और जल्द ही चोरी का खुलासा करने का आश्वासन दिया है। टंकी की चौकीदारी के लिए गांव निवासी सहसपाल की नियुक्ति की गई थी, जो कुछ समय ड्यूटी करने के बाद रोजी-रोटी की तलाश में दिल्ली चला गया था। इसके बाद उसकी जगह उसका नाबालिग बेटा चौकीदारी करने लगा। इस चोरी के साथ ही विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं कि अधिकारियों की जानकारी में होने के बावजूद नाबालिग से चौकीदारी क्यों कराई जा रही थी। शासन और श्रम विभाग द्वारा बाल श्रम रोकने के लिए चलाए जाने वाले अभियानों के बीच सवाल उठ रहा है कि यह स्थिति कैसे बनी और इसकी जिम्मेदारी किसकी है।4