रीवा कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी के कुशल निर्देशन में आज गुढ़ तहसील के ग्राम पंचायत गौरा में एक विशाल जन चौपाल का आयोजन किया गया। इस चौपाल का मुख्य उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर के व्यक्ति तक पहुँचाना और ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही त्वरित निराकरण करना था। इस दौरान राजस्व, पंचायत समेत आधा दर्जन विभागों के अधिकारी मौजूद रहे और मौके पर ही 15 लंबित आवेदनों का त्वरित निराकरण किया गया। चौपाल में मुख्य रूप से एसडीएम सुधाकर सिंह, नायब तहसीलदार महिमा पाठक, जनपद सीईओ रायपुर कर्चुलियान प्रदीप दुबे, एपीओ गोविंद नारायण श्रीवास्तव और उपयंत्री संदीप त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इसके साथ ही स्थानीय सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक और बड़ी संख्या में ग्रामीण जन भी इस आयोजन का हिस्सा बने। कलेक्टर के सख्त निर्देशों के पालन में राजस्व विभाग, पंचायत विभाग, शिक्षा विभाग तथा महिला एवं बाल विकास विभाग का पूरा अमला मैदानी अमले के साथ समस्याओं के समाधान के लिए मुस्तैद रहा, जहाँ ग्रामीणों ने अपनी विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन सीधे जिम्मेदार अधिकारियों को सौंपे। जन चौपाल में राजस्व मामलों, नामांतरण, बटवारा, पेंशन योजना, राशन पात्रता पर्ची और पेयजल जैसी बुनियादी समस्याओं से जुड़े लगभग 15 लंबित आवेदनों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए उनका मौके पर ही निराकरण कर पीड़ित पक्षों को तुरंत राहत प्रदान की गई। शेष अन्य आवेदनों के समय-सीमा में निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। एसडीएम सुधाकर सिंह ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि कलेक्टर महोदय के स्पष्ट निर्देश हैं कि ग्रामीणों को अपनी छोटी-मोटी समस्याओं के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, प्रशासन खुद चलकर उनके द्वार आ रहा है। इस पहल पर ग्राम पंचायत गौरा के स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन की इस अनूठी पहल की सराहना की और कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी सहित उपस्थित समस्त अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
रीवा कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी के कुशल निर्देशन में आज गुढ़ तहसील के ग्राम पंचायत गौरा में एक विशाल जन चौपाल का आयोजन किया गया। इस चौपाल का मुख्य उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम छोर के व्यक्ति तक पहुँचाना और ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही त्वरित निराकरण करना था। इस दौरान राजस्व, पंचायत समेत आधा दर्जन विभागों के अधिकारी मौजूद रहे और मौके पर ही 15 लंबित आवेदनों का त्वरित निराकरण किया गया। चौपाल में मुख्य रूप से एसडीएम सुधाकर सिंह, नायब तहसीलदार महिमा पाठक, जनपद सीईओ रायपुर कर्चुलियान प्रदीप दुबे, एपीओ गोविंद नारायण श्रीवास्तव और उपयंत्री संदीप त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इसके साथ ही स्थानीय सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक और बड़ी संख्या में ग्रामीण जन भी इस आयोजन का हिस्सा बने। कलेक्टर के सख्त निर्देशों के पालन में राजस्व विभाग, पंचायत विभाग, शिक्षा विभाग तथा महिला एवं बाल विकास विभाग का पूरा अमला मैदानी अमले के साथ समस्याओं के समाधान के लिए मुस्तैद रहा, जहाँ ग्रामीणों ने अपनी विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन सीधे जिम्मेदार अधिकारियों को सौंपे। जन चौपाल में राजस्व मामलों, नामांतरण, बटवारा, पेंशन योजना, राशन पात्रता पर्ची और पेयजल जैसी बुनियादी समस्याओं से जुड़े लगभग 15 लंबित आवेदनों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए उनका मौके पर ही निराकरण कर पीड़ित पक्षों को तुरंत राहत प्रदान की गई। शेष अन्य आवेदनों के समय-सीमा में निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। एसडीएम सुधाकर सिंह ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि कलेक्टर महोदय के स्पष्ट निर्देश हैं कि ग्रामीणों को अपनी छोटी-मोटी समस्याओं के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, प्रशासन खुद चलकर उनके द्वार आ रहा है। इस पहल पर ग्राम पंचायत गौरा के स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन की इस अनूठी पहल की सराहना की और कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी सहित उपस्थित समस्त अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।
- मध्यप्रदेश सरकार ने राज्य के धार्मिक स्थलों को आधुनिक और श्रद्धालु-मैत्रीपूर्ण बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की है कि प्रदेश के सभी धार्मिक स्थलों पर नागरिकों और श्रद्धालुओं की सुविधाओं में निरंतर सुधार के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इस उद्देश्य के तहत, राज्य का एक प्रतिनिधिमंडल देशभर के प्रमुख धार्मिक स्थलों का दौरा कर रहा है। यह प्रतिनिधिमंडल उन स्थलों पर उपलब्ध व्यवस्थाओं, सुरक्षा, साफ-सफाई, ठहरने की सुविधाओं, परिवहन और डिजिटल सुविधाओं का गहन अध्ययन कर रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि इन अनुभवों के आधार पर मध्यप्रदेश के धार्मिक स्थलों पर सुविधाओं का और अधिक सुदृढ़ एवं आधुनिक विकास किया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश के मंदिरों और तीर्थों पर आने वाले श्रद्धालुओं को देश के सर्वश्रेष्ठ धार्मिक स्थलों जैसी सुविधाएं मिलें, जिससे उन्हें विश्वस्तरीय अनुभव प्राप्त हो सके। सरकार की इस योजना में महाकाल लोक उज्जैन, ओरछा रामराजा मंदिर, मैहर शारदा देवी, अमरकंटक और चित्रकूट जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों को शामिल किया गया है। इन स्थानों पर भीड़ प्रबंधन, ऑनलाइन दर्शन, ई-वाहन, डिजिटल भुगतान, स्वच्छ शौचालय, वेटिंग हॉल और पार्किंग जैसी सुविधाओं को उन्नत किया जाएगा।1
- सतना जिले के नयागाँव में जन्मे दीपक त्रिपाठी आज विंध्य क्षेत्र में जनसेवा और समर्पण की एक बेमिसाल मिसाल बन चुके हैं। वे गौ सेवा को अपना परम धर्म मानते हैं और अपने कार्यों से समाज को एक नई दिशा दिखा रहे हैं। पुरुषोत्तम मास में गैवीनाथ धाम पहुँचने वाले श्रद्धालुओं के लिए वे लगातार महाप्रसाद वितरित करते हैं, और उनका यह सेवा कार्य साल भर जारी रहता है। दीपक त्रिपाठी के निस्वार्थ भाव से किए गए सेवा कार्यों की एक लंबी सूची है। कोविड काल के दौरान उन्होंने प्रतिदिन 500 लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था की थी। इसके साथ ही, उन्होंने 72 कन्याओं के विवाह में दहेज की पूरी सामग्री उपहार स्वरूप प्रदान की और चित्रकूट के जंगलों में बंदरों के लिए रोजाना भोजन का प्रबंध करते हैं। उनकी दिनचर्या में हर दिन तीन घंटे की पूजा के बाद समाज सेवा के लिए निकलना शामिल है। वे आदिवासी बस्तियों में कंबल, छाता और पन्नी वितरित कर जरूरतमंदों का सहारा बनते हैं। धार्मिक स्थलों पर मंदिर निर्माण, बोरवेल लगाने और शहीद स्मारकों में सहयोग देकर उन्होंने यह साबित किया है कि धन का सही उपयोग केवल जन-कल्याण में ही है। आज उनके साथी रोहित पाण्डेय “सेलौरा” के जन्मदिन के अवसर पर भी उनकी जनसेवा की यह धारा लगातार बह रही है। निस्संदेह, दीपक त्रिपाठी की सेवा योजनाएँ भविष्य में इस क्षेत्र में एक बड़ा बदलाव लाएंगी। विंध्यवासी उन्हें अपना भरपूर आशीर्वाद और प्यार दें ताकि वे ऐसे ही नेक काम करते रहें। जय गैवीनाथ!2
- रीवा पुलिस सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर की जा रही विवादित पोस्टों पर पैनी नजर रख रही है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक सामग्री पर तत्काल ध्यान दिया जाए।1
- सतना जिले के तिकुरिया टोला बायपास मैहर रोड पर एक बड़ा सड़क हादसा हुआ है, जहाँ बस और मोटरसाइकिल की भिड़ंत में रामपुर बघेलान थाना अंतर्गत चकदही निवासी दो सगे भाई, विनय यादव (उम्र 26 वर्ष) और विवेक यादव (उम्र 28 वर्ष) की मौके पर ही मौत हो गई। इस दुर्घटना में उनकी बहन बंदना यादव की स्थिति नाजुक बनी हुई है। परिजनों ने बताया कि पोस्टमार्टम कराने के लिए जिला अस्पताल पहुंचने के बावजूद, जिला प्रशासन का कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। इसी बात से नाराज होकर समस्त परिजनों ने सेमरिया चौराहा बस स्टैंड पर चक्का जाम कर दिया।1
- मनीष पटेल से जुड़े एक मामले में अब एक नया दावा सामने आया है, जिसमें अंकित पटेल ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। अंकित पटेल का कहना है कि उन्हें पुलिस द्वारा फोन करके मनीष पटेल का लैपटॉप लाने के लिए बुलाया गया था। अंकित पटेल के अनुसार, पुलिस थाने पहुंचने पर उनके साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया गया, धक्का-मुक्की हुई और उन्हें धमकाया गया। यह जानकारी अंकित पटेल द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध बयानों पर आधारित एक वीडियो में चर्चा की गई है। हालांकि, मामले की आधिकारिक जांच और इसकी सत्यता तय करने का काम संबंधित एजेंसियां ही करेंगी। इस घटना ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या किसी भी व्यक्ति के साथ कानून के दायरे में सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए। इस पूरे मामले पर जनता की राय जानने का आग्रह किया गया है।1