बामनवास CHC की लैब बनी हाई-टेक, अब 106 तरह के टेस्ट उपलब्ध बामनवास। क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। अस्पताल की प्रयोगशाला (लैब) का आधुनिकीकरण कर दिया गया है, जिससे अब पहले के 37 टेस्ट की तुलना में 106 प्रकार की जांच सुविधाएँ उपलब्ध हो गई हैं। अब ऑनलाइन मिलेगी टेस्ट रिपोर्ट नई व्यवस्था के तहत मरीजों को बार-बार अस्पताल के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। सभी जांच रिपोर्ट अब ऑनलाइन उपलब्ध होंगी, जिन्हें मोबाइल या कंप्यूटर के माध्यम से आसानी से देखा जा सकेगा। इससे समय की बचत के साथ-साथ अस्पताल में भीड़ भी कम होगी। लैब का विस्तार, स्टाफ भी हुआ दोगुना लैब के भौतिक क्षेत्र का विस्तार किया गया है और स्टाफ की संख्या भी बढ़ाई गई है। इससे जांच प्रक्रिया तेज हुई है और मरीजों को समय पर रिपोर्ट मिल रही है। ‘हब-एंड-स्पोक’ मॉडल से ग्रामीणों को राहत नई व्यवस्था के तहत सवाई माधोपुर जिला अस्पताल को “मदर लैब” बनाया गया है, जबकि गंगापुर सिटी, खण्डार, बामनवास और बौंली की स्वास्थ्य इकाइयाँ “हब लैब” के रूप में कार्य करेंगी। वहीं CHC/PHC केंद्र “स्पोक” के रूप में जुड़ेंगे। गाँवों से एकत्रित सैंपल जांच के लिए जिला अस्पताल भेजे जाएंगे, जिससे दूर-दराज के मरीजों को भी उच्च गुणवत्ता वाली जांच सुविधाएँ मिल सकेंगी—जिनमें कई जांचें निःशुल्क होंगी। अब महंगे टेस्ट भी स्थानीय स्तर पर संभव नई सुविधाओं के चलते कई जटिल और महंगे डायग्नोस्टिक टेस्ट अब स्थानीय स्तर पर ही किए जा सकेंगे। पहले इन जांचों के लिए मरीजों को निजी लैब या बड़े शहरों का रुख करना पड़ता था, जिससे समय और धन दोनों खर्च होते थे। 24×7 उपलब्ध रहेंगी लैब सेवाएँ कृष्णा डायग्नोस्टिक्स के सहयोग से संचालित लैब सेवाएँ अब 24 घंटे उपलब्ध रहेंगी, जिससे मरीजों को हर समय जांच सुविधा मिल सकेगी। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, इस पहल से क्षेत्र के मरीजों को तेज, सुलभ और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएँ मिलेंगी, जिससे पूरे इलाके की चिकित्सा व्यवस्था और मजबूत होगी।
बामनवास CHC की लैब बनी हाई-टेक, अब 106 तरह के टेस्ट उपलब्ध बामनवास। क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। अस्पताल की प्रयोगशाला (लैब) का आधुनिकीकरण कर दिया गया है, जिससे अब पहले के 37 टेस्ट की तुलना में 106 प्रकार की जांच सुविधाएँ उपलब्ध हो गई हैं। अब ऑनलाइन मिलेगी
टेस्ट रिपोर्ट नई व्यवस्था के तहत मरीजों को बार-बार अस्पताल के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। सभी जांच रिपोर्ट अब ऑनलाइन उपलब्ध होंगी, जिन्हें मोबाइल या कंप्यूटर के माध्यम से आसानी से देखा जा सकेगा। इससे समय की बचत के साथ-साथ अस्पताल में भीड़ भी कम होगी। लैब का विस्तार, स्टाफ भी हुआ दोगुना लैब के भौतिक क्षेत्र का विस्तार किया गया है और स्टाफ की संख्या
भी बढ़ाई गई है। इससे जांच प्रक्रिया तेज हुई है और मरीजों को समय पर रिपोर्ट मिल रही है। ‘हब-एंड-स्पोक’ मॉडल से ग्रामीणों को राहत नई व्यवस्था के तहत सवाई माधोपुर जिला अस्पताल को “मदर लैब” बनाया गया है, जबकि गंगापुर सिटी, खण्डार, बामनवास और बौंली की स्वास्थ्य इकाइयाँ “हब लैब” के रूप में कार्य करेंगी। वहीं CHC/PHC केंद्र “स्पोक” के रूप में जुड़ेंगे। गाँवों से
एकत्रित सैंपल जांच के लिए जिला अस्पताल भेजे जाएंगे, जिससे दूर-दराज के मरीजों को भी उच्च गुणवत्ता वाली जांच सुविधाएँ मिल सकेंगी—जिनमें कई जांचें निःशुल्क होंगी। अब महंगे टेस्ट भी स्थानीय स्तर पर संभव नई सुविधाओं के चलते कई जटिल और महंगे डायग्नोस्टिक टेस्ट अब स्थानीय स्तर पर ही किए जा सकेंगे। पहले इन जांचों के लिए मरीजों को निजी लैब या बड़े शहरों का
रुख करना पड़ता था, जिससे समय और धन दोनों खर्च होते थे। 24×7 उपलब्ध रहेंगी लैब सेवाएँ कृष्णा डायग्नोस्टिक्स के सहयोग से संचालित लैब सेवाएँ अब 24 घंटे उपलब्ध रहेंगी, जिससे मरीजों को हर समय जांच सुविधा मिल सकेगी। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, इस पहल से क्षेत्र के मरीजों को तेज, सुलभ और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएँ मिलेंगी, जिससे पूरे इलाके की चिकित्सा व्यवस्था और मजबूत होगी।
- बदमाशों के हौसले बुलंद: हरिओम ठेकेदार की गाड़ी को बनाया निशाना, महुवा में दहशत का माहौल। प्राकृति ख़बर तेजी से उभरता और लोकप्रिय न्यूज़ चैनल है जो सभी प्रकार की सूचना समाचार, ब्रेकिंग न्यूज, खेल समाचार, राजस्थान समाचार, हिंदी समाचार, व्यापार समाचार, शिक्षा समाचार, आदि, सर्वेक्षण रिपोर्ट प्रदान करता है। Rajasthan Samachar Rajasthan Newsराजस्थान समाचार Prakriti khabarप्राकृति ख़बर Prakriti news #DausaNews #MahwaFiring #HariomThekedar #RajasthanCrime #BreakingNews #MahuwaNews #CrimeUpdate #FiringInCar #DausaPolice1
- मलारना डूंगर, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) मलारना चौड़ को ट्रॉमा सेंटर भवन में शिफ्ट करने की प्रस्तावित योजना को लेकर क्षेत्र के लोगों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। ग्रामीणों का कहना है कि इस निर्णय से न केवल वर्तमान चिकित्सा व्यवस्था प्रभावित होगी, बल्कि ट्रॉमा सेंटर की मूल उपयोगिता भी खत्म हो जाएगी। ग्रामीणों ने बताया कि लंबे संघर्ष के बाद स्वीकृत ट्रॉमा सेंटर अब शुरू होने से पहले ही अपने उद्देश्य से भटकता नजर आ रहा है। वर्तमान में संचालित सीएचसी लालसोट-कोटा मेगा हाईवे पर स्थित है, जहां से आसपास के तारनपुर, श्रीपुरा, रामड़ी, अनियाला, डीडवाना, किरतपुरा, चैनपुरा, बाढ़ बरियारा, बाढ़ शाहपुरा, बरियारा और लाडोता सहित करीब 20 हजार आबादी को सीधी स्वास्थ्य सुविधा मिलती है। वहीं प्रस्तावित ट्रॉमा सेंटर भवन मुख्य सड़क से लगभग 500 मीटर अंदर स्थित है, जहां तक पहुंच मार्ग भी सुगम नहीं है। बरसात के दौरान यहां 1 से 1.5 फीट तक जलभराव की स्थिति बन जाती है। इसके अलावा परिसर कच्चा है, बाउंड्री वॉल नहीं है, सुरक्षा व्यवस्था कमजोर है और स्टाफ आवास की भी कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे स्थान पर सीएचसी को शिफ्ट करना अव्यवहारिक निर्णय है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि बनास नदी पुल से मोरेल नदी पुल तक लगभग 16 किलोमीटर का हाईवे क्षेत्र दुर्घटना की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील है। ऐसे में इस क्षेत्र में ट्रॉमा सेंटर की विशेष आवश्यकता है, ताकि सड़क हादसों में घायल लोगों को त्वरित उपचार मिल सके। स्थानीय निवासी रामराज खाती ने कहा कि “सीएचसी को ट्रॉमा भवन में शिफ्ट करना गलत निर्णय है, इससे चिकित्सा व्यवस्था बिगड़ जाएगी। इसके बजाय नए भवन के लिए अलग से बजट स्वीकृत कराया जाना चाहिए।” वहीं भाजपा मंडल महामंत्री बनवारी लाल मीणा ने भी कहा कि “ट्रॉमा भवन जलभराव क्षेत्र में है और असुरक्षित भी है। वहां सीएचसी शिफ्ट करने से दोनों सुविधाएं प्रभावित होंगी।” मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि सीएचसी को ट्रॉमा सेंटर भवन में शिफ्ट करने के निर्देश जिला कलेक्टर द्वारा दिए गए हैं। हालांकि उन्होंने सड़क, सुरक्षा, स्टाफ आवास और जलभराव जैसी समस्याओं पर स्पष्ट जवाब नहीं दिया। ग्रामीणों की प्रमुख मांगें: सीएचसी को वर्तमान स्थान पर ही संचालित रखा जाए ट्रॉमा भवन में ट्रॉमा सेंटर ही शुरू किया जाए नए सीएचसी भवन के लिए अलग से बजट स्वीकृत किया जाए ग्रामीणों ने निर्णय लिया है कि वे इस मुद्दे को क्षेत्रीय विधायक एवं कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा के समक्ष उठाएंगे और शीघ्र समाधान की मांग करेंगे।3
- ब्यावर (राजस्थान): राजस्थान के ब्यावर-पाली हाईवे पर अपराध का एक खौफनाक चेहरा सामने आया है। यहाँ एक होटल के बाहर सो रहे तीन युवकों पर नकाबपोश बदमाशों ने बेरहमी से हमला कर लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।1
- काचरोली में भागवत कथा से पहले निकली कलश यात्रा विधायक दर्शन सिंह गुर्जर ने की शिरकत हिंडौन ग्रामीण काचरोली गांव में गुरुवार को भागवत कथा के उपलक्ष में आचार्य मनीष शास्त्री की सानिध्य में कलश यात्रा निकाली गई इस दौरान भागवत पुराण की शोभायात्रा के साथ मोहन दास जी महाराज की मूर्ति स्थापना की प्राण प्रतिष्ठा में सैकड़ो महिलाओं ने 111 सिर पर कलश धारण कर पूरे गांव में श्रद्धा आस्था का माहौल बना दिया आयोजक तिवाड़ी परिवार काचरौली पंडित श्याम बिहारी शास्त्री विनोद तिवाड़ी मनोज तिवाड़ी ने बताया कि कार्यक्रम की शुरुआत मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा मोहन दास जी महाराज लक्ष्मण झूला वालों से विधि विधान के साथ हुई इसके बाद शोभायात्रा और कलश यात्रा गांव के मुख्य मार्ग से होती हुई भागवत कथा स्थल पर पहुंची यात्रा के दौरान श्रद्धालु भक्ति गीत और जयकारों के साथ आगे बढ़ते रहे कथा के प्रथम दिन कथा व्यास मनीष उपाध्याय ने श्रीमद् भागवत महापुराण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा की भागवत कथा का श्रवण करने से जीवन के दुखों से मुक्ति मिलती है यह अज्ञानता को दूर कर व्यक्ति को सच्चे जीवन का बोध कराती है इस दौरान हजारों की संख्या में शामिल महिलाओं और पुरुषों ने भागवत कथा सुनी6
- Post by Hanis Sheikh1
- Post by Yogesh Kumar Gupta4
- सचिन पायलट से हाथ मिलाकर पत्रकारों से बोले पूर्व सीएम अशोक गहलोत1
- ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस-वे को लेकर किसानों का विरोध तेज हिण्डौन तहसील में किसानों ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन भूमि अधिग्रहण के विरोध में बड़ी संख्या में पहुंचे किसान उपजाऊ कृषि भूमि बचाने की किसानों ने उठाई मांग किसानों बोले- निजी जमीन का अधिग्रहण नहीं करेंगे बर्दाश्त रोड को शहर की आबादी से दूर निकालने की मांग एक्सप्रेस-वे से आजीविका पर संकट का किसानों ने जताया डर कई गांवों के किसानों ने एकजुट होकर जताया विरोध समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन की चेतावनी किसान बोले- विकास चाहिए, लेकिन जमीन भी बचनी चाहिए फुलवाड़ा, कांचरोली, रिठोली समेत कई गांवों के किसान पहुंचे ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस-वे पर किसानों का बढ़ता आक्रोश2
- Post by Yogesh Kumar Gupta3