मणिपुर में लंबे समय से कायम शांति को भंग करने का प्रत्यक्ष प्रयास है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं इसमें कोई संदेह नहीं "मुख्यमंत्री वाई खेमचंद्र" पुलिस थाने पर हमला, आगजनी इस घटना के विरोध में सुबह होते-होते बड़ी संख्या में स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए और सड़कें जामकर दीं। इतना ही नहीं प्रदर्शनकारियों ने वहां पुलिस पिकेट को भी निशाना बनाया और पेट्रोल पंप के पास दो तेल टैंकरों और एक ट्रक सहित कई वाहनों में आग लगा दी। प्रदर्शनकारियों ने मोईरांग पुलिस थाने के बाहर टायरों में भी आग लगा दी। पुलिस की एक अस्थायी चौकी में भी तोडफोड की गई। जैसे-जैसे तनाव बहता गया, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों को तैनात किया गया। प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, "यह बर्बर कृत्य मानवता पर सीधा हमला है और मणिपुर में लंबे समय से कायम शांति को भंग करने का प्रत्यक्ष प्रयास है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं इसमें कोई संदेह नहीं है कि इसके लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान की जाएगी, उन्हें ढूंढा़ जाएगा और कानून के तहत कड़ी सजा दी जाएगी/ ऐे्से आतंकियों को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा"मुख्यमंत्री वाई खेमचंद घायल महिला की स्थिति का जायजा लेने के लिए राज पॉलीक्लिनिक पहुंचे। उन्होंने पीड़ित महिला को सर्वोत्तम चिकित्सा देखभाल और सभी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है
मणिपुर में लंबे समय से कायम शांति को भंग करने का प्रत्यक्ष प्रयास है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं इसमें कोई संदेह नहीं "मुख्यमंत्री वाई खेमचंद्र" पुलिस थाने पर हमला, आगजनी इस घटना के विरोध में सुबह होते-होते बड़ी संख्या में स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए और सड़कें जामकर दीं। इतना ही नहीं प्रदर्शनकारियों ने वहां पुलिस पिकेट को भी निशाना बनाया और पेट्रोल पंप के पास दो तेल टैंकरों और एक ट्रक सहित कई वाहनों में आग लगा दी। प्रदर्शनकारियों ने मोईरांग पुलिस थाने के बाहर टायरों में भी आग लगा दी। पुलिस की एक अस्थायी चौकी में भी तोडफोड की गई। जैसे-जैसे तनाव बहता गया, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों को तैनात किया गया। प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, "यह बर्बर कृत्य मानवता पर सीधा हमला है और मणिपुर में लंबे समय से कायम शांति को भंग करने का प्रत्यक्ष प्रयास है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं इसमें कोई संदेह नहीं है कि इसके लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान की जाएगी, उन्हें ढूंढा़ जाएगा और कानून के तहत कड़ी सजा दी जाएगी/ ऐे्से आतंकियों को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा"मुख्यमंत्री वाई खेमचंद घायल महिला की स्थिति का जायजा लेने के लिए राज पॉलीक्लिनिक पहुंचे। उन्होंने पीड़ित महिला को सर्वोत्तम चिकित्सा देखभाल और सभी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है
- Post by Banti shrivas1
- पुलिस थाने पर हमला, आगजनी इस घटना के विरोध में सुबह होते-होते बड़ी संख्या में स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए और सड़कें जामकर दीं। इतना ही नहीं प्रदर्शनकारियों ने वहां पुलिस पिकेट को भी निशाना बनाया और पेट्रोल पंप के पास दो तेल टैंकरों और एक ट्रक सहित कई वाहनों में आग लगा दी। प्रदर्शनकारियों ने मोईरांग पुलिस थाने के बाहर टायरों में भी आग लगा दी। पुलिस की एक अस्थायी चौकी में भी तोडफोड की गई। जैसे-जैसे तनाव बहता गया, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों को तैनात किया गया। प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, "यह बर्बर कृत्य मानवता पर सीधा हमला है और मणिपुर में लंबे समय से कायम शांति को भंग करने का प्रत्यक्ष प्रयास है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं इसमें कोई संदेह नहीं है कि इसके लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान की जाएगी, उन्हें ढूंढा़ जाएगा और कानून के तहत कड़ी सजा दी जाएगी/ ऐे्से आतंकियों को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा"मुख्यमंत्री वाई खेमचंद घायल महिला की स्थिति का जायजा लेने के लिए राज पॉलीक्लिनिक पहुंचे। उन्होंने पीड़ित महिला को सर्वोत्तम चिकित्सा देखभाल और सभी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है1
- सत्यशोधक समाज: उन्होंने 1873 में 'सत्यशोधक समाज' की स्थापना की, जिसका उद्देश्य शोषित वर्गों और दलितों को न्याय दिलाना था। स्त्री शिक्षा: उन्होंने अपनी पत्नी, सावित्रीबाई फुले को शिक्षित किया और उनके साथ मिलकर 1848 में पुणे में लड़कियों के लिए भारत का पहला स्कूल खोला। सामाजिक समानता: उन्होंने छुआछूत और जाति व्यवस्था जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ पुरजोर आवाज उठाई। उपाधि: उनके निस्वार्थ कार्यों को देखते हुए 1888 में एक विशाल जनसभा में उन्हें 'महात्मा' की उपाधि दी गई थी। उनकी जयंती के अवसर पर देश भर में उनकी शिक्षाओं और समाज के प्रति उनके योगदान को याद किया जाता है।1
- Post by Gyadeen Verma1
- धौलपुर में “गौ सम्मान आह्वान अभियान” के तहत गौ माता को ‘राष्ट्र माता’ का दर्जा दिलाने और गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग को लेकर व्यापक जनआंदोलन का स्वरूप तैयार हो रहा है। इस अभियान के अंतर्गत गांव-गांव, शहर-शहर में हस्ताक्षर अभियान चलाकर आमजन को जोड़ा जा रहा है। जिसके तहत आज धौलपुर में गंगा बाई की बगीची में बैठक का आयोजन किया गया । जिला गौ प्रचारक राम शर्मा ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गाय को राष्ट्र माता घोषित करवाना, गौ संरक्षण के लिए सशक्त केंद्रीय कानून बनाना तथा गौ हत्या पर पूर्णतः रोक लगाना है। इसके लिए सामाजिक संगठनों, संत समाज, गौ भक्तों और सनातन समाज के कार्यकर्ता लगातार जनसंपर्क में जुटे हुए हैं। अभियान के तहत नुक्कड़ सभाएं, जनजागरूकता कार्यक्रम और सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को इस मुहिम से जोड़ा जा रहा है। साथ ही कार्यकर्ता घर-घर जाकर हस्ताक्षर एकत्रित कर रहे हैं। इस अभियान का सबसे महत्वपूर्ण चरण 27 अप्रैल 2026 को होगा, जब देशभर की सभी तहसीलों और अनुमंडलों में एकत्रित हस्ताक्षरों के साथ ज्ञापन सौंपे जाएंगे। यह ज्ञापन प्रधानमंत्री एवं राष्ट्रपति को संबोधित होगा, जिसमें गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा देने और गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग प्रमुख रूप से शामिल होगी। अभियान से जुड़े कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह केवल एक धार्मिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और राष्ट्रीय अस्मिता से जुड़ा विषय है। उन्होंने अधिक से अधिक लोगों से इस मुहिम में जुड़कर हस्ताक्षर करने और जनजागरूकता फैलाने की अपील की है। इस दौरान तहसील गौ प्रचारक चंद्रप्रताप धाकरे, नरेश कुमार एवं विजेंद्र, शुभम श्रीवास्तव ,दीपक पचौरी, रविन्द्र नवल बादल ,अमन आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहें ।2
- आज मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष आदरणीय बॉस श्री नरेंद्र सिंह तोमर जी मुरैना पहुँचने पर स्वागत हुआ1
- गुलामी की प्रथा और डराने की राजनीति का अंत तय, 2028 में होगी बोहरा की विदाई" — जयवीर पोसवाल धौलपुर राजाखेड़ा। विधानसभा राजाखेड़ा के मांगरोल मंडल में आयोजित एक विशाल सभा को संबोधित करते हुए भाजपा के वरिष्ठ नेता जयवीर पोसवाल ने क्षेत्रीय विधायक रोहित बोहरा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने विधायक की कार्यशैली और राजनीति को 'भय और गद्दारी' का प्रतीक बताते हुए क्षेत्र की जनता को आगाह किया। विकास के नाम पर 'शून्य', सिर्फ भाई को भाई से लड़ाया जयवीर पोसवाल ने विधायक को खुली चुनौती देते हुए कहा कि पिछले 5 वर्षों में रोहित बोहरा जनता को कोई भी ऐसे तीन बड़े काम गिना दें, जिससे राजाखेड़ा की जनता का वास्तविक भला हुआ हो। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास के नाम पर केवल "भाई से भाई को लड़ाने, डराने और धमकाने" का काम किया गया है। "अगर मेरे कार्यकर्ता की तरफ किसी ने उंगली उठाई तो हाथ काट लिए जाएंगे और आंख दिखाई तो आंख निकाल ली जाएगी। हम कमजोर नहीं हैं, ईंट का जवाब पत्थर से देना जानते हैं।" — जयवीर पोसवाल गद्दारी का इतिहास: पायलट से लेकर कुशवाहा समाज तक पोसवाल ने ऐतिहासिक संदर्भों का हवाला देते हुए कहा कि इनका इतिहास हमेशा गद्दारी का रहा है। उन्होंने कहा कि चाहे राजेश पायलट हों, सचिन पायलट का मानेसर प्रकरण हो या स्वर्गीय बनवारी लाल शर्मा जी के साथ चुनाव में किया गया विश्वासघात—इन्होंने हमेशा पीठ में छुरा घोंपा है। उन्होंने कुशवाहा समाज को विशेष रूप से सचेत करते हुए कहा, "इन्होंने हर वर्ग के साथ छल किया है, अब इनका अगला निशाना कुशवाहा समाज है। समाज इनकी चिकनी-चुपड़ी बातों में न आए और सावधान रहे। युवाओं के भविष्य और शिक्षा पर चिंता क्षेत्र के शैक्षिक पिछड़ेपन पर प्रहार करते हुए पोसवाल ने कहा कि राजाखेड़ा के युवाओं और बच्चों को उन कुर्सियों तक पहुँचाने का प्रयास कभी नहीं किया गया जहाँ देश की नीतियां बनती हैं। बेहतर शिक्षा और उज्ज्वल भविष्य की दिशा में मौजूदा नेतृत्व की सोच शून्य रही है। भगत सिंह' बनने को तैयार: गुलामी से दिलाएंगे मुक्ति भावुक और ओजस्वी स्वर में पोसवाल ने कहा कि वे राजाखेड़ा की 'गुलामी वाली प्रथा' को खत्म करने के लिए संकल्पित हैं। मजदूरों, दलितों, माताओं-बहनों और युवाओं के हक के लिए अगर मुझे भगत सिंह बनकर कुर्बानी भी देनी पड़ी, तो मैं पीछे नहीं हटूंगा। डॉ. भीमराव अंबेडकर के संविधान ने हमें निर्भय होकर वोट देने की शक्ति दी है। जब तक हम बिना दबाव के सही व्यक्ति नहीं चुनेंगे, विकास संभव नहीं है। 2028 में विदाई तय, खुलेगी कारनामों की 'लाल डायरी' कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए पोसवाल ने कहा कि विधायक के चेहर पर हार की बौखलाहट साफ दिख रही है। उन्होंने कहा कि ऐसी कई डायरियां पहले भी बनी और फटी हैं, लेकिन इनके काले कारनामों की 'लाल डायरी' भी एक दिन जरूर पढ़ी जाएगी। उन्होंने पुरजोर शब्दों में कहा कि 2028 में इनकी विदाई निश्चित है और कार्यकर्ताओं का बाल भी बांका नहीं होने दिया जाएगा। कार्यक्रम में विधानसभा राजाखेड़ा की भाजपा प्रत्याशी नीरजा शर्मा, पूर्व जिला उपाध्यक्ष कमल पहाड़िया,पूर्व महामंत्री रणवीर दंडोतिया, मंडल अध्यक्ष मोहन लोधा पूर्व मंडल अध्यक्ष हाकिम सिंह लोधा, मंडल महामंत्री डॉक्टर बनवारी लाल गुर्जर,पवन शर्मा कुमेरा पोसवाल महामंत्री तिलक सिंह गुर्जर, सुनील त्यागी सहित सैकड़ो की संख्या में भाजपा पदाधिकारी ऊर्जावान कार्यकर्ता मौजूद रहे जयवीर पोसवाल प्रदेश अध्यक्ष अखिल भारतीय युवा गुर्जर महासभा राजस्थान, पूर्व जिला उपाध्यक्ष भाजपा धौलपुर, पूर्व सरपंच ग्राम पंचायत हिनौता, पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय धौलपुर1
- पूर्वोत्तर के राज्य मणिपुर के बिष्णुपुर जिले में सोमवार रात संदिग्ध कुकी उग्रवादियों द्वारा रॉकेट और मिसाइलों से किए गए हमलों में दो बच्चों की मौत हो गई और उनकी मां गंभीर रूप से घायल हो गईं। इस घटना के बाद वहां भारी विरोध-प्रदर्शन हुआ है और इलाके में हिंसा भड़क उठी है। इसे देखते हुए सुरक्षा बलों को फायरिंग करनी पड़ी। सुरक्षा बलों की इस फायरिंग में कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए। इसके बाद बवाल और बढ़ गया। इसे देखते हुए अधिकारियों ने बिष्णुपुर और उससे सटे पाँच जिलों इम्फाल पश्चिम, इम्फाल पूर्व, थौबल, काकचिंग और बिष्णुपुर में इंटरनेट और मोबाइल डेटा सेवाओं पर अस्थायी रोक लगा दी है रिपोर्ट्स में कहा गया है कि विष्णुपुर जिले के मोइरांग ट्रोंगलाओबी इलाके में लोगों का गुस्सा तब भड़क गया, जब रात करीब 1 बजे संदिग्ध उग्रवादियों ने एक घर पर बम फेंक दिया, जिसमें पाँच साल के एक लड़के और छह महीने की एक बच्ची की मौत हो गई। धमाका इतना ज़ोरदार था कि जिस कमरे में बच्चे और उनकी माँ सो रहे थे, वह पूरी तरह से तबाह हो गया; इस घटना में बच्चों की माँ भी घायल हो गईं। मृतकों की पहचान एक पांच वर्षीय लड़के और उसकी पांच महीने की बहन के रूप में हुई है। उनकी मां को गंभीर हालत में इम्फाल के राज मेडिसिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया। यह इलाका चुराचंदपुर जिले के निकट है, जो कुकी उग्रवाद का गढ़ है। मणिपुर संकट की शुरुआत इसी जिले में तीन मई, 2023 को हुई थी2