जालौन के तहसील सभागार में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही की अध्यक्षता और सीओ शैलेंद्र बाजपेई की उपस्थिति में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस बार रिकॉर्ड 168 फरियादियों ने अपनी शिकायतें दर्ज कराईं, जिनमें से राजस्व विभाग की आठ शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। दर्ज की गई शिकायतें राजस्व विभाग, विकास विभाग, जल संस्थान, नगर पालिका, पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, ब्लॉक और डूडा जैसे विभिन्न विभागों से संबंधित थीं, जबकि पूर्ति विभाग से संबंधित कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने 24 अन्य शिकायतों के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों की टीम गठित कर उन्हें तीन दिन के भीतर मौके पर जाकर निस्तारण करने के निर्देश दिए। यह भी सामने आया कि कई फरियादी ऐसे थे जिनकी शिकायतें पहले भी दर्ज की गई थीं लेकिन उनका समाधान नहीं हुआ था, या वे निस्तारण से संतुष्ट नहीं थे। इस पर एसडीएम ने अधीनस्थों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की हीला हवाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि शिकायत के निस्तारण में यह उल्लेख किया जाए कि शिकायतकर्ता संतुष्ट है या नहीं। इस अवसर पर एसडीएम न्यायिक विश्वेश्वर सिंह, तहसीलदार तारा शुक्ला, ईओ सुशील कुमार, बीडीओ प्रशांत कुमार और जेई जल संस्थान आलोक श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
जालौन के तहसील सभागार में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही की अध्यक्षता और सीओ शैलेंद्र बाजपेई की उपस्थिति में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस बार रिकॉर्ड 168 फरियादियों ने अपनी शिकायतें दर्ज कराईं, जिनमें से राजस्व विभाग की आठ शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। दर्ज की गई शिकायतें राजस्व विभाग, विकास विभाग, जल संस्थान, नगर पालिका, पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, ब्लॉक और डूडा जैसे विभिन्न विभागों से संबंधित थीं, जबकि पूर्ति विभाग से संबंधित कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने 24 अन्य शिकायतों के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों की टीम गठित कर उन्हें तीन दिन के भीतर मौके पर
जाकर निस्तारण करने के निर्देश दिए। यह भी सामने आया कि कई फरियादी ऐसे थे जिनकी शिकायतें पहले भी दर्ज की गई थीं लेकिन उनका समाधान नहीं हुआ था, या वे निस्तारण से संतुष्ट नहीं थे। इस पर एसडीएम ने अधीनस्थों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की हीला हवाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि शिकायत के निस्तारण में यह उल्लेख किया जाए कि शिकायतकर्ता संतुष्ट है या नहीं। इस अवसर पर एसडीएम न्यायिक विश्वेश्वर सिंह, तहसीलदार तारा शुक्ला, ईओ सुशील कुमार, बीडीओ प्रशांत कुमार और जेई जल संस्थान आलोक श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
- जालौन में बुंदेलखंड मुक्ति मोर्चा के जिलाध्यक्ष प्रदुम्न इटहिया के नेतृत्व में शनिवार को उपजिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया। इस ज्ञापन के माध्यम से गल्ला मंडी की विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग की गई, जिसमें किसानों और पल्लेदारों से जुड़े पांच प्रमुख मुद्दे उठाए गए। ज्ञापन में विशेष रूप से बताया गया कि मूंग की फसल के वर्तमान सीजन में व्यापारी मनमाने ढंग से खरीदारी कर रहे हैं, जबकि सरकार ने मूंग का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) ₹8778 प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। किसानों को उनका उचित मूल्य दिलाने के लिए तत्काल सरकारी क्रय केंद्र खोलने की मांग की गई है। इसके अतिरिक्त, मंडी परिसर में बने सुलभ शौचालयों पर हुए अवैध कब्जों को हटाने, दूर-दराज से आने वाले किसानों के लिए विश्राम गृह की व्यवस्था करने, और किसानों के बैठने तथा अनाज तौलने के लिए निर्धारित टीन शेडों पर व्यापारियों द्वारा किए गए स्थायी कब्जों को समाप्त करने की भी मांग शामिल है। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि मंडी परिसर में अवैध रूप से छनाई मशीनों का संचालन हो रहा है, जिससे पल्लेदारों को न तो पर्याप्त काम मिल पा रहा है और न ही उन्हें उचित मजदूरी दी जा रही है। बुंदेलखंड मुक्ति मोर्चा ने जनहित और किसान हित को ध्यान में रखते हुए इन सभी समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।1
- जालौन के तहसील सभागार में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही की अध्यक्षता और सीओ शैलेंद्र बाजपेई की उपस्थिति में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस बार रिकॉर्ड 168 फरियादियों ने अपनी शिकायतें दर्ज कराईं, जिनमें से राजस्व विभाग की आठ शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। दर्ज की गई शिकायतें राजस्व विभाग, विकास विभाग, जल संस्थान, नगर पालिका, पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, ब्लॉक और डूडा जैसे विभिन्न विभागों से संबंधित थीं, जबकि पूर्ति विभाग से संबंधित कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने 24 अन्य शिकायतों के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों की टीम गठित कर उन्हें तीन दिन के भीतर मौके पर जाकर निस्तारण करने के निर्देश दिए। यह भी सामने आया कि कई फरियादी ऐसे थे जिनकी शिकायतें पहले भी दर्ज की गई थीं लेकिन उनका समाधान नहीं हुआ था, या वे निस्तारण से संतुष्ट नहीं थे। इस पर एसडीएम ने अधीनस्थों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की हीला हवाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि शिकायत के निस्तारण में यह उल्लेख किया जाए कि शिकायतकर्ता संतुष्ट है या नहीं। इस अवसर पर एसडीएम न्यायिक विश्वेश्वर सिंह, तहसीलदार तारा शुक्ला, ईओ सुशील कुमार, बीडीओ प्रशांत कुमार और जेई जल संस्थान आलोक श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।2
- जालौन के मोहल्ला कटरा निवासी एक महिला ने संपूर्ण समाधान दिवस में एसडीएम जालौन को शिकायती पत्र सौंपकर आरोप लगाया है कि कुछ लोगों ने उसके मानसिक रूप से कमजोर पति की कृषि भूमि फर्जी दस्तावेजों के जरिए हड़प ली है। पीड़िता के अनुसार, उसके पति के नाम मौजा जालौन बाहर में कृषि भूमि दर्ज है। महिला का आरोप है कि पति की मानसिक स्थिति का फायदा उठाकर कथित तौर पर वर्ष 2025 में फर्जी दस्तावेज तैयार करके भूमि का पंजीकरण करा लिया गया। उसका कहना है कि इस जमीन के बदले कोई धनराशि नहीं दी गई और पूरी प्रक्रिया उनकी जानकारी के बिना पूरी कर ली गई। शिकायत में बैंक खाते और चेकबुक का दुरुपयोग कर धनराशि निकालने तथा मिलीभगत कर जमीन हड़पने की साजिश रचने का भी आरोप लगाया गया है। पीड़िता का यह भी कहना है कि जब उसने मामले की जानकारी जुटाई और शिकायत की तो उसे व उसके परिवार को धमकियां दी गईं तथा शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया गया, जिससे परिवार में भय का माहौल बना हुआ है। महिला ने बताया कि उसने पहले भी कोतवाली जालौन में शिकायत की थी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई थी। अब उसने एसडीएम से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है।1
- जालौन जिले के जालौन नगर क्षेत्र में स्थित ज्वाला गंज में एक ई-रिक्शा दुकान के ठीक सामने पलट गया। इस घटना में ई-रिक्शा के नीचे कुछ महिलाएं दब गईं, जिसके बाद आस-पास मौजूद दुकानदारों ने तुरंत उसे सीधा कर महिलाओं को बाहर निकाला। जानकारी के अनुसार, यह ई-रिक्शा सामान लादकर ले जा रहा था और इसे एक नाबालिग चला रहा था। हादसे में फंसी सभी महिलाएं बाल-बाल बच गईं।1
- एडीजी कानपुर ने औरैया जनपद का दौरा किया, जहाँ उन्होंने जिले के विभिन्न स्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान, उन्होंने अपने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक भी की, जिसमें सुरक्षा व्यवस्था का विस्तृत जायजा लिया गया।1
- कॉकरोच जनता पार्टी ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया, जहाँ पार्टी कार्यकर्ताओं ने "देश का युवा अब डरेगा नहीं लड़ेगा" जैसे नारे लगाए।1
- जालौन नगर के कोंच रोड स्थित एमआरएफ (मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी) कूड़ाघर से फैल रही गंदगी और उड़ता कचरा स्थानीय निवासियों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है। यह कूड़ाघर राहगीरों और आसपास के कोचिंग संस्थानों में आने-जाने वाले छात्रों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि तेज हवा चलने पर कूड़ाघर से उड़ने वाली पॉलीथिन और अन्य कचरा सीधे राहगीरों के चेहरे से चिपक जाता है, जिससे उन्हें काफी असुविधा होती है। इसके अलावा, यह कचरा आसपास के खेतों तक भी पहुंच रहा है, जिसने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। क्षेत्रवासियों ने यह भी बताया कि कूड़ाघर के समीप स्थित बिजलीघर परिसर में भी कचरा पहुंच रहा है, जिससे वहाँ की साफ-सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। रहवासियों ने चेताया है कि यदि समय रहते कचरे के उचित प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम नहीं किए गए तो यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है। इसी के चलते, राहगीरों, छात्रों और किसानों ने नगर प्रशासन से कूड़ाघर की समुचित घेराबंदी करने, नियमित सफाई सुनिश्चित करने और उड़ने वाले कचरे पर प्रभावी रोक लगाने की मांग की है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि जिम्मेदार अधिकारी कब तक इस समस्या का संज्ञान लेकर लोगों को राहत प्रदान कर पाते हैं।1
- जालौन के विकासखंड क्षेत्र के ग्राम वीरपुरा में प्रस्तावित नाली निर्माण कार्य में अनियमितता और भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान के खिलाफ शिकायत की है। ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों को एक शिकायती प्रार्थना पत्र सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि गाँव में सैयद बाबा के चबूतरे से खचोरे पासवान के मकान तक नाली निर्माण के लिए गुम्मा, गिट्टी, बालू और सीमेंट सहित आवश्यक निर्माण सामग्री मंगाई गई थी और नाली की खुदाई भी कराई गई थी। हालांकि, कई माह बीत जाने के बाद भी नाली का निर्माण कार्य पूरा नहीं किया गया है, और निर्माण सामग्री को भी मौके से हटा लिया गया है। शिकायतकर्ताओं ने बताया कि उनके मकानों के सामने गहरी नाली खोद दिए जाने के कारण उसमें पानी भरा रहता है, जिससे मकानों में सीलन आने और भवनों को नुकसान पहुँचने का खतरा पैदा हो गया है। इसके अतिरिक्त, ग्रामीणों और छोटे बच्चों को आवागमन में भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। एक ग्रामीण भूप सिंह ने बताया कि उनके मकान के बाहर गहरी नाली खुदवाई गई है, लेकिन उसे अभी तक बनवाया नहीं गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करने और अधूरी नाली का निर्माण शीघ्र पूरा कराने की मांग की है, ताकि उनकी समस्याओं का समाधान हो सके। इस संबंध में आज तहसील संपूर्ण दिवस में भी प्रार्थना पत्र दिया गया है, जिस पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सिंह राही ने आश्वासन दिया है कि नाली निर्माण कार्य जल्दी ही करवा दिया जाएगा।1
- जनपद झाँसी के नवाबाद थाना पुलिस ने रानी लक्ष्मीबाई पार्क से विनोद गौतम नामक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई तब हुई जब पुलिस की मिशन शक्ति टीम अश्लील वीडियो दिखाने और पीछा करने से संबंधित एक दर्ज मुकदमे (मु0अ0सं0 286/26 धारा 78/79 BNS) के संबंध में उससे पूछताछ करने गई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि मुकदमा उपरोक्त से संबंधित अभियुक्त विनोद गौतम, जो स्वर्गीय कालीचरन का पुत्र और बाहर उन्नाव गेट, अंजली नगर, थाना कोतवाली, झाँसी का निवासी है तथा जिसकी उम्र 42 वर्ष है, रानी लक्ष्मीबाई पार्क में मौजूद है। मिशन शक्ति टीम के सदस्यों ने मौके पर पहुँचकर उसे मुकदमा में किए गए कृत्यों की पुनरावृत्ति न करने के संबंध में समझाया। हालांकि, अभियुक्त विनोद गौतम ने उनकी बात सुनने से इनकार कर दिया और अपने विरुद्ध दर्ज FIR के कारण अभद्रता करते हुए विवाद करने पर उतारू हो गया। इस पर मिशन शक्ति टीम, थाना नवाबाद, झाँसी के सदस्यों ने उसे मौके पर ही धारा 170/126/135 BNSS के तहत गिरफ्तार कर लिया। उसके विरुद्ध कानूनी कार्यवाही करते हुए उसे माननीय न्यायालय नगर मजिस्ट्रेट, झाँसी के समक्ष पेश किया गया, जहाँ से उसे जिला कारागार झाँसी भेज दिया गया। यह जानकारी जनपद झाँसी से कमलेश चौबे ने Soni News के लिए दी है।1