धर्म परिवर्तन के बाद शादी, दो बच्चों के बाद पत्नी को छोड़ने का आरोप महिला ने मुख्यमंत्री से रो रो को लगाई इंसाफ की गुहार सहारनपुर। फीड जोगेंद्र कल्याण स्लग: धर्म परिवर्तन के बाद शादी, दो बच्चों के बाद पत्नी को छोड़ने का आरोप महिला ने मुख्यमंत्री से रो रो को लगाई इंसाफ की गुहार एंकर: सहारनपुर में स्वास्थ्य विभाग के एक मलेरिया इंस्पेक्टर पर महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का दावा है कि आरोपी ने खुद को कुंवारा बताकर उसके साथ संबंध बनाए, उसका धर्म परिवर्तन कराया और आर्य समाज मंदिर में शादी की। महिला के मुताबिक शादी के बाद दो बच्चे भी हुए, लेकिन अब आरोपी ने उसे और दोनों बच्चों को छोड़ दिया है। पीड़िता ने जिलाधिकारी से न्याय, सुरक्षा और बच्चों की पढ़ाई का खर्च दिलाने की गुहार लगाई है। मामला सहारनपुर थाना मंडी क्षेत्र से जुड़ा है। गुंजन उर्फ गुलजहां नाम की महिला ने जिलाधिकारी को दिए प्रार्थना पत्र में मलेरिया इंस्पेक्टर धर्मेन्द्र सिंह पाल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला के मुताबिक वर्ष 2009 में पोलियो वैक्सीनेटर के तौर पर काम करने के दौरान उसकी मुलाकात धर्मेन्द्र सिंह पाल से हुई थी। आरोप है कि धर्मेन्द्र ने उसे सरकारी नौकरी लगवाने और पत्नी के रूप में साथ रखने का भरोसा दिया। पीड़िता का दावा है कि 5 जुलाई 2011 को उसका धर्म परिवर्तन कराया गया और आर्य समाज मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह किया गया। महिला के मुताबिक उसे विवाह प्रमाण पत्र भी दिया गया था। महिला का कहना है कि इस विवाह से वर्ष 2013 और 2016 में दो पुत्र पैदा हुए। उसके अनुसार दोनों बच्चों के आधार कार्ड, जन्म संबंधी दस्तावेज और स्कूल रिकॉर्ड में पिता के रूप में धर्मेन्द्र सिंह पाल का नाम दर्ज है। पीड़िता का आरोप है कि अब धर्मेन्द्र सिंह पाल ने उसे और दोनों बच्चों को छोड़ दिया है। बच्चों की स्कूल फीस भी बंद कर दी गई, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। महिला ने धमकी देने का भी आरोप लगाया है। प्रार्थना पत्र में दावा किया गया है कि आरोपी के पास लाइसेंसी रिवाल्वर है और उसे तथा उसके बच्चों को खतरा है। पीड़ित महिला का आरोप जी उसक अन्य महिलाओं से भी संबंध है उसक सबूत भी महिला के पास है,महिलाओं को अपने जाल में फसाता हे महिला का आरोप है कि मलेरिया इंस्पेक्टर पद पर तैनात होने का फायदा उठाकर मेरे ऊपर ब्लैक मिलकिंग का झूठा मुकदमा दर्ज कराया है,क्या अपना बच्चों का हक पढ़ाई लिखाई खाना उनकी जिम्मेदारी का हक मानना ब्लैक मेलिंग है शादी के बाद पति से पत्नी परिवार को पालन करने के लिए कुछ भी मांग सकती है पीड़िता ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, कानूनी कार्रवाई, खुद और बच्चों की सुरक्षा तथा बच्चों की स्कूल फीस दिलाए जाने की मांग की है। प्रार्थना पत्र की प्रतियां मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव को भी भेजी गई हैं। बाइट। गुंजन,उर्फ गुल जहां पीड़ित महिला
धर्म परिवर्तन के बाद शादी, दो बच्चों के बाद पत्नी को छोड़ने का आरोप महिला ने मुख्यमंत्री से रो रो को लगाई इंसाफ की गुहार सहारनपुर। फीड जोगेंद्र कल्याण स्लग: धर्म परिवर्तन के बाद शादी, दो बच्चों के बाद पत्नी को छोड़ने का आरोप महिला ने मुख्यमंत्री से रो रो को लगाई इंसाफ की गुहार एंकर: सहारनपुर में स्वास्थ्य विभाग के एक मलेरिया इंस्पेक्टर पर महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का दावा है कि आरोपी ने खुद को कुंवारा बताकर उसके साथ संबंध बनाए, उसका धर्म परिवर्तन कराया और आर्य समाज मंदिर में शादी की। महिला के मुताबिक शादी के बाद दो बच्चे भी हुए, लेकिन अब आरोपी ने उसे और दोनों बच्चों को छोड़ दिया है। पीड़िता ने जिलाधिकारी से न्याय, सुरक्षा और बच्चों की पढ़ाई का खर्च दिलाने की गुहार लगाई है। मामला सहारनपुर थाना मंडी क्षेत्र से जुड़ा है। गुंजन उर्फ गुलजहां नाम की महिला ने जिलाधिकारी को दिए प्रार्थना पत्र में मलेरिया इंस्पेक्टर धर्मेन्द्र सिंह पाल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला के मुताबिक वर्ष 2009 में पोलियो वैक्सीनेटर के तौर पर काम करने के दौरान उसकी मुलाकात धर्मेन्द्र सिंह पाल से हुई थी। आरोप है कि धर्मेन्द्र ने उसे सरकारी नौकरी लगवाने और पत्नी के रूप में साथ रखने का भरोसा दिया। पीड़िता का दावा है कि 5 जुलाई 2011 को उसका धर्म परिवर्तन कराया गया और आर्य समाज मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह किया गया। महिला के मुताबिक उसे विवाह प्रमाण पत्र भी दिया गया था। महिला का कहना है कि इस विवाह से वर्ष 2013 और 2016 में दो पुत्र पैदा हुए। उसके अनुसार दोनों बच्चों के आधार कार्ड, जन्म संबंधी दस्तावेज और स्कूल रिकॉर्ड में पिता के रूप में धर्मेन्द्र सिंह पाल का नाम दर्ज है। पीड़िता का आरोप है कि अब धर्मेन्द्र सिंह पाल ने उसे और दोनों बच्चों को छोड़ दिया है। बच्चों की स्कूल फीस भी बंद कर दी गई, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। महिला ने धमकी देने का भी आरोप लगाया है। प्रार्थना पत्र में दावा किया गया है कि आरोपी के पास लाइसेंसी रिवाल्वर है और उसे तथा उसके बच्चों को खतरा है। पीड़ित महिला का आरोप जी उसक अन्य महिलाओं से भी संबंध है उसक सबूत भी महिला के पास है,महिलाओं को अपने जाल में फसाता हे महिला का आरोप है कि मलेरिया इंस्पेक्टर पद पर तैनात होने का फायदा उठाकर मेरे ऊपर ब्लैक मिलकिंग का झूठा मुकदमा दर्ज कराया है,क्या अपना बच्चों का हक पढ़ाई लिखाई खाना उनकी जिम्मेदारी का हक मानना ब्लैक मेलिंग है शादी के बाद पति से पत्नी परिवार को पालन करने के लिए कुछ भी मांग सकती है पीड़िता ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, कानूनी कार्रवाई, खुद और बच्चों की सुरक्षा तथा बच्चों की स्कूल फीस दिलाए जाने की मांग की है। प्रार्थना पत्र की प्रतियां मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव को भी भेजी गई हैं। बाइट। गुंजन,उर्फ गुल जहां पीड़ित महिला
- *खेड़ी लक्खा सिंह मे आयोजित हरियाणा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह जी AICC महासचिव एवं सांसद कुमारी शैलजा जी ने ब्लॉक कांग्रेस सम्मेलन में शिरकत की.*1
- अपने खुशी के अवसरों पर पर्यावरण को बचाने के लिए पौधारोपण अवश्य करे-विधायक रामकुमार कश्यप मनोनित पार्षद सेठपाल वर्मा ने अपने जन्मदिन पर विधायक संग त्रिवेणी लगाई इन्द्री ।। इन्द्री के विधायक रामकुमार कश्यप ने आज मनोनित पार्षद एंव हर्बल पार्क कमेटी के चेयरमैन सेठपाल वर्मा के जन्मदिन के उपलक्ष्य में हर्बल पार्क में त्रिवेणी लगा कर पर्यावरण को बचाने का संदेश दिया। वहीं आज विधायक ने स्थानीय रैस्ट हाउस में भी पौधारोपण किया। इस मौके पर विधायक रामकुमार कश्यप ने कहा कि यह एक बहुत ही अच्छी पहल है। हमें अपनी खुशियों के अवसर पर पौधारोपण अवश्य करना चाहिए। पौधारोपण से जहां हरियाली होती है वहीं हमारा वातावरण शुद्ध होता है जिससे हमें शुद्ध आक्सीजन मिलती है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा चलाई गई एक पेड़ मां के नाम मुहिम को पूरे देश में समर्थन मिला है जिसके चलते पूरे देश में लोग पौधारोपण कर वातावरण को शुद्ध करने का काम कर रहे है।1
- हरियाणा: ऐसी क्रांतिकारी सोच वाले लोग कहां से आते हैं कोई बताएगा , लोग हुए फैन हरियाणा: ऐसी क्रांतिकारी सोच वाले लोग कहां से आते हैं कोई बताएगा , लोग हुए फैन1
- चरथावल में कथित फर्जी डॉक्टर का क्लीनिक सील, आरोपी फरार सोशल मीडिया पर ‘एमडी’ बताकर प्रचार करने का आरोप, मेडिकल केयर सेंटर भी सील मुजफ्फरनगर जनपद के कस्बा चरथावल में बिना वैध चिकित्सकीय डिग्री के चिकित्सा कार्य करने और सोशल मीडिया पर प्रचार करने के आरोप में स्वास्थ्य विभाग ने कार्रवाई की है। एसीएमओ महक सिंह और एसीएमओ डॉ. अजय सिंह की संयुक्त टीम ने दोबारा चरथावल पहुंचकर कथित डॉक्टर ताहिर के क्लीनिक पर छापेमारी की और उसे सील कर दिया। कार्रवाई के दौरान ताहिर मौके से फरार बताया गया। बताया गया कि ताहिर इंस्टाग्राम पर खुद को ‘एमडी’ बताते हुए चिकित्सकीय सेवाओं का प्रचार कर मरीजों को आकर्षित कर रहा था। शिकायत के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम पहले भी मौके पर पहुंची थी, लेकिन संबंधित व्यक्ति वहां नहीं मिला था। इसके बाद विभाग ने दोबारा कार्रवाई करते हुए क्लीनिक सील कर दिया। इसी दौरान मेडिकल केयर सेंटर, चरथावल को भी सील किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा संबंधित दस्तावेजों और चिकित्सा सेवाओं के संचालन की जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार चिकित्सकीय योग्यता, पंजीकरण और ‘एमडी’ के दावे की वास्तविकता दस्तावेजों की जांच के बाद स्पष्ट होगी। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में बिना पंजीकरण अथवा निर्धारित मानकों के संचालित बताए जा रहे चिकित्सा प्रतिष्ठानों के संचालकों में हड़कंप मचा है। विभाग द्वारा मामले में आगे की आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।1
- 👉मुजफ्फरनगर में सपा नेता की 5 दिन से नजरबंदी पर बवाल, जिया चौधरी पहुंचीं घर; कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ लगाए नारे मुजफ्फरनगर में सपा नेता की 5 दिन से नजरबंदी पर बवाल! जिया चौधरी पहुंचे घर, कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ लगाए नारे मुजफ्फरनगर। समाजवादी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष (शिक्षक सभा) डॉ. सत्येंद्र पाल को पुलिस द्वारा पिछले पांच दिनों से नजरबंद किए जाने का मामला अब राजनीतिक तूल पकड़ता जा रहा है। डॉ. सत्येंद्र पाल की नजरबंदी की जानकारी मिलने के बाद समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं में नाराजगी बढ़ गई है। पार्टी नेताओं ने पुलिस की इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक अधिकारों पर अंकुश बताते हुए प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलने के संकेत दिए हैं। डॉ. सत्येंद्र पाल के शाहपुर स्थित आवास पर समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष जिया चौधरी समेत पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता पहुंचे। नेताओं ने उनसे मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी ली और पुलिस कार्रवाई पर विरोध जताया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। धम्म यात्रा की तैयारियों को लेकर गरमाया मामला डॉ. सत्येंद्र पाल ने अपनी नजरबंदी को बुढ़ाना में प्रस्तावित दलित बोधिसत्व धम्म यात्रा की तैयारियों से जोड़ते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि यात्रा की तैयारियों को लेकर सरकार घबराई हुई है और इसी वजह से उन्हें गैर लोकतांत्रिक तरीके से नजरबंद किया गया है।उन्होंने कहा कि किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता की आवाज को दबाने के लिए इस तरह की कार्रवाई उचित नहीं है। उन्होंने दावा किया कि सामाजिक न्याय और समानता की आवाज उठाने वाले कार्यकर्ताओं को दबाव में लाने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन इससे आंदोलन और मजबूत होगा। ‘जितना जुल्म कर लो, समाज की आवाज नहीं रुकेगी’ नजरबंद डॉ. सत्येंद्र पाल ने कहा कि कार्यकर्ताओं और लोकतांत्रिक आवाज को दबाने के लिए चाहे जितना जुल्म किया जाए, समाज की आवाज को रोका नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय, समानता और सम्मान के लिए संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाते रहने का आह्वान किया और कहा कि किसी भी दबाव के आगे समाज के अधिकारों की लड़ाई को झुकाया नहीं जा सकता। आवास पर पहुंचे जिया चौधरी, कार्यकर्ताओं ने जताया विरोध डॉ. सत्येंद्र पाल की नजरबंदी की सूचना मिलने के बाद सपा जिलाध्यक्ष जिया चौधरी पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ उनके आवास पर पहुंचे। जिया चौधरी ने डॉ. सत्येंद्र पाल से मुलाकात कर उनकी स्थिति की जानकारी ली। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने पुलिस कार्रवाई को लेकर नाराजगी जताई। सपा नेताओं का कहना था कि राजनीतिक और सामाजिक गतिविधियों से जुड़े लोगों को इस प्रकार नजरबंद करना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है। कार्यकर्ताओं ने सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर अपना विरोध दर्ज कराया। जिया चौधरी बोलीं—सरकार तानाशाही पर उतारू सपा जिलाध्यक्ष जिया चौधरी ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सरकार कार्यकर्ताओं और लोकतांत्रिक आवाज को दबाने के लिए तानाशाही पर उतारू है। उन्होंने कहा कि समाज की आवाज को किसी भी दबाव से नहीं रोका जा सकता। जिया चौधरी ने कहा कि सामाजिक न्याय, समानता और सम्मान की लड़ाई समाजवादी पार्टी मजबूती के साथ जारी रखेगी। उन्होंने डॉ. सत्येंद्र पाल की नजरबंदी पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को विपक्षी नेताओं और कार्यकर्ताओं की आवाज सुननी चाहिए, न कि उन्हें रोकने के लिए पुलिस कार्रवाई का सहारा लेना चाहिए। जिले में राजनीतिक हलचल तेज डॉ. सत्येंद्र पाल की लगातार पांच दिन से नजरबंदी के मामले ने जिले के राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज कर दी है। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं में इस कार्रवाई को लेकर आक्रोश दिखाई दे रहा है। पार्टी नेताओं का कहना है कि आने वाले दिनों में इस मुद्दे को लेकर उच्च अधिकारियों के समक्ष आवाज उठाई जाएगी। बुढ़ाना में प्रस्तावित धम्म यात्रा को लेकर पहले से ही राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। ऐसे में सपा के प्रदेश उपाध्यक्ष की नजरबंदी ने मामले को और राजनीतिक रंग दे दिया है। सपा नेताओं का कहना है कि लोकतांत्रिक और सामाजिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर पार्टी पीछे नहीं हटेगी। नजरबंदी को लेकर उठ रहे सवाल सपा नेताओं ने डॉ. सत्येंद्र पाल को पांच दिनों से नजरबंद रखे जाने की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि प्रशासन को किसी कार्यक्रम या गतिविधि को लेकर आशंका थी तो संबंधित लोगों से बातचीत कर स्थिति स्पष्ट की जा सकती थी। नेताओं का आरोप है कि पुलिस कार्रवाई के माध्यम से विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।वहीं, डॉ. सत्येंद्र पाल और सपा नेताओं ने स्पष्ट किया है कि सामाजिक न्याय, समानता और सम्मान के मुद्दों को लेकर उनकी आवाज आगे भी उठती रहेगी। इस पूरे घटनाक्रम के बाद शाहपुर और बुढ़ाना क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां बढ़ने लगी हैं और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सपा के रुख पर सभी की नजरें टिकी हैं।4
- अंतिम संस्कार के लिए ले जा रहे बुजुर्ग की खुलीं आंखें, परिजनों ने हॉस्पिटल में कराया भर्ती अंतिम संस्कार के लिए ले जा रहे बुजुर्ग की खुलीं आंखें, परिजनों ने हॉस्पिटल में कराया भर्ती1
- हनुमान अंश मूवी का एक छोटा सा क्लिप जिसे देख कर आपके रोम रोम में एक अनूठी हलचल महसूस होगी हनुमान अंश मूवी का एक छोटा सा क्लिप जिसे देख कर आपके रोम रोम में एक अनूठी हलचल महसूस होगी1
- सतपाल बने बारबर एसोसिएशन इन्द्री के नए प्रधान , सभी दुकानदारों को करना होगा नियमों का पालन इन्द्री इन्द्री हर्बल पार्क में बारबर एसोसिएशन की एक मींटिग हुई जिसमें ब्लाक समिति सदस्य सतपाल को सर्वसम्मति से नया प्रधान चुन लिया गया। उपप्रधान के लिए शौकत अली व सचिव के लिए विनोद कुमार के नाम पर सहमति की गई। इस मौके पर काफी संख्या में हेयर सैलून मालिक मौजूद रहे। नवनियुक्त प्रधान सतपाल ने अपनी नियुक्ति पर आभार जताते हुए कहा कि वो एसोसिएशन के हक में काम करेगें ओर सभी को साथ लेकर चलेगें।1
- शिव सेना (भवानी सेना) महिला मोर्चा की जिला कमेटी का गठन, सदस्यता अभियान पर जोर मुजफ्फरनगर। शिव सेना (भवानी सेना) महिला मोर्चा की महत्वपूर्ण बैठक 10 सितंबर को आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष पूनम चौधरी ने की, जबकि संचालन सविता गौतम ने किया। बैठक में महिला मोर्चा की जिला कमेटी के गठन को लेकर चर्चा हुई। सर्वसम्मति से निशा वर्मा को जिला कोषाध्यक्ष, पूनम चाहल को जिला उपाध्यक्ष और राखी प्रजापति को जिला महामंत्री नियुक्त किया गया। जिलाध्यक्ष पूनम चौधरी ने बताया कि शेष जिला कमेटी का गठन भी आगामी तीन से चार दिनों में पूरा कर सूची कार्यालय में सौंप दी जाएगी। बैठक में संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने और अधिक से अधिक महिलाओं को संगठन से जोड़ने पर जोर दिया गया। पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से सदस्यता अभियान को तेजी से चलाने का आह्वान किया गया। बैठक में सविता गौतम, पूनम गर्ग, सविता कश्यप, सुमन प्रजापति, अनीता प्रजापति, आरती पाल, कमलेश, अनीता ठाकुर सहित अन्य महिला पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहीं।4