सिसई : वूशु के दांव - पेंच में बेटियों ने दिखाया दम, 250 खिलाड़ियों ने भरी जीत की हुंकार बीएन जालान महाविद्यालय में " खेलो अस्मिता इंडिया का आयोजन, अतिथियों ने कहा -- वूशु जैसे खेल से बेटियों में बढ़ता है आत्मरक्षा का हुनर सिसई (गुमला)। बैजनाथ जालान महाविद्यालय, सिसई परिसर रविवार को बेटियों की खेल प्रतिभा और आत्मविश्वास का गवाह बना। यहां महिला अस्मिता वुशु लीग के तहत ‘खेलो अस्मिता इंडिया’ का आयोजन किया गया। गुमला जिला वुशु संघ के तत्वावधान में आयोजित सिसई सिटी लेवल प्रतियोगिता में 250 बालिका खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता का उद्घाटन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अमिताभ भारती, जिला परिषद सदस्य विजय लक्ष्मी कुमारी, डॉ. निसार अहमद, डॉ. श्रवण कुमार तिवारी, पंचायत समिति सदस्य जाकिर अंसारी, विकास कुमार महली सहित अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित एवं फीता काटकर किया। ‘मन लगाकर करेंगे मेहनत तो सफलता जरूर मिलेगी’ खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रो. अमिताभ भारती ने कहा कि किसी भी कार्य को यदि पूरी लगन और मेहनत से किया जाए तो सफलता की राह आसान हो जाती है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में अभी अस्मिता वुशु के बारे में लोगों को कम जानकारी है, लेकिन यह खेल बेटियों को सशक्त बनाने के साथ आत्मरक्षा और आत्मविश्वास बढ़ाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने खिलाड़ियों से खेल को खेल भावना के साथ पूरे तन-मन से खेलने की अपील करते हुए कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शरीर और मन को स्वस्थ रखने के साथ जीवन में आगे बढ़ने का अवसर भी देता है। ‘पढ़ें भी, खेलें भी और आगे बढ़ें भी’ जिला परिषद सदस्य विजय लक्ष्मी कुमारी ने कहा कि आज बेटियां हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही हैं। फुटबॉल, हॉकी, क्रिकेट सहित विभिन्न खेलों में बेटियां लगातार मुकाम हासिल कर रही हैं। उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि वे वुशु के माध्यम से आगे बढ़ें। “पढ़ें भी, खेलें भी और आगे बढ़ें भी”— यही सफलता का रास्ता है। विजेता खिलाड़ियों को ट्रॉफी, मोमेंटो और प्रमाण-पत्र अस्मिता वुशु लीग के समापन पर विजेता खिलाड़ियों को महाविद्यालय के प्रधान सहायक सुरेश साहू, समाजसेवी मुनेश्वर साहू, प्रधानाध्यापक अनिसुल रहमान, डॉ. सलीम एवं वुशु संघ के जिला सचिव शशि कुमार ने सर्टिफिकेट, ट्रॉफी एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया। आयोजन को सफल बनाने में जिला सचिव शशि कुमार, गौरव कुमार, ब्लैक टाइगर स्पोर्ट्स एकेडमी के निदेशक कुदरत अंसारी सहित सीनियर खिलाड़ी सुमंति तिर्की, संगीता उरांव, धीरज उरांव, आस्था कुमारी, सीमा कुमारी, छाया रानी एवं रिया यादव ने अहम भूमिका निभाई। 250 बेटियों की भागीदारी ने साफ कर दिया कि सिसई में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है—जरूरत है तो उन्हें बेहतर मंच और अवसर देने की।
सिसई : वूशु के दांव - पेंच में बेटियों ने दिखाया दम, 250 खिलाड़ियों ने भरी जीत की हुंकार बीएन जालान महाविद्यालय में " खेलो अस्मिता इंडिया का आयोजन, अतिथियों ने कहा -- वूशु जैसे खेल से बेटियों में बढ़ता है आत्मरक्षा का हुनर सिसई (गुमला)। बैजनाथ जालान महाविद्यालय, सिसई परिसर रविवार को बेटियों की खेल प्रतिभा और आत्मविश्वास का गवाह बना। यहां महिला अस्मिता वुशु लीग के तहत ‘खेलो अस्मिता इंडिया’ का आयोजन किया गया। गुमला जिला वुशु संघ के तत्वावधान में आयोजित सिसई सिटी लेवल प्रतियोगिता में 250 बालिका खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता का उद्घाटन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अमिताभ भारती, जिला परिषद सदस्य विजय लक्ष्मी कुमारी, डॉ. निसार अहमद, डॉ. श्रवण कुमार तिवारी, पंचायत समिति सदस्य जाकिर अंसारी, विकास कुमार महली सहित अन्य अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित एवं फीता काटकर किया। ‘मन लगाकर करेंगे मेहनत तो सफलता जरूर मिलेगी’ खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रो. अमिताभ भारती ने कहा कि किसी भी कार्य को यदि पूरी लगन और मेहनत से किया जाए तो सफलता की राह आसान हो जाती है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में अभी अस्मिता वुशु के बारे में लोगों को कम जानकारी है, लेकिन यह खेल बेटियों को सशक्त बनाने के साथ आत्मरक्षा और आत्मविश्वास बढ़ाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने खिलाड़ियों से खेल को खेल भावना के साथ पूरे तन-मन से खेलने की अपील करते हुए कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शरीर और मन को स्वस्थ रखने के साथ जीवन में आगे बढ़ने का अवसर भी देता है। ‘पढ़ें भी, खेलें भी और आगे बढ़ें भी’ जिला परिषद सदस्य विजय लक्ष्मी कुमारी ने कहा कि आज बेटियां हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही हैं। फुटबॉल, हॉकी, क्रिकेट सहित विभिन्न खेलों में बेटियां लगातार मुकाम हासिल कर रही हैं। उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि वे वुशु के माध्यम से आगे बढ़ें। “पढ़ें भी, खेलें भी और आगे बढ़ें भी”— यही सफलता का रास्ता है। विजेता खिलाड़ियों को ट्रॉफी, मोमेंटो और प्रमाण-पत्र अस्मिता वुशु लीग के समापन पर विजेता खिलाड़ियों को महाविद्यालय के प्रधान सहायक सुरेश साहू, समाजसेवी मुनेश्वर साहू, प्रधानाध्यापक अनिसुल रहमान, डॉ. सलीम एवं वुशु संघ के जिला सचिव शशि कुमार ने सर्टिफिकेट, ट्रॉफी एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया। आयोजन को सफल बनाने में जिला सचिव शशि कुमार, गौरव कुमार, ब्लैक टाइगर स्पोर्ट्स एकेडमी के निदेशक कुदरत अंसारी सहित सीनियर खिलाड़ी सुमंति तिर्की, संगीता उरांव, धीरज उरांव, आस्था कुमारी, सीमा कुमारी, छाया रानी एवं रिया यादव ने अहम भूमिका निभाई। 250 बेटियों की भागीदारी ने साफ कर दिया कि सिसई में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है—जरूरत है तो उन्हें बेहतर मंच और अवसर देने की।
- चार महीने से खराब ट्रांसफार्मर, ढिबरी युग में जीने को मजबूर ग्रामीण चार महीने से खराब ट्रांसफार्मर, ढिबरी युग में जीने को मजबूर ग्रामीण रिपोर्ट:- अमित राज /गुमला 14 सितंबर 2026 गुमला जिले के सिसई प्रखंड क्षेत्र स्थित ओलमुंडा पंचायत अंतर्गत अमकुली करम टंगरा गांव के ग्रामीण पिछले करीब चार महीने से बिजली की समस्या से जूझ रहे हैं। गांव में लगा बिजली ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित है। लंबे समय से बिजली नहीं रहने के कारण ग्रामीणों को मजबूरन ढिबरी से काम चलाना पड़ रहा है। बच्चों की पढ़ाई हो अथवा अन्य दैनिक कार्य हो,सभी के लिए ढिबरी पर निर्भर रहना पड़ रहा है। हालांकि इसमें भी समस्या है की मिट्टी का तेल ₹160 तेल रुपए लीटर में भी बहुत ही मुश्किल से मिल पा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि ट्रांसफार्मर खराब होने के बाद संबंधित विभाग को इसकी जानकारी दी गई, लेकिन अब तक ट्रांसफार्मर की मरम्मत या नया ट्रांसफार्मर लगाने की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई है। बिजली नहीं रहने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। वहीं मोबाइल चार्ज करने से लेकर घरेलू कामकाज तक लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि बरसात और रात के समय बिजली की समस्या और भी गंभीर हो जाती है। कई बार घरों में जहरीले सांप भी घुस जा रहे हैं और अंधेरे में उन्हें देखने में परेशानी भी होती है। यही नहीं महिलाओं को घरेलू कार्य करने में ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।ग्रामीणों ने बिजली विभाग के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से जल्द से जल्द खराब ट्रांसफार्मर को बदलकर गांव में बिजली आपूर्ति बहाल कराने की मांग की है।लोगों का कहना है कि आधुनिक दौर में भी चार महीने से बिजली के बिना रहना उनके लिए बड़ी परेशानी का कारण बना हुआ है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि लगातार वज्रपात के कारण ट्रांसफार्मर खराब हो जाता है इसलिए ट्रांसफार्मर का अगर जगह बदल दिया जाए तो वज्रपात से खराब होने की समस्या नहीं रह जाएगी। ऐसे में सवाल पैदा होता है कि जब सरकार 200 यूनिट मुफ्त बिजली देने की बात करती है और किसी आदिवासी ग्रामीण क्षेत्र में 4 महीने से ज्यादा बिजली ना हो तो ग्रामीण इस योजना का लाभ कैसे ले पाएंगे। यहां पर गुमला का बिजली विभाग पर भी सवाल उठता है कि आखिर ग्रामीण क्षेत्रों में अभी भी स्थिति क्यों है किसी गांव में चार-चार महीने तक ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण बिजली नहीं है जबकि 24 घंटे के अंदर बिजली बहाल करने की बात कही जाती है। और जब इस क्षेत्र के लोगों को बिजली जैसी बुनियादी सुविधा ही नहीं है तो फिर इस क्षेत्र के लोग दूसरे प्रदेशों में पलायन करने के अलावा दूसरा उनके पास विकल्प क्या है?1
- विश्व का सबसे खतरनाक घाटी क्षेत्र वाला रोड लातेहार जिला चंदवा प्रखंड विश्व का सबसे खतरनाक घाटी क्षेत्र वाला रोड लातेहार जिला चंदवा प्रखंड1
- जेएलकेएम युवा संगठन का विस्तार, अर्पित संगा बना अध्यक्ष। शुरू ऐप्प न्यूज़ संवाददाता। खूंटी। झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेएलकेएम) के बैनर तले खूंटी प्रखंड के हुटार चौक के पास सदस्यता अभियान के दौरान युवा संगठन विस्तार कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला अध्यक्ष कुमार ब्रजकिशोर की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में अर्पित संगा को युवा मोर्चा का अध्यक्ष और सोनू महतो को उपाध्यक्ष मनोनीत किया गया। सदस्यता अभियान के दौरान दक्षिण छोटानागपुर प्रमंडल एवं जिला पदाधिकारियों की मौजूदगी में कई युवाओं ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। जिला अध्यक्ष कुमार ब्रजकिशोर ने कहा कि झारखंड में जनहित और अधिकारों के लिए शासन में बदलाव की आवश्यकता है। जनता अब जाग चुकी है और पार्टी जनता के अधिकारों के लिए हमेशा संघर्ष करती रहेगी। कार्यक्रम में पार्टी पदाधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष एवं युवा मौजूद रहे।1
- दिन हो या रात फाटक पर ताला ही ताला जनता परेशान.? #shorts #shortvideo #short #viralvideo #aamjanata1
- गांव में शुद्ध पानी पीने तक की व्यवस्था नहीं है, खंबन रनगड़ा की जमीन हकीकत आजादी के इतने दिन बीत जाने के बाद भी इस गांव में आज तक बिजली नहीं पहुंचा है1
- Aasman mein ek sath Chand tarne nikale Aaj 14 September hai Ganesh chaturthi aur Aasman mein ek sath Chand aur Tare nikale Aaj 14 September hai aur aaj Sham mein Aasman mein ek sath Chand aur Tare nikale kisne kisne dekha comment aur share Karen1
- सोनाहातु के बारेंदा टोला देवानसारणा में रविवार सुबह करीब 8:30 बजे एक तेज रफ्तार हाइवा ने बाइक को पीछे से टक्कर मार दी, जिससे 42 वर्षीय सिंधु वाला देवी की मौके पर ही मौत हो गई और उनके पति रमेश महतो गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों एक कार्यक्रम से लौटकर अपने गांव जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। घटना के बाद चालक हाइवा लेकर भागने लगा, लेकिन ग्रामीणों ने पीछा कर उसे झाबरी पेट्रोल पंप के पास पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। सूचना देने के बाद भी 108 एंबुलेंस के समय पर नहीं पहुंचने से नाराज ग्रामीणों ने एंबुलेंस सेवा की लापरवाही के विरोध में सिल्ली-रांगामाटी मुख्य मार्ग जाम कर दिया और कार्रवाई की मांग की। सोनाहातु के और उनके पति रमेश महतो गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों एक कार्यक्रम से लौटकर अपने गांव जा रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। घटना के बाद चालक हाइवा लेकर भागने लगा, लेकिन ग्रामीणों ने पीछा कर उसे झाबरी पेट्रोल पंप के पास पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। सूचना देने के बाद भी 108 एंबुलेंस के समय पर नहीं पहुंचने से नाराज ग्रामीणों ने एंबुलेंस सेवा की लापरवाही के विरोध में सिल्ली-रांगामाटी मुख्य मार्ग जाम कर दिया और कार्रवाई की मांग की।1
- पब्लिक का टेक्स का पैसा को मुखिया द्वारा विकास के नाम पर कैसे लूटा जा रहा है देखिए1
- ट्रक ओनर एसोसिएशन ने उठाए सवाल क्या अब गाड़ियों में हेलीकॉप्टर वाला पंखा लगवाना होगा.? #gadi #road1