निघासन-सिंगाही में ‘पटाखा माफिया’ का काला खेल! बिना लाइसेंस धड़ल्ले से बिक्री, जनता से खुली लूट – प्रशासन पर बड़े सवाल जिला ब्यूरो चीफ: शाहिद मंसूरी | लखीमपुर खीरी निघासन-सिंगाही में ‘पटाखा माफिया’ का काला खेल! बिना लाइसेंस धड़ल्ले से बिक्री, जनता से खुली लूट – प्रशासन पर बड़े सवाल जिला ब्यूरो चीफ: शाहिद मंसूरी | लखीमपुर खीरी निघासन/सिंगाही: थाना सिंगाही क्षेत्र के मार्केट गली से एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है, जहां अवैध पटाखों—खासकर तथाकथित “अंग्रेजी पटाखों”—का काला कारोबार खुलेआम चल रहा है। हैरानी की बात ये है कि ये पूरा खेल जिम्मेदारों की नाक के नीचे बेखौफ जारी है। ओवररेटिंग से जनता पर डाका स्थानीय लोगों के मुताबिक: 12 स्टार पटाखा ₹700 में 60 स्टार ₹1800 तक न कोई बिल, न MRP—सीधे मनमानी वसूली गरीब और आम जनता को खुलकर लूटा जा रहा है कानून ताक पर, खतरे में जान भारत के Explosives Act 1884 के तहत: बिना लाइसेंस बिक्री अपराध रजिस्ट्रेशन और सुरक्षा मानक जरूरी GST बिल और रेट लिस्ट अनिवार्य लेकिन सिंगाही में इन नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ रही हैं। आबादी के बीच ज्वलनशील सामग्री बेचना किसी बड़े हादसे को खुला न्योता है। सच दिखाने पर पत्रकारों को धमकी सूत्रों के अनुसार, इस काले कारोबार की खबर दिखाने वाले पत्रकारों पर दबाव बनाया जा रहा है। खबर रोकने की कोशिश अप्रत्यक्ष धमकियां यह सीधे तौर पर प्रेस की आजादी पर हमला है। जनता में भारी आक्रोश ग्रामीणों का कहना है: “शिकायतें की गईं, लेकिन कार्रवाई नहीं” “बस्ती के बीच पटाखों का जखीरा खतरा बन चुका है” प्रशासन से बड़ी मांग जनता की मांग: तत्काल छापेमारी दोषियों पर गैंगस्टर एक्ट लाइसेंस रद्द + सख्त कार्रवाई सबसे बड़ा सवाल क्या पुलिस-प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा है ये काला खेल? क्या जिला प्रशासन बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है? या फिर अब चलेगा कानून का डंडा? हक की आवाज सवाल पूछता है: “न लाइसेंस, न नियम… फिर किसके दम पर चल रहा ये ‘पटाखा माफिया’?”
निघासन-सिंगाही में ‘पटाखा माफिया’ का काला खेल! बिना लाइसेंस धड़ल्ले से बिक्री, जनता से खुली लूट – प्रशासन पर बड़े सवाल जिला ब्यूरो चीफ: शाहिद मंसूरी | लखीमपुर खीरी निघासन-सिंगाही में ‘पटाखा माफिया’ का काला खेल! बिना लाइसेंस धड़ल्ले से बिक्री, जनता से खुली लूट – प्रशासन पर बड़े सवाल जिला ब्यूरो चीफ: शाहिद मंसूरी | लखीमपुर खीरी निघासन/सिंगाही: थाना सिंगाही क्षेत्र के मार्केट गली से एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है, जहां अवैध पटाखों—खासकर तथाकथित “अंग्रेजी पटाखों”—का काला कारोबार खुलेआम चल रहा है। हैरानी की बात ये है कि ये पूरा खेल जिम्मेदारों की नाक के नीचे बेखौफ जारी है। ओवररेटिंग से जनता पर डाका स्थानीय लोगों के मुताबिक: 12 स्टार पटाखा ₹700 में 60 स्टार ₹1800 तक न कोई बिल, न MRP—सीधे मनमानी वसूली गरीब और आम जनता को खुलकर लूटा जा रहा है कानून ताक पर, खतरे में जान भारत के Explosives Act 1884 के तहत: बिना लाइसेंस बिक्री अपराध रजिस्ट्रेशन और सुरक्षा मानक जरूरी GST बिल और रेट लिस्ट अनिवार्य लेकिन सिंगाही में इन नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ रही हैं। आबादी के बीच ज्वलनशील सामग्री बेचना किसी बड़े हादसे को खुला न्योता है। सच दिखाने पर पत्रकारों को धमकी सूत्रों के अनुसार, इस काले कारोबार की खबर दिखाने वाले पत्रकारों पर दबाव बनाया जा रहा है। खबर रोकने की कोशिश अप्रत्यक्ष धमकियां यह सीधे तौर पर प्रेस की आजादी पर हमला है। जनता में भारी आक्रोश ग्रामीणों का कहना है: “शिकायतें की गईं, लेकिन कार्रवाई नहीं” “बस्ती के बीच पटाखों का जखीरा खतरा बन चुका है” प्रशासन से बड़ी मांग जनता की मांग: तत्काल छापेमारी दोषियों पर गैंगस्टर एक्ट लाइसेंस रद्द + सख्त कार्रवाई सबसे बड़ा सवाल क्या पुलिस-प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा है ये काला खेल? क्या जिला प्रशासन बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है? या फिर अब चलेगा कानून का डंडा? हक की आवाज सवाल पूछता है: “न लाइसेंस, न नियम… फिर किसके दम पर चल रहा ये ‘पटाखा माफिया’?”
- लखीमपुर खीरी में 4 चार के बच्चे को1
- ASTv24 digital शाहिद लखाही बहराइच। जनपद बहराइच के भरथापुर गांव में प्रशासनिक लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां ग्राम प्रधान, लेखपाल और कानूनगो की उदासीनता के चलते 41 जरूरतमंद परिवार सरकार की महत्वपूर्ण योजना से वंचित रह गए। इन परिवारों को प्रदेश के मुखिया Yogi Adityanath द्वारा दी जा रही सहायता के तहत 15 लाख रुपये, आवासीय पट्टा और जमीन का लाभ मिलना था, लेकिन कागजी कार्रवाई में लापरवाही के कारण इन्हें यह सुविधा नहीं मिल सकी। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचना देने और गुहार लगाने के बावजूद उनकी समस्याओं को नजरअंदाज किया गया। पात्र होने के बावजूद सूची में नाम शामिल न किए जाने से गरीब परिवारों में आक्रोश है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सही तरीके से सर्वे और सत्यापन किया जाता, तो कोई भी पात्र परिवार योजना से वंचित नहीं रहता। इस मामले में ग्राम प्रधान, लेखपाल और कानूनगो की भूमिका पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पीड़ित परिवारों ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और सभी पात्र परिवारों को जल्द से जल्द योजना का लाभ दिलाया जाए।1
- लखीमपुर- डॉन बॉस्को नहरिया के पास गाय के बछड़े का अर्द्ध खाया हुआ शव मिलने से इलाके में सनसनी, सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू मौके पर रोडवेज चौकी इंचार्ज तेज सिंह और कोतवाली प्रभारी राजेश कुमार सिंह पहुंचे, राष्ट्रीय बजरंग दल के उपाध्यक्ष देव जुनेजा ने हत्या का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज करने की मांग की कोतवाल ने कहा पोस्टमार्टम के बाद ही स्पष्ट होगा कि मामला हत्या का है या नहीं, जांच के बाद आगे कार्रवाई की जाएगी1
- खीरी टाउन-खीरी-नगर पंचायत खीरी की वर्तमान चेयरपर्सन उज़्मा बी व उनके प्रतिनिधि फ़हीम अहमद की जानिब से आयोजित जश्ने ए मौला अली को लेकर कस्बा खीरी स्थित सिटी मैरिज लान में तैयारी मुकम्मल हो चुकि है आज 19 अप्रैल बाद नमाज़ ए ईशा होगी शुरुवात।1
- *एक बार फिर दिखी आपसी भाई चारे की मिसाल* मोहम्मदी लखीमपुर खीरी उत्तर प्रदेश ****** *मोहमदी मे आज परशुराम जयंती की शोभायात्रा निकाली गयी,जिसमे हर वर्ष की भातिं इस वर्ष भी आपसी भाई चारे की मिसाल देखने को मिली,जिसमे वरिष्ठ पत्रकार अब्बास नकवी के निवास पर शोभायात्रा मे शामिल भक्तों के लिऐ ठन्डे पानी और फलो की व्यवस्था छोटे भाई वरिष्ठ अधिवक्ता मोहम्मद हसन नकवी के माध्यम से की गई, जिसमें हसन नकवी, मोहम्मद असलम रिजवी, कुमैल अली नकवी, वकार हैदर जैदी,सूरज अग्निहोत्री ने शोभा यात्रा में शामिल सभी भक्तजनों को फल और पानी की बोतल वितरित की जिससे मोहम्मदी में गंगा जमुनी तहजीब और आपसी भाईचारा एक बार फिर देखने को मिला*1
- रेहान खान ने आग से प्रभावित लोगों के बीच राहत सामग्री वितरित की।उन्होंने करीब 700 राशन किट बांटीं, जिनमें दाल, चावल, आटा, नमक, तेल और चीनी शामिल थे। इतना ही नहीं, जरूरतमंद महिलाओं के लिए 700 साड़ियां और 700 सलवार सूट भी वितरित किए गए। राहत कार्य को और मजबूत करते हुए, पीड़ित परिवारों को 200 तिरपाल और 200 गद्दे भी दिए गए, ताकि वे अस्थायी रूप से रहने और सोने की व्यवस्था कर सकें। इस दौरान रेहान खान ने कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा जरूरतमंदों के साथ खड़ी रहती है।उन्होंने कहा कि संकट की घड़ी में लोगों की मदद करना उनकी पहली प्राथमिकता है।स्थानीय लोगों ने इस मदद के लिए आभार जताया और राहत कार्य की सराहना की।फिलहाल प्रशासन और समाजसेवी मिलकर प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता पहुंचाने में जुटे हैं।1
- 📰 यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल 📍 तहसील रिपोर्टर यज्ञराज मौर्य की खास रिपोर्ट 🍵 फतेहपुर: आर्यन की चाय दुकान से फूड विभाग ने लिए सैंपल, मामला गरमाया फतेहपुर (उत्तर प्रदेश)। जिले में उस समय हलचल मच गई जब स्थानीय आर्यन चाय की दुकान पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम पहुंची और चाय के सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिए। यह वही दुकान है जहां हाल ही में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav ने चाय पी थी। 🧾 क्या है पूरा मामला? कुछ दिन पहले Akhilesh Yadav फतेहपुर दौरे पर पहुंचे थे, जहां उन्होंने आर्यन चाय विक्रेता की दुकान पर चाय पी। इसके बाद यह दुकान सोशल मीडिया पर चर्चा में आ गई। इसी बीच खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने अचानक दुकान पर पहुंचकर चाय के सैंपल एकत्र किए और जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए। 🧪 फूड विभाग की कार्रवाई खाद्य सुरक्षा विभाग के अनुसार, यह कार्रवाई जिले में चल रहे नियमित निरीक्षण अभियान का हिस्सा है। विभाग का कहना है कि सभी दुकानों की गुणवत्ता जांच समय-समय पर की जाती है, और इसी क्रम में यह सैंपलिंग भी की गई। 🗣️ दुकानदार का बयान दुकानदार आर्यन ने इस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी दुकान पर अचानक सैंपल लेना समझ से परे है। उन्होंने इसे घटना विशेष से जोड़कर देखा जा रहा बताया और कहा कि आम दिनों में ऐसी कोई कार्रवाई नहीं होती। ⚖️ प्रशासन का पक्ष प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि किसी भी दुकान पर जांच राजनीतिक या व्यक्तिगत आधार पर नहीं होती, बल्कि खाद्य सुरक्षा मानकों के तहत होती है। 📌 रिपोर्ट का निष्कर्ष यह मामला अब जिले में चर्चा का विषय बन गया है। एक तरफ इसे सामान्य जांच प्रक्रिया बताया जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ लोग इसे राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़कर देख रहे हैं। इस खबर को हम प्रमाणित नहीं करते 🎤 रिपोर्ट: यज्ञराज मौर्य तहसील रिपोर्टर यूपी ग्राम क्रांति न्यूज़ चैनल1
- लखनऊ। विकास नगर क्षेत्र में हुए भीषण अग्निकांड के बाद प्रभावित परिवारों की मदद के लिए समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव और लखीमपुर खीरी की पलिया 137 विधानसभा क्षेत्र के निवासी रेहान खान आगे आए। रेहान खान ने मौके पर पहुंचकर पीड़ितों के बीच राहत सामग्री का वितरण किया। उन्होंने करीब 700 राशन किट वितरित कीं, जिनमें दाल, चावल, आटा, नमक, तेल और चीनी जैसी जरूरी सामग्री शामिल थी। इसके साथ ही जरूरतमंद महिलाओं के लिए 700 साड़ी और 700 सलवार सूट भी वितरित किए गए, ताकि उन्हें तत्काल सहायता मिल सके। राहत कार्य को और प्रभावी बनाते हुए पीड़ित परिवारों को 200 तिरपाल और 200 गद्दे भी दिए गए, जिससे वे अस्थायी रूप से रहने और सोने की व्यवस्था कर सकें। इस दौरान रेहान खान ने कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा जरूरतमंदों के साथ खड़ी रहती है और संकट के समय हर संभव मदद करना उनकी प्राथमिकता है। स्थानीय लोगों ने इस सहायता के लिए आभार व्यक्त किया और राहत कार्य की सराहना की। फिलहाल प्रशासन और समाजसेवी मिलकर प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता पहुंचाने में जुटे हैं।1
- लखीमपुर खीरी। संसद के विशेष सत्र में प्रस्तुत नारी शक्ति वंदन अधिनियम के तहत महिला आरक्षण बिल दो-तिहाई बहुमत के अभाव में पास नहीं हो सका, जिसके बाद इस मुद्दे पर सियासत तेज हो गई है। पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने इस विफलता के लिए कांग्रेस समेत पूरे विपक्ष को जिम्मेदार ठहराया है। भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए अजय मिश्रा ने कहा कि एनडीए गठबंधन को 298 वोट मिले, जबकि विपक्ष को 230 मत प्राप्त हुए, लेकिन आवश्यक दो-तिहाई बहुमत न मिलने के कारण विधेयक पारित नहीं हो सका। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस, सपा, डीएमके और टीएमसी जैसे विपक्षी दलों की “महिला विरोधी नीति” के चलते यह महत्वपूर्ण बिल गिर गया। मिश्रा ने कहा कि कांग्रेस की नीति हमेशा से “लटकाने और भटकाने” की रही है और इस बार भी विपक्ष ने भ्रम फैलाकर बिल को पास नहीं होने दिया। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष नहीं चाहता कि महिलाएं लोकतंत्र में आगे बढ़कर अपनी भागीदारी निभाएं और देश का लोकतंत्र मजबूत हो। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को 33% आरक्षण देने की दिशा में प्रयास लगातार जारी हैं और इसी उद्देश्य से 16 अप्रैल से तीन दिन का विशेष संसद सत्र बुलाया गया था। हालांकि, संविधान संशोधन के लिए आवश्यक संख्या बल पूरा न होने के कारण बिल पारित नहीं हो सका। मिश्रा ने कहा कि मौजूदा प्रावधानों के अनुसार जनगणना और परिसीमन के बाद ही इस तरह का आरक्षण लागू हो सकता है, जिससे अब इसके 2034 से पहले लागू होने की संभावना कम हो गई है। पत्रकारों के सवालों के जवाब में उन्होंने पश्चिम बंगाल में भाजपा की सरकार बनने का भी दावा किया। वहीं, भाजपा जिलाध्यक्ष अरविंद गुप्ता ने बिल का पास न होना महिला सशक्तिकरण के लिए बड़ा झटका बताया और कहा कि विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ-हानि के कारण इस बिल का विरोध कर रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अब महिलाओं में इस मुद्दे को लेकर असंतोष बढ़ रहा है और वे उचित समय पर इसका जवाब देंगी। भाजपा ने साफ किया कि जब तक महिलाओं को उनका अधिकार नहीं मिल जाता, पार्टी इस मुद्दे पर संघर्ष जारी रखेगी।3