शाहजहांपुर के जलालाबाद तहसील में पत्रकारों ने शुक्रवार को उपजिलाधिकारी को सम्बोधित एक ज्ञापन नायब तहसीलदार रोहित कटियार को सौंपा। इसमें एसओजी (SOG) प्रभारी और उनकी टीम पर पत्रकारों के साथ अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया कि 23 जुलाई 2026 की शाम करीब 7 बजे पत्रकार प्रभाकर मिश्रा और विषेक मिश्रा अपने घर लौट रहे थे। आरोप है कि रास्ते में एसओजी प्रभारी अपनी टीम के साथ पहुंचे और बिना कोई कारण बताए दोनों पत्रकारों को गाड़ी में बैठा लिया। उनके मोबाइल फोन भी अपने कब्जे में ले लिए गए और उनके साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया गया। करीब तीन घंटे तक दोनों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी और बाद में पत्रकारों के दबाव के बाद उन्हें छोड़ा गया। पत्रकारों का कहना है कि पुलिस के पास उनके खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य नहीं था, इसके बावजूद उन्हें बेवजह रोककर मानसिक उत्पीड़न किया गया। पत्रकारों ने प्रशासन से मांग की है कि एसओजी प्रभारी एवं उनकी टीम को तत्काल निलंबित किया जाए, प्रभाकर मिश्रा और विशेक मिश्रा से पुलिस प्रशासन लिखित रूप से माफी मांगे तथा भविष्य में किसी पत्रकार के खिलाफ कार्रवाई से पहले मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति को सूचित कर पूछताछ की जाए। इसके अलावा पुलिस अधीक्षक द्वारा पत्रकार कमल सिंह के साथ कथित अभद्र व्यवहार पर भी माफी मांगने की मांग की गई है। पत्रकारों ने चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे के भीतर उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। साथ ही पुलिस प्रशासन से जुड़ी खबरों के बहिष्कार की भी चेतावनी दी गई है। इस दौरान पत्रकार गौरीशंकर त्रिवेदी, कमल पाण्डेय, आकाश मिश्रा, अंकित दीक्षित, प्रिंस गुप्ता, पंकज यादव, विनोद राजपूत, करन गुप्ता, हमीद और विकास राठौर सहित तमाम पत्रकार उपस्थित रहे।
शाहजहांपुर के जलालाबाद तहसील में पत्रकारों ने शुक्रवार को उपजिलाधिकारी को सम्बोधित एक ज्ञापन नायब तहसीलदार रोहित कटियार को सौंपा। इसमें एसओजी (SOG) प्रभारी और उनकी टीम पर पत्रकारों के साथ अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई है। ज्ञापन में बताया गया कि 23 जुलाई 2026 की शाम करीब 7 बजे पत्रकार प्रभाकर मिश्रा और विषेक मिश्रा अपने घर लौट रहे थे। आरोप है कि रास्ते में एसओजी प्रभारी अपनी टीम के साथ पहुंचे और बिना कोई कारण बताए दोनों पत्रकारों को गाड़ी में बैठा लिया। उनके मोबाइल फोन भी अपने कब्जे में ले लिए गए और उनके साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया गया। करीब तीन घंटे तक दोनों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी और बाद में पत्रकारों के दबाव के बाद उन्हें छोड़ा गया। पत्रकारों का कहना है कि पुलिस के पास उनके खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य नहीं था, इसके बावजूद उन्हें बेवजह रोककर मानसिक उत्पीड़न किया गया। पत्रकारों ने प्रशासन से मांग की है कि एसओजी प्रभारी एवं उनकी टीम को तत्काल निलंबित किया जाए, प्रभाकर मिश्रा और विशेक मिश्रा से पुलिस प्रशासन लिखित रूप से माफी मांगे तथा भविष्य में किसी पत्रकार के खिलाफ कार्रवाई से पहले मान्यता प्राप्त पत्रकार समिति को सूचित कर पूछताछ की जाए। इसके अलावा पुलिस अधीक्षक द्वारा पत्रकार कमल सिंह के साथ कथित अभद्र व्यवहार पर भी माफी मांगने की मांग की गई है। पत्रकारों ने चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे के भीतर उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। साथ ही पुलिस प्रशासन से जुड़ी खबरों के बहिष्कार की भी चेतावनी दी गई है। इस दौरान पत्रकार गौरीशंकर त्रिवेदी, कमल पाण्डेय, आकाश मिश्रा, अंकित दीक्षित, प्रिंस गुप्ता, पंकज यादव, विनोद राजपूत, करन गुप्ता, हमीद और विकास राठौर सहित तमाम पत्रकार उपस्थित रहे।
- स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित जनपद स्तरीय महिला कबड्डी चयन ट्रायल्स में सात खिलाड़ियों का चयन मंडलीय चयन ट्रायल्स के लिए हुआ है। चयनित खिलाड़ी 28 जुलाई को बरेली में आयोजित होने वाले ट्रायल्स में भाग लेंगी। वहीं, बरेली ट्रायल्स से चुनी जाने वाली टीम 6 से 8 अगस्त तक आगरा में आयोजित होने वाली प्रदेश स्तरीय महिला कबड्डी प्रतियोगिता में हिस्सा लेगी।1
- राज्य महिला आयोग की सदस्य सुजीता कुमारी ने शाहजहांपुर का दौरा कर महिला सुरक्षा और महिला कल्याण योजनाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने विकास भवन सभागार में आयोजित महिला जनसुनवाई में हिस्सा लिया, जहाँ महिलाओं ने अपनी समस्याओं से जुड़े कुल 14 प्रकरण प्रस्तुत किए। इनमें 6 मामले घरेलू हिंसा, 2 भूमि विवाद, 2 गिरफ्तारी, 1 बच्चों की सुपुर्दगी, 2 लड़ाई-झगड़े और 1 मामला आटा चक्की हटाए जाने से संबंधित था। सदस्य ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई करने के निर्देश दिए। जिला प्रोबेशन अधिकारी अश्वनी कुमार की अनुमति से शुरू हुए इस कार्यक्रम में डिप्टी सीएमओ डॉ. मोहम्मद आसिफ, महिला थाना प्रभारी रश्मि, एडीओ समाज कल्याण संजीव, जिला सूचना अधिकारी बाबूराम और डालसा के पीएलवी उपस्थित रहे। इसके बाद राज्य महिला आयोग की सदस्य ने ब्लॉक बंडा का दौरा किया, जहाँ उन्होंने विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण कर योजनाओं की प्रगति जानी। ब्लॉक सभागार में समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों, स्वयं सहायता समूहों और आशा कार्यकर्ताओं से चर्चा की और निर्देश दिया कि सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी लापरवाही के अंतिम पंक्ति की पात्र महिला तक पारदर्शी तरीके से पहुँचाया जाए।1
- सीएम योगी का अखिलेश यादव पर कसा गया तंज तेजी से वायरल हो रहा है। अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए सीएम योगी ने कहा कि "बबुआ 12 बजे उठते थे..."। सीएम योगी का यह बयान इंटरनेट पर खूब छाया हुआ है और इसे लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।1
- हरदोई के शाहाबाद नगर की नुमाइश में शनिवार शाम मामूली कहासुनी को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हो गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ जैसे हालात बन गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, किसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले तीखी नोकझोंक हुई, जिसके बाद मामला हाथापाई तक पहुंच गया। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट करने का आरोप लगाया। इस अचानक हुए विवाद के कारण नुमाइश में मौजूद परिवारों, महिलाओं और बच्चों के बीच कुछ देर के लिए दहशत का माहौल बन गया और मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराकर मामले की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। पुलिस की मौजूदगी के बाद नुमाइश परिसर में स्थिति सामान्य हो सकी। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और प्राप्त शिकायत के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।1
- हरदोई जनपद के पिहानी कोतवाली में आयोजित समाधान दिवस के दौरान न्याय मांगने पहुंचे फरियादी और जनता के प्रतिनिधि जिला पंचायत सदस्य अमर सिंह के साथ लेखपाल ने अभद्रता की। मामले के दौरान जब पीड़ित ने अदालत का आदेश दिखाया, तो लेखपाल ने बदसलूकी करते हुए कहा कि नजरिया नक्शा तेल लेने गया। पिहानी थाने पर नायब तहसीलदार संतोष कुमार कुशवाहा और कोतवाल लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। समाधान दिवस में मौजूद फरियादियों ने लेखपाल की इस भाषा का कड़ा विरोध जताया और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। माहौल बिगड़ता देख इंस्पेक्टर श्याम नारायण सिंह ने बीच-बचाव कर किसी तरह मामला शांत कराया।1
- उत्तर प्रदेश के हरदोई में पुलिस की संयुक्त टीम ने रेलवेगंज स्थित थोक व्यापारी के यहां हुई बड़ी चोरी का सफल खुलासा किया है। थाना कोतवाली शहर पुलिस, स्वाट, सर्विलांस और एसओजी की संयुक्त कार्रवाई में कुल ₹1,28,99,310 की नकदी बरामद की गई है। इस मामले में पुलिस ने 14 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि 2 बाल अपचारियों को पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है। यह वारदात 16/17 जुलाई की रात को हुई थी, जिसके संबंध में रेलवेगंज निवासी थोक व्यापारी पंकज अग्रवाल ने कोतवाली शहर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, उनकी दुकान पर काम करने वाले कर्मचारियों ने अपने साथियों के साथ मिलकर घर में रखी नकदी चोरी कर ली थी। पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने स्वीकार किया कि दुकान पर काम करने की वजह से उन्हें घर में रखी नकदी का पता था और लालच में आकर उन्होंने इस चोरी की घटना को अंजाम दिया। पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई में पूरी चोरी हुई रकम बरामद कर ली गई है। साथ ही जांच के दौरान गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपियों का पूर्व आपराधिक इतिहास भी सामने आया है।1
- शाहजहाँपुर के स्पोर्ट्स स्टेडियम में आयोजित जनपद स्तरीय महिला कबड्डी चयन ट्रायल्स में सात खिलाड़ियों का मंडलीय चयन ट्रायल्स के लिए चयन हुआ है। ये सभी चयनित खिलाड़ी 28 जुलाई को बरेली में आयोजित होने वाले ट्रायल्स में भाग लेंगी। इसके बाद वहाँ से चुनी जाने वाली टीम 6 से 8 अगस्त तक आगरा में आयोजित होने वाली प्रदेश स्तरीय महिला कबड्डी प्रतियोगिता में हिस्सा लेगी।1
- शाहजहाँपुर के कुंडरी गांव में पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में कब्जा कराए जाने का मामला सामने आया है। इस कार्रवाई को लेकर इलाके में तनातनी का माहौल बन गया है, जहाँ दूसरे पक्ष ने पुलिस-प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए इसे अवैध तरीके से कराया गया कब्जा करार दिया है और अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है।1
- शाहजहाँपुर के सदर बाजार थाना पुलिस ने रामनगर कॉलोनी निवासी हर्षित ग्रोवर के घर और प्रवीन पुस्तक भंडार के गोदाम में हुई ₹1.80 लाख नकदी व स्टेशनरी चोरी का 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर लक्ष्मीनारायण मंदिर के पीछे बरगद के पेड़ के पास से आयुष, फैजान और करन राठौर को पकड़ा। मामला 24 जुलाई को दर्ज शिकायत से शुरू हुआ था, जिसमें जांच के बाद यह बात सामने आई कि चोरी की पूरी साजिश दुकान के ही पूर्व कर्मचारी ने रची थी। पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी आयुष ने कबूल किया कि प्रवीन पुस्तक भंडार में काम करने के कारण उसे गोदाम, नकदी रखने की जगह और सुरक्षा व्यवस्था की पूरी जानकारी थी। इसी का फायदा उठाकर उसने फैजान और करन के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम दिया और सामान राह चलते कबाड़ियों को बेच दिया। आरोपी आयुष ने ₹1.80 लाख में से ₹15-15 हजार अपने दोनों साथियों को दिए थे और बाकी पैसे सट्टे, जुए तथा निजी खर्चों में उड़ा दिए। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ₹4,500 नकद, 87 बड़ी कॉपियां, 18 डीलक्स कॉपियां, 29 छोटी कॉपियां, 40 प्लास्टिक रोल, 22 खाकी रोल, 10 पूजा रोल और 80 पैकेटों में रखे 800 छोटे राष्ट्रीय ध्वज बरामद किए हैं। वारदात और बिक्री के दौरान आरोपी स्प्लेंडर मोटरसाइकिल (UP27BH5427) तथा सैफ्रन ईवी स्कूटी का इस्तेमाल करते थे, जिन्हें पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है और मोटरसाइकिल को मोटर वाहन अधिनियम के तहत सीज कर दिया है। बरामदगी के आधार पर मुकदमे में संबंधित धाराएं बढ़ाते हुए अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई को उपनिरीक्षक लक्ष्मण चन्द, उपनिरीक्षक भूपेन्द्र कुमार, कांस्टेबल मनीष कुमार और कांस्टेबल मोनू कुमार की टीम ने अंजाम दिया।1