CBSE बोर्ड के छात्रों ने ऑनलाइन स्कैनिंग मशीन (OSM) प्रणाली के कारण अपने परीक्षा परिणामों में गड़बड़ी होने का गंभीर आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि इस प्रणाली की वजह से उनके परिणाम खराब हुए हैं। कॉपी जांचने वाले शिक्षकों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि वे उत्तर पुस्तिकाओं की सही ढंग से जांच नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने कॉपी चेकिंग के दौरान कई चुनौतियों का सामना किया, जिनमें कई कॉपियों के स्कैन का साफ न होना और महत्वपूर्ण पेजों का गायब होना शामिल था। शिक्षकों के अनुसार, स्टेप मार्किंग भी सही तरीके से नहीं हुई, जिससे छात्रों को कम अंक मिले। एक और बड़ी खामी यह सामने आई कि सिस्टम ने उन पृष्ठों को भी खाली बता दिया जिन पर छात्रों ने विस्तृत उत्तर लिखे थे। शिक्षकों ने यह भी उजागर किया कि उन्हें उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए केवल सात दिनों का संक्षिप्त प्रशिक्षण मिला था, जिससे इस पूरी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं।
CBSE बोर्ड के छात्रों ने ऑनलाइन स्कैनिंग मशीन (OSM) प्रणाली के कारण अपने परीक्षा परिणामों में गड़बड़ी होने का गंभीर आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि इस प्रणाली की वजह से उनके परिणाम खराब हुए हैं। कॉपी जांचने वाले शिक्षकों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि वे उत्तर पुस्तिकाओं की सही ढंग से जांच नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने कॉपी चेकिंग के दौरान कई चुनौतियों का सामना किया, जिनमें कई कॉपियों के स्कैन का साफ न होना और महत्वपूर्ण पेजों का गायब होना शामिल था। शिक्षकों के अनुसार, स्टेप मार्किंग भी सही तरीके से नहीं हुई, जिससे छात्रों को कम अंक मिले। एक और बड़ी खामी यह सामने आई कि सिस्टम ने उन पृष्ठों को भी खाली बता दिया जिन पर छात्रों ने विस्तृत उत्तर लिखे थे। शिक्षकों ने यह भी उजागर किया कि उन्हें उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए केवल सात दिनों का संक्षिप्त प्रशिक्षण मिला था, जिससे इस पूरी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं।
- पुणे में इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के राष्ट्रव्यापी "हल्ला बोल" आंदोलन में छात्रों की भारी भीड़ उमड़ी। यह जमावड़ा किसी राजनीतिक कार्यक्रम का हिस्सा नहीं, बल्कि छात्रों के गहरे गुस्से की सशक्त आवाज़ है, जो देश की चरमराती शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ़ प्रदर्शन कर रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि NEET, CBSE, SSC-GD से लेकर CUET तक विभिन्न परीक्षाओं में हुए पेपर लीक और टेंडर घोटालों ने भारत की शिक्षा प्रणाली को पूरी तरह से तबाह कर दिया है। प्रदर्शनकारियों ने सीधे तौर पर कहा है कि "लीक प्रधान" ने शिक्षा व्यवस्था को चौपट कर दिया है और उनकी मुख्य मांग है कि धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से तत्काल बर्खास्त किया जाए। छात्रों ने चेतावनी दी है कि जब तक यह मांग पूरी नहीं होती, वे सड़कों को सूनी नहीं होने देंगे और अपना आंदोलन जारी रखेंगे।1
- मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भागलपुर का दौरा किया, जहाँ उन्होंने कुल 203 करोड़ रुपये लागत की 84 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।1
- दो बच्चों की मां ने अपने प्रेमी के लिए अपना सब कुछ छोड़ दिया है। इस कदम के बाद अब उनके सामने एक नई और अप्रत्याशित मुश्किल खड़ी हो गई है।1
- भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने संकेत दिए हैं कि अब भारत में भी प्लास्टिक के नोटों का पदार्पण हो सकता है। यह एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है, जिससे देश की मुद्रा प्रणाली में बदलाव आने की संभावना है।1
- बिहार में भ्रष्टाचारियों के खिलाफ अब कड़ा शिकंजा कसा जाएगा और ऐसे सभी लोग जेल जाएंगे। यह स्पष्ट संदेश राज्य के सीएम द्वारा दिया गया है, जिन्होंने इस कार्रवाई को लेकर अपनी बात साफ तौर पर कह दी है।1
- जनता के पानी के सीमित उपयोग और सरकार द्वारा इथेनॉल उत्पादन में भारी मात्रा में पानी के इस्तेमाल को लेकर एक तीखा कटाक्ष किया गया है। इसमें कहा गया है कि जहाँ जनता को नहाने के लिए मात्र 1 लीटर पानी से काम चलाना पड़ता है, वहीं सरकार 10,000 लीटर पानी का उपयोग करके इथेनॉल बनाती है, जिस पर व्यंग्यात्मक प्रतिक्रिया व्यक्त की गई है।1
- साहिबगंज जिले के बोरियो थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे में दो युवकों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। बोरियो थाना क्षेत्र के समीप दो मोटरसाइकिलों के बीच हुई सीधी और जोरदार टक्कर इतनी भीषण थी कि दो युवकों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। हादसे के बाद स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल साहिबगंज सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने जांच के बाद दोनों युवकों को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल दो अन्य युवकों का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है और उनकी स्थिति पर चिकित्सकों की निगरानी बनी हुई है। मृतकों में एक युवक की पहचान हृदय सरकार के रूप में हुई है, जो राधानगर थाना क्षेत्र के पूर्वी उधवा के निवासी थे और झारखंड पुलिस में कार्यरत थे। वर्तमान में उनकी तैनाती गोड्डा जिले में थी। इस दुखद हादसे से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है, और मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस फिलहाल दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है, जिसकी शुरुआती जानकारी के अनुसार तेज रफ्तार और आमने-सामने की टक्कर को हादसे का कारण माना जा रहा है।1