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200 रुपये में मिलेगा पेट्रोल ?
Siraj jhagid
200 रुपये में मिलेगा पेट्रोल ?
- Hanif QurishiAurangabad, MaharashtraBharat.Rasiya.Se.Tel.Kharidna.Chahie.10 hrs ago
- User7168आमेर, जयपुर🙏5 min ago
- User8132Ladpura, Kota🙏31 min ago
- दीवानराम, नैनीताल उत्तराखंडओखलकांडा, नैनीताल, उत्तराखंड👏47 min ago
- Mehtab Khanकोटमा, अनूपपुर, मध्य प्रदेश👏1 hr ago
- Harish SharmaBaheri, Bareilly👏11 hrs ago
More news from Banswara and nearby areas
- 200 रुपये में मिलेगा पेट्रोल ?1
- Post by Bapulal Ahari1
- Post by Pravin kalal3
- डूंगरपुर के डाँ . पुंजीलाल यादव को PHD कि मिली उपाधि क्षेत्र मे खुशी की लहर । डाँ .पुजीलाल का कहना है समाज एवं राष्ट्र की उन्नती के लिए समर्पित है ये जीवन । ब्युरोरिपोर्ट : रामलाल यादव ।4
- पालोदा क्षेत्र में दो बड़े हादसे एक हादसे में टायर फटने से हवा में उछलकर पलटी गाड़ी तो दूसरे में कार और बस की हुई भिड़ंत दोनों हादसों में कारों के उड़े परखच्चे,गनीमत रही कोई जनहानि नहीं हुई गनोड़ा। पालोदा क्षेत्र में दो अलग-अलग हादसे हुए जिसमें सड़क पर डर का माहौल बना दिया तथा दोनों हादसों में सड़क पर कोहराम मच गया। एक हादसा बांसवाड़ा उदयपुर स्टेट हाईवे पर पालोदा कस्बे के पास ओडा बस स्टैंड पर हुआ जिसमें खमेरा घाटोल से लौट रहे गुजरात के परिवार की गाड़ी का टायर फटने से पलट गई। घटना दोपहर 2:30 पर हुई जिसमें एक गाड़ी जो घाटोल से पालोदा की तरफ से आ रही थी तथा सागवाड़ा से होकर गुजरात के विजयनगर जा रही थी, तभी अचानक ओडा बस स्टैंड के पास गाड़ी के दाईं ओर का आगे का टायर अचानक फट गया जिससे गाड़ी का संतुलन बिगड़ गया। गाड़ी में कुल 7 लोग बैठे थे तथा कमलेश संघवी गाड़ी चला रहा था। कमलेश ने बताया कि गाड़ी की स्पीड लगभग 80 की थी तथा अचानक आगे का टायर फट गया जिसके चलते गाड़ी विद्युत के पोल से जा टकराई। पोल से टकराने के बाद जमीन से उखड़ कर पोल भी लगभग 10 फीट आगे जाकर टूट कर गिर गया। जब गाड़ी पोल से टकराई तब लाइट चालू थी तथा गनीमत रही कि कोई भी तारों की चपेट में नहीं आया नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था। पोल से टकराने के बाद कार हवा में ही उछलकर लगभग 50 फीट दूर जाकर पलट गई। कार के अंदर कमलेश संघवी के अलावा भीखालाल संघवी, राजेश संघवी, रमेश कोठारी, मुकेश कोठारी, कविता, सुषमा कोठारी कुल 7 लोग बैठे हुए थे। इतना बड़ा हादसा होने के बावजूद किसी को ज्यादा चोट नहीं लगा तथा हल्की-फुल्की चोट लगने पर घायलों को 108 कर्मी भूपेंद्र सिंह एवं अन्य के द्वारा पालोदा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाकर प्राथमिक उपचार करवाया गया। इसी तरह शाम को 4:00 बजे के आसपास एक बस तथा कार की भी भिड़ंत पालोदा परतापुर मार्ग पर न्यू वे स्कूल के पास हुई। लोहारिया थाना अधिकारी हंसाराम ने बताया कि ट्रैक्टर की वजह से यह हादसा हुआ तथा ट्रैक्टर के बीच में आ जाने से सड़क पर कुछ दिखाई नहीं देने के कारण कार और बस की भिड़ंत हो गई। थाना अधिकारी ने बताया कि कार में सवार मोर गांव के रहने वाले युवक को ज्यादा चोट नहीं लगी तथा उसे भी प्राथमिक उपचार के लिए भेज दिया गया। दोनों ही हादसों में सड़क पर वाहनों के परखच्छे बिखरे पड़े थे। दोनों हादसे बेहद गंभीर थे तथा इन हादसों में किसी की भी जान जा सकती थी लेकिन ग़नीमत रही कि कोई भी जनहानि नहीं हुई। दोनों हादसे जहां हुए वहां स्कुल, ब्रेकर जरूरी पालोदा क्षेत्र में हुई इन दोनों दुर्घटनाओं में बांसवाड़ा उदयपुर स्टेट हाईवे पर गनोड़ा, बस्सी चंदन सिंह, ओडा, पालोदा तथा लसाड़ा इन सभी गांव में बड़े स्कूल हैं तथा यह चारों विद्यालय सड़क के ठीक किनारे ही स्थित है ।आए दिन यहां पर हादसे होते रहते हैं तथा स्कूली बच्चों को कभी भी खतरा हो सकता है। इन सभी स्कूलों के पास स्पीड ब्रेकर की काफी आवश्यकता है जिससे हादसों पर अंकुश लगाया जा सके। जब यह दोनों हादसे हुए तब बच्चे स्कूल में पढ़ाई कर रहे थे यदि स्कूल आने का या लंच का तथा छुट्टी का समय रहता तो बड़ा हादसा हो सकता था क्योंकि स्कूल के पास ही हादसा हुआ है। पालोदा, बस्सी चंदन सिंह, ओड़ा, लसाड़ा तथा गनोड़ा के दोनों विद्यालय दुर्घटना संभावित क्षेत्र में है तथा यहां पर स्पीड ब्रेकर की काफी जरूरत है जिससे स्कूली बच्चों को कोई नुकसान न पहुंचे।4
- पीएमएसएमए: सुरक्षित मातृत्व के लिए मां वाउचर कूपन से किया लाभांवित बांसवाड़ा।जिलेभर में शुक्रवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएम-एसएमए) बड़े पैमाने पर आयोजित किया गया। मातृ स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने और गर्भवती महिलाओं को समय पर समुचित जांच-उपचार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आयोजित इस अभियान में सरकारी चिकित्सा संस्थानों पर व्यापक गतिविधियां संचालित की गईं। अभियान के तहत गर्भवती महिलाओं को एफसीएफ इंजेक्शन, आयरन सुक्रोज तथा अन्य आवश्यक दवाओं का निशुल्क वितरण किया गया। साथ ही हीमोग्लोबिन, बीपी, वजन, ब्लड शुगर, यूरिन टेस्ट सहित विभिन्न अनिवार्य जांचें भी निःशुल्क की गईं। गंभीर जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की चिन्हित कर विशेष निगरानी की प्रक्रिया अपनाई गई। निशुल्क सोनोग्राफी के लिए ‘मां वाउचर’ योजना का लाभ अभियान में बड़ी संख्या में लाभार्थियों को मां वाउचर कूपन जारी किए गए, जिनके माध्यम से गर्भवती महिलाएं निःशुल्क सोनोग्राफी सेवाओं का लाभ उठा सकेंगी। नवागांव पीएचसी का निरीक्षण अभियान की प्रगति और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ ने नवागांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने प्रसूति सेवाओं से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी ली और स्टाफ की उपस्थिति, दर्ज किए गए रिकॉर्ड एवं उपलब्ध दवाओं का अवलोकन किया। सीएमएचओ डॉ. राठौड़ ने चिकित्सा प्रभारी डॉ. चरक पंडया को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक गर्भवती महिलाओं को निःशुल्क एफसीएफ इंजेक्शन का लाभ सुनिश्चित किया जाए, ताकि मातृ-स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं को रोका जा सके। उन्होंने टीम को अभियान के दौरान पंजीकरण तथा फॉलो-अप की प्रक्रिया मजबूत करने पर भी जोर दिया। गर्भवती महिलाओं में उत्साह अभियान के दौरान गर्भवती महिलाओं में उत्साह देखा गया और बड़ी संख्या में महिलाओं ने चिकित्सा संस्थानों पर पहुंचकर सेवाओं का लाभ उठाया। आरसीएचओ डॉ. दिनेश कुमार भाबोर ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से जागरूकता के लिए परामर्श सत्र भी आयोजित किए गए, जिसमें गर्भावस्था के दौरान पोषण, टीकाकरण और नियमित जांच की महत्ता पर जानकारी दी गई। जिला स्वास्थ्य विभाग ने आगामी महीनों में भी ऐसे अभियानों को और प्रभावी तरीके से संचालित करने की तैयारी की बात कही है, ताकि हर गर्भवती महिला सुरक्षित मातृत्व सेवाओं का लाभ समय पर प्राप्त कर सके।2
- कुशलगढ़ जिला बांसवाड़ा राजस्थान रिपोर्टर धर्मेन्द्र कुमार सोनी बांसवाडा-राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागड़ का बांसवाड़ा दौरा, कटियोर में ग्रामीणों व स्कूली बच्चों से किया संवाद, कहा - ग्राम्य उत्थान के लिए शिक्षा एवं जागरुकता सर्वोपरि बांसवाड़ा 8 जनवरी/राज्यपाल श्री हरिभाऊ किशनराव बागडे ने गुरुवार को बांसवाड़ा यात्रा के दौरान गोविन्द गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय बांसवाड़ा द्वारा विश्वविद्यालय सामाजिक उत्तरदायित्व के चतुर्थ चरण के अन्तर्गत गोद लिये ग्राम कटियोर के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में आयोजित संवाद कार्यक्रम में शिरकत की और ग्रामीणों व स्कूल के बच्चों से संवाद किया। राज्यपाल ने संवाद कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती की तस्वीर के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। विश्वविद्यालय सामाजिक उत्तरदायित्व के चतुर्थ चरण के अन्तर्गत बांसवाडा के दो गांव ग्राम पंचायत कटियोर व चनावाला ग्राम को गोद लिया गया है। प्रारंभ में संभागीय आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी, गोविन्द गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय बांसवाडा के कुलपति केशव सिंह ठाकुर ने स्वागम व अभिवादन किया। इस अवसार पर जिला कलक्टर डॉ इन्द्रजीत यादव, अतिरिक्त जिला कलक्टर श्री राजीव द्विवेद्वी, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री केलाश बसेर,अतिरिकत पुलीस अधीक्षे श्री नरपत सिंह रावल, संरपंच कटियांेर श्रीमती सुषमा निनामा, सरपंच शंकरलाल, सहित अन्य अधिोरीगण व ग्रामीणजन मौजुद थे। कार्यक्रम का संचालन श्री राजेश जोशी ने किया। ग्रामीणों से सीधा संवाद कायम करते हुए उन्होंने ग्राम्य जनजीवन, ग्रामीणों के उत्थान के लिए हो रहे प्रयासों, बुनियादी सुविधाओं और सेवाओं तथा रहन-सहन एवं परिवेशीय पहलुओं पर आत्मीय चर्चा की। राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागड़े ने स्वस्थ, शिक्षित एवं सशक्त ग्राम्य शक्ति को राष्ट्रीय मजबूती का मूलाधार बताते हुए ग्रामीणों से इस दिशा में शिक्षा एवं जागरुकता के साथ आगे आने का आह्वान किया और कहा है कि विकसित ग्रामों से ही विकसित भारत की संकल्पना मजबूती से आगे बढ़ेगी। उन्होंने ग्रामीणों से जीवन को आनन्दमयी एवं सुख-समृद्धिवान बनाने के लिए शिक्षा पर सर्वाधिक जोर दिया और कहा कि इसके लिए अपने परिवार को शिक्षित बनाने पर सर्वोपरि ध्यान केन्द्रित करें। राज्यपाल ने कहा कि गरीबी और पिछड़ापन से मुक्ति के लिए शिक्षा सशक्त माध्यम है। इसे जानकर केन्द्र व राज्य सरकार शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में बेहतर कार्य कर रही है, उसका पूरा-पूरा लाभ लेते हुए सम्पूर्ण शिक्षित समाज और क्षेत्र बनाएं और सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में अपनी सहभागिता अच्छी तरह सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीणों के उत्थान व बहुआयामी विकास के लिए व्यापक पैमाने पर लाभकारी योजनाओं का संचालन कर रही है, इनका लाभ लेने के लिए जागरुकता के साथ पहल करें और पारिवारिक उन्नति पाएं। पशुपालन और डेयरी को ग्राम्य समृद्धि का मूलाधार निरूपित करते हुए राज्यपाल ने ग्रामीणांे से दुग्ध व्यवसाय के विस्तार और आय के छोटे-छोटे स्रोतों को अपनाने का आह्वान किया और कहा कि जैविक खाद उत्पादन व उपयोग का भी इसमें समावेश किया जाना चाहिए। इन कार्यों से आमदनी में अभिवृद्धि के साथ ही बौद्धिक व शारीरिक क्षमता का संवर्धन भी होगा। उन्होंने बैलों से खेती करने के लाभ गिनाते हुए ग्रामीणांे से बैलों से खेती करने और अपनी जमीन को उपजाऊ बनाने के साथ ही पौष्टिक अनाज पैदा करने पर भी जोर दिया। राज्यपाल ने गोविन्द गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. केशवसिंह ठाकुर से कहा कि वे गांव गोद लेने के साथ ग्रामीण बच्चों को भी गोद लें ताकि उन्हें भविष्य निर्माण में और अधिक सम्बल प्राप्त हो सके। स्कूली बच्चों से किया संवाद राज्यपाल श्री हरिभाऊ बागडे ने कटियोर विद्यालय के विद्यार्थी समूह के बीच पहुचंकर उनसे संवाद किया और उनकी बौद्विक क्षमता को परखा। इस अवसर पर राज्यपाल ने बच्चों से 9 की गिनती करवाई और ज्ञान को परखा। राज्यपाल ने विद्यालय की के छात्र-छात्राओं ने भौतिक, गणित और अन्य विषयों पर प्रश्न पूछे और सही जवाब देने पर बच्चों की हौसला अफजाई की। उन्होंने बच्चों से भविष्य की कल्पनाओं के बारे में पूछा तथा नियमित पढ़ाई के साथ-साथ सामान्य ज्ञान और परिवेशीय, सामाजिक एवं राष्ट्रीय सरोकारों से संबंधित जानकारी में भी अपडेट रहने को कहा। इसके साथ ही पढ़ाई पूरी करने के उपरान्त प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के लिए पूर्ण निष्ठा, लगन एवं एकाग्रता के साथ तैयारी करने पर बल दिया और कहा कि जीवन में लक्ष्य निर्धारण के अनुरूप कर्तव्य निभाने पर मेहनत का फल अवश्य प्राप्त होता है। - बांसवाडा- गोविंद गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय, बांसवाड़ा का सप्तम दीक्षांत समारोह माननीय राज्यपाल एवं कुलाधिपति महोदय द्वारा अभ्यर्थियों को उपाधि एवं स्वर्ण पदक प्रदान किए गए बांसवाड़ा 8 जनवरी/गोविंद गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय, बांसवाड़ा का सप्तम दीक्षांत समारोह गुरुवार को महाविद्यालय परिसर के माही भवन में आयोजित किया गया। समारोह में माननीय राज्यपाल एवं कुलाधिपति महोदय श्री हरिभाऊ किसनराव बागडे द्वारा 29 विद्यावाचस्पति अभ्यर्थियों को उपाधि एवं 35 अभ्यर्थियों को उपाधि एवं स्वर्ण पदक प्रदान किया गया। राज्यपाल एवं कुलाधिपति महोदय द्वारा स्नातक के 29397 व स्नातकोत्तर के 3903 तथा 29 विद्यावाचस्पति सहित कुल 33329 अभ्यर्थियों को दीक्षा प्रदान की गई। माननीय राज्यपाल एवं कुलाधिपति महोदय ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों के नवजीवन में प्रवेश का आनंदोत्सव है। उन्होंने इसके लिए सभी को बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि यह हर्ष का विषय है कि स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले 35 विद्यार्थियों में से 25 छात्राएं हैं। उन्होंने कहा कि गरीब, पिछड़े एवं वंचित समाज को मुख्य धारा में लाने का एकमात्र साधन शिक्षा है। हमें अपनी प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है क्योंकि यह शिक्षा का मूल है। यह हमारी जिम्मेदारी है कि सबके लिए बेहतर शिक्षा उपलब्ध हो सके। माननीय राज्यपाल ने कहा कि विकसित भारत के लिए प्रतिभाशाली व्यक्तित्व का निर्माण करने की आवश्यकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि पढ़ाई से आपकी बौद्धिक क्षमता का विकास हुआ है, इसे और अधिक विकसित करने की आवश्यकता है। विद्यार्थियों को आजीवन ज्ञान की खोज में लगे रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए आत्मविश्वास - आत्मबल की आवश्यकता होती है। इसके लिए निरंतर अभ्यास एवं कठोर परिश्रम की जरूरत है। कठोर परिश्रम से हम जीवन को बेहतर बना सकते हैं। हमें जीवन में परिश्रम का निश्चय करना चाहिए। उन्होंने कहा कि नैतिक आचरण हमारी संस्कृति और परंपरा है। दुनिया में जब कहीं कोई विश्विद्यालय नहीं था, तब भारत में तक्षशिला व नालंदा जैसे विश्वविद्यालय थे। हमारी ज्ञान परंपरा वहां से चली आ रही है। हमें अपने पूर्व ज्ञान और इतिहास को अपनाने की आवश्यकता है। विश्वविद्यालयों एवं शैक्षणिक संस्थाओं को भारत का स्वर्णिम गौरव लाने का प्रण करना चाहिए। अगर हम प्रयास करेंगे तो तक्षशिला-नालंदा का इतिहास फिर लौट कर आएगा। उन्होंने सभी से राष्ट्रभक्ति की भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। इससे पूर्व विश्वविद्यालय पहुंचने पर राज्यपाल महोदय को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। समारोह में शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास नई दिल्ली के राष्ट्रीय सचिव डॉ अतुल कोठारी ने दीक्षांत उद्बोधन दिया। विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रोफेसर केशव सिंह ठाकुर द्वारा स्वागत उद्बोधन और विश्वविद्यालय प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। विश्विद्यालय कुलसचिव कश्मी कौर रॉन ने धन्यवाद ज्ञापित किया। समारोह में संभागीय आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी, जिला कलक्टर डॉ इंद्रजीत यादव, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरपत सिंह रावल सहित जनप्रतिनिधि-अधिकारी उपस्थित रहे।1
- Post by Bapulal Ahari1