उत्तर प्रदेश सरकार के 'वृक्षारोपण महाअभियान-2026' के तहत सुलतानपुर पुलिस ने रविवार को जनपदभर में 'एक पेड़ माँ के नाम' थीम पर व्यापक वृक्षारोपण किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पूरे प्रदेश में 35 करोड़ पौधे लगाने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, हरित आवरण को बढ़ाना और जनसहभागिता को प्रोत्साहित करना है। पुलिस लाइन सुलतानपुर में आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ अपर पुलिस अधीक्षक वृजनारायण सिंह ने पौधारोपण करके किया। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ मिलकर विभिन्न प्रजातियों के छायादार, फलदार और पर्यावरण के अनुकूल उपयोगी पौधे लगाए। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक ने सभी पुलिस कर्मियों को अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण करने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान मातृ सम्मान के साथ-साथ प्रकृति के संरक्षण का एक प्रेरक संदेश देता है और उन्होंने इसे एक जनआंदोलन बनाने की बात कही। इस महाअभियान के तहत जनपद के सभी पुलिस सर्किलों, थानों, चौकियों, पुलिस कार्यालयों, पुलिस लाइन और पुलिस आवासीय परिसरों में बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया गया, ताकि हरित वातावरण, भू-जल संरक्षण और जलवायु संतुलन को बढ़ावा मिल सके। सुलतानपुर पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे इस अभियान से जुड़कर पौधे लगाएं और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करने में अपनी जिम्मेदारी निभाएं।
उत्तर प्रदेश सरकार के 'वृक्षारोपण महाअभियान-2026' के तहत सुलतानपुर पुलिस ने रविवार को जनपदभर में 'एक पेड़ माँ के नाम' थीम पर व्यापक वृक्षारोपण किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पूरे प्रदेश में 35 करोड़ पौधे लगाने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, हरित आवरण
को बढ़ाना और जनसहभागिता को प्रोत्साहित करना है। पुलिस लाइन सुलतानपुर में आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ अपर पुलिस अधीक्षक वृजनारायण सिंह ने पौधारोपण करके किया। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ मिलकर विभिन्न प्रजातियों के छायादार, फलदार और पर्यावरण के अनुकूल उपयोगी पौधे लगाए। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक ने सभी पुलिस कर्मियों को अधिक से अधिक
पौधे लगाने तथा उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण करने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान मातृ सम्मान के साथ-साथ प्रकृति के संरक्षण का एक प्रेरक संदेश देता है और उन्होंने इसे एक जनआंदोलन बनाने की बात कही। इस महाअभियान के तहत जनपद के सभी पुलिस सर्किलों, थानों, चौकियों, पुलिस कार्यालयों, पुलिस लाइन
और पुलिस आवासीय परिसरों में बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया गया, ताकि हरित वातावरण, भू-जल संरक्षण और जलवायु संतुलन को बढ़ावा मिल सके। सुलतानपुर पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे इस अभियान से जुड़कर पौधे लगाएं और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करने में अपनी जिम्मेदारी निभाएं।
- इंडोनेशिया के योग्याकार्ता में प्रम्बानन मंदिर के दौरे के दौरान भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वहां के आम लोगों ने सड़कों पर खड़े होकर स्वागत किया। सड़कों पर दिखाई दिया यह दृश्य भारत की बेमिसाल लोकप्रियता की एक और अनोखी झलक पेश करता है, जो वाकई में एक बेहद दिल को छू लेने वाला पल था।1
- सुल्तानपुर के कादीपुर में पौराणिक धर्मस्थली श्री हनुमान विजेथुआ महावीरन धाम से होकर गुजर घाट गोमती नदी तट पर पिछले 6 वर्षों से बन रहे पुल का निर्माण कार्य बेहद धीमी गति से चल रहा है। अभी कुछ ही दिन पहले इस पुल का एक पाया काम करते समय टूट गया था, जिसकी खबर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जिले के बेहद कर्मठशील और ईमानदार जिला अधिकारी जसवीर सिंह ने इसका संज्ञान लिया। जिलाधिकारी के निर्देश पर तुरंत जांच के आदेश दिए गए और उनके ही निर्देश पर टूटे हुए पाये को तोड़कर दोबारा बनाने का काम शुरू किया गया, लेकिन यह कार्य अब भी काफी धीमी रफ्तार से किया जा रहा है। जैसे-जैसे बरसात का समय नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे पुल के निर्माण को लेकर स्थानीय लोगों की चिंताएं भी बढ़ती जा रही हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि अगर इसी धीमी रफ्तार से काम चलता रहा, तो पिछले वर्षों की तरह इस वर्ष भी नदी का जलस्तर बढ़ने पर दोनों तरफ का आवागमन पूरी तरह ठप हो जाएगा। गोमती नदी के गुजर घाट पर पुल निर्माण की इस कछुआ गति को लेकर लोगों में गहरा रोष व्याप्त है। क्षेत्र के लोगों ने जिला अधिकारी से मांग की है कि पुल के काम में तेजी लाने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं ताकि बरसात के मौसम में लोगों का रास्ता बंद न हो।2
- सुल्तानपुर जनपद के गोसाईगंज थाने में शनिवार को दिन में 2:00 बजे उप जिलाधिकारी जयसिंहपुर के नेतृत्व में थाना समाधान दिवस संपन्न हुआ। इस समाधान दिवस के दौरान राजस्व विभाग और पुलिस विभाग की टीमें मौके पर मौजूद रहीं। कार्यक्रम में फरियादियों द्वारा कुल 13 शिकायती पत्र प्राप्त हुए। मामले की गंभीरता को देखते हुए इनमें से दो शिकायती पत्रों का मौके पर ही तत्काल निस्तारण कर दिया गया। इसके साथ ही, शेष बचे हुए शिकायती पत्रों को संबंधित विभागों को सौंपकर उनका तुरंत निस्तारण कराने के निर्देश दिए गए, ताकि फरियादियों को बार-बार चक्कर न लगाना पड़े।1
- जीवन में हंसी को सबसे सस्ती, सरल और सबसे असरदार दवा माना गया है। खुलकर हंसने वाले व्यक्ति में मुश्किलों का सामना करने के लिए अधिक आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच का संचार होता है। हंसी केवल चेहरे की मुस्कान नहीं है, बल्कि यह मन और शरीर दोनों के लिए ऊर्जा का एक बड़ा स्रोत है। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में जहां तनाव, चिंता और व्यस्तता के कारण लोगों की मुस्कान खो गई है, वहीं स्वयं हंसना और दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाना आपसी रिश्तों में मधुरता घोलता है और मानसिक तनाव को कम करता है। वैज्ञानिक शोध भी इस बात की पुष्टि करते हैं कि हंसने से शरीर में सकारात्मक हार्मोन बढ़ते हैं, जिससे रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और हृदय भी स्वस्थ रहता है। अपने परिवार, मित्रों और समाज में खुशी, अपनेपन और सकारात्मकता का माहौल बनाना बेहद जरूरी है। छोटी-छोटी बातों पर मुस्कुराना, दूसरों की खुशियों में शामिल होना और किसी निराश व्यक्ति का हौसला बढ़ाना भी समाज की एक बहुत बड़ी सेवा है। ऐसे में, हर दिन खुलकर हंसने, दूसरों को हंसाने और एक स्वस्थ, प्रसन्न व सकारात्मक जीवन की ओर कदम बढ़ाने का संकल्प लेना चाहिए, क्योंकि मुस्कान बांटने से ही जीवन खुशहाल बनता है।1
- सुल्तानपुर के लम्भुआ-दुर्गापुर मार्ग पर क्रॉसिंग से पहले एक विशाल शीशम का पेड़ अचानक सड़क पर गिर गया है। यह भारी-भरकम पेड़ इस समय विद्युत विभाग के तारों के सहारे टिका हुआ है, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। पेड़ गिरने के कारण इस मार्ग पर आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो गया है और वहां से गुजरने वाले राहगीरों में दहशत का माहौल है। इस खतरनाक स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने विद्युत विभाग और संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से तत्काल मौके पर पहुंचने की मांग की है। लोगों का कहना है कि प्रशासन तुरंत पेड़ को हटाकर विद्युत आपूर्ति सुरक्षित करे, ताकि किसी भी तरह की जनहानि या दुर्घटना से बचा जा सके। इसके साथ ही एक अपील भी जारी की गई है कि जब तक पेड़ को नहीं हटाया जाता, तब तक वाहन चालक और राहगीर इस मार्ग पर अत्यंत सावधानी बरतें और बिजली के तारों के पास जाने से बचें।1