Shuru
Apke Nagar Ki App…
केरल के वायनाड में एक भीषण भूस्खलन की त्रासदी सामने आई है। इस घटना में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य व्यक्ति अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। जानकारी मिलते ही बचाव दल मौके पर तैनात कर दिए गए हैं, जो राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं।
Ravindra
केरल के वायनाड में एक भीषण भूस्खलन की त्रासदी सामने आई है। इस घटना में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य व्यक्ति अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। जानकारी मिलते ही बचाव दल मौके पर तैनात कर दिए गए हैं, जो राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- केरल के वायनाड में एक भीषण भूस्खलन की त्रासदी सामने आई है। इस घटना में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य व्यक्ति अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। जानकारी मिलते ही बचाव दल मौके पर तैनात कर दिए गए हैं, जो राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं।1
- गुना पुलिस ने जिले में अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने की अपनी मुहिम के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस महानिरीक्षक ग्वालियर जोन श्री अरविन्द सक्सेना और पुलिस उप महानिरीक्षक डॉ. असित यादव के सशक्त निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के कुशल नेतृत्व में, गुना पुलिस ने 17 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट की वारदात का महज 18 घंटे के भीतर सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। इस कार्रवाई में दो लुटेरों, उन्हें भागने में मदद करने वाले एक शख्स और मुखबिरी देने वाले एक व्यक्ति सहित कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने लूटी गई लगभग पूरी राशि और भागने में इस्तेमाल की गई एक स्विफ्ट कार भी बरामद की है। घटना 08 जुलाई 2026 को गुना शहर के निचला बाजार रपटे के पास हुई थी, जहाँ कुंभराज के एक धनिया व्यापारी के कर्मचारी की आँखों में स्प्रे करके तीन अज्ञात बदमाशों ने 17 लाख रुपये से भरा बैग लूट लिया था। फरियादी वासुदेव शर्मा, जो बीकानेर (राजस्थान) के ग्राम तेजासर के निवासी हैं और वर्तमान में गुना के चौधरी मोहल्ला में रहते हैं, ने गुना कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने सेठजी के कहने पर पचोर से फर्म के 15 लाख रुपये और गुना से 2 लाख रुपये का कलेक्शन किया था। 08 जुलाई 2026 की सुबह जब वह इन 17 लाख रुपये के साथ कुंभराज के लिए अपने घर से निकले थे, तभी निचला बाजार रपटे के पास अज्ञात बदमाशों ने उनकी आँखों में कोई पदार्थ स्प्रे कर रुपयों से भरा बैग छीन लिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने तत्काल अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध गुना कोतवाली में अप.क्र. 371/26 धारा 309(6) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की। घटना की सूचना मिलते ही गुना भ्रमण पर मौजूद पुलिस महानिरीक्षक श्री अरविन्द सक्सेना और पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल ने स्वयं घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस महानिरीक्षक श्री अरविन्द सक्सेना ने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए 30 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन और प्रभारी सीएसपी गुना श्री आनंद राय के पर्यवेक्षण में, पुलिस की 06 विशेष टीमों का गठन किया गया, जिन्हें आरोपियों की तलाश में सक्रिय किया गया। पुलिस टीमों ने तत्परता दिखाते हुए घटनास्थल और शहर के विभिन्न स्थानों के सीसीटीवी फुटेज का गहन विश्लेषण किया, जिससे आरोपियों के हीरो सीडी डीलक्स मोटरसाइकिल से आने की पुष्टि हुई। इसके बाद शहर के प्रमुख चौराहों, प्रवेश मार्गों, हाईवे और जिले की सीमाओं पर नाकाबंदी कर वाहनों की सघन जाँच की गई, साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर सोशल मीडिया के माध्यम से आरोपियों के फुटेज प्रसारित कर उनकी पहचान के प्रयास किए गए। गहन तकनीकी विश्लेषण, सूचना संकलन, वैज्ञानिक विवेचना और प्रभावी रणनीति के परिणामस्वरूप, घटना के मात्र 18 घंटे के भीतर 09 जुलाई 2026 को दो आरोपी, 22 वर्षीय सौरभ पुत्र शिवनंदन यादव (निवासी उनारसीकला, विदिशा) और 26 वर्षीय राघव पुत्र महेन्द्र शर्मा (निवासी नारायण कॉलोनी, आरोन, गुना) को गिरफ्तार कर लिया गया। उनके कब्जे से लूटी गई राशि में से 16,27,100 रुपये बरामद किए गए। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने अपने साथी रूद्र गोस्वामी (निवासी आरोन) के साथ मिलकर लूट को अंजाम दिया था और लूट के बाद रूद्र गोस्वामी अपनी मोटरसाइकिल से अलग रास्ते से फरार हो गया था। उन्होंने यह भी खुलासा किया कि उन्होंने आरोन से राहुल जाटव को 50 हजार रुपये देकर उसकी कार गुना बाईपास पर मंगाई थी, जिससे राहुल उन्हें लेकर गया था। साथ ही, मुनीम (फरियादी) जिस मकान में रहता है, उसी मकान में रहने वाले विजय यादव ने मुखबिरी दी थी, और इसमें एक अन्य व्यक्ति ने पूर्व से मुनीम के रुपये लाने-जाने के संबंध में जानकारी दी थी। इसके बाद, पुलिस ने आरोपियों को भागने में मदद देने वाले राहुल पुत्र हरि सिंह जाटव (25 वर्ष, निवासी ग्राम भीकमपुर रूसल्ली कला, आरोन थाना) को गिरफ्तार किया और उसके कब्जे से लूट के दिए गए 50 हजार रुपये नकद व स्विफ्ट कार क्रमांक MP08 ZJ 4553 बरामद की। मुखबिरी देने वाले विजय उर्फ संजीव पुत्र महेन्द्र सिंह यादव (21 वर्ष, निवासी ग्राम अमरोद, पिपरई थाना, अशोकनगर) को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। इस प्रकरण में फरार शेष आरोपी रूद्र गोस्वामी और एक अन्य की तलाश में पुलिस टीमें लगातार सक्रिय हैं और उन्हें भी शीघ्र गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है। इस प्रकार, गुना पुलिस ने अत्यंत कम समय में लूट की सनसनीखेज वारदात का पर्दाफाश कर लगभग संपूर्ण लूटी गई राशि 16,77,100/- रुपये बरामद करते हुए एक बड़ी और उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। यह गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के सशक्त नेतृत्व में गुना पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया, प्रभावी विवेचना और उत्कृष्ट टीमवर्क का प्रमाण है।1
- गुना शहर के निचला बाजार रपटे के पास कुंभराज के एक धनिया व्यापारी के कर्मचारी से तीन अज्ञात बदमाशों ने उसकी आंखों में कोई स्प्रे कर ₹17 लाख रुपये से भरा बैग लूट लिया था। यह घटना शहर में चर्चा का विषय बन गई थी। इस संबंध में, राजस्थान के बीकानेर जिले के तेजासर गाँव (चौधरी मोहल्ला) निवासी फरियादी वासुदेव शर्मा ने गुना कोतवाली थाने में लूट की घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपियों को पकड़ने के लिए अभियान चलाया और घटना के मात्र 18 घंटे के भीतर ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इस सफल कार्रवाई को पुलिस अधीक्षक हितिका वासल ने भी उजागर किया।2
- तरातला मिंट के ठीक सामने, अरसलान रेस्टोरेंट के बगल में एक जगह पर अचानक आग लग गई। आग इतनी तेज़ी से फैली कि देखते ही देखते भीषण रूप ले लिया। शुरुआत में, रेस्टोरेंट के कर्मचारियों ने आग बुझाने वाले यंत्रों का उपयोग करके आग पर काबू पाने की कोशिश की, जिसके बाद दमकल की दो गाड़ियाँ मौके पर पहुँचीं और आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया।1
- विदिशा में राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी के मामले को लेकर महिला कांग्रेस ने एक अनोखा विरोध प्रदर्शन किया है। माधवगंज चौराहे पर महिला कांग्रेस की कार्यकर्ताओं ने ढोल-मंजीरे और भजन-कीर्तन के साथ सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर 'सोई हुई सरकार' को जगाने का प्रयास किया। इस प्रदर्शन के माध्यम से उनका गुस्सा राम मंदिर के चढ़ावे में हुई कथित चोरी पर फूटा है। कार्यकर्ताओं ने इस दौरान मामले के आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने कहा कि देशभर के श्रद्धालुओं ने आस्था के साथ भगवान श्रीराम के मंदिर में दान दिया था, और इस आस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। प्रदर्शनकारी महिलाओं ने ढोल-मंजीरे बजाकर सरकार का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया और मांग की कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दी जाए, क्योंकि यह 'आस्था पर डाका' है। महिला कांग्रेस नेत्री नीतू सिंह राजपूत ने बताया कि वे पूरे प्रदेश में भजन-कीर्तन के माध्यम से 'सोई हुई सरकार' को जगाने का प्रयास कर रही हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी करने वालों को जल्द गिरफ्तार कर संविधान और कानून के मुताबिक कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं की आस्था के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।4
- भोपाल (देहात) ज़ोन की पुलिस महानिरीक्षक (IGP) श्रीमती रुचिवर्धन मिश्र ने 09 जुलाई 2026 को विदिशा का दौरा किया, जहाँ पुलिस कंट्रोल रूम में उन्हें सलामी दी गई। अपने आगमन पर, IGP महोदया ने पुलिस कंट्रोल रूम और फिंगरप्रिंट शाखा का निरीक्षण किया। उन्होंने अपराध अनुसंधान में फिंगरप्रिंट शाखा की महत्वपूर्ण भूमिका और वैज्ञानिक साक्ष्यों के उपयोग का अवलोकन किया, साथ ही तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर विवेचना को अधिक गुणवत्तापूर्ण और परिणाममुखी बनाने के निर्देश दिए। इसके उपरांत, पुलिस कंट्रोल रूम विदिशा में श्रीमती मिश्र की अध्यक्षता में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे, सभी एसडीओपी, थाना प्रभारी और पुलिस अधीक्षक कार्यालय के शाखा प्रभारी उपस्थित रहे। बैठक की शुरुआत में सभी अधिकारियों ने 10 मिनट का हार्टफुलनेस ध्यान सत्र किया। IGP महोदया ने मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच और आत्मअनुशासन के माध्यम से कार्यक्षमता बढ़ाने तथा पुलिसकर्मियों को अधिक संवेदनशील एवं प्रभावी ढंग से दायित्वों का निर्वहन करने के लिए नियमित ध्यान सत्र आयोजित करने पर जोर दिया। समीक्षा बैठक के दौरान, श्रीमती मिश्र ने आगामी त्योहारों की तैयारियों, कानून-व्यवस्था, प्रभावी पुलिसिंग और विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने साइबर फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट, साइबर जागरूकता अभियान, महिला संबंधी अपराधों में त्वरित व कठोर कार्रवाई, नशे के विरुद्ध अभियान, गौवंश के अवैध परिवहन पर प्रभावी कार्रवाई, तथा सिंहस्थ-2028 की तैयारियों एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को जनसंपर्क बढ़ाकर संवेदनशील पुलिसिंग को प्राथमिकता देने और आगामी त्योहारों के दौरान सुरक्षा व कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी सतर्कता व समन्वय के साथ कार्य करने के लिए कहा। IGP महोदया ने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिस सेवा केवल दायित्व नहीं, बल्कि करुणा, संवेदनशीलता और जनसेवा का संकल्प है। उन्होंने 'देशभक्ति-जनसेवा' को पुलिस का ध्येय बताते हुए हर जरूरतमंद व्यक्ति की संवेदनशीलता के साथ सेवा करने और समय के सीमित होने को देखते हुए हर अवसर को जनहित में सार्थक बनाने पर बल दिया। बैठक के समापन पर, उन्होंने सभी अधिकारियों को शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप अनुशासित, जवाबदेह एवं संवेदनशील पुलिसिंग करते हुए प्रभावी कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आमजन का विश्वास और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।1
- आदरणीय 'बाबा साहेब', लोकप्रिय विधायक और पूर्व कैबिनेट मंत्री श्री जयवर्धन सिंह जी का जन्मदिन रुठियाई में एक अनोखे उत्सव के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर रुठियाई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर वहां भर्ती मरीजों को फल वितरित किए गए। जब मरीजों ने 'बाबा साहेब' के लिए दुआएं दीं, तो कार्यकर्ताओं को ऐसा महसूस हुआ कि उन्हें सबसे बड़ा उपहार मिल गया है। यह दिन केवल जन्मदिन का नहीं, बल्कि 'सेवा के संकल्प' को दोहराने का दिन बन गया। इस विशेष सेवा कार्य में NSUI मंडल अध्यक्ष (रुठियाई) आशु प्रजापति, हेमराज सहरिया, हेमंत भार्गव, राजा चंदेल और रोहित अहिरवार जैसे समर्पित साथी शामिल रहे। 'बाबा साहेब' का मार्गदर्शन हमेशा समाज के अंतिम व्यक्ति की सेवा करने की प्रेरणा देता रहा है। कार्यकर्ताओं ने ईश्वर से प्रार्थना की कि उनका यशस्वी नेतृत्व लंबे समय तक मिलता रहे, क्योंकि उनके लिए जनसेवा ही सबसे बड़ी पूजा है।3
- गुना शहर में दिनदहाड़े हुई 17 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट का पुलिस ने महज 18 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो मुख्य लुटेरे, फरार होने में मदद करने वाला एक आरोपी और मुखबिरी करने वाला एक अन्य आरोपी शामिल हैं। आरोपियों के कब्जे से लूटी गई राशि में से 16 लाख 77 हजार 100 रुपये नकद और वारदात के बाद भागने में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट कार बरामद की गई है। हालांकि, मामले में दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार, यह घटना 8 जुलाई 2026 की सुबह गुना शहर के निचला बाजार रपटे के पास हुई थी। कुंभराज के एक धनिया व्यापारी के कर्मचारी वासुदेव शर्मा अपने सेठ के निर्देश पर पचोर से 15 लाख रुपये और गुना से 2 लाख रुपये का कलेक्शन कर कुल 17 लाख रुपये एक बैग में लेकर जा रहे थे। इसी दौरान, बाइक सवार तीन बदमाशों ने उनकी आंखों में स्प्रे कर नकदी से भरा बैग छीन लिया और फरार हो गए। घटना के तुरंत बाद कोतवाली थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस महानिरीक्षक अरविंद सक्सेना, पुलिस उपमहानिरीक्षक डॉ. असित यादव और पुलिस अधीक्षक हितिका वासल ने व्यक्तिगत रूप से इसकी निगरानी की। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 30 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया और छह विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया। पुलिस ने शहर व आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और सीमाओं पर नाकाबंदी कर सघन वाहन जांच अभियान चलाया। तकनीकी विश्लेषण, सीसीटीवी फुटेज और लगातार निगरानी के आधार पर पुलिस ने 18 घंटे के भीतर दो मुख्य आरोपियों सौरभ यादव और राघव शर्मा को गिरफ्तार कर लिया, जिनसे 16,27,100 रुपये बरामद हुए। पूछताछ में उन्होंने अपने साथियों के साथ वारदात को अंजाम देने की बात कबूल की। इसके अतिरिक्त, वारदात के बाद आरोपियों को फरार कराने के लिए अपनी स्विफ्ट कार उपलब्ध कराने वाले राहुल जाटव को भी गिरफ्तार किया गया, जिससे लूट के 50 हजार रुपये और घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट कार (MP08 ZJ 4553) जब्त की गई। साथ ही, व्यापारी के कर्मचारी की गतिविधियों की जानकारी आरोपियों तक पहुंचाने वाले विजय उर्फ संजीव यादव को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि रुद्र गोस्वामी सहित दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। इस पूरे ऑपरेशन में कोतवाली, कैंट, आरोन, मधुसूदनगढ़ थाना, साइबर सेल, सीसीटीवी कंट्रोल रूम और कंट्रोल रूम की संयुक्त टीमों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक हितिका वासल ने जोर देकर कहा है कि जिले में लूट, डकैती, चोरी और संपत्ति संबंधी अपराधों में शामिल किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और आधुनिक तकनीक व वैज्ञानिक जांच के माध्यम से हर अपराध का शीघ्र खुलासा किया जाएगा।1