Shuru
Apke Nagar Ki App…
बिहार के आरा जिले के एक युवा क्रांतिकारी योद्धा भरत तिवारी, जिन्होंने देश और समाज की विभिन्न समस्याओं पर सदैव ध्यान केंद्रित किया, अंततः शहीद हो गए। भरत तिवारी का विचार हमेशा राष्ट्र की समस्याओं और समाज के विभिन्न समुदायों के लोगों की कठिनाइयों पर केंद्रित रहता था। इन समस्याओं को दूर करने के लिए उन्होंने हरसंभव प्रयास किए। सुधार लाने के अपने संकल्प में, उन्हें हथियार का सहारा भी लेना पड़ा। उनके इन बहादुर कार्यों और अदम्य साहस के लिए उन्हें नमन किया गया है। देश और समाज के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले बिहार के इस बहादुर क्रांतिकारी भरत तिवारी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई है।
Rajendra Kumar
बिहार के आरा जिले के एक युवा क्रांतिकारी योद्धा भरत तिवारी, जिन्होंने देश और समाज की विभिन्न समस्याओं पर सदैव ध्यान केंद्रित किया, अंततः शहीद हो गए। भरत तिवारी का विचार हमेशा राष्ट्र की समस्याओं और समाज के विभिन्न समुदायों के लोगों की कठिनाइयों पर केंद्रित रहता था। इन समस्याओं को दूर करने के लिए उन्होंने हरसंभव प्रयास किए। सुधार लाने के अपने संकल्प में, उन्हें हथियार का सहारा भी लेना पड़ा। उनके इन बहादुर कार्यों और अदम्य साहस के लिए उन्हें नमन किया गया है। देश और समाज के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले बिहार के इस बहादुर क्रांतिकारी भरत तिवारी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई है।
- SUMIT. BELTHRIA.रामगढ़, रामगढ़, झारखंडBHARAT. TIWARI. BHAIYA. AMAR. RAHAIN. SUMIT. BELTHRIA. BARKA. CHUMBA. RAMGARH.12 hrs ago
More news from झारखंड and nearby areas
- गरीब परिवारों का 'खारो' पूरी तरह उजड़ गया है, और इस घटना के कारण इंसानियत भी खत्म होती दिख रही है। आरोप है कि इस दुखद स्थिति का फायदा उठाते हुए जनप्रतिनिधियों ने अपनी झोलियाँ भरकर निकाल लीं।1
- बिहार के आरा जिले के एक युवा क्रांतिकारी योद्धा भरत तिवारी, जिन्होंने देश और समाज की विभिन्न समस्याओं पर सदैव ध्यान केंद्रित किया, अंततः शहीद हो गए। भरत तिवारी का विचार हमेशा राष्ट्र की समस्याओं और समाज के विभिन्न समुदायों के लोगों की कठिनाइयों पर केंद्रित रहता था। इन समस्याओं को दूर करने के लिए उन्होंने हरसंभव प्रयास किए। सुधार लाने के अपने संकल्प में, उन्हें हथियार का सहारा भी लेना पड़ा। उनके इन बहादुर कार्यों और अदम्य साहस के लिए उन्हें नमन किया गया है। देश और समाज के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले बिहार के इस बहादुर क्रांतिकारी भरत तिवारी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई है।1
- आजसू पार्टी ने रजरप्पा में हुए एक सड़क हादसे में मारे गए लोगों के परिजनों को आर्थिक सहायता प्रदान की है। यह मदद मृतकों के परिवारों तक पहुँचाई गई है।1
- धनबाद के वासेपुर में गैंगस्टर प्रिंस खान के खिलाफ प्रशासन ने एक बड़ा एक्शन लिया है। निरसा विधायक अरुण चटर्जी को धमकी देने के बाद, शनिवार को एसएसपी प्रभात कुमार के निर्देश पर डीएसपी प्रकाश सोय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने प्रिंस खान के घर पर बुलडोजर चला दिया। इस कार्रवाई के तहत प्रशासन ने गैंगस्टर प्रिंस खान के आवास पर बुलडोजर चलाकर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।1
- रांची के दीक्षांत मंडप में "जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा : झारखंड की पहचान" विषय पर एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में झारखंड की नौ प्रमुख भाषाओं—संथाली, कुड़ुख, मुंडारी, खड़िया, नागपुरी, कुरमाली, पंचपरगनिया, खोरठा और हो—के संरक्षण और संवर्धन पर विस्तार से चर्चा हुई। इस अवसर पर, पूर्व मंत्री बंधु तिर्की ने क्षेत्रीय भाषाओं के संरक्षण के लिए एक अलग बजट, नई नीति और मातृभाषा आधारित शिक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की। वहीं, कांग्रेस विधायक नमन बिक्सल कोंगाड़ी ने भी सरकार से इन भाषाओं के लिए ठोस कदम उठाने की अपील की। इस कार्यशाला की पूरी रिपोर्ट Ranchi Club TV पर उपलब्ध है, जिसे सूचना और जन जागरूकता के उद्देश्य से प्रसारित किया गया है।1
- रांची में ऑटो का इस्तेमाल कर यात्रियों को निशाना बनाने और लूटने वाले एक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) के निर्देश पर कार्रवाई करते हुए, पुलिस ने इस मामले का खुलासा कुछ ही घंटों के भीतर कर दिया और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, बेंगलुरु से लौटे एक यात्री को ऑटो में बैठाकर एक सुनसान जगह पर ले जाया गया और उससे लूटपाट की गई थी। इस घटना में इस्तेमाल किए गए दो टेम्पो को बरामद कर लिया गया है और लूटा गया सारा सामान भी वापस मिल गया है। गिरफ्तार किए गए बदमाशों ने पूछताछ के दौरान स्वीकार किया है कि वे कई अन्य वारदातों में भी शामिल थे।1
- निरसा विधायक अरुण चटर्जी को धमकी दिए जाने के बाद धनबाद के वासेपुर में गैंगस्टर प्रिंस खान के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई शुरू हो गई है। शनिवार को एसएसपी प्रभात कुमार के निर्देश पर डीएसपी प्रकाश सोय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने प्रिंस खान के घर पर बुलडोजर कार्रवाई शुरू कर दी है।1
- नौ घायलों में से पाँच लोगों की मौत के लिए मात्र ₹21 लाख का मुआवज़ा तय किया गया है। यह रिपोर्ट सामने आने के बावजूद, विधायक, सांसद और अन्य जनप्रतिनिधि इस मामले में 'मोनी बाबा' बनकर पूरी तरह मौन साधे हुए हैं, जिससे उनकी निष्क्रियता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।1