सागर अधिवक्ता संघ चुनाव 2026 एक चुनाव, कई सवाल By नीरज वैद्यराज वरिष्ठ पत्रकार MP 15NEWSmpcg August 26, 2026 👉 खबरों के लिए संपर्क करें 07582888100 07879797484 सागर अधिवक्ता संघ चुनाव 2026 एक चुनाव, कई सवाल By नीरज वैद्यराज वरिष्ठ पत्रकार MP 15NEWSmpcg August 26, 2026 👉 खबरों के लिए संपर्क करें 07582888100 07879797484 एक चुनाव, कई सवाल August 26, 2026 मतगणना में देरी ने बढ़ाई बेचैनी, अब चुनावी व्यवस्था की समीक्षा का वक्त — अरविंद कुमार जैन मतगणना की उपेक्षा और अपारदर्शिता से उठे सवाल अब आगामी भविष्य में ईवीएम की ओर देख रहे अधिवक्ता “चुनाव केवल परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया नहीं है; चुनाव वह लोकतांत्रिक प्रक्रिया है, जिसमें प्रत्येक मत की गरिमा, प्रत्येक उम्मीदवार का विश्वास और पूरी व्यवस्था की पारदर्शिता सुनिश्चित होती है। परिणाम चाहे किसी के पक्ष में हो, लेकिन चुनाव प्रक्रिया ऐसी होनी चाहिए कि उसे हर व्यक्ति निष्पक्षता और विश्वास के साथ स्वीकार कर सके।” जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव लोकतांत्रिक व्यवस्था में अधिवक्ताओं की सहभागिता और विश्वास का प्रतीक होते हैं। इसलिए चुनाव प्रक्रिया का प्रत्येक चरण विशेषकर मतगणना और परिणाम की घोषणा—पूर्णतः पारदर्शी, व्यवस्थित, निष्पक्ष और समयबद्ध होना चाहिए। हालिया चुनाव में मतगणना के दौरान कथित उपेक्षा, असावधानी, व्यवस्थागत अनियमितताओं तथा परिणाम घोषित करने में विलंब के कारण अनेक उम्मीदवारों और मतदाताओं के बीच भ्रम और असमंजस की स्थिति निर्मित हुई। जब मतदान समाप्त होने के बाद लंबे समय तक परिणाम स्पष्ट नहीं होता, तो स्वाभाविक रूप से विभिन्न प्रकार की चर्चाएँ और आशंकाएँ जन्म लेती हैं। यह स्थिति किसी व्यक्ति या उम्मीदवार विशेष के पक्ष अथवा विपक्ष का प्रश्न नहीं है। मूल प्रश्न यह है कि चुनाव प्रक्रिया पर प्रत्येक मतदाता और प्रत्येक उम्मीदवार का विश्वास बना रहे। आज अधिवक्ता समुदाय का एक वर्ग यह महसूस कर रहा है कि यदि भविष्य में ईवीएम अथवा किसी विश्वसनीय इलेक्ट्रॉनिक मतदान प्रणाली का उपयोग किया जाए, साथ में पर्याप्त पारदर्शिता, अभ्यर्थियों/एजेंटों की निगरानी, मॉक पोल, सीलिंग एवं सत्यापन जैसी प्रक्रियाएँ सुनिश्चित की जाएँ, तो मतगणना में लगने वाला समय कम हो सकता है और मानवीय त्रुटियों की संभावना भी घटाई जा सकती है। हालाँकि केवल ईवीएम अपनाना ही समाधान नहीं है। वास्तविक आवश्यकता है निष्पक्ष मतदान + पारदर्शी मतगणना + स्पष्ट प्रक्रिया + उम्मीदवारों के एजेंटों की निगरानी + समयबद्ध परिणाम घोषणा। अधिवक्ता संघ लोकतांत्रिक चेतना का प्रतिनिधि संस्थान है। इसलिए हमारी अपनी चुनाव व्यवस्था भी ऐसी होनी चाहिए जिस पर हर अधिवक्ता बिना किसी संदेह के विश्वास कर सके। अब समय है कि आगामी चुनावों के लिए चुनाव नियमों और मतगणना व्यवस्था की समीक्षा की जाए तथा आधुनिक, पारदर्शी और विश्वसनीय मतदान प्रणाली EVM पर गंभीरता से विचार किया जाए। क्योंकि चुनाव केवल परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया नहीं है चुनाव वह प्रक्रिया है जिससे लोकतांत्रिक विश्वास निर्मित होता
सागर अधिवक्ता संघ चुनाव 2026 एक चुनाव, कई सवाल By नीरज वैद्यराज वरिष्ठ पत्रकार MP 15NEWSmpcg August 26, 2026 👉 खबरों के लिए संपर्क करें 07582888100 07879797484 सागर अधिवक्ता संघ चुनाव 2026 एक चुनाव, कई सवाल By नीरज वैद्यराज वरिष्ठ पत्रकार MP 15NEWSmpcg August 26, 2026 👉 खबरों के
लिए संपर्क करें 07582888100 07879797484 एक चुनाव, कई सवाल August 26, 2026 मतगणना में देरी ने बढ़ाई बेचैनी, अब चुनावी व्यवस्था की समीक्षा का वक्त — अरविंद कुमार जैन मतगणना की उपेक्षा और अपारदर्शिता से उठे सवाल अब आगामी भविष्य में ईवीएम की ओर देख रहे अधिवक्ता “चुनाव केवल परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया नहीं है; चुनाव वह लोकतांत्रिक प्रक्रिया है, जिसमें प्रत्येक मत की गरिमा, प्रत्येक उम्मीदवार का विश्वास और पूरी व्यवस्था की पारदर्शिता सुनिश्चित होती है। परिणाम चाहे किसी के पक्ष में हो, लेकिन चुनाव प्रक्रिया ऐसी होनी चाहिए कि उसे हर व्यक्ति निष्पक्षता और विश्वास के साथ स्वीकार कर सके।” जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव लोकतांत्रिक व्यवस्था में अधिवक्ताओं की सहभागिता और विश्वास का प्रतीक होते हैं। इसलिए चुनाव प्रक्रिया का प्रत्येक चरण विशेषकर मतगणना और परिणाम की घोषणा—पूर्णतः पारदर्शी, व्यवस्थित, निष्पक्ष और समयबद्ध होना चाहिए। हालिया चुनाव में मतगणना के दौरान कथित उपेक्षा, असावधानी, व्यवस्थागत अनियमितताओं तथा परिणाम घोषित करने में विलंब के कारण अनेक उम्मीदवारों और मतदाताओं के बीच भ्रम और असमंजस की स्थिति निर्मित हुई। जब मतदान समाप्त होने के बाद लंबे समय तक परिणाम स्पष्ट नहीं होता, तो स्वाभाविक रूप से विभिन्न प्रकार की चर्चाएँ और आशंकाएँ जन्म लेती हैं। यह स्थिति किसी व्यक्ति या उम्मीदवार विशेष के पक्ष अथवा विपक्ष का प्रश्न नहीं है। मूल प्रश्न यह है कि चुनाव प्रक्रिया पर प्रत्येक मतदाता और प्रत्येक उम्मीदवार का विश्वास बना रहे। आज अधिवक्ता समुदाय का एक वर्ग यह महसूस कर रहा है कि यदि भविष्य में ईवीएम अथवा किसी विश्वसनीय इलेक्ट्रॉनिक मतदान प्रणाली का उपयोग किया जाए, साथ में पर्याप्त पारदर्शिता, अभ्यर्थियों/एजेंटों की निगरानी, मॉक पोल, सीलिंग एवं सत्यापन जैसी प्रक्रियाएँ सुनिश्चित की जाएँ, तो मतगणना में लगने वाला समय कम हो सकता है और मानवीय त्रुटियों की संभावना भी घटाई जा सकती है। हालाँकि केवल ईवीएम अपनाना ही समाधान नहीं है। वास्तविक आवश्यकता है निष्पक्ष मतदान + पारदर्शी मतगणना + स्पष्ट प्रक्रिया + उम्मीदवारों के एजेंटों की निगरानी + समयबद्ध परिणाम घोषणा। अधिवक्ता संघ लोकतांत्रिक चेतना का प्रतिनिधि संस्थान है। इसलिए हमारी अपनी चुनाव व्यवस्था भी ऐसी होनी चाहिए जिस पर हर अधिवक्ता बिना किसी संदेह के विश्वास कर सके। अब समय है कि आगामी चुनावों के लिए चुनाव नियमों और मतगणना व्यवस्था की समीक्षा की जाए तथा आधुनिक, पारदर्शी और विश्वसनीय मतदान प्रणाली EVM पर गंभीरता से विचार किया जाए। क्योंकि चुनाव केवल परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया नहीं है चुनाव वह प्रक्रिया है जिससे लोकतांत्रिक विश्वास निर्मित होता
- जिला ब्यूरो रिपोर्टर राजेश बबेले नगर गौरव दिवस बना यादगार, बुंदेली लोकगीतों पर देर रात तक झूमे बीना के लोग लोकेशन बीना रिपोर्टर राजेश बबेले नगर गौरव दिवस बना यादगार, बुंदेली लोकगीतों पर देर रात तक झूमे बीना के लोग नगरपालिका अध्यक्ष लता सकवार एवं सीएमओ राहुल कौरव के नेतृत्व में आयोजन की भव्यता ने बटोरी सराहना राजेश बबेले बीना। नगर के गौरव, संस्कृति और ऐतिहासिक पहचान को समर्पित बीना नगर गौरव दिवस का आयोजन सोमवार रात मुख्य सड़क पर भव्य रूप से किया गया। नगर पालिका द्वारा आयोजित कार्यक्रम में प्रसिद्ध लोक गायिका कविता शर्मा ने बुंदेली लोकगीतों की मनमोहक प्रस्तुतियां देकर समां बांध दिया। देर रात तक चले कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मौजूद दर्शक लोकगीतों की धुन पर झूमते और तालियां बजाते नजर आए। आयोजन की भव्यता और व्यवस्थाओं की लोगों ने जमकर सराहना की। *कविता शर्मा के बुंदेली गीतों ने बांधा समां* लोक गायिका कविता शर्मा ने बुंदेली संस्कृति और लोक परंपरा से जुड़े चर्चित गीतों की प्रस्तुतियां दीं। उन्होंने ‘आगढ़ दम-बागढ़ दम, नॉन ज्यादा मिर्ची कम’, ‘घर में से निकरे रिपट परे जीना पे जा दार बगर’, ‘दोना काए ने लाये’ और ‘जा कड़ी बगर गई’ जैसे गीतों से माहौल को जीवंत कर दिया। इसके अलावा ‘ऐसी माटी ना भारत के खंड-खंड में, जन्मदाइयों विधाता बुंदेलखंड में’, ‘आज दिन सोने को महाराज’ और ‘कारी बदरिया’ सहित अन्य लोकगीत भी प्रस्तुत किए गए। बुंदेली माटी की खुशबू से जुड़े इन गीतों पर दर्शकों ने जमकर तालियां बजाईं और कलाकार का उत्साहवर्धन किया। *तीन महिला जनप्रतिनिधियों के नेतृत्व की सांसद ने की सराहना* कार्यक्रम की मुख्य अतिथि सागर सांसद लता वानखेड़े ने कहा कि गौरव दिवस के आयोजन में बीना के लोगों के चेहरों पर उत्साह और उमंग साफ दिखाई दे रही है। उन्होंने नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार द्वारा गौरव दिवस की शुरुआत किए जाने की सराहना की। सांसद ने कहा कि यह भी गौरव की बात है कि बीना में तीन महिला जनप्रतिनिधि नेतृत्व कर रही हैं और उन्हें पुरुष जनप्रतिनिधियों का सहयोग भी मिल रहा है। उन्होंने बीना की ऐतिहासिक एवं औद्योगिक पहचान का उल्लेख करते हुए कहा कि एरण बीना का गौरव है। शहर को स्वच्छ, सुंदर और विकसित बनाने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करना होगा। *बीना की तस्वीर और तकदीर बदलने का काम कर रहे’ : निर्मला सप्रे* विधायक निर्मला सप्रे ने कहा कि बीना के विकास को नई दिशा देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सांसद लता वानखेड़े, नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार, जनपद पंचायत अध्यक्ष उषा राय सहित महिला जनप्रतिनिधियों के सामूहिक प्रयासों से बीना की तस्वीर और तकदीर बदलने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में बीना का विकास और तेजी से होगा। बीना को जिला बनाने तथा भविष्य में सागर लोकसभा क्षेत्र से अलग बीना संसदीय क्षेत्र बनाए जाने की दिशा में भी प्रयास जारी हैं। *विकास कार्यों और नई योजनाओं की जानकारी दी* इस दौरान गौरव दिवस के मंच से विधायक निर्मला सप्रे ने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों और आगामी योजनाओं की जानकारी भी साझा की। •खिमलासा में कॉलेज भवन बनकर तैयार हो चुका है। • भानगढ़ में उप तहसील भवन का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। • मंडी बामोरा को जल्द नगर परिषद का दर्जा मिलने की बात कही गई। • बीना नगरपालिका की सीमा विस्तार की प्रक्रिया जारी है। • भविष्य में बीना को जिला बनाने के लिए प्रयास जारी हैं। • सागर लोकसभा क्षेत्र से अलग बीना संसदीय क्षेत्र बनाए जाने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं। *हर वर्ष नए रंग-रूप में मनाया जाएगा गौरव दिवस* नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार ने कहा कि बीना का गौरव दिवस हर वर्ष धूमधाम से मनाया जाता है। यह आयोजन प्रत्येक बार कुछ नया लेकर आता है। इसका उद्देश्य बीना की संस्कृति, इतिहास, लोक परंपराओं और शहर के गौरव को लोगों के सामने लाना है। उन्होंने कहा कि गौरव दिवस के माध्यम से शहरवासियों को अपनी ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक पहचान से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। *जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी, लेकिन कांग्रेस के सभी पार्षद नहीं पहुंचे* कार्यक्रम में सागर सांसद लता वानखेड़े, विधायक निर्मला सप्रे, नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। हालांकि, कांग्रेस के सभी पार्षद कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। इसके बावजूद कार्यक्रम में शहरवासियों की अच्छी उपस्थिति रही और देर रात तक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आनंद लिया गया। *विकास, विश्वास और नए अवसर’ का संदेश* बीना गौरव दिवस ने शहर की ऐतिहासिक विरासत, बुंदेली संस्कृति और विकास की संभावनाओं को एक मंच पर लाने का काम किया। लोकगीतों की सुरमयी प्रस्तुतियों से जहां लोगों को अपनी संस्कृति से जुड़ने का अवसर मिला, वहीं जनप्रतिनिधियों द्वारा विकास योजनाओं की जानकारी दिए जाने से बीना के भविष्य को लेकर नई उम्मीदें भी जगीं। *गौरव दिवस का संदेश स्पष्ट रहा*—बीना की पहचान, संस्कृति और विरासत को संजोते हुए शहर को विकास, विश्वास और नए अवसरों की दिशा में आगे बढ़ाना।4
- 🌅 खुला मौसम है, शाम सुहानी है… ठंडी-ठंडी हवाओं में एक प्यारी-सी कहानी है। 💕 चेहरे पर मुस्कान और दिल में सुकून रहे, आप सभी की शाम हमेशा खुशियों से भरी रहे। 🌸✨ शुभ संध्या दोस्तों 🙏❤️ 🌅 खुला मौसम है, शाम सुहानी है… ठंडी-ठंडी हवाओं में एक प्यारी-सी कहानी है। 💕 चेहरे पर मुस्कान और दिल में सुकून रहे, आप सभी की शाम हमेशा खुशियों से भरी रहे। 🌸✨ शुभ संध्या दोस्तों 🙏❤️2
- गौरझामर में पीडब्ल्यूडी के निर्माण कार्यों पर उठे सवाल, सीसी रोड और नाली निर्माण में अनियमितताओं के गंभीर आरोप गौरझामर। ग्राम पंचायत गौरझामर में लोक निर्माण विभाग द्वारा इन दिनों कराए जा रहे सीसी रोड और नाली निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने निर्माण कार्यों में निर्धारित मानकों की अनदेखी और घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उप स्वास्थ्य केंद्र से सेंट्रल बैंक बस स्टैंड तक बनाई जा रही सीसी सड़क को लेकर ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण में मिट्टी युक्त डस्ट एवं अन्य घटिया सामग्री का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिन पहले विभागीय अधिकारियों ने निर्माण स्थल का निरीक्षण किया था। इस दौरान मौके पर मिली मिट्टी युक्त डस्ट पर चिह्न लगाकर उसके उपयोग पर रोक लगाने के सख्त निर्देश दिए गए थे। हालांकि, ग्रामीणों का दावा है कि अधिकारियों के जाने के कुछ ही समय बाद कथित तौर पर उसी डस्ट का दोबारा उपयोग शुरू कर दिया गया। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि सड़क निर्माण में सीमेंट की मात्रा बेहद कम रखी जा रही है, जबकि इसकी जगह रेत और क्रेशर डस्ट का अत्यधिक उपयोग किया जा रहा है। आरोप है कि सड़क की केवल ऊपरी सतह पर सीमेंट का हल्का लेप कर इसे मजबूत और बेहतर दिखाने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे इसकी ड्यूरेबिलिटी पर बड़ा सवालिया निशान लग गया है। केवल सीसी सड़क ही नहीं, बल्कि गौरझामर में पीडब्ल्यूडी द्वारा बनाए जा रहे नाली निर्माण कार्य पर भी ग्रामीणों ने सवाल खड़े किए हैं। ग्रामीणों के अनुसार, नालियों के निर्माण में भी घटिया और मिट्टी युक्त डस्ट का इस्तेमाल किया जा रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि निर्माण कार्यों में ऐसे ही मानकों की अनदेखी जारी रही, तो आगामी बारिश के मौसम में न केवल नालियां क्षतिग्रस्त हो जाएंगी, बल्कि पूरे क्षेत्र में गंभीर जलभराव की समस्या भी पैदा हो सकती है। ग्राम के नरेंद्र रजक, श्रीराम प्रजापति, मनोज पटेल और गोलू कोरी वीरेंद्र पटेल सहित अन्य नागरिकों ने जिला प्रशासन और विभागीय उच्च अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने मांग की है कि यदि जांच में अनियमितताएं पाई जाती हैं, तो संबंधित ठेकेदार और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और गुणवत्तापूर्ण सामग्री से ही निर्माण पूरा कराया जाए। इनका कहना - मैं स्वयं मौके पर जाकर निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच करूंगा। यदि किसी प्रकार की कमी या अनियमितता पाई जाती है, तो ठेकेदार के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशांत पटेल (सब इंजीनियर, पीडब्ल्यूडी) नाली निर्माण में मिट्टी युक्त डस्ट के उपयोग की जानकारी संज्ञान में आई है। संबंधित सामग्री का उपयोग तत्काल प्रभाव से बंद करवाया जाएगा और सभी विकास कार्यों की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उमाशंकर तिवारी (एसडीओ, पीडब्ल्यूडी)4
- ईद मिलादुन्नवी पर कस्बे में निकला जुलूस,डीजे की धुनों पर जमकर थिरके युवा व बच्चे ईद मिलादुन्नवी के अवसर पर क़स्बा मड़ावरा में मुस्लिम समुदाय ने निकाला भव्य जुलूस इस दौरान छोटे छोटे बच्चे अपनी अपनी पंक्ति में धर्म के झंडे लेकर पक्तिबद्ध होकर चल रहे थे तो वहीं युवा वर्ग डीजे की धुनों पर थिरकते एवं नारे लगाते हुए चल रहे थे उल्लेखनीय है कि इस दिन को पैगंबर मोहम्मद साहब की पैदाइश (जन्म) की खुशी के रूप में याद किया जाता कि सुरक्षा व्यवस्था के दृष्टिगत थाना मड़ावरा पुलिस बल मौजूद रहा। madawra से प्रियंक सर्राफ की रिपोर्ट2
- *सरस्वती शिशु मंदिर में राखी निर्माण कार्यशाला, सैनिक भाइयों को भेजी जाएंगी राखियां* लोकेशन:-बीना रिपोर्टर :- राकेश सेन बीना :- सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बीना में भैया-बहिनों द्वारा उत्साह एवं उमंग के साथ राखी निर्माण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में भैया-बहिनों ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा का परिचय देते हुए सुंदर एवं आकर्षक राखियों का निर्माण किया। इन राखियों को देश की रक्षा में समर्पित भारतीय सैनिक भाइयों के लिए भेजा जाएगा। इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य सुनील कुमार मुडोतिया ने भैया-बहिनों को आशीर्वचन देते हुए कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के पवित्र प्रेम, स्नेह, विश्वास और आपसी समर्पण का त्योहार है। यह पर्व हमें अपने रिश्तों के साथ-साथ देश की रक्षा करने वाले वीर सैनिकों के प्रति सम्मान, कृतज्ञता और राष्ट्रभक्ति की भावना रखने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि भैया-बहिनों द्वारा सैनिक भाइयों के लिए राखियां बनाने का यह प्रयास सराहनीय है। हमारी छोटी सी भावना भी सैनिक भाइयों तक पहुंचे तो उनके प्रति हमारे सम्मान और प्रेम का सुंदर संदेश बनती है। कार्यक्रम में भैया-बहिनों ने हर्ष एवं उत्साह के साथ सहभागिता की।4
- गंजबासोदा विधानसभा के ब्लॉक ग्यारसपुर में भीम आर्मी संगठन के तहसील अध्यक्ष पप्पू उर्फ प्रेमसिंह हैदरगढ़ को और ब्लॉक अध्यक्ष कैलाश जी ग्राम धामनोद की नियुक्ति हुई मीटिंग में पहुंचे भीम आर्मी जिला अध्यक्ष राजा पठारी और आजाद समाज पार्टी जिला उपाध्यक्ष इरफान पठान और भीमआर्मी जिला सचिव हरिनंदन मटयाई उपस्थित रहे #गंजबासौदा #ग्यारसपुर #tyonda जय भीम जय श्री राम गंजबासोदा विधानसभा के ब्लॉक ग्यारसपुर में भीम आर्मी संगठन के तहसील अध्यक्ष पप्पू उर्फ प्रेमसिंह हैदरगढ़ को और ब्लॉक अध्यक्ष कैलाश जी ग्राम धामनोद की नियुक्ति हुई मीटिंग में पहुंचे भीम आर्मी जिला अध्यक्ष राजा पठारी और आजाद समाज पार्टी जिला उपाध्यक्ष इरफान पठान और भीमआर्मी जिला सचिव हरिनंदन मटयाई उपस्थित रहे #गंजबासौदा #ग्यारसपुर #tyonda जय भीम जय श्री राम1
- *बीना पुलिस की अवैध शराब के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई, 335 पाव (60 बल्क लीटर) शराब जप्त* लोकेशन:-बीना रिपोर्टर:-राकेश सेन *बीना :- सागर पुलिस द्वारा अपराधों की रोकथाम एवं अवैध शराब के परिवहन करने वाले अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना बीना पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक सागर अनुराग सुजानिया के निर्देशन में जिले के समस्त थाना प्रभारियों को अवैध शराब तस्करी के विरुद्ध कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बीना जयवीर सिंह भदौरिया के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी बीना अजय सनकत के नेतृत्व में थाना बीना पुलिस ने 335 पाव (60 बल्क लीटर) अवैध शराब जप्त की है, जिसकी कीमत करीब 29,500 रुपये बताई गई है। *घटना का विवरण -* दिनांक 25.08.26 को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि एक काले रंग की मोटरसाइकिल से दो व्यक्ति शराब लेकर बीना की तरफ आ रहे हैं। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस ने देहरी रोड रेलवे अंडरब्रिज के पहले घेराबंदी की। वहां एक व्यक्ति दो बोरियां रखे बैठा मिला। पूछताछ में उसने अपना नाम अनिल पिता मनीराम अहिरवार उम्र 26 साल निवासी जवाहर वार्ड बीना बताया। बोरियों की तलाशी लेने पर उसमें कुल 335 पाव शराब मिली। शराब रखने व परिवहन करने के संबंध में वैध दस्तावेज नहीं मिलने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर शराब जप्त कर ली। उसका एक साथी पुलिस को देखकर मोटरसाइकिल लेकर मौके से भाग गया, जिसकी तलाश की जा रही है। आरोपियों के विरुद्ध धारा 34(2) आबकारी एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। *गिरफ्तार आरोपी -* अनिल पिता मनीराम अहिरवार उम्र 26 साल निवासी जवाहर वार्ड बीना *जप्त मशरूका -* 335 पाव (60 बल्क लीटर) शराब कीमत करीब 29,500 रुपये *सराहनीय भूमिका -* इस कार्रवाई में निरीक्षक अनूप यादव, उप निरीक्षक निशांत भगत, प्रधान आरक्षक हेमंत तिवारी, विजय गौतम, आरक्षक बृजेन्द्र सिंह, प्रेमजीत, राहुल सोलंकी, दिनेश राय, युधिष्ठिर रजक, महेश नामदेव, भूपेंद्र सोलंकी, भानू तोमर, रामवीर शर्मा, महिला आरक्षक रीटा, रेवती, ममता की सराहनीय भूमिका रही।1
- सागर जिले के राहतगढ़ थाना क्षेत्र में हुआ खूनी संघर्ष,दो लोगों की मौत1