भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 रक्तवीरों ने निभाया मानवता का फर्ज, सपना फाउंडेशन एवं रॉयल ग्रुप के सहयोग से मरीज को मिला जीवनदान भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 रक्तवीरों ने निभाया मानवता का फर्ज, सपना फाउंडेशन एवं रॉयल ग्रुप के सहयोग से मरीज को मिला जीवनदान सागवाड़ा/डूंगरपुर। वागड़ क्षेत्र में इन दिनों रक्त की कमी के चलते कई जरूरतमंद मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसी परिस्थितियों में सपना फाउंडेशन लगातार रक्तदान के प्रति जनजागरूकता फैलाने के साथ-साथ जरूरतमंद मरीजों तक समय पर रक्त उपलब्ध कराने का सराहनीय कार्य कर रहा है। इसी क्रम में बोन मैरो (Bone Marrow) से पीड़ित एक मरीज, जिसे प्रत्येक माह लगभग 5 यूनिट रक्त की आवश्यकता होती है, के लिए पुनः रक्त की जरूरत सामने आई। सूचना मिलते ही सपना फाउंडेशन के कार्यकर्ताओं ने तत्काल रक्तवीरों से संपर्क किया और कुछ ही समय में आवश्यक रक्त की व्यवस्था कर मरीज की सहायता की। इस अवसर पर सपना फाउंडेशन डूंगरपुर प्रभारी दीपक सरियोत, रॉयल ग्रुप सागवाड़ा प्रभारी मयूर भोई, ब्लड बैंक इंचार्ज योगेश अरेकर, चिराग सोमपुरा, आनंद भोई, पायल पाटीदार, रोहित एवं मनीष जैन ने रक्तदान कर मानवता का परिचय दिया। रक्तदान अभियान के दौरान सपना फाउंडेशन सागवाड़ा प्रभारी राहुल सेवक सिलोही, डूंगरपुर प्रभारी दीपक सरियोत, सहप्रभारी गौरक्षक अजय बुज, रॉयल ग्रुप से मयूर भोई एवं राजा भोई, साथ ही कोऑर्डिनेटर राहुल अहारी, रोहित पाटीदार, रोहन चौबीसा, सुमित भगत विवेकानंद युवा संस्थान, बर्बोदनिया तथा अन्य सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। सपना फाउंडेशन ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि रक्तदान महादान है। आपके द्वारा किया गया एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है। इसलिए अधिक से अधिक लोग नियमित रूप से रक्तदान कर मानव सेवा के इस पुण्य कार्य में अपनी भागीदारी निभाएं।
भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 रक्तवीरों ने निभाया मानवता का फर्ज, सपना फाउंडेशन एवं रॉयल ग्रुप के सहयोग से मरीज को मिला जीवनदान भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 रक्तवीरों ने निभाया मानवता का फर्ज, सपना फाउंडेशन एवं रॉयल ग्रुप के सहयोग से मरीज को मिला जीवनदान सागवाड़ा/डूंगरपुर। वागड़ क्षेत्र में इन दिनों रक्त की कमी के चलते कई जरूरतमंद मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसी परिस्थितियों में सपना फाउंडेशन लगातार रक्तदान के प्रति जनजागरूकता फैलाने के साथ-साथ जरूरतमंद मरीजों तक समय पर रक्त उपलब्ध कराने का सराहनीय कार्य कर रहा है। इसी क्रम में बोन मैरो (Bone Marrow) से पीड़ित एक मरीज, जिसे प्रत्येक माह लगभग 5 यूनिट रक्त की आवश्यकता होती है, के लिए पुनः रक्त की जरूरत सामने आई। सूचना मिलते ही सपना फाउंडेशन के कार्यकर्ताओं ने तत्काल रक्तवीरों से संपर्क किया और कुछ ही
समय में आवश्यक रक्त की व्यवस्था कर मरीज की सहायता की। इस अवसर पर सपना फाउंडेशन डूंगरपुर प्रभारी दीपक सरियोत, रॉयल ग्रुप सागवाड़ा प्रभारी मयूर भोई, ब्लड बैंक इंचार्ज योगेश अरेकर, चिराग सोमपुरा, आनंद भोई, पायल पाटीदार, रोहित एवं मनीष जैन ने रक्तदान कर मानवता का परिचय दिया। रक्तदान अभियान के दौरान सपना फाउंडेशन सागवाड़ा प्रभारी राहुल सेवक सिलोही, डूंगरपुर प्रभारी दीपक सरियोत, सहप्रभारी गौरक्षक अजय बुज, रॉयल ग्रुप से मयूर भोई एवं राजा भोई, साथ ही कोऑर्डिनेटर राहुल अहारी, रोहित पाटीदार, रोहन चौबीसा, सुमित भगत विवेकानंद युवा संस्थान, बर्बोदनिया तथा अन्य सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। सपना फाउंडेशन ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि रक्तदान महादान है। आपके द्वारा किया गया एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है। इसलिए अधिक से अधिक लोग नियमित रूप से रक्तदान कर मानव सेवा के इस पुण्य कार्य में अपनी भागीदारी निभाएं।
- गुरु पूर्णिमा पर डूंगरपुर के संत-महंतों का राज्य सरकार की ओर से नागरिक अभिनंदन रामबोला मठ, बेणेश्वर धाम, वाल्मीकि धूनी, भाती जी मंदिर और काली कल्याण धाम सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों पर पहुंचे जनप्रतिनिधि व प्रशासनिक अधिकारी संत-महंतों को शॉल ओढ़ाकर लिया आशीर्वाद; समाज में आध्यात्मिक मूल्यों, सामाजिक समरसता और लोककल्याण को बढ़ावा देने का लिया संकल्प संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। गुरु पूर्णिमा के पावन एवं गरिमामय अवसर पर राज्य सरकार की ओर से डूंगरपुर जिले के प्रमुख एवं सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थलों पर विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों के माध्यम से क्षेत्र के पूज्य संत-महंतों का राज्य सरकार की तरफ से नागरिक अभिनंदन, बहुमान एवं स्वागत कर उनके द्वारा समाज में दिए जा रहे आध्यात्मिक व सामाजिक योगदान के प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त की गई। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों में वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, पार्टी पदाधिकारियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। उपस्थित अतिथियों ने संतों के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया तथा समाज में आध्यात्मिक मूल्यों के संरक्षण, सामाजिक समरसता और लोककल्याण की भावना को निरंतर आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया। - रामबोला मठ और मझोला धूनी में संत वंदना डूंगरपुर शहर स्थित ऐतिहासिक रामबोला मठ में गुरु पूर्णिमा के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ महंत श्री हरिकिशोर दास जी का राज्य सरकार की ओर से भावभीना अभिनंदन किया गया। इस दौरान अतिथियों ने महंत श्री को शॉल ओढ़ाकर व श्रीफल भेंट कर उनका आशीर्वाद लिया। कार्यक्रम में विधायक प्रत्याशी बंशीलाल कटारा, भाजपा जिला महामंत्री पंकज जैन, पूर्व सभापति अमृतलाल कलासुआ, जिला उपाध्यक्ष हंसमुख पंड्या तथा तहसीलदार निखिल व्यास उपस्थित रहे। इसी श्रृंखला में डूंगरपुर के मझोला धूनी परिसर में आयोजित समारोह में महंत श्री नानूराम जी का बहुमान किया गया। इस अवसर पर विधायक प्रत्याशी बंशीलाल कटारा, देवराम रोत, पूर्व सभापति अमृतलाल कलासुआ तथा तहसीलदार निखिल व्यास सहित अनेक गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। - आसपुर में वाल्मीकि धूनी, बेणेश्वर धाम और काली कल्याण धाम में हुआ सम्मान आसपुर विधानसभा क्षेत्र के पारड़ा ईटीवार स्थित प्रसिद्ध वाल्मीकि धूनी में मुख्यमंत्री एवं राज्य सरकार की ओर से संत श्री नारायण पुरी जी का स्वागत व अभिनंदन किया गया। इस दौरान जनप्रतिनिधि धनेश्वर अहारी, उपखंड अधिकारी मणीलाल तिरगर तथा तहसीलदार श्याम सिंह चारण की विशेष उपस्थिति रही। प्रसिद्ध प्रयाग-तीर्थ बेणेश्वर धाम में गुरु पूर्णिमा पर्व पर महंत अच्युतानंद जी महाराज का राज्य सरकार की ओर से अभिनंदन किया गया। इस गरिमामय समारोह में भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक पटेल, पूर्व सांसद कनकमल कटारा, बेणेश्वर मंडल अध्यक्ष जयेश सेवक, ब्लॉक महामंत्री संजय तेली, शुभम सुथार, दिव्यपाल सिंह चौहान तथा प्रशासनिक अधिकारियों में साबला तहसीलदार रणजीत सिंह मीणा, कार्यालय कानूनगो मनीष चौबीसा एवं अकाउंटेंट सुनील पंचाल उपस्थित रहे। इसके साथ ही वरदा स्थित काली कल्याण धाम में राज्य सरकार द्वारा आयोजित गुरु पूर्णिमा समारोह में महंत कुलदीप सिंह चौहान का अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक पटेल, पूर्व सांसद कनकमल कटारा, ओबरी तहसीलदार एवं साबला मंडल के पार्टी पदाधिकारी व कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित थे। - चौरासी के भाती जी मंदिर एवं बांसिया धूनी मगरी में भव्य अभिनंदन चौरासी विधानसभा क्षेत्र के सादरिया धाम स्थित प्रसिद्ध भाती जी मंदिर में आयोजित गुरु पूर्णिमा समारोह में महंत खातू जी महाराज का राज्य सरकार की ओर से स्वागत व अभिनंदन किया गया। वहीं, बांसिया धाम स्थित धूनी मगरी परिसर में महंत श्री गिरवर गिरी महाराज का बहुमान किया गया। इन दोनों धार्मिक आयोजनों में चौरासी विधानसभा क्षेत्र के प्रत्याशी एवं प्रदेश कार्यसमिति के विशेष आमंत्रित सदस्य कारीलाल ननोमा, जिला महामंत्री ईश्वरलाल लबाना, जिला मंत्री रेखा देवी रोत, जिला मीडिया प्रभारी गुणवंत कलाल, मंडल महामंत्री रतन सिंह चौहान, मंडल उपाध्यक्ष लोकेंद्र सिंह चौहान, महिपाल सिंह राठौड़, रमणलाल डामोर, विष्णु लबाना, उदयलाल बंजारा, गलियाकोट प्रधान जयप्रकाश पारगी तथा तहसीलदार राजकुमार सारेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, पदाधिकारी एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। - संतों के योगदान को सराहा गुरु पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित इन सभी कार्यक्रमों में वक्ताओं ने संतों के जीवन और उनके उपदेशों को समाज का मार्गदर्शन करने वाला बताया। उपस्थित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने कहा कि संत-महंत समाज में नैतिक चेतना और समरसता का संचार करते हैं। राज्य सरकार द्वारा किया गया यह अभिनंदन संतों के प्रति पूरे प्रदेश की श्रद्धा और सम्मान का प्रतीक है।1
- निष्पक्ष पारदर्शी एवं सफल चुनाव का आयोजन करवाने.के लिए सभी प्रकोष्ठ पूर्व तैयारी के साथ करे कार्य जिला निर्वाचन अधिकारी : देशलदान डूंगरपुर संवाददाता तेजसिंह राठौड 9929285157 निष्पक्ष, पारदर्शी एवं सफल चुनाव का आयोजन करवाने के लिए सभी प्रकोष्ठ पूर्व तैयारी के साथ करें कार्य : जिला निर्वाचन अधिकारी: देशलदान नगरीय निकाय एवं पंचायती राज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 की तैयारी को लेकर जिला निर्वाचन अधिकारी ने ली समीक्षा बैठक डूंगरपुर, 29 जुलाई । नगरीय निकाय एवं पंचायती राज संस्थाओं के आम चुनाव 2026 की प्रारंभिक तैयारी को लेकर मंगलवार को जिला निर्वाचन अधिकारी (कलक्टर) देशलदान की अध्यक्षता में जिला परिषद के ईडीपी सभागार में बैठक आयोजित की गई। जिला परिषद के ईडीपी सभागार में आयोजित बैठक में जिला निर्वाचन अधिकारी( कलक्टर) देशलदान समस्त प्रकोष्ठ प्रभारी अधिकारी एवं सहायक प्रभारी अधिकारियों की नगरीय निकाय एवं पंचायती राज चुनाव 2026 निष्पक्ष , पारदर्शी एवं सफलतापूर्वक संपन्न करवाए जाने के लिए समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने सभी प्रकोष्ठ प्रभारी एवं सहायक प्रभारी से अब तक की गई तैयारियों को लेकर समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने सभी प्रकोष्ठ प्रभारियों से समीक्षा करते हुए चुनाव संचालन प्रकोष्ठ, निर्वाचन अनुभाग लेखा प्रकोष्ठ, उम्मीदवार का निर्वाचन लेखा प्रकोष्ठ, क्रिटिकल एवं वनरेबल मतदान केंद्र प्रकोष्ठ, न्याय एवं कानून व्यवस्था प्रकोष्ठ, मतदान दल गठन प्रकोष्ठ, आदर्श आचार संहिता, रूट चार्ट चेक प्रकोष्ठ, यातायात प्रकोष्ठ, वेयरहाउस प्रभारी, प्रशिक्षण प्रकोष्ठ, वीडियो ग्राफी, मतपत्र मतदाता सूची की कार्यकारी प्रति तैयारी प्रकोष्ठ, मतदान दल यात्रा भुगतान प्रकोष्ठ, वाहन किराया भुगतान प्रकोष्ठ, चुनाव भंडारण प्रकोष्ठ, रसद प्रकोष्ठ, अभियोजन प्रकोष्ठ, मीडिया प्रकोष्ठ, सांख्यिकी प्रकोष्ठ, नियंत्रण कक्ष प्रकोष्ठ, कंप्यूटर व्यवस्था प्रकोष्ठ, सामान्य व्यवस्था प्रकोष्ठ, चिकित्सा व्यवस्था प्रकोष्ठ, मतदान केंद्रों की व्यवस्था एवं नियंत्रण कक्ष की स्थापना, मतदान कर्मियों के लिए वेलफेयर ऑफीसर सहित अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी प्रकोष्ठ प्रभारी एवं सहायक प्रकोष्ठ प्रभारी अपने-अपने दायित्वों का गंभीरता एवं जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करें। उन्होंने प्रत्येक प्रकोष्ठ को अपने कार्यों की विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर टीम भावना के अनुरूप समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी आपसी समन्वय, सतत संवाद एवं समयबद्ध कार्यप्रणाली अपनाते हुए निर्वाचन संबंधी समस्त व्यवस्थाओं को प्रभावी ढंग से सुनिश्चित करें, जिससे चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित एवं सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। उप जिला निर्वाचन अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर प्रकाश चंद्र रेगर ने कहा कि छोटी-छोटी समस्या एक बड़ी समस्या बन सकती है इसलिए कार्य करने में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं करें। उन्होंने विभागवार समीक्षा करते हुए जिन विभागों के कर्मचारियों का डाटा ईएमएस पोर्टल पर अपलोड नहीं किया गया है, उन्हें तत्काल लॉगिन कर डाटा अपलोड कराने के निर्देश दिए। साथ ही, समस्त विभागों के आहरण एवं वितरण अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने अधीनस्थ कार्मिकों का डाटा ईएमएस पोर्टल पर अनिवार्य रूप से डाटा अपलोड करवाने सुनिश्चित करे। इस अवसर पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ , अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खीव सिंह, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी रेखा गोड, उपखंड अधिकारी डूंगरपुर सोनू कुमार गुर्जर, तहसीलदार निर्वाचन सहित समस्त प्रकोष्ठ प्रभारी अधिकारी एवं सहायक प्रकोष्ठ प्रभारी अधिकारी उपस्थित रहे।2
- *श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम राजपुर में गुरुदेव महंत गोपालदास महाराज के सानिध्य में मनाया गया गुरुपूर्णिमा महोत्सव. वागड़ क्षेत्र की धर्म नगरी श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम राजपुर डूंगरपुर में गुरुपूर्णिमा महोत्सव बुधवार को अखिल भारतीय कल्लाजी सम्प्रदाय के राष्ट्रीय महासचिव परम् पूज्य गुरुदेव महंत गोपालदास जी महाराज के सानिध्य में बड़े हर्षोउल्लास के साथ मनाया गया। धाम के संस्थापक एवं प्रधान पीठाधीश्वर परम् पूज्य ब्रम्हलीन गुरुदेव महंत गौतमदास जी महाराज की मूर्ति पूजन, गुरुगादी पूजन, चरण पादुका पूजन ,शक्ति पूजन, खडक पूजन, गेमर पूजन कर कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया। जिसके पश्चात महाआरती,भजन कीर्तन व गुरूवंदना कर धाम के गादीपति गुरुदेव महंत गोपालदास महाराज द्वारा दिव्य दरीखाना लगाकर श्री कल्लाजी महाराज की व्यास गादी से भक्तो को गुरुमंत्र दीक्षा व आशीर्वाद दिया। व्यास गादी से अमृत वाणी में गुरुदेव महाराज ने गुरु शिष्य की महिमा के बारे में बताया और जीवन में गुरु क्यों किसलिए और किसे बनाना चाहिए जिसके बारे में बताया वर्तमान परिस्थिति में युवाओं पीढ़ी जिस प्रकार भटक रही है उसे सही मार्ग पर लाने हेतु गुरु मार्गदर्शन होना अती आवश्यक है गुरु कर्म से प्रधान बनता है जो गुरुशरण में उनके दिखाए सतकर्म पर चलता है ऐसे शिष्यों के जीवन में कोई कष्ट नहीं आता और गुरु भी ऐसे व्यक्ति को बनाना चाहिए जो सही मार्ग दिखाए आडंबर करने वाले एवं राह भटकाने वाले व्यक्ति से दूर रहना चाहिए साथ ही शिष्य भी ऐसे हो जो गुरु के वचनों को अपने ह्रदय में उतार कर उनके दिशा निर्देश पर चले समय समय पर गुरु बदलते रहे ऐसे शिष्यों से बचना चाहिए। धाम पर आये सभी शिष्यों ने गुरुदेव महंत श्री का पुष्पमाला पहना कर श्रीफल भेट कर तरह तरह के उपहार भेट कर गुरुपूजन किया गुरुदेव से मंत्र दीक्षा ग्रहण की एवं भोजन प्रसाद ग्रहण किया धाम पर वागड़ मेवाड़ सहित कई क्षेत्रों के भक्तगण अपने आराध्य देव श्री कल्लाजी महाराज एवं गुरुदेव महंत का आशीर्वाद लेने हेतु सम्मलित हुए।1
- नशा - एक अभिशाप' विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन राजकीय महाविद्यालय सीमलवाडा में प्राचार्य डॉ. केजल खत्री के राजकीय महाविद्यालय सीमलवाडा में प्राचार्य डॉ. केजल खत्री के मार्गदर्शन एवं नई किरण नशा मुक्ति अभियान कार्यक्रम प्रभारी सहायक आचार्य श्रवण कुमार मेघवाल के निर्देशन में 'नशा एक अभिशाप' विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसके अंतर्गत विद्यार्थियों ने नशे के विरुद्ध अपनी प्रतिबद्धता जताते हुए समाज को नशा मुक्त बनाने के लिए निबंध में अपने मौलिक विचार प्रकट किए। इस प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पवनसिंह डामोर, द्वितीय स्थान पायल वीणा ननोमा, तृतीय स्थान संगीता कुमारी डामोर ने प्राप्त किया। अंत में सभी संकाय सदस्यों एवं विद्यार्थियों को नशामुक्ति की शपथ दिलवाई गई। इस कार्यक्रम में प्राचार्य, सभी संकाय सदस्य एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।4
- गुरु पूर्णिमा पर संत-महात्माओं का गुरुवंदन, सरकार ने किया सम्मान धुनी मगरी धाम बांसिया और सादड़िया में संतों को शॉल, श्रीफल, मिठाई व फल भेंट कर लिया आशीर्वाद राज्य सरकार की मंशा—संत परंपरा और आध्यात्मिक धरोहर के संरक्षण के साथ संत-महात्माओं के प्रति सम्मान का भाव मजबूत करना सीमलवाड़ा(डूंगरपुर)। गुरु पूर्णिमा महोत्सव के पावन अवसर पर राजस्थान सरकार के देवस्थान विभाग की ओर से प्रदेशभर में संत-महात्माओं, साधु-संतों और विभिन्न धार्मिक धामों के महंतों के सम्मान में गुरु वंदन कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसी क्रम में डूंगरपुर जिले के चौरासी विधानसभा क्षेत्र में भी श्रद्धा और सम्मान के साथ संतों का गुरुवंदन किया गया। कार्यक्रम के तहत गोविंद गुरु की धुनी मगरी धाम बांसिया में महंत गिरवर गिरी महाराज तथा सादड़िया स्थित भाथीजी मंदिर के महंत खातू महाराज का सम्मान किया गया। देवस्थान विभाग की ओर से उपलब्ध कराई गई गुरु वंदन सामग्री के तहत संतों को शॉल, श्रीफल , मिठाई एवं फल भेंट किए गए। साथ ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का गुरु वंदन संदेश भी भेंट कर प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की गई। इस दौरान संत-महात्माओं से आशीर्वाद प्राप्त कर समाज और प्रदेश के कल्याण की मंगलकामना की गई। कार्यक्रम में देवस्थान विभाग के प्रतिनिधि के रूप में सीमलवाड़ा तहसीलदार राजकुमार सारेल मौजूद रहे। वहीं जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य लोगों के रूप में प्रत्याशी कारीलाल ननोमा, जिला महामंत्री ईश्वरलाल लबाना, जिला मीडिया प्रभारी गुणवंत कलाल, जिला मंत्री रेखा देवी रोत, गलियाकोट प्रधान जयप्रकाश पारगी,मंडल महामंत्री रतन सिंह चौहान, मंडला उपाध्यक्षमहिपाल सिंह राठौड़, मंडल उपाध्यक्ष लोकेंद्र सिंह चौहान एवं भानुप्रताप पारगी, उदयलाल बंजारा ,रमणलाल डामोर,विष्णु लबाना सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। धुनी मगरी धाम में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब गुरु पूर्णिमा के अवसर पर धुनी मगरी धाम बांसिया में सुबह से ही श्रद्धालुओं और भक्तों का पहुंचना शुरू हो गया था। दूर-दराज के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु धाम पहुंचे और धार्मिक आयोजनों में भाग लेकर संत-महात्माओं का आशीर्वाद लिया। श्रद्धालुओं ने महंत गिरवर गिरी महाराज, अजमल गिरी, नारायण गिरी एवं प्रेम गिरी महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे धाम में दिनभर श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा। संत परंपरा के सम्मान और संरक्षण का संदेश गुरु वंदन कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में संत-महात्माओं के योगदान को सम्मान देना तथा समाज में आध्यात्मिक मूल्यों, संस्कारों और सद्भाव की भावना को मजबूत करना है। संत समाज सदियों से भारतीय संस्कृति, धर्म, अध्यात्म और सामाजिक चेतना को दिशा देने का कार्य करता आया है। ऐसे में गुरु पूर्णिमा जैसे पावन अवसर पर संतों का सम्मान कर सरकार ने समाज में गुरु-शिष्य परंपरा और संत परंपरा के प्रति सम्मान को और मजबूत करने का संदेश दिया। राज्य सरकार की मंशा है कि प्रदेश की समृद्ध धार्मिक एवं आध्यात्मिक विरासत को संरक्षित किया जाए और संत-महात्माओं, साधु-संतों तथा धार्मिक स्थलों के प्रति समाज में सम्मान और श्रद्धा की भावना बनी रहे। गुरु वंदन कार्यक्रम इसी भावना का प्रतीक है, जिसमें सरकार और जनप्रतिनिधियों की ओर से संतों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उनके मार्गदर्शन और आशीर्वाद को प्रदेश की खुशहाली के लिए महत्वपूर्ण माना गया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम ने संत सम्मान, गुरु परंपरा और आध्यात्मिक चेतना का संदेश दिया। धुनी मगरी धाम बांसिया सहित क्षेत्र के विभिन्न धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं ने संतों का आशीर्वाद लेकर गुरु पूर्णिमा पर्व को श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया।2
- गुरु पूर्णिमा पर देवालयों में श्रद्धालुओं का लगा तांता गुरु पूर्णिमा पर देवालयों में श्रद्धालुओं का लगा तांता डूंगरपुर जिले में आज गुरु पूर्णिमा महोत्सव बड़ी ही श्रद्धा भाव से मनाया जा रहा है | इसी के तहत आज डूंगरपुर जिले के विभिन्न संतो के आश्रम ओर प्रमुख मन्दिरो में भक्तों की रेलमपेल देखने को मिल रही है | इधर कृष्णा अवतारी संत मावजी महाराज की जन्म स्थली साबला कस्बे के बेणेश्वरधाम के हरि मंदिर में हजारो की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और गादीपति महंत अच्युतानंद महाराज का आशीर्वाद लिया | डूंगरपुर जिले में गुरु पूर्णिमा पर्व पर संतो के आश्रम और मंदिरों में भक्तो की भीड़ उमड़ रही है | इसी के तहत साबला के हरी मंदिर में हजारो की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे रहे है | इस दौरान गुरु पूर्णिमा पर गुरु दर्शन के लिए श्री हरिमंदिर पर गुजरात, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश सहित देश विभिन्न हिस्सो से पहुचे भक्तो धाम पर स्थित मंदिरों में दर्शन किये। वही महंत अच्युतानंद महाराज ने गुरु गादी विराजित होकर भक्तो को आशीर्वाद दिया। साबला कस्बे ओर बेणेश्वर धाम पर दिन भर संत मावजी महाराज की लीलाओं व भविष्य वाणियों के भजन कीर्तन का गायन कर भक्त उल्लास से झूमतेरहे। इस मौके पर महंत अच्युतानंद महाराज ने भक्तो को धर्म के मार्ग पर चलते हुए मानव जीवन के कल्याण का संदेश दिया।1
- भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम राजपुर में गुरुदेव महंत गोपालदास महाराज के सानिध्य में मनाया गया गुरुपूर्णिमा महोत्सव* । भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम राजपुर में गुरुदेव महंत गोपालदास महाराज के सानिध्य में मनाया गया गुरुपूर्णिमा महोत्सव* । वागड़ क्षेत्र की धर्म नगरी श्री कल्लाजी शिव अन्नपूर्णा पंच धाम राजपुर डूंगरपुर में गुरुपूर्णिमा महोत्सव बुधवार को अखिल भारतीय कल्लाजी सम्प्रदाय के राष्ट्रीय महासचिव परम् पूज्य गुरुदेव महंत गोपालदास जी महाराज के सानिध्य में बड़े हर्षोउल्लास के साथ मनाया गया। धाम के संस्थापक एवं प्रधान पीठाधीश्वर परम् पूज्य ब्रम्हलीन गुरुदेव महंत गौतमदास जी महाराज की मूर्ति पूजन, गुरुगादी पूजन, चरण पादुका पूजन ,शक्ति पूजन, खडक पूजन, गेमर पूजन कर कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया। जिसके पश्चात महाआरती,भजन कीर्तन व गुरूवंदना कर धाम के गादीपति गुरुदेव महंत गोपालदास महाराज द्वारा दिव्य दरीखाना लगाकर श्री कल्लाजी महाराज की व्यास गादी से भक्तो को गुरुमंत्र दीक्षा व आशीर्वाद दिया। व्यास गादी से अमृत वाणी में गुरुदेव महाराज ने गुरु शिष्य की महिमा के बारे में बताया और जीवन में गुरु क्यों किसलिए और किसे बनाना चाहिए जिसके बारे में बताया वर्तमान परिस्थिति में युवाओं पीढ़ी जिस प्रकार भटक रही है उसे सही मार्ग पर लाने हेतु गुरु मार्गदर्शन होना अती आवश्यक है गुरु कर्म से प्रधान बनता है जो गुरुशरण में उनके दिखाए सतकर्म पर चलता है ऐसे शिष्यों के जीवन में कोई कष्ट नहीं आता और गुरु भी ऐसे व्यक्ति को बनाना चाहिए जो सही मार्ग दिखाए ।1
- गुरु-शिष्य परंपरा सनातन संस्कृति की अमूल्य धरोहर : शंकरलाल डेचा गुरु पूर्णिमा पर सागवाड़ा विधायक ने विभिन्न आश्रमों व शक्तिपीठों में किये दर्शन, पूज्य महंत ताजू महाराज से लिया आशीर्वाद संवाददाता - संतोष व्यास डूंगरपुर। गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर क्षेत्र भर में धार्मिक व सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रही। इस विशेष अवसर पर सागवाड़ा विधायक शंकरलाल डेचा ने विभिन्न धार्मिक स्थलों, आश्रमों एवं शक्तिपीठों का दौरा कर पूज्य संतों व गुरुजनों का आशीर्वाद प्राप्त किया। विधायक डेचा ने क्षीरेश्वर महादेव, गुरु हरगोविंद पुरी जी महाराज के आश्रम, गौरेश्वर आश्रम, गायत्री शक्तिपीठ तथा छानी मगरी धूणी, बेड़सा पहुंचकर दर्शन-पूजन किया। बेड़सा में उन्होंने पूज्य महंत ताजू महाराज के दर्शन कर उनका मार्गदर्शन एवं आशीर्वाद लिया। - गुरु के बिना जीवन अधूरा : विधायक इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए विधायक शंकरलाल डेचा ने कहा कि गुरु के बिना शिष्य का जीवन अधूरा और दिशाहीन होता है। गुरु ही शिष्य को सत्य और ज्ञान का सही मार्ग दिखाते हैं, जिनके मार्गदर्शन से ईश्वर की प्राप्ति और जीवन के वास्तविक उद्देश्य का बोध होता है। उन्होंने कहा कि भारत की गुरु-शिष्य परंपरा सनातन संस्कृति की अमूल्य धरोहर है और इस परंपरा का संरक्षण ही समाज एवं राष्ट्र कल्याण का मार्ग प्रशस्त करता है। - धर्म, सेवा और राष्ट्रहित का संदेश कार्यक्रम के दौरान पूज्य महंत ताजू महाराज ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए भगवान बिरसा मुंडा एवं अमर क्रांतिकारी गोविंद गुरु के आदर्शों का स्मरण कराया। उन्होंने समाज को धर्म, सेवा, संस्कार और राष्ट्रहित के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ने का पावन संदेश दिया। - मुख्यमंत्री के संदेश का हुआ वाचन समारोह के दौरान विधायक डेचा ने राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा प्रदेशवासियों के नाम प्रेषित गुरु पूर्णिमा के विशेष संदेश का वाचन भी किया। अंत में विधायक ने अपने समस्त गुरुजनों के प्रति श्रद्धापूर्वक नमन व्यक्त करते हुए समस्त प्रदेशवासियों को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक बधाई व शुभकामनाएँ दीं।1
- गोयरों की हरियाली संग पूर्ण हुआ गौरी व्रत, तालाब में किया विसर्जन गोयरों की हरियाली संग पूर्ण हुआ गौरी व्रत, तालाब में किया विसर्जन श्रावण मास में बालिकाओं द्वारा श्रद्धा और परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ मनाया जाने वाला गौरी व्रत (पार्वती) व्रत बुधवार को उद्यापन के साथ संपन्न हुआ। व्रत की पूर्णाहुति पर बालिकाओं ने घरों से गौरी माता प्रतिक गोयरो माता को लेकर तालाब तक शोभायात्रा निकाली और विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद उनका विसर्जन किया। इस लोक परंपरा के अनुसार व्रत प्रारंभ होने पर बालिकाएं पड़िलो (बांस अथवा लकड़ी की छोटी टोकरी/पात्र) में मिट्टी भरकर उसमें धान सहित अन्य अनाज के बीज बोती हैं। पूरे व्रत काल में इनकी नियमित पूजा और देखभाल की जाती है। व्रत समाप्त होने तक इन बीजों से हरे-भरे अंकुर निकल आते हैं, जिन्हें स्थानीय बोली में 'गोयरे' कहा जाता है। ये गोयरे हरियाली, समृद्धि और नवजीवन के प्रतीक माने जाते हैं। उद्यापन के अवसर पर बालिकाएं पारंपरिक वेशभूषा में हाथों में गोयरे माता को लेकर मंगल गीत गाती हुई तालाब किनारे पहुंचीं। वहां माता पार्वती की विधिवत पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि, उत्तम भविष्य और परिवार की खुशहाली की कामना की। इसके बाद गोयरों का श्रद्धापूर्वक तालाब में विसर्जन किया गया। श्रावण मास में बालिकाओं द्वारा श्रद्धा और परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ मनाया जाने वाला गौरी व्रत (पार्वती) व्रत बुधवार को उद्यापन के साथ संपन्न हुआ। व्रत की पूर्णाहुति पर बालिकाओं ने घरों से गौरी माता प्रतिक गोयरो माता को लेकर तालाब तक शोभायात्रा निकाली और विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद उनका विसर्जन किया। इस लोक परंपरा के अनुसार व्रत प्रारंभ होने पर बालिकाएं पड़िलो (बांस अथवा लकड़ी की छोटी टोकरी/पात्र) में मिट्टी भरकर उसमें धान सहित अन्य अनाज के बीज बोती हैं। पूरे व्रत काल में इनकी नियमित पूजा और देखभाल की जाती है। व्रत समाप्त होने तक इन बीजों से हरे-भरे अंकुर निकल आते हैं, जिन्हें स्थानीय बोली में 'गोयरे' कहा जाता है। ये गोयरे हरियाली, समृद्धि और नवजीवन के प्रतीक माने जाते हैं। उद्यापन के अवसर पर बालिकाएं पारंपरिक वेशभूषा में हाथों में गोयरे माता को लेकर मंगल गीत गाती हुई तालाब किनारे पहुंचीं। वहां माता पार्वती की विधिवत पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि, उत्तम भविष्य और परिवार की खुशहाली की कामना की। इसके बाद गोयरों का श्रद्धापूर्वक तालाब में विसर्जन किया गया।4