एक अनोखी आस्था, लट्ठों से पूजी जाती है माता , देखने को उमड़ा भक्तों का जन्म सैलाब मथुरा जिले की छाता तहसील के अंतर्गत आने वाले गांव सेमरी में राजराजेश्वरी माता नरी सेमरी पर चैत्र महीने में लगने वाले नौ दिवसीय मेले में दूर-दराज से हजारों भक्त श्रद्धालु दर्शन करने और मेला देखने के लिए आते हैं 9 दिन तक चलने वाले मेले में सैकड़ो प्रकार की दुकान और महिलाओं बच्चों के मनोरंजन खेल तमाशा का आयोजन होता है इसी मेले के आखिरी दिन यानी नवमी के दिन जादौन समाज के वंशज हाथों में लट और हथियार लेकर के माता की पूजा के लिए आते हैं और इनका कहना है की माता हर दिन मुंह टेढ़ा रखती है पर जैसे हमारी लट्ठों की पूजा होती है तो माता सीधा मुंह करके हमें देखती है और हमें आशीर्वाद देती है और इसी माता की कृपा से हम सब सब कुशल माता की पूजा मेले का आनंद लेते हैं राजराजेश्वरी माता के दरबार में जो भी भक्त आते हैं उन सब की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं अबकी बार के मेले में पुलिस प्रशासन का भी काफी अच्छा सहयोग रहा जिससे कि छोटे-मोटे घटनाओं को छोड़कर कोई भी बड़ी घटना देखने को नहीं मिली नई सेमरी में लेकर मिले मेला प्रभारी ललित चौधरी ने बताया कि अबकी बार हमारी पुलिस फोर्स भी काफी मात्रा में रही माता रानी की कृपा से मेला संपन्न हुआ रिपोर्टर कुंज बिहारी पांडे
एक अनोखी आस्था, लट्ठों से पूजी जाती है माता , देखने को उमड़ा भक्तों का जन्म सैलाब मथुरा जिले की छाता तहसील के अंतर्गत आने वाले गांव सेमरी में राजराजेश्वरी माता नरी सेमरी पर चैत्र महीने में लगने वाले नौ दिवसीय मेले में दूर-दराज से हजारों भक्त श्रद्धालु दर्शन करने और मेला देखने के लिए आते हैं 9 दिन तक
चलने वाले मेले में सैकड़ो प्रकार की दुकान और महिलाओं बच्चों के मनोरंजन खेल तमाशा का आयोजन होता है इसी मेले के आखिरी दिन यानी नवमी के दिन जादौन समाज के वंशज हाथों में लट और हथियार लेकर के माता की पूजा के लिए आते हैं और इनका कहना है की माता हर दिन मुंह टेढ़ा रखती है पर
जैसे हमारी लट्ठों की पूजा होती है तो माता सीधा मुंह करके हमें देखती है और हमें आशीर्वाद देती है और इसी माता की कृपा से हम सब सब कुशल माता की पूजा मेले का आनंद लेते हैं राजराजेश्वरी माता के दरबार में जो भी भक्त आते हैं उन सब की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं अबकी बार के मेले
में पुलिस प्रशासन का भी काफी अच्छा सहयोग रहा जिससे कि छोटे-मोटे घटनाओं को छोड़कर कोई भी बड़ी घटना देखने को नहीं मिली नई सेमरी में लेकर मिले मेला प्रभारी ललित चौधरी ने बताया कि अबकी बार हमारी पुलिस फोर्स भी काफी मात्रा में रही माता रानी की कृपा से मेला संपन्न हुआ रिपोर्टर कुंज बिहारी पांडे
- मथुरा जिले की छाता तहसील के अंतर्गत आने वाले गांव सेमरी में राजराजेश्वरी माता नरी सेमरी पर चैत्र महीने में लगने वाले नौ दिवसीय मेले में दूर-दराज से हजारों भक्त श्रद्धालु दर्शन करने और मेला देखने के लिए आते हैं 9 दिन तक चलने वाले मेले में सैकड़ो प्रकार की दुकान और महिलाओं बच्चों के मनोरंजन खेल तमाशा का आयोजन होता है इसी मेले के आखिरी दिन यानी नवमी के दिन जादौन समाज के वंशज हाथों में लट और हथियार लेकर के माता की पूजा के लिए आते हैं और इनका कहना है की माता हर दिन मुंह टेढ़ा रखती है पर जैसे हमारी लट्ठों की पूजा होती है तो माता सीधा मुंह करके हमें देखती है और हमें आशीर्वाद देती है और इसी माता की कृपा से हम सब सब कुशल माता की पूजा मेले का आनंद लेते हैं राजराजेश्वरी माता के दरबार में जो भी भक्त आते हैं उन सब की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं अबकी बार के मेले में पुलिस प्रशासन का भी काफी अच्छा सहयोग रहा जिससे कि छोटे-मोटे घटनाओं को छोड़कर कोई भी बड़ी घटना देखने को नहीं मिली नई सेमरी में लेकर मिले मेला प्रभारी ललित चौधरी ने बताया कि अबकी बार हमारी पुलिस फोर्स भी काफी मात्रा में रही माता रानी की कृपा से मेला संपन्न हुआ रिपोर्टर कुंज बिहारी पांडे4
- Post by RPR NEWS TV4
- Post by Brajvir Singh1
- Post by Satyawati Chaudhary1
- भारतीय जड़ी-बूटी (ताकत वटी) पाउडर आज के समय में महिलाओं को कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है, जैसे लिकोरिया (सफेद पानी), बार-बार डिस्चार्ज होना, चिपचिपा पानी आना, शरीर में कमजोरी, थकान और कमर दर्द। ये समस्याएँ धीरे-धीरे शरीर को कमजोर बना देती हैं और आत्मविश्वास भी कम कर देती हैं। इन्हीं समस्याओं को ध्यान में रखते हुए भारतीय जड़ी-बूटी परिवार लेकर आया है ताकत वटी पाउडर, जो पारंपरिक आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों से तैयार किया गया एक विशेष हर्बल उत्पाद है। यह महिलाओं के शरीर को अंदर से मजबूत बनाने, कमजोरी को दूर करने और शरीर के प्राकृतिक संतुलन को बनाए रखने में सहायक माना जाता है। हमारे यहाँ पर कई वर्षों से आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों के माध्यम से महिलाओं की समस्याओं पर काम किया जा रहा है। लिकोरिया, सफेद पानी, चिपचिपा डिस्चार्ज और शरीर की कमजोरी जैसी समस्याओं के लिए आयुर्वेदिक पद्धति से देखभाल की जाती है। हमारा उद्देश्य केवल उत्पाद देना नहीं, बल्कि लोगों को प्राकृतिक और आयुर्वेदिक जीवनशैली की ओर ले जाना है। ताकत वटी पाउडर प्राकृतिक जड़ी-बूटियों के गुणों पर आधारित है और शरीर को अंदर से संतुलित करने में मदद करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। यह शरीर की प्राकृतिक ताकत, ऊर्जा और स्फूर्ति को बनाए रखने में सहायक माना जाता है। भारतीय जड़ी-बूटी परिवार का विश्वास है कि प्रकृति में हर समस्या का समाधान मौजूद है, बस सही जड़ी-बूटी और सही मार्गदर्शन की जरूरत होती है। भारतीय जड़ी-बूटी परिवार आयुर्वेद का विश्वास — प्राकृतिक स्वास्थ्य का प्रयास।1
- Post by INDIA CIRCLE NEWS1
- #jay bhim🩵🦅1
- मथुरा, भगवान श्रीकृष्ण की नगरी, इस समय पूरी तरह “राम मय” नजर आई। रामनवमी के पावन अवसर पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी प्राचीन श्री रामचंद्र मंदिर, घीया मंडी से मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की भव्य शोभायात्रा बड़े ही श्रद्धा और उत्साह के साथ निकाली गई। इस भव्य आयोजन का आयोजन राष्ट्रीय भगवा दल रजिस्टर्ड और श्री रामचन्द्र जन्म महोत्सव समिति रजिस्टर्ड के तत्वाधान में किया गया। शोभायात्रा की शुरुआत वृंदावन से आए संत-महात्माओं द्वारा भगवान श्रीराम की विधिवत आरती और मंत्रोच्चारण के साथ हुई। शोभायात्रा घीया मंडी से प्रारंभ होकर स्वामी घाट, छत्ता बाजार, होली गेट, भरतपुर गेट होते हुए पुनः प्राचीन रामचंद्र मंदिर पहुंचकर आरती के साथ संपन्न हुई। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं और भक्तों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया और आरती उतारी। इस दौरान वातावरण “जय श्रीराम” के जयघोष से गूंज उठा। शोभायात्रा की खास बात रही भगवान श्रीराम के जीवन प्रसंगों पर आधारित आकर्षक झांकियां, भजन-कीर्तन और धार्मिक प्रस्तुतियां, जिन्होंने सभी का मन मोह लिया। खास तौर पर प्रथम झांकी भगवान श्री गणेश जी की रही, जो भक्तों को बेहद आकर्षक लगी। इस आयोजन में युवा वर्ग का भी जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में राम भक्त, समाजसेवी और शहर के गणमान्य नागरिक शामिल हुए। आयोजकों ने बताया कि यह शोभायात्रा केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं है, बल्कि सामाजिक एकता और भाईचारे का भी संदेश देती है। हर वर्ग और समुदाय के लोग इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं, जिससे पूरे शहर में उत्सव जैसा माहौल बन जाता है। वहीं, मंदिर समिति और शोभायात्रा समिति ने प्रशासन के सहयोग से सुरक्षा और व्यवस्थाओं का विशेष ध्यान रखा, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सका। इस मौके पर मधु शर्मा, राजनारायण गौड़, हेमंत खंदौली, शशिभानु गर्ग, योगेश द्विवेदी, यज्ञ दत्त कौशिक सहित कई प्रमुख लोग और कार्यकर्ता मौजूद रहे। फिलहाल, मथुरा में रामनवमी का यह पावन पर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया, जिसने पूरे शहर को राममय बना दिया।4