मसाज सेंटर की आड़ में संदिग्ध गतिविधियाँ? बाहर से मसाज पार्लर अंदर चल रहा है सेक्स रैकेट लखनऊ। राजधानी के गाज़ीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत एचएल चौकी इलाके में संचालित एक मसाज सेंटर को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश और चिंता का माहौल है। क्षेत्रवासियों का आरोप है कि “मसाज सेंटर” के नाम पर लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियाँ संचालित हो रही हैं, लेकिन अब तक ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई। हाल ही में सामने आई तस्वीरों में “Royal Pink Saloon & Spa” नाम से संचालित प्रतिष्ठान का बोर्ड स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। बोर्ड पर बॉडी मसाज, प्रोफेशनल मेकअप और हेयर केयर जैसी सेवाओं का उल्लेख है। पता 5A, लक्ष्मणपुरी, इंदिरा नगर (निकट एसबी बेकरी) दर्शाया गया है। 📍 मामला क्या है? थाना क्षेत्र: गाज़ीपुर थाना चौकी: एचएल चौकी स्थान: लक्ष्मणपुरी, इंदिरा नगर संचालन समय (बोर्ड अनुसार): सुबह 11:30 बजे से रात 10 बजे तक स्थानीय निवासियों का दावा है कि निर्धारित समय के बाद भी कई बार गतिविधियाँ जारी रहती हैं और देर रात तक लोगों की आवाजाही देखी गई है। 🗣 स्थानीय लोगों के आरोप क्षेत्र के कुछ निवासियों (नाम गोपनीय) का कहना है— “यह गतिविधि आज की नहीं है। अगर समय रहते कार्रवाई होती तो आज सवाल नहीं उठते।” लोगों का कहना है कि कई बार मौखिक शिकायत की गई, लेकिन कार्रवाई का असर जमीन पर नजर नहीं आया। ❓ सवालों के घेरे में गाज़ीपुर थाना अब सबसे बड़ा प्रश्न यह उठ रहा है कि यदि गतिविधियाँ महीनों से जारी थीं, तो क्या स्थानीय पुलिस को इसकी जानकारी नहीं थी? यदि जानकारी थी, तो नियमानुसार जांच और सत्यापन क्यों नहीं हुआ? क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि— प्रतिष्ठान के लाइसेंस और दस्तावेजों की जांच हो निर्धारित समय के पालन की निगरानी की जाए यदि कोई अवैध गतिविधि पाई जाए तो सख्त कार्रवाई हो 🏛 प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार फिलहाल इस पूरे मामले में आधिकारिक स्तर पर कोई विस्तृत बयान सामने नहीं आया है। हालांकि सूत्रों का कहना है कि शिकायतों को संज्ञान में लिया गया है और आवश्यक जांच की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। ⚖️ निष्पक्ष जांच की मांग स्थानीय नागरिकों का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी व्यवसाय को बदनाम करना नहीं, बल्कि क्षेत्र की सामाजिक व्यवस्था और कानून-व्यवस्था को सुरक्षित रखना है। यदि प्रतिष्ठान वैध रूप से संचालित हो रहा है तो प्रशासन को स्पष्टता लानी चाहिए, और यदि अनियमितता है तो कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। (नोट: समाचार स्थानीय निवासियों द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध तस्वीरों के आधार पर तैयार किया गया है। आधिकारिक पुष्टि के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।)
मसाज सेंटर की आड़ में संदिग्ध गतिविधियाँ? बाहर से मसाज पार्लर अंदर चल रहा है सेक्स रैकेट लखनऊ। राजधानी के गाज़ीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत एचएल चौकी इलाके में संचालित एक मसाज सेंटर को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश और चिंता का माहौल है। क्षेत्रवासियों का आरोप है कि “मसाज सेंटर” के नाम पर लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियाँ संचालित हो रही हैं, लेकिन अब तक ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई। हाल ही में सामने आई तस्वीरों में “Royal Pink Saloon & Spa” नाम से संचालित प्रतिष्ठान का बोर्ड स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। बोर्ड पर बॉडी मसाज, प्रोफेशनल मेकअप और हेयर केयर जैसी सेवाओं का उल्लेख है। पता 5A, लक्ष्मणपुरी, इंदिरा नगर (निकट एसबी बेकरी) दर्शाया गया है। 📍 मामला क्या है? थाना क्षेत्र: गाज़ीपुर थाना चौकी: एचएल चौकी स्थान: लक्ष्मणपुरी, इंदिरा नगर संचालन समय (बोर्ड अनुसार): सुबह 11:30 बजे से रात 10 बजे तक स्थानीय निवासियों का दावा है कि निर्धारित समय के बाद भी कई बार गतिविधियाँ जारी रहती हैं और देर रात तक लोगों की आवाजाही देखी गई है। 🗣 स्थानीय लोगों के आरोप क्षेत्र के कुछ निवासियों (नाम गोपनीय) का कहना है— “यह गतिविधि आज की नहीं है। अगर समय रहते कार्रवाई होती तो आज सवाल नहीं उठते।” लोगों का कहना है कि कई बार मौखिक शिकायत की गई, लेकिन कार्रवाई का असर जमीन पर नजर नहीं आया। ❓ सवालों के घेरे में गाज़ीपुर थाना अब सबसे बड़ा प्रश्न यह उठ रहा है कि यदि गतिविधियाँ महीनों से जारी थीं, तो क्या स्थानीय पुलिस को इसकी जानकारी नहीं थी? यदि जानकारी थी, तो नियमानुसार जांच और सत्यापन क्यों नहीं हुआ? क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि— प्रतिष्ठान के लाइसेंस और दस्तावेजों की जांच हो निर्धारित समय के पालन की निगरानी की जाए यदि कोई अवैध गतिविधि पाई जाए तो सख्त कार्रवाई हो 🏛 प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार फिलहाल इस पूरे मामले में आधिकारिक स्तर पर कोई विस्तृत बयान सामने नहीं आया है। हालांकि सूत्रों का कहना है कि शिकायतों को संज्ञान में लिया गया है और आवश्यक जांच की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। ⚖️ निष्पक्ष जांच की मांग स्थानीय नागरिकों का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी व्यवसाय को बदनाम करना नहीं, बल्कि क्षेत्र की सामाजिक व्यवस्था और कानून-व्यवस्था को सुरक्षित रखना है। यदि प्रतिष्ठान वैध रूप से संचालित हो रहा है तो प्रशासन को स्पष्टता लानी चाहिए, और यदि अनियमितता है तो कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। (नोट: समाचार स्थानीय निवासियों द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध तस्वीरों के आधार पर तैयार किया गया है। आधिकारिक पुष्टि के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।)
- गुडंबा थाने पर गंभीर आरोपः पीड़ित ने कहा-न सुनी फरियाद, न कराया मेडिकल, राजधानी Lucknow के Gudamba थाना क्षेत्र में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठे हैं। एक पीड़ित ने आरोप लगाया है कि शिकायत लेकर थाने पहुंचने पर उसकी फरियाद नहीं सुनी गई और उसे वहां से भगा दिया गया। पीड़ित का यह भी कहना है कि घटना के बाद मेडिकल परीक्षण की मांग के बावजूद पुलिस ने मेडिकल नहीं कराया। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर नाराजगी देखने को मिल रही है। फिलहाल मामले की उच्चाधिकारियों से शिकायत किए जाने की बात सामने आ रही है। जांच के बाद ही पूरे प्रकरण की सच्चाई स्पष्ट हो सकेगी।1
- बड़ी खबर थाने में बैठाया लखनऊ भारतीय किसान यूनियन श्रमिक जनशक्ति के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलेश चौधरी ने प्रयागराज के जिला अध्यक्ष और मंडल अध्यक्ष को पुलिस द्वारा बैठाए जाने के संबंध में जारी की अपील1
- लखनऊ। मोहान रोड स्थित पारा क्षेत्र के फतेहगंज में शुक्रवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब भूसा से लदी एक पिकअप गाड़ी अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसा पारा के फतेहगंज इलाके में हुआ। बताया जा रहा है कि वाहन में अधिक मात्रा में भूसा लदा था। मोड़ काटते समय संतुलन बिगड़ने से गाड़ी सड़क पर ही पलट गई और भूसा चारों ओर फैल गया। घटना के बाद कुछ देर तक यातायात प्रभावित रहा। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने तुरंत चालक को बाहर निकाला। राहत की बात यह रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ और चालक को मामूली चोटें आईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने वाहन को हटवाकर रास्ता साफ कराया। घटना के बाद ओवरलोडिंग और लापरवाही से वाहन संचालन को लेकर क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।1
- जुमले बाज प्रधानमंत्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी, आप हमें बताएं:- (1)लव जिहाद कानून नहीं आया... (2)समान नागरिकता कानून भी नहीं आया .... (3) धर्मांतरण कानून भी नहीं आया... (4)गोहत्या निषेध कानून भी नहीं आया..... (5) अवैध घुसपैठिया रोकने से संबंधित कानून भी नहीं आया..... (6) जनसंख्या नियंत्रण कानून भी नहीं आया...... (7) अवैध अतिक्रमन कानून भी अस्तित्व में नहीं आया... जिस कानून का प्रावधान लाना था, उसे आप नहीं लाए।पूरा भारत देश चाहता था परन्तु वह कानून नहीं आया। जिस कानून की मांग SC/ST/OBC जमात के लोगों द्वारा नहीं की गई उस यूजीसी इक्विटी रेगुलेटिंग एक्ट 2026 को आपने देश में बिना चर्चा- परिचर्चा के आपने लागू कर दिया । भारतीय जनता पार्टी और हिन्दू समर्थक राजनेताओं का चाल, चरित्र और चेहरा शत् प्रतिशत समर्थन देने वाले सवर्णों के सामने आ गया। राष्ट्रवादी कट्टर हिन्दूत्व समर्थक मानने की ग़लती हम सवर्णों से हो गई है।हम सवर्णों ने जिस कमल फूल के निशान को पवित्र फूल माना था वह हमारी सबसे बड़ी भूल साबित हुई। अब हम सवर्ण समाज के लोग कमल के फूल को शूल समझ कर अपनी भूल का सुधार करेंगे और भारतीय जनता पार्टी और उसके सहयोगी संगठन एवं संघ का भी आगामी विधानसभा तथा लोकसभा चुनाव में बहिष्कार करूंगी और गंगापुत्र हर हर मोदी, घर घर मोदी को चुनावी शिकस्त दूंगी और सत्ता का नशा उतार उतार दूंगी। जयश्री राम जय जय परशुराम जनहित सर्व समाज सेवा समिति (संपूर्ण भारत) राष्ट्रीय अध्यक्ष कवयित्री सोनी शुक्ला (क्रांति) लखनऊ उत्तर प्रदेश1
- *चाँदा, सुलतानपुर से बड़ी खबर** *डीसी मनरेगा अजीत सिंह का प्रतापपुर कमैचा ब्लॉक में निरीक्षण, व्यवस्थाओं पर कसी लगाम* जनपद सुलतानपुर के विकासखंड प्रतापपुर कमैचा में गुरुवार को डीसी मनरेगा अजीत सिंह के औचक निरीक्षण से ब्लॉक कार्यालय में हड़कंप मच गया। अचानक पहुंचे डीसी ने ब्लॉक परिसर की समस्त व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण करते हुए देर शाम तक फाइलों एवं अभिलेखों का बारीकी से अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान पार्किंग व्यवस्था, सार्वजनिक शौचालय, राष्ट्रीय आजीविका मिशन कार्यालय तथा एडीओ पंचायत कार्यालय का स्थलीय निरीक्षण किया गया। इस दौरान कई स्थानों पर साफ-सफाई एवं अभिलेखों के रखरखाव में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों को कड़ी फटकार लगाई गई। डीसी मनरेगा अजीत सिंह ने निर्देशित किया कि सरकारी कार्यालयों में आने वाले आमजन को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। पार्किंग व्यवस्था को सुव्यवस्थित रखने, शौचालयों की नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने तथा कार्यालय अभिलेखों का सही संधारण करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा समय-समय पर ऐसे औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे। निरीक्षण के दौरान मनरेगा से संबंधित अभिलेखों की भी जांच करते हुए कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई और पारदर्शिता एवं गुणवत्ता को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। अचानक हुए निरीक्षण से प्रशासनिक अमले में सतर्कता बढ़ गई है। अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा संबंधित के विरुद्ध जिम्मेदारी तय की जाएगी।1
- हरदोई पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा द्वारा थाना मल्लावां का वार्षिक निरीक्षण कर थाना कार्यालय पर बने रजिस्टर/अभिलेख,मालखाना,शस्त्रागार, महिला हेल्प डेस्क, सीसीटीवी,हवालात, बैरक, भोजनालय एवं थाना परिसर का निरीक्षण कर साफ-सफाई एवं रजिस्टरों के रख-रखाव हेतु संबंधित को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।2
- राजधानी लखनऊ के पुरनिया चौराहे पर जाम की स्थिति लगातार बनी हुई है। व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई नजर आ रही है, जहां लोग घंटों से जाम में फंसे हुए हैं और प्रशासन बेखबर दिखाई दे रहा है।”1
- लखनऊ। राजधानी के ठाकुरगंज क्षेत्र में अधिवक्ता आदर्श सिंह पर कथित जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। आरोप है कि विवाद के बाद ऐरा हॉस्पिटल से जुड़े प्रशासनिक लोगों और वहां तैनात गार्डों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियार से हमला किया। घटना के बाद अधिवक्ता समुदाय में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहले कहासुनी हुई और फिर मामला मारपीट में बदल गया। अधिवक्ता को कथित रूप से धक्का-मुक्की कर गंभीर रूप से पीटा गया। इस घटना ने कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हाल ही में हैदरगढ़ टोल प्लाजा पर अधिवक्ताओं के साथ बदसलूकी का मामला भी सामने आया था, जिससे अधिवक्ता संगठनों में पहले से नाराज़गी थी। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कानून व्यवस्था को लेकर सख्त रुख की बात करते रहे हैं, लेकिन राजधानी में ही अधिवक्ता पर हमले की घटना ने प्रशासनिक दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब निगाहें स्थानीय पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं— क्या आरोपियों पर एफआईआर दर्ज होगी? क्या गिरफ्तारी होगी? या फिर मामला दबाने की कोशिश की जाएगी? पूरे मामले में पुलिस जांच और प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार है।3
- जुमले बाज प्रधानमंत्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी, आप हमें बताएं:- (1)लव जिहाद कानून नहीं आया... (2)समान नागरिकता कानून भी नहीं आया .... (3) धर्मांतरण कानून भी नहीं आया... (4)गोहत्या निषेध कानून भी नहीं आया..... (5) अवैध घुसपैठिया रोकने से संबंधित कानून भी नहीं आया..... (6) जनसंख्या नियंत्रण कानून भी नहीं आया...... (7) अवैध अतिक्रमन कानून भी अस्तित्व में नहीं आया... जिस कानून का प्रावधान लाना था, उसे आप नहीं लाए।पूरा भारत देश चाहता था परन्तु वह कानून नहीं आया। जिस कानून की मांग SC/ST/OBC जमात के लोगों द्वारा नहीं की गई उस यूजीसी इक्विटी रेगुलेटिंग एक्ट 2026 को आपने देश में बिना चर्चा- परिचर्चा के आपने लागू कर दिया । भारतीय जनता पार्टी और हिन्दू समर्थक राजनेताओं का चाल, चरित्र और चेहरा शत् प्रतिशत समर्थन देने वाले सवर्णों के सामने आ गया। राष्ट्रवादी कट्टर हिन्दूत्व समर्थक मानने की ग़लती हम सवर्णों से हो गई है।हम सवर्णों ने जिस कमल फूल के निशान को पवित्र फूल माना था वह हमारी सबसे बड़ी भूल साबित हुई। अब हम सवर्ण समाज के लोग कमल के फूल को शूल समझ कर अपनी भूल का सुधार करेंगे और भारतीय जनता पार्टी और उसके सहयोगी संगठन एवं संघ का भी आगामी विधानसभा तथा लोकसभा चुनाव में बहिष्कार करूंगी और गंगापुत्र हर हर मोदी, घर घर मोदी को चुनावी शिकस्त दूंगी और सत्ता का नशा उतार उतार दूंगी। जयश्री राम जय जय परशुराम जनहित सर्व समाज सेवा समिति (संपूर्ण भारत) राष्ट्रीय अध्यक्ष कवयित्री सोनी शुक्ला (क्रांति) लखनऊ उत्तर प्रदेश1