निमाज के एक निजी अस्पताल में एक प्रसूता, रेशमा, की मौत के बाद शनिवार को क्षेत्र में भारी जनाक्रोश देखने को मिला। मृतका के परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण पहले निमाज पुलिस चौकी पहुँचे, जहाँ उन्होंने अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जाँच और दोषियों के ख़िलाफ़ तत्काल कार्रवाई की माँग की। इसके उपरांत, ये सभी ग्रामीण और परिजन एक जुलूस के रूप में निजी अस्पताल पहुँचे और अस्पताल के बाहर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। धरने के दौरान प्रदर्शनकारियों के हाथों में मृतका रेशमा की तस्वीरों वाले पोस्टर स्पष्ट रूप से दिखाई दिए और वे लगातार रेशमा को न्याय दिलाने की माँग को लेकर ज़ोरदार नारेबाज़ी कर रहे थे। अस्पताल के बाहर जुटी भीड़ में महिलाएँ, युवा और बुज़ुर्ग सभी बड़ी संख्या में मौजूद थे, जिससे यह मामला पूरे क्षेत्र में गहन चर्चा का विषय बन गया। परिजनों ने आरोप लगाया है कि अस्पताल में उपचार के दौरान गंभीर लापरवाही बरती गई, जिसके कारण रेशमा की मृत्यु हुई। उन्होंने निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जाँच के साथ-साथ ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ सख़्त कानूनी कार्रवाई की माँग की, यह कहते हुए कि उनके परिवार की खुशियाँ उजड़ गई हैं और अब उन्हें केवल न्याय की उम्मीद है। धरना स्थल पर मौजूद ग्रामीणों ने भी इस माँग का समर्थन करते हुए चेतावनी दी है कि दोषियों पर कार्रवाई होने तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा और प्रशासन से मामले में पारदर्शी जाँच कर सच्चाई सामने लाने का आग्रह किया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। हालाँकि, समाचार लिखे जाने तक परिजन और ग्रामीण अपनी मांगों पर दृढ़ता से कायम थे और निजी अस्पताल के बाहर उनका धरना-प्रदर्शन लगातार जारी था।
निमाज के एक निजी अस्पताल में एक प्रसूता, रेशमा, की मौत के बाद शनिवार को क्षेत्र में भारी जनाक्रोश देखने को मिला। मृतका के परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण पहले निमाज पुलिस चौकी पहुँचे, जहाँ उन्होंने अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जाँच और दोषियों के ख़िलाफ़ तत्काल कार्रवाई की माँग की। इसके उपरांत, ये सभी ग्रामीण और परिजन एक जुलूस के रूप में निजी अस्पताल पहुँचे और अस्पताल के बाहर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। धरने के दौरान प्रदर्शनकारियों के हाथों में मृतका रेशमा की तस्वीरों वाले पोस्टर स्पष्ट रूप से दिखाई दिए और वे लगातार रेशमा को न्याय दिलाने की माँग को लेकर ज़ोरदार नारेबाज़ी कर रहे थे। अस्पताल के बाहर जुटी भीड़ में महिलाएँ, युवा और बुज़ुर्ग सभी बड़ी संख्या में मौजूद थे, जिससे यह मामला पूरे क्षेत्र में गहन चर्चा का विषय बन गया। परिजनों ने आरोप लगाया है कि अस्पताल में उपचार के दौरान गंभीर लापरवाही बरती गई, जिसके कारण रेशमा की मृत्यु हुई। उन्होंने निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जाँच के साथ-साथ ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ सख़्त कानूनी कार्रवाई की माँग की, यह कहते हुए कि उनके परिवार की खुशियाँ उजड़ गई हैं और अब उन्हें केवल न्याय की उम्मीद है। धरना स्थल पर मौजूद ग्रामीणों ने भी इस माँग का समर्थन करते हुए चेतावनी दी है कि दोषियों पर कार्रवाई होने तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा और प्रशासन से मामले में पारदर्शी जाँच कर सच्चाई सामने लाने का आग्रह किया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। हालाँकि, समाचार लिखे जाने तक परिजन और ग्रामीण अपनी मांगों पर दृढ़ता से कायम थे और निजी अस्पताल के बाहर उनका धरना-प्रदर्शन लगातार जारी था।
- पाली में भाजपा युवा शक्ति ने नेता रणवीर सिंह राजपुरोहित धर्मधारी के नेतृत्व में नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल की शव यात्रा निकाली और उनका पुतला फूंका। इस दौरान जिला कलेक्टर को राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन भी सौंपा गया। यह विरोध प्रदर्शन राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के खिलाफ कथित तौर पर अमर्यादित और अभद्र भाषा का उपयोग करने के लिए किया गया, जिसे भाजपा युवा नेता राजपुरोहित ने उनकी 'छोटी मानसिकता और घटिया सोच' का परिणाम बताया। रणवीर सिंह राजपुरोहित धर्मधारी ने कहा कि जनप्रतिनिधि के मुख से ऐसे शब्द शोभा नहीं देते और बेनीवाल की पत्नी की विधानसभा चुनाव में हार के बाद उनकी बौखलाहट साफ झलक रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जनता ने खींवसर विधानसभा चुनाव में भाजपा को पूर्ण बहुमत से जिताकर यह स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा 'सबका साथ और सबका विकास' के सिद्धांत पर चलती है। राजपुरोहित ने बेनीवाल पर आए दिन अलग-अलग जातियों और समाजों को निशाना बनाकर लोकतंत्र की सरेआम हत्या करने का भी आरोप लगाया। भाजपा युवा शक्ति ने मांग की कि हनुमान बेनीवाल समय रहते माफी मांगें और अपने शब्द वापस लें। चेतावनी दी गई कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो राजस्थान का युवा सड़कों पर उतरेगा और बेनीवाल को मुंहतोड़ जवाब देगा। विरोध प्रदर्शन के दौरान 'बेनीवाल मुर्दाबाद' के नारे भी लगाए गए। इस मौके पर पूर्व सभापति महेंद्र बोहरा, भाजपा जिला प्रवक्ता त्रिलोक चौधरी सहित कई जनप्रतिनिधि, पदाधिकारीगण और कार्यकर्ता मौजूद रहे। भाजपा युवा शक्ति ने कहा कि आने वाले समय में राजस्थान की जनता ऐसे लोगों को 'ईंट का जवाब पत्थर से देगी'।1
- पाली जिले के बिरामी के समीप जवाई और पाली को जोड़ने वाली 1400 एमएम जीआरपी मुख्य पेयजल पाइपलाइन में अचानक रिसाव हो गया है। पाइपलाइन में लीकेज की सूचना मिलते ही संबंधित विभाग ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया है। प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, जवाई पाइपलाइन से जुड़े सभी प्रभावित क्षेत्रों में वैकल्पिक स्टोरेज के माध्यम से जलापूर्ति सुचारू बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि, इस मरम्मत कार्य के चलते आगामी दो दिनों तक संबंधित इलाकों में पानी की आपूर्ति आंशिक रूप से प्रभावित रहने की संभावना है। विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे पानी का संयम से उपयोग करें।2
- निमाज के एक निजी अस्पताल में एक प्रसूता, रेशमा, की मौत के बाद शनिवार को क्षेत्र में भारी जनाक्रोश देखने को मिला। मृतका के परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण पहले निमाज पुलिस चौकी पहुँचे, जहाँ उन्होंने अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जाँच और दोषियों के ख़िलाफ़ तत्काल कार्रवाई की माँग की। इसके उपरांत, ये सभी ग्रामीण और परिजन एक जुलूस के रूप में निजी अस्पताल पहुँचे और अस्पताल के बाहर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। धरने के दौरान प्रदर्शनकारियों के हाथों में मृतका रेशमा की तस्वीरों वाले पोस्टर स्पष्ट रूप से दिखाई दिए और वे लगातार रेशमा को न्याय दिलाने की माँग को लेकर ज़ोरदार नारेबाज़ी कर रहे थे। अस्पताल के बाहर जुटी भीड़ में महिलाएँ, युवा और बुज़ुर्ग सभी बड़ी संख्या में मौजूद थे, जिससे यह मामला पूरे क्षेत्र में गहन चर्चा का विषय बन गया। परिजनों ने आरोप लगाया है कि अस्पताल में उपचार के दौरान गंभीर लापरवाही बरती गई, जिसके कारण रेशमा की मृत्यु हुई। उन्होंने निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जाँच के साथ-साथ ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ सख़्त कानूनी कार्रवाई की माँग की, यह कहते हुए कि उनके परिवार की खुशियाँ उजड़ गई हैं और अब उन्हें केवल न्याय की उम्मीद है। धरना स्थल पर मौजूद ग्रामीणों ने भी इस माँग का समर्थन करते हुए चेतावनी दी है कि दोषियों पर कार्रवाई होने तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा और प्रशासन से मामले में पारदर्शी जाँच कर सच्चाई सामने लाने का आग्रह किया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुँचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। हालाँकि, समाचार लिखे जाने तक परिजन और ग्रामीण अपनी मांगों पर दृढ़ता से कायम थे और निजी अस्पताल के बाहर उनका धरना-प्रदर्शन लगातार जारी था।1
- किसानों के लिए खेती बोने का समय नजदीक आ गया है, ऐसे में डीजल और पेट्रोल की कीमतें कम होना आवश्यक है। किसानों का कहना है कि अगर खेत नहीं बोए जाएंगे तो लोग खाएंगे क्या, यह बात सबको पता है। पोस्ट में सोने के भाव बढ़ने का जिक्र करते हुए यह सवाल उठाया गया है कि अगर सोने का भाव बढ़ गया है, तो फिर गेहूँ का भाव क्यों नहीं बढ़ रहा है। यह स्थिति किसानों के लिए चिंताजनक है और उनसे डीजल-पेट्रोल की कीमतों में कमी तथा गेहूँ के उचित दाम बढ़ाने की माँग की गई है।1
- पाली शहर के प्रमुख बांगड़ अस्पताल के बाहर आज शिवसेना (शिंदे गुट) की महिला कार्यकर्ताओं और शिवसैनिकों ने 'लव जिहाद' के कथित आरोपी को फांसी की सजा देने की पुरजोर मांग को लेकर उग्र प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आक्रोश जताते हुए जोरदार नारेबाजी की। शिवसेना महिला मोर्चा की पदाधिकारियों और भारी संख्या में जुटे शिवसैनिकों ने बांगड़ अस्पताल के मुख्य द्वार के सामने हाथों में तख्तियां लेकर विरोध प्रदर्शन किया। महिला कार्यकर्ताओं का कहना था कि ऐसे मामलों से समाज में असुरक्षा का माहौल बन रहा है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रही महिला नेताओं ने सरकार और न्यायिक प्रशासन से मांग की है कि कथित लव जिहाद के आरोपी को फास्ट ट्रैक कोर्ट के जरिए जल्द से जल्द फांसी की सजा दी जाए, ताकि समाज में एक कड़ा संदेश जा सके और बेटियों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले तत्वों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जा सकें। इस प्रदर्शन के दौरान अस्पताल परिसर के बाहर कुछ समय के लिए वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित हुई। मौके पर मौजूद पुलिस प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों को समझाइश देकर और कानून व्यवस्था बनाए रखते हुए शांत कराया। शिवसैनिकों ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में त्वरित और कड़ी कार्रवाई नहीं की गई, तो संगठन की ओर से पूरे जिले में उग्र आंदोलन किया जाएगा।1
- Post by District.reporter.babulaljogaw1
- विश्व हिन्दू परिषद की युवा इकाई बजरंग दल द्वारा पाली में आयोजित होने वाले एक दिवसीय जिला प्रशिक्षण वर्ग की सभी तैयारियाँ पूरी हो चुकी हैं। यह प्रशिक्षण वर्ग 30 मई को शाम 5 बजे से शुरू होकर 31 मई की शाम तक चलेगा, जिसका आयोजन पाली स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में किया जाएगा। इस वर्ग में जिले भर से बजरंग दल के कार्यकर्ता और युवा भाग लेंगे। बजरंग दल के जिला प्रचार-प्रसार प्रमुख मनीष सेन ने बताया कि इस प्रशिक्षण वर्ग में प्रतिभागियों को शारीरिक, बौद्धिक और संगठनात्मक विषयों पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण देने के लिए प्रशिक्षकों द्वारा पूरी तैयारी कर ली गई है। इसके साथ ही, वर्ग की व्यवस्थाओं के लिए कार्यकर्ताओं को अलग-अलग जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं, जिनमें वर्ग प्रशिक्षण, वर्ग स्थल प्रबंधन, आवास और निवास की व्यवस्था, सत्राश व्यवस्था और भोजन की जिम्मेदारी शामिल है। सेन के अनुसार, इस शौर्य प्रशिक्षण वर्ग की तैयारियों में प्रांत मंत्री परमेश्वर जोशी, जिला अध्यक्ष नरेंद्र माछर, जिला मंत्री बाबूलाल कुमावत, प्रवीण परिहार, अनिल चौहान, भीमराज चौधरी, आनन्दस्वरूप गुप्ता, गणेशाराम कुमावत, प्रवीण उपाध्याय, कैलाश कुमावत, परमेश्वर शर्मा सहित कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता सक्रिय रूप से लगे हुए हैं।2
- स्व. श्री जालम सिंह महेचा की स्मृति में जोधपुर में 7 जून को एक विशाल रक्तदान शिविर आयोजित किया जाएगा। यह शिविर जोधपुर के कायलाना रोड स्थित होटल सिद्धार्थ पैलेस में लगेगा। इस चौथे विशाल रक्तदान शिविर के पोस्टर का विमोचन बाली विधायक और पूर्व कैबिनेट मंत्री पुष्पेंद्र सिंह राणावत ने बीजापुर में किया। विधायक राणावत ने इस अवसर पर कहा कि जोधपुर संभाग के सरकारी अस्पतालों में मरीजों का भारी दबाव रहता है और उन्हें अक्सर रक्त की आवश्यकता होती है। उन्होंने ऐसे रक्तदान शिविरों को जरूरतमंदों को जीवनदान देने वाली एक बड़ी जनसेवा बताया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बाली चैनसिंह महेचा ने जानकारी दी कि उनके पिता स्व. जालम सिंह महेचा एक उत्कृष्ट पुलिस अधिकारी थे, जिन्हें राष्ट्रपति पुलिस पदक से सम्मानित किया गया था। पिता के सामाजिक सरोकारों से प्रेरणा लेते हुए, चैनसिंह महेचा ने पिछले कई वर्षों से पुलिसकर्मियों, युवाओं और सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से जोधपुर के एमजेएच, एमडीएम, उम्मेद अस्पताल और एम्स को हजारों यूनिट रक्त उपलब्ध कराया है। उनकी समर्पित टीम आपात स्थिति, ट्रॉमा और थैलेसीमिया पीड़ितों को जरूरत पड़ने पर कॉल पर भी रक्त, प्लेटलेट्स और प्लाज्मा प्रदान करती है। पिछले शिविर में लगभग 500 यूनिट रक्तदान हुआ था। विधायक राणावत और एएसपी चैन सिंह महेचा ने जोधपुर संभाग के युवाओं, पुलिस, चिकित्सा और बीएसएफ के जवानों से बड़ी संख्या में पहुंचकर रक्तदान करने की अपील की है। इस पोस्टर विमोचन कार्यक्रम में बाली थानाधिकारी पर्वत सिंह भाटी, सालासर सेवा संस्थान के अरविंद कच्छवाह, गणपत सिंह, मोहन देवासी, लीलावत सिंह, फूल सिंह सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।1